यूपी : तीन तलाक की अजीबो-गरीब वजह च्यूइंगम खाने से इनकार

[object Promise]

दीवानी न्यायालय में सोमवार को पेशी पर आये युवक ने पत्नी पर च्यूइंगम खाने का दबाव बनाया। उसके ऐतराज करने पर आरोपी आग बबूला हो उठा। उसने न्यायालय परिसर में ही पत्नी को तीन तलाक दे दिया। महिला के वकील की मौजूदगी में तलाक देने के बाद आरोपी वहां से भाग निकला।

महिला के भाई ने बहनोई की हरकत के बारे में वजीरंगज कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है। तीन तलाक पर कानून बनने के बाद लखनऊ में यह पहला मामला है।

इंदिरानगर के अमराई गांव निवासी सिम्मी की शादी वर्ष 2004 में बीरबल साहनी इंस्टीट्यूट के तकनीकी अधिकारी सैयद राशिद से हुई थी। निकाह के बाद से ही राशिद पत्नी पर कार लाने का दबाव बनाता था। सिम्मी के भाई आकिब ने बताया कि फरवरी में राशिद के खिलाफ दहेज प्रताड़ना का मुकदमा दर्ज कराया गया था। आकिब ने बताया कि मामला मिडिएशन में जाने के बाद भी सुलह नहीं हो सकी। उसके मुताबिक सोमवार को दीवानी न्यायालय में वह लोग वकील से मिलने के लिये गये थे। जहां राशिद भी आया हुआ था।

आकिब के अनुसार वह काम से कोर्ट परिसर से बाहर गया हुआ था। उसी दौरान राशिद पत्नी के पास पहुंचा। उसने सिम्मी को च्यूइंगम खाने के लिये दिया। उसके इनकार करने पर आरोपी जबर्दस्ती करने लगा। जिससे नाराज होकर सिम्मी ने उसे झिड़क दिया। पत्नी का यह रवैया देख राशिद तैश में आ गया। उसने न्यायालय परिसर में वकील के सामने ही पत्नी को तलाक-तलाक-तलाक बोल दिया।

दहेज में चाहिये थी कार
आकिब ने बताया कि निकाह के वक्त हैसियत के मुताबिक दहेज दिया गया था। आरोप है कि शादी के बाद से ही सिम्मी को परेशान किया जा रहा था। लगातार पति की बेरुखी और खराब व्यवहार से सिम्मी भी परेशान हो गई थी। आकिब ने बताया कि फरवरी महीने में बहन ने उसे राशिद की हरकतों के बारे में बताया था। बहन की परेशानी जानने के बाद ही दहेज प्रताड़ना का मुकदमा दर्ज कराया गया था। आकिब के अनुसार राशिद दहेज में कार की डिमांड कर रहा था।

मुस्लिम वुमेन प्रोटेक्शन एक्ट में दर्ज हुआ मुकदमा
इंस्पेक्टर सूर्यबली पाण्डेय ने बताया कि सिम्मी की तरफ से पति राशिद के खिलाफ तहरीर दी गई थी। जिसके आधार पर राशिद के खिलाफ 3/4 मुस्लिम वुमेन प्रोटेक्शन एक्ट-2018 और धमकी देने की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।

 

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *