कानपुर बिकरू कांड में दर्ज मुकदमे की विवेचना के लिए मुख्य विवेचक रेलबाजार थाना प्रभारी दधिबल तिवारी के साथ तीन और थाना प्रभारियों को भी सहविवेचक बनाकर लगाया गया है। ये तीनों भी गवाहों के बयान लेकर केस डायरी लिख रहे और सुबूत जुटा रहे हैं, ताकि तय वक्त अगले माह की तीन तारीख तक न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया जा सके। आरोपितों के खिलाफ रासुका (राष्ट्रीय सुरक्षा कानून) लगाने के लिए फाइल भी तैयार कराई जा रही है।

दो जुलाई को बिकरू में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या में तत्कालीन चौबेपुर थाना प्रभारी की ओर से मुकदमा दर्ज कराया गया था। सबसे पहले विवेचना नवाबगंज थाना प्रभारी रमाकांत पचौरी को दी गई, लेकिन विकास दुबे के एनकाउंटर में वादी होने पर विवेचना रेलबाजार थानाप्रभारी दधिबल तिवारी को सौंप दी गई। वह अकेले अपराधियों को कोर्ट में पेश कराने, रिमांड लेने, गवाहों-आरोपितों के बयान लेने में जुटे थे। विवेचना में तेजी लाने के लिए चौबेपुर थानाप्रभारी, शिवराजपुर, नजीराबाद थाना प्रभारियों को भी अब सहविवेचक के तौर पर लगाया गया है। एसपी ग्रामीण बृजेश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सभी विवेचक मिलकर केसडायरी के पर्चे तैयार कर रहे हैं। मुख्य विवेचक का स्वास्थ्य खराब होने के चलते कोतवाली प्रभारी संजीवकांत मिश्र कार्यभार देख रहे हैं। तय वक्त पर आरोपपत्र कोर्ट में दाखिल किया जाएगा।
70 पुलिसकर्मियों समेत 150 लोगों से हो चुकी पूछताछ
पुलिस अब तक करीब 70 पुलिसकर्मियों समेत 150 लोगों से पूछताछ कर चुकी है। एसपी ने बताया कि गवाहों में पुलिसकर्मियों के अलावा कुछ ग्रामीण भी शामिल हैं। फॉरेंसिक साक्ष्य भी शामिल किए गए हैं।
तीन ने लगाई थी जमानत की अर्जी, लगेगा रासुका
जेल भेजे गए पूर्व थाना प्रभारी विनय तिवारी, दारोगा केके शर्मा और एक महिला शशि ने न्यायालय में जमानत अर्जी लगाई, जिसे खारिज कर दिया गया था। विनय और केके शर्मा के खिलाफ भी रासुका की फाइल तैयार कराई जा रही है।
दूसरे दिन भी हुई संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई
गैंगस्टर एक्ट के तहत विकास दुबे के सहयोगी जय बाजपेयी की संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई सोमवार को भी जारी रही। तहसीलदार सदर ने अर्मापुर इंस्पेक्टर और पुलिस फोर्स के साथ आर्यनगर जाकर जय का एक फ्लैट सील किया। काकादेव थाने में खड़ी फॉच्र्यूनर-ऑडी समेत तीनों कारें भी अटैच कर लीं। आर्यनगर स्थित फ्लैट व काकादेव थाने में खड़ी कारों को जब्त करने के दौरान जय की पत्नी श्वेता को भी बुलाया गया था। अर्मापुर थाना प्रभारी अजीत कुमार ने बताया कि अवैध कमाई से खरीदे गए नौ और वाहनों का पता लगा है, मंगलवार को इन्हें भी जब्त किया जाएगा।
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