शमशान घाट में युवती को जिंदा जलाने की दरिंदों ने कर ली पूरी तैयारी, तभी हुआ ऐसा चमत्कार !

भोजपुर। जिंदा युवती को चिता पर लिटाकर जलाने की कोशिश की जा रही थी। वह कातर नजरों से देखते हुए छोड़ देने की गुहार लगा रही थी। इस बीच दरिंदों ने उसपर कफन भी डाल दिया और चिता में आग लगाने की तैयारी करने लगे। इस सीन की कल्पना मात्र से रूह कांप जाए, लेकिन इसी बीच चमत्कार हो गया।

लेकिन तभी यह कहावत है जाको राखे साइयां, मार सके ना कोय वाली कहावत सच साबित हो गई। घटना स्थल पर समय रहते पुलिस पहुंची उसने चिता से युवती को उठाकर बचा लिया। घटना भोजपुर जिले के सारीपुर सोन नदी शमशान घाट की है।

सूत्रो से मिली जानकारी के अनुसार सोमवार की देर शाम भोजपुर की संदेश थाना पुलिस को मोबाइल पर सूचना मिली कि सारीपुर सोन नदी घाट पर एक युवती को चिता पर लिटाकर जिंदा जलाने की तैयारी चल रही है।

सूचना मिलने पर दारोगा अवधेश कुमार पुलिस बल के साथ वहां पहुंच गए। पुलिस को देखकर सभी फरार हो गए और चिता पर जिंदा लिटाई गई युवती को बचा लिया गया।

वह जीवित थी और कराह रही थी। लकड़ी की जिस चिता पर युवती को लिटाया गया था, उसपर बेडशीट डाला गया था। उसके ऊपर उसे लिटाया गया था। संतरे के रंग की साड़ी पहनी युवती पर सफेद कफन भी डाला जा चुका था। युवती को पुलिस ने संदेश रेफरल अस्पताल में भर्ती कराया, जहां वह बेहोश पड़ी है।

संदेश रेफरल अस्पताल के चिकित्सक डॉ. भूपेन्द्र कुमार ने बताया कि युवती का इलाज चल रहा है, वह खतरे से बाहर है। युवती की पहचान संदेश थाना अंतर्गत बचरी गांव निवासी भगवान ठाकुर की पुत्री पुतुल देवी के रूप में की गई है।

उसकी शादी 10 साल पहले संदेश निवासी बासदेव ठाकुर के पुत्र रविन्द्र ठाकुर के साथ हुई थी। घटना का असली कारण युवती के होश में आने पर ही पता चलेगा, लेकिन पुलिस इसे प्रथमदृष्घ्टया प्रताडना का मामला मानकर जांच कर रही है।

पुतल देवी के छोटे भाई गणेश ठाकुर से पूछताछ में पता चला है कि बच्चा नहीं जनने के चलते उसकी बहन को प्रताडिघ्त किया जाता था। संदेश थाना के दारोगा अवधेश सिंह ने बताया कि युवती के होश में आने के बाद उसका बयान दर्ज किया जाएगा।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *