Shri Lanka : पद संभालने के साथ ही Ranil Wickramasinghe घिरे विवादों में

 

डेस्क। श्रीलंका (Sri Lanka) में हुए नए राष्ट्रपति के चुनाव (New President Election) के लिए राजपक्षे (Rajapaksa) परिवार के दबदबे वाली SLPP पार्टी का समर्थन रानिल विक्रमसिंघे (Ranil Wickramasinghe) को मिला। श्रीलंका की 225 सदस्यीय संसद में  SLPP की बहुमत साबित हुई। आज हम रानिल विक्रमसिंघे (Ranil Wickramasinghe) के बारे में आठ प्रमुख बातें आपको बताएंगे। 

1. रानिल विक्रमसिंघे श्रीलंका के छ बार प्रधानमंत्री रह चुके हैं। पूर्व राष्ट्रपति गोटाबाया ने इस्तीफे से पहले अपने उत्तराधिकारी के तौर पर रानिल विक्रमसिंघे का चुनाव किया है। 

2. यह भी एक महत्वपूर्ण बात है कि राजपक्षे परिवार से नाराज़ प्रदर्शनकारी रानिल विक्रमसिंघे को भी पसंद नहीं करते हैं क्योंकि वह गोटाबाया राजपक्षे का करीबी मानते हैं.

3. प्रदर्शनकारी उनके पद संभालने के तुरंत बाद रानिल विक्रमसिंघे के इस्तीफे की मांग भी कर रहे है।

4. रानिल विक्रमसिंघे ने कार्यवाहक राष्ट्रपति के तौर पर देश में आपातकाल लगा दिया था जिसमें सुरक्षा बलों और पुलिस को बड़े स्तर पर ताकत मिली थी। 

5. विपक्ष की माने तो विक्रमसिंघे का प्रदर्शनकारियों पर सख्ती बरतना उन सांसदों को रास आया है जो भीड़ की हिंसा के निशाने पर रहे थे।

6. नए राष्ट्रपति रानिल को कानून-व्यवस्था लागू करने वाले उम्मीदवार के तौर पर देखा जा रहा है।

7. राष्ट्रपति पद पर जीतने के बाद ऐसी संभावना है कि वो प्रदर्शनकारियों पर और सख्ती बरतेंगे इसी कारण वो उनके इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।

8. प्रदर्शनकारी लगातार रानिल विक्रमसिंघे पर राजपक्षे परिवार को बचाने के आरोप लगा रहे हैं।

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