आगरा। शहर में डेंगू की जबरदस्त दहशत है। निजी अस्पतालों में तेज बुखार और शरीर में दर्द के मरीजों को सीधे भर्ती किया जा रहा है। मरीजों की संख्या बढ़ने से हॉस्पिटल के बेड फुल हो गए हैं। क्लीनिक के बाहर लंबी लाइन लगी हुई है।
डेंगू, वायरल संक्रमण और मलेरिया। इन तीनों में तेज बुखार और शरीर में दर्द हो रहा है। एसएन, जिला अस्पताल और निजी क्लीनिक पर बुखार के मरीजों की लाइन लगी हुई है। एसएन में बुखार के लिए अलग से ओपीडी और डेंगू के लिए वार्ड बनाया गया है। शहर के कई बड़े और छोटे हॉस्पिटल में बुखार के मरीज भरे पड़े हैं।
डेंगू के मरीज का बिल एक लाख तक
डेंगू के मरीजों का पांच से सात दिन का बिल 30 हजार से एक लाख रुपये तक बन रहा है। प्लेटलेट्स जंबो पैक चढ़ाने और ब्लीडिंग होने पर बिल 1.50 लाख तक पहुंच रहा है। डेंगू में कब कराएं जांच
पहले दिन एनएस 1 – यह स्क्रीनिंग के लिए होता है।
तीसरे दिन आइजीएम – इससे डेंगू की पुष्टि होती है।
प्लेटलेट्स काउंट – 50 हजार से कम होने पर हर रोज करा सकते हैं, इससे अधिक हैं तो एक दिन छोड़कर करा सकते हैं।
ये लक्षण हैं तो भर्ती करने की जरूरत
– पेट में लगातार दर्द, भूख न लगना, उल्टी होना।
– चक्कर आना, बेहोशी और सुस्त पड़ जाना।
– प्लेटलेट्स काउंट कम होने के साथ ब्लीडिंग होना। ये हैं लक्षण
डेंगू – आंख और सिर में दर्द होना, भूख कम लगना, उल्टी और तेज बुखार।
वायरल – गले में खरास, सर्दी जुकाम और बुखार।
मलेरिया – ठंड लगकर बुखार आना, मलेरिया में अक्सर एक दिन छोड़कर बुखार आता है। ये है हाल
डेंगू की किट से जांच – 900 से 1000 रुपये
मलेरिया की किट से जांच – 250 से 300 रुपये
प्लेटलेट्स काउंट – 100 से 150 रुपये
सीबीसी (खून की जांच) – 250 से 300 डेंगू के एक फीसद मरीजों में ब्लीडिंग और बेहोशी होती है। इन्हें भर्ती करने की जरूरत होती है। पैरासीटामोल और तरल पदार्थ का सेवन करने से मरीज ठीक हो जाते हैं।
डॉ. मृदुल चतुर्वेदी, डेंगू प्रभारी, एसएन मेडिकल कॉलेज आगरा
Leave a Reply