भड़कीं स्मृति ईरानी राहुल गांधी की ‘रेप इन इंडिया’ टिप्पणी पर, हंगामे के बाद अनिश्चित काल के लिए लोकसभा स्थगित

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नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने राहुल गांधी के ‘रेप इन इंडिया’ (भारत में दुष्कर्म) वाली टिप्पणी पर शुक्रवार को उन्हें निशाने पर लिया और इसे दुखद बताया और कहा कि कांग्रेस नेता दुष्कर्म पर राजनीति कर रहे हैं। स्मृति ने राहुल की मां व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से राहुल को सलाह देने और उनका मार्गदर्शन करने का आग्रह किया है। स्मृति ने पूर्व कांग्रेस प्रमुख के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। आपको बताते जाए कि संसद के शीतकालीन सत्र के अंतिम दिन शुक्रवार को लोकसभा की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई। संसद के शीतकालीन सत्र की शुरुआत 18 नवंबर को हुई थी।

राहुल गांधी ने गुरुवार को झारखंड में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री के प्रोजेक्ट ‘मेक इन इंडिया’ पर चुटकी लेते हुए कहा था, “पहले ‘मेक इन इंडिया’ था, लेकिन अब यह ‘रेप इन इंडिया’ बन गया है।

संसद के बाहर मीडिया से बातचीत में ईरानी ने कहा कि कांग्रेस नेता इस हद तक कैसे गिर सकते हैं, जिनकी टिप्पणी का मतलब ‘पुरुषों को भारत में दुष्कर्म करने के लिए आमंत्रित करने जैसा है।’
लोकसभा के अंदर राहुल पर निशाना साधते हुए ईरानी ने कहा कि देश के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है कि गांधी परिवार के किसी व्यक्ति ने महिलाओं का अपमान करने और उनके दुष्कर्म का आह्वान करने की धृष्टता की है।

उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान के इतिहास में पहली बार है कि कोई नेता जोर-शोर से कह रहा है कि भारतीय महिलाओं के साथ दुष्कर्म किया जाना चाहिए। क्या उनके कहने का यह मतलब है कि भारत में हर पुरुष महिलाओं का दुष्कर्म करना चाहता है? क्या यह राहुल गांधी का देश के लोगों को संदेश है?”

निचले सदन में अन्य सांसदों के साथ मंत्री ने राहुल गांधी से माफी मांगने की मांग की। उन्होंने कहा, “राहुल गांधी को राजनीतिक मजाक उड़ाने और ‘भारत में महिलाओं का दुष्कर्म करने के आह्वान’ के लिए दंडित किया जाना चाहिए।”

ईरानी ने कहा कि महिलाएं किसी की निजी संपत्ति नहीं हैं और उन्हें (राहुल को) पता होना चाहिए कि अगर कोई महिलाओं के साथ दुष्कर्म के लिए उकसाता है, तो महिलाओं को पता है कि उन्हें कैसे उचित जवाब देना है।

डीएमके सांसद कनिमोझी ने कहा कि यह बयान ‘संसद के बाहर’ दिया गया था। इस पर पलटवार करते हुए मंत्री ने कहा कि महिलाओं के खिलाफ अपराध के खिलाफ आवाज उठाना कम से कम एक ऐसा काम है, जो एक सांसद कर सकता है।

स्मृति ईरानी ने कहा कि मैं बहुत निराश हूं कि एक महिला होने पर भी आप (कनिमोझी) पार्टी लाइन से परे नहीं जा सकती हैं और महिलाओं के खिलाफ अपराध पर अपनी आवाज नहीं उठा सकती हैं।

इस घटना के बाद भाजपा के आधिकारिक ट्विटर हैंडल से एक ट्वीट किया गया, “सब कुछ विफल होने के बाद, राहुल गांधी भारत का अपमान करने और बदनाम करने के लिए वापस आ गए हैं! यह दुष्कर्म जैसे जघन्य अपराध का राजनीतिकरण करने के लिए अपमानजनक और असंवेदनशील है। लेकिन हम गांधी परिवार के वंशज से क्या उम्मीद कर सकते हैं..”

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