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  • ताया क्रिश्चियन बेहद हॉट महिला डॉक्टर , जिसके सोशल मीडिया पर हो रहे खूबसूरती चर्चे !

    ताया क्रिश्चियन बेहद हॉट महिला डॉक्टर , जिसके सोशल मीडिया पर हो रहे खूबसूरती चर्चे !

    ताया क्रिश्चियन एक प्रसिद्ध अमेरिकी प्लस साइज मॉडल है। ताया सिर्फ एक मॉडल नहीं है, बल्कि एक डॉक्टर भी है। ताया क्रिश्चियन और यह लड़की अमेरिका के फ्लोरिडा शहर की रहने वाली है।

    ताया देखने में काफी हॉट नजर आती है। ताया ब्यूटी विथ ब्रेन की परफेक्ट उदाहरण है।

     

    डॉक्टरी और मॉडलिंग के अलावा ताया सोशल एक्टिविटी में भी शामिल रहती है। ताया सोशल साइट्स पर हमेशा सक्रिय रहती है।

     

    ताया ने सारा ध्यान अपनी फिक्र को बनाने पर लगा दिया और जिम में घंटों पसीना बहाने के बाद इस लड़की ने अपने आप को एक फिट और सुडोल शरीर वाली महिला बना दिया।

    https://www.instagram.com/p/BqFZLGOBOaj/?utm_source=ig_web_copy_link

    इंस्टाग्राम पर ताया की फॉलोअर्स की संख्या 1 मिलियन से ज्यादा है। ताया इंस्टाग्राम के अलावा फेसबुक, ट्विटर, पिंटरेस्ट और यूट्यूब पर भी काफी लोकप्रिय है।

    ताया जानवरों के अधिकारों की लिए भी काम करती है। ताया ने काफी कम समय मे काफी लोकप्रियता हासिल कर ली है।

     

    ताया की तस्वीरें अक्सर इंटरनेट पर वायरल होता ही रहता है। ताया अब तक शादी नहीं की है. अपने व्यक्तिगत जीवन के बारे में बताना पसंद नहीं करती है।

  • तस्वीर किसी को भी रूला देंगी, झकझोर देगी, दहला देगी, विचलित कर देगी !

    तस्वीर किसी को भी रूला देंगी, झकझोर देगी, दहला देगी, विचलित कर देगी !

    बेहतर जिंदगी की जद्दोजहद में फिर एक मासूम बच्ची अपने पिता के साथ शरणार्थी मुद्दे की भेंट चढ़ गई। बाप और बेटी का शव रियो ग्रेंड नदी किनारे पड़ा था। बाप का शव औंधें मुंह पड़ा है और उसकी टीशर्ट में 23 महीने की मासूम बेटी वलेरिया पड़ी है बेटी का सिर बाप की टी-शर्ट में है। जिसका एक हाथ बाप के कंधे पर लिपटा है। इस तस्वीर ने दुनिया को हिला दिया है। ये तेजी से वायरल हो रही है।

    इस तस्वीर ने प्रवासियों और शरणार्थियों की समस्या पर दुनियाभर में बहस छेड़ दी है। वायरल हो रही है, शरणार्थियों का मुद्दा उतनी ही तेजी से गरम हो रहा है। ये बाप अपनी बेटी को गोद में लिए अमेरिका में शरण लेने के लिए रियो ग्रैंड नदी पार करने की कोशिश कर रहा था और बाप बेटी दोनों डूब गए।

    तस्वीर किसी को भी रूला देंगी, झकझोर देगी, दहला देगी, विचलित कर देगी !
    तस्वीर किसी को भी रूला देंगी, झकझोर देगी, दहला देगी, विचलित कर देगी !

    ये तस्वीर है मेक्सिको के 25 साल के ऑस्कर अल्बर्टो मार्टिनेज रेमिरेज और उसकी महज 23 महीने की बेटी वलेरिया की। रैमिरेज मासूम वेलेरिया को पीठ पर लादकर नदी पार करने की कोशिश कर रहा था ताकि अमेरिका के टेक्सास शहर तक पहुंच कर वहां अपनी बेटी को अच्छा भविष्य और बेहतर जीवन जीने का मौका दे सके। लेकिन पिता का ये सपना ही रह गया और रेमिरेज बेटी समेत नदी में डूब गया। तस्वीर देखिए, पिता अपनी टी-शर्ट में अपने जिगर के टुकड़े को छुपा लिया था। लेकिन उसे मौत से नहीं छिपा पाया, खुद भी नहीं छिप पाया। तस्वीर हिला देने वाली है लेकिन सोचिए, उस मां, उस पत्नी पर क्या गुजरी होगी जिसने अपने सामने इस मंजर को देखा था।

    रेमिरेज के साथ उसकी पत्नी भी थी लेकिन जब नदी का पुल बंद दिखा तो वो बीच से ही लौट गई। ये पुल शरणार्थियो को रोकने के लिए ही बंद किया गया था। रेमिरेज पुल बंद देखकर लौटा नहीं और दूसरे लंबे रास्ते से नदी पार करने की कोशिश करने लगा लेकिन आखिरकार बेटी को कंधे पर लिए लिए डूब गया।

    रियो नदी के किनारे जब इन दोनों के औंधे पड़े शव की तस्वीरें मीडिया में आई तो लोग दहल गए। तस्वीर इतनी मार्मिक है कि कोई भी रो पड़े। मासूम बच्ची बाप की टीशर्ट में ही दबी है और उसका छोटा सा हाथ बाप के कंधे को जकड़े है। शायद रेमिरेज ने नदी पार करते वक्त बच्ची को पीठ पर लादा होगा तो उसे टीशर्ट के भीतर से लादा होगा। मासूम बच्ची ने बाप के कंधे को ये सोच कर पकड़ा होगा कि पापा कुछ नहीं होने देंगे। आखिर बाप अपनी संतान को कुछ होने देगा क्या,नन्ही मासूम को नहीं पता था कि जिस पानी से वो खेल रही है, वही उसकी और उसके बाप की जान ले लेगा।

    दर्दनाक तस्वीरें जिन्होंने दुनिया को रुला दिया

    तस्वीर किसी को भी रूला देंगी, झकझोर देगी, दहला देगी, विचलित कर देगी !
    दर्दनाक तस्वीरें जिन्होंने दुनिया को रुला दिया

    एलन कुर्दी के बाद आई एक और तस्वीर ने दुनिया को हिला दिया है। यह तस्वीर सोमवार 24 जून, 2019 को सामने आई। तस्वीर सल्वाडोर के निवासी 25 वर्षीय ऑस्कर आलबर्टो मार्टिनेज रामिरेज और उनकी 2 साल की बेटी वालेरिया की है। दोनों अमेरिका पहुंचने की कोशिश में मेक्सिको के तमौलिपस राज्य की रियो ग्रांडे नदी में डूब गए।

  • Highway पर हुई नोटों की बारिश, लोगों ने कारें रोक लूटे नोट !

    Highway पर हुई नोटों की बारिश, लोगों ने कारें रोक लूटे नोट !

    अटलांटा। हाईवे पर ट्रक से नोट गिरने और लोगों द्वारा कारें रोक कर नोट उठाने का वीडियो वायरल हुआ है। दरअसल हाईवे पर बख्तरबंद ट्रक का दरवाजा गलती से खुल गया और नोट हवा में उड़ गए और सड़क पर जाकर फैल गए। इन डॉलरों को लूटने के लिए लोग कार से बाहर निकल पड़े और सड़क से उठाकर ले गए। ये घटना एशफोर्ड डनवूडी रोड पर हुई।

    इस घटना का जो वीडियो वायरल हुआ है उसमें कार के डैशबोर्ड से साफ दिखाई दे रहा है कि सड़क किनारे कारों की लाइनें लगी हैं और लोग कारों से निकलकर सड़क पर गिरे नोट उठा रहे हैं। सोशल मीडिया पर एक यूजर ने लिखा- मैं अक्सर वहां से निकलता हूं. लेकिन मेरे जाते वक्त ऐसा क्यों नहीं हुआ, काश मैं भी कुछ डॉलर्स लूट पाता।

    दरअसल, यहां एक हाईवे पर नोटों से भरा ट्रक गुजर रहा था. अचानक ट्रक का दरवाजा खुल गया और लगभग 1.19 करोड़ रुपये (1,75,000 डॉलर) के नोट उड़कर सड़क पर गिरने लगे। नोटों की बारिश होते देख वहां से गुजर रहे अन्य चालकों ने वाहन रोक कर नगदी लूटना शुरू कर दिया।

    अब पुलिस महकमे ने नकदी वापस लौटाने की अपील की है. दो लोग लौटा चुके हैं। एक शख्स ने 1.43 लाख रुपये और दूसरे ने 34,196 रुपये वापस किए हैं. ट्विटर पर इस घटना को लेकर लोग तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं. कुछ  मजाक उड़ा रहे हैं तो कुछ घटनास्थल पर मौजूद न रहने का अफसोस मना रहे हैं।

  • पाकिस्तान की संसद में 370 पर बवाल, एक-दूसरे सीनेटरों ने को दीं गालियां, मंत्री को कहा कुत्ता

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    पाकिस्तान के विपक्षी दल मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के सीनेटर मुशाहिदुल्ला खान और विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री फवाद चौधरी ने संसद के एक संयुक्त सत्र के दौरान एक-दूसरे को गालियां देते हुए हंगामा खड़ा कर दिया।

    रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार को नेशनल असेम्बली के स्पीकर असद कैसर के साथ कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे सीनेट अध्यक्ष सादिक संजरानी को इस बीच हस्तक्षेप करते हुए गैर-संसदीय शब्दों को वापस लेने का आदेश देना पड़ा। पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के नेता व सीनेटर खान ने बाद में टेलीविजन सत्र के दौरान वरिष्ठ विपक्षी विधायक के भाषण को बाधित करने के बाद उन्हें नाम लेकर संबोधित किया।

    संघीय मंत्री को ‘डब्बू/मूर्ख’ के रूप में संबोधित किया गया, जिसके बाद उन्होंने पीएमएल-एन नेता पर अपशब्दों की बौछार कर दी। खान ने टिप्पणी की, “क्या कोई उन्हें चुप करा सकता है? उन्हें दूसरों का सम्मान करना सीखने में कुछ समय लगेगा।”

    जवाब में चौधरी ने भी अपने प्रतिद्वंद्वी को पछाड़ने की कोशिश की, मगर अन्य सांसदों ने उन्हें वापस बुला लिया और दोनों पक्षों को शांत किया।

    जम्मू एवं कश्मीर को विशेष दजार् देने वाले संविधान के अनुच्छेद-370 को रद्द करने के भारत सरकार के फैसले के बाद चर्चा करने के लिए मंगलवार को पाकिस्तान में सत्र बुलाया गया था। भारत ने सोमवार को जम्मू एवं कश्मीर राज्य को केंद्र शासित प्रदेश में बदल दिया था। इस फैसले के बाद लद्दाख क्षेत्र को बिना विधानसभा के केंद्रशासित प्रदेश बनाते हुए राज्य का विभाजन कर दिया गया है।

  • जनता ने नेताजी को महिलाओं के कपड़े पहनाकर घुमाया पूरे शहर में, सामने आया हैरान करने वाला कारण !

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    नई दिल्ली।  दक्षिणी मेक्सिको के ह्यूक्सटन प्रांत के मेयर जेवियर जिमेनेज की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है, जिसमें वो महिलाओं के कपड़े पहने हुए दिख रहे हैं ।  घटना मैक्सिको की है।

    रिपोर्ट्स के अनुसार- मेयर ने चुनाव से पहले जनता से किए गए वादे पूरे नहीं किए थे। उसे सबक सिखाने के लिए लोगों ने महिलाओं के कपड़े पहनाकर पूरे शहर में उसका जुलूस निकाला. इतना ही नहीं, लोगों ने स्थानीय नगर निगम के एक अधिकारी लुईस टॉन के साथ भी ऐसा ही सुलूक किया।

    अपनी तरह का यह अनोखा और पहला मामला सामने आया है, जिसमें लोगों ने चुनावी वादे पूरे न करने वाले नेता को कभी ना भूलने वाला सबक सिखाया है। लोगों ने नेताजी को महिलाओं के कपड़े पहनाकर पूरे शहर में घुमाया।

    नेता की तस्वीर सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही है। तस्वीरों के साथ-साथ एक वीडियो भी वायरल हो रहा है, जिसमें लोग हाथों में पोस्टर लिए चल रहे हैं. रिपोर्ट में दावा किया गया है कि वादे पूरे न कर पाने के कारण लोग मेयर को इस तरह घुमा रहे हैं।

    जो पोस्टर लेकर लोग चल रहे हैं, उस पर लिखा है- ‘ये अपने वादे पूरे नहीं कर पाए। एक मेक्सिकन अखबार की रिपोर्ट के अनुसार- मेयर जेवियर जिमेनेज ने चुनाव से पहले लोगों से वादा किया था कि वो शहर में पानी की व्यवस्था सुधारने के लिए तीन मिलियन पेसो यानी करीब एक करोड़ आठ लाख रुपए आवंटित करेंगे।

    San Andrés Puerto Rico की जनता ने आरोप लगाया है कि जेवियर ने 3 मिलियन पेसो का घोटाला किया है। इतना ही नहीं मेयर जेवियर को लोगों ने धमकी दी है कि अगर उन्होंने दूसरी बार भी वादा पूरा नहीं किया तो वह सब उनके बाल भेड़ की तरह मुंडवा देंगे। खबरों के अनुसार उन्हें चार दिन तक लोगों ने बंधक बनाए रखा।  रिपोर्ट के अनुसार- लोगों ने उन्हें चार दिन तक बंधक भी बनाकर रखा. साथ ही ये धमकी दी कि अगर अगली बार भी वे वादा पूरा नहीं कर पाए, तो उनका सिर मुंडवा दिया जाएगा। 

  • दुनिया का सबसे महंगा आलू चिप्स, 4 हजार रुपए में मिलेंगे सिर्फ 5 पीस

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    आज के समय में आलू चिप्स किसे नहीं पसंद, हर कोई इसे खाना पसंद करता है। लेकिन आज हम आपको एक ऐसे चिप्स के बारे में बताने जा रहे है जिसे जान आप दंग रह जाएंगे। आमतौर पर चिप्स के पैकेटों की कीमत पांच, दस या बीस रुपये होती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि दुनिया के सबसे महंगे आलू चिप्स की कीमत कितनी है? इसकी कीमत जानकारी शायद आप यकीन नहीं कर पाएंगे।

    स्वीडन की कंपनी है सेंट एरिक्‍स ब्रुवरी। दुनिया के सबसे महंगे आलू चिप्‍स बनाने के तौर पर इस कंपनी का नाम आता है। खास बात यह है कि इसके एक पैक में सिर्फ चिप्‍स रहते हैं। पूरे पैक की कीमत है 56 डॉलर यानी 3,993.64 रुपये। हिसाब लगाए तो हर एक चिप्‍स की कीमत हुई 784.11 रुपये। अब आप सोच रहे होंगे कि साधारण से दिखने वाले इस चिप्स में ऐसा है क्या कि इसकी कीमत हजारों में है। तो चलिए इसका भी जवाब हम आपको दे देते हैं।

    खास किस्म के इस आलू चिप्स को बनाने वाली कंपनी के मुताबिक, इसमें जिस सामग्री का इस्तेमाल किया गया है, वो काफी दुर्लभ हैं। चिप्स में जिस प्याज का इस्तेमाल किया गया है, वो एक खास प्रजाति का है, जो सिर्फ लेकसैंड शहर में ही पैदा होती है।

    चिप्स की पैकिंग ऐसे की गई है, जैसे वो कोई आलू चिप्स नहीं बल्कि महंगी ज्वैलरी हो। यह खास चिप्स पांच जायकों में उपलब्ध है। हालांकि यह ग्राहकों की खास मांग पर ही बनाया जाता है। साथ ही चिप्स के डिब्बे में कंपनी का एक प्रमाण पत्र भी होता है, ताकि असली और नकली की पहचान हो सके

  • 38 साल की लंकाबाई के 20वें बच्चे की होगी डिलीवरी, डाक्टर है इस वजह से हैरान!

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    नई दिल्ली। महाराष्ट्र से एक बेहद ही हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। गोपाल समुदाय के खरात बंजारों के ताल्लुक रखने वाली लंकाबाई नाम की ये महिला 38 साल की हैं, जो अभी 7 महीने की प्रेग्नेंट हैं।

    अपने 20वें बच्चे की डिलीवरी से पहले डॉक्टरों की देखरेख में हैं। बार-बार ठिकाने बदलने वाले समुदाय से ताल्लुक रखने वाली लंकाबाई को अस्पताल में डिलीवरी कराना काफी मुश्किल होता था, हालांकि इस बार उनकी डिलीवरी अस्पताल में होगी।

    लंकाबाई का प्राथमिक इलाज करने एक स्थानीय डॉक्टर ने उनकी मेडिकल कंडीशन को देखते हुए उन्हें बीड के जिला अस्पताल में एडमिट कराया है।यहां रहने वाली एक महिला 20वीं बार बच्चे को जन्म देगी।

    लंकाबाई की स्थिति जानने के बाद अस्पताल के सभी डॉक्टर काफी हैरान हैं। 20वीं बार मां बनने वाली लंकाबाई की डिलीवरी से पहले उन्हें एक खास चिकित्सीय कोर्स भी कराया गया है।

    जिसकी वजह से वे अपनी प्रेग्नेंसी और होने वाले बच्चे को लेकर कुछ जरूरी सावधानियां बरतें और इंफेक्शन से बच सकें। डॉक्टरों ने लंकाबाई के भविष्य को लेकर चिंता जाहिर की है, उनका कहना है कि इतनी बार मां बनने से महिला को स्वास्थ्य से संबंधित कई समस्याएं हो सकती हैं।

    हैरान कर देने वाली बात ये है कि लंकाबाई ने इससे पहले 19 बच्चों की डिलीवरी घर पर ही दी थी। लंकाबाई के जीवन में ये पहला मौका होगा जब वे अस्पताल में अपने 20वें बच्चे को जन्म देंगी।

  • IIT दिल्ली ने पेश किया शाकाहारी अंडा, जिसे उपवास में भी खा सकेंगे

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    नई दिल्ली। आईआईटी का तर्क है कि दुनिया भर में बीइंग वीगन यानी शाकाहारी होने का आंदोलन बढ़ रहा है। भारत में काफी ऐसे लोग हैं जो भले ही मांसाहारी हैं, लेकिन व्रत के दौरान वे अंडे का सेवन नहीं करते, लेकिन ऐसे लोगों के लिए आईआईटी दिल्ली ने एक ऐसा अंडा ईजाद किया है।

    जो पूर्णत शाकाहारी है और उसे व्रत के दौरान भी खा सकेंगे। ऐसे में अगर शाकाहारी अंडे से बनी भुर्जी मिल जाए तो फिर शाकाहारी बनने के लिए बेताब मांसाहारी लोगों के लिए एक अच्छा विकल्प होगा।

    पौधों से बने शाकाहारी अंडे, जैविक तौर पर घुलनशील कार्डियक स्टेंट, बिजली के बिना काम करने वाली ताप प्रणाली और हल्की बुलेटप्रूफ जैकेट जैसे 200 नवोन्मेषी उत्पादों को आईआईटी दिल्ली में तीसरे उद्योग दिवस के अवसर प्रदर्शित किया गया।

    लोगों में पौधों से बने अंडे चखने की सबसे ज्यादा ललक देखने को मिली। ये अंडे मसूर की दाल से बनाए गए हैं और इन्हें मांसाहारी खाने के विकल्प के तौर पर पेश किया गया, जबकि इसका स्वाद एकदम असली अंडे जैसा है।

    एक दूसरे दल ने जैविक तौर पर घुलनशील कार्डियक स्टेंट का प्रदर्शन किया। जिसका इस्तेमाल धमनी की रुकावट दूर करने के लिए किया जाता है. धातु के स्टेंट के विपरीत ये पांच साल में शरीर के अंदर ही गल जाते हैं।

    दर्शकों ने भारतीय सैनिकों के लिए तैयार की गई एक बुलेटप्रूफ जैकेट को भी काफी पसंद किया, जो अभी इस्तेमाल की जा रही जैकेट के मुकाबले 30 प्रतिशत हल्की है।

    इस वार्षिक कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में प्रमुख कारोबारी, शोध समुदाय के लोग, फिनलैंड और जापान के प्रतिनिधि और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, दिल्ली के लोग शामिल हुए।

    इस प्रदर्शनी में आईआईटी दिल्ली के पूर्व छात्र भी शामिल हुए, जिन्होंने नवाचार आधारित अर्थव्यवस्था में निवेश की जरूरत पर जोर दिया. इस मौके पर नीति आयोग के सदस्य वीके पॉल ने कहा, भारत की स्वाभाविक प्रगति हमारे द्वारा खोजे गए और समझे गए विज्ञान पर, हम जो प्रौद्योगिकी सृजित और विनिर्मित कर सकते हैं, उस पर और हमारे लोग जिन उत्पादों का इस्तेमाल करते हैं, उन पर निर्भर है।

  • यहां एक डोसे की कीमत में मिल रहा है सपनों का घर

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    रोम। सिसिली के सिटी काउंसिल ने विदेशियों को इस आइलैंड के ग्रामीण इलाकों में बसाने के लिए बहुत सस्ते घर देने की घोषणा की है। ये घर सभी सुख-सुविधाओं से परिपूर्ण हैं। ये घर विदेशियों के लिए महज एक यूरो (80 रुपए) में उपलब्ध हैं। दुनिया में इतने सस्ते घर मिलने की कल्पना आप नहीं कर सकते।

    यह कल्पना कर पाना असंभव है कि एक डोसे की कीमत में कोई घर मिल जाए। अमूमन एक डोसे की कीमत करीब 80 रुपए होती है। इतने ही रुपए में इटली के सिसिली आइलैंड में घर बेचे जा रहे हैं।

    बता दें कि सिसिली प्रायद्वीप के इस ग्रामीण क्षेत्र की आबादी लगातार घटती जा रही है। बहुत सारे लोग इन इलाकों में स्थित अपने घर खाली छोड़ कर चले गए। इसके बाद इसी साल साम्बुका गांव में अधिकारियों ने यहां सस्ते घर उपलब्ध कराने की घोषणा की।

    यूरोप के दूसरे छोटे शहरों और गांवों की तरह सिसिली के इस गांव की आबादी भी लगातार घटती चली जा रही है. यहां के लोग बिजनेस और नौकरी के सिलसिले में बड़े शहरों में या विदेश चले गए हैं।

    फिलहाल, यहां की आबादी करीब 6 हजार है. इसलिए सिटी काउंसिल ऑफ साम्बुका ने यह निर्णय लिया कि यहां के खाली पड़े घरों को सस्ते दर पर बेचा जाए, ताकि दूसरे देशों से लोग यहां आकर बस सकें। सिटी काउंसिल ने इन घरों को उनके मालिकों से खरीद लिया है।

    अभी तक यहां कुल 60 घर विदेशी लोगों ने खरीदे हैं। काउंसिल को लगता है कि उनकी यह योजना सफल रहेगी. साम्बुका के डिप्टी मेयर और आर्किटेक्ट गियुसेपे कैसियेपो ने कहा है कि दुनिया के बहुत से कलाकारों ने यहां बसने में रुचि दिखाई है। यह बहुत ही खूबसूरत और शांत जगह है।

    साथ ही, यहां आधुनिक सुविधाओं की भी कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने यहां घर खरीदे हैं, वे मुख्य रूप से म्यूजिक और डांस आर्टिस्ट हैं। कुछ लेखक और पत्रकार भी हैं। ये लोग यहां की नैचुरल ब्यूटी से बहुत ही प्रभावित हैं।

    इतने सस्ते मकानों की बिक्री की खबर से यह जगह रातोरात पूरी दुनिया में फेमस हो गई। शुरुआत में यहां नॉर्मल मार्केट प्राइस पर ही मकान बिकते थे।

    यहां सिर्फ विदेशी ही नहीं, बल्कि इटली में रहने वाले अप्रवासी भी घर खरीद रहे हैं। ज्यादातर लोग यहां घर खरीदने में रुचि दिखा रहे हैं, क्योंकि इतनी कम कीमत में दुनिया में कहीं भी कोई घर नहीं मिल सकता।