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  • समाजवादी पार्टी ने कहा- यूपी में जंगलराज का सबूत, भाजपा विधायक पर हमला

    समाजवादी पार्टी ने कहा- यूपी में जंगलराज का सबूत, भाजपा विधायक पर हमला

    लखनऊ । भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक पर हुए हमले को लेकर समाजवादी पार्टी ने राज्य सरकार पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि बृजेश प्रजापति पर हमला भाजपा सरकार के जंगलराज का एक और सबूत है। समाजवादी पार्टी ने अपने ट्विटर अकाउंट के माध्यम से भाजपा सरकार पर कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने लिखा, “जिस सरकार में सत्ता पक्ष का विधायक तक सुरक्षित नहीं, उस जंगलराज में आम नागरिक कितना असुरक्षित होगा अंदाजा लगाना मुश्किल नहीं। लखनऊ में बांदा के तिंदवारी से बीजेपी एमएल, बृजेश प्रजापति पर हमला भाजपा सरकार के जंगलराज का एक और सबूत है। हमलावरों पर कार्रवाई करे सरकार।”

    ज्ञात हो कि राजधानी के पीजीआई क्षेत्र में के तेलीबाग कुम्हार मंडी पर रविवार देर शाम भाजपा विधायक पर हमला कर दिया गया है। उनकी गाड़ी में तोड़फोड़ की गयी है। हालांकि मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी को पकड़ लिया है।

    उप्र तिंदवारी विधानसभा से भाजपा विधायक ब्रजेश प्रजापति ने बताया कि वह पीजीआई स्थित कुम्हार मंडी पर अपने ससुराल जा रहे थे। तभी कुछ लोगों ने उनके साले पर हमला कर दिया । इसकी जानकारी होने पर मैंने पुलिस को सूचना दी। जब तक पुलिस पहुंचती तब तक हमलावरों ने उसका घर घेर लिया। मैं रास्ते पर था मेरे उपर भी हमला किया गया। गनर की वर्दी फाड़ दी गयी। किसी को गंभीर चोट नहीं आई है, हमने मामले में तहरीर दी है। मुख्य आरोपी को पुलिस ने पकड़ लिया है।

  • कुशीनगर में घर के भीतर लगे बिजली के तार में अचानक करंट आने से 40 वर्षीय शख्स की मौत

    कुशीनगर में घर के भीतर लगे बिजली के तार में अचानक करंट आने से 40 वर्षीय शख्स की मौत
    उपेंद्र कुशवाहा

    कुशीनगर : कोतवाली पडरौना थाना क्षेत्र के जंगल बनबीरपुर गांव में मंगलवार की सुबह अचानक करंट के चपेट में आने से मैनेजर बर्मा उर्म 40 कि मौत हो गयी। घटना से परिजनों में मातम छाया हुआ है।

    ग्रामीणों ने बताया कि घर के लगे अंदर बिजली के तार में अचानक करंट आ जाने से मैनेजर उम्र 42 वर्ष 42 वर्ष करंट की चपेट में आ गया। बेहोशी की हालत में उसे तुरंत जिला अस्पताल में ले गए। उसने दम तोड़ दिया। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंच कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद मृतक का शव गांव लाने के बाद अंतिम संस्कार कर दिया है।

  • शांतिपूर्वक संपन्न बीएड प्रवेश परीक्षा की पहली पारी, तीन बजे होगा दूसरी शिफ्ट का Exam

    शांतिपूर्वक संपन्न बीएड प्रवेश परीक्षा की पहली पारी, तीन बजे होगा दूसरी शिफ्ट का Exam

    लखनऊ। कोरोना संक्रमण काल के बीच प्रदेश स्तर पर सबसे बड़ी बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2020 की पहली पारी की परीक्षा दोपहर 12 बजे समाप्त हो गई है। सेंटर से अभ्यर्थियों का बाहर निकलना शुरू हो गया।दूसरी पारी दोपहर तीन बजे होगी। इस दौरान सभी परीक्षा केंद्रों में कक्षों का सैनिटाइजेशन किया जाएगा। जिसके बाद परीक्षार्थियों को प्रवेश दिया जाएगा। बता दें कि वहीं अभ्यर्थी सुबह छह बजे से ही परीक्षा केंद्रों पर आना शुरू हो गए थे। कई केंद्रों पर शारीरिक दूरी के नियम की धज्जियां उड़ती दिखाई दी। कहीं अभ्यर्थियों ने मास्क भी हटा रखा था। वहीं, परीक्षा केंद्रों के बाहर इक्का-दुक्का दुकानें खुली रहीं। राजकीय उप्र सैनिक इंटर कॉलेज में सुबह साढ़े छह बजे पांच से छह अभ्यर्थी पहुंचे। सुबह आठ बजे से अभ्यर्थियों का केंद्र के अंदर प्रवेश शुरू हुआ। अंदर अभ्यर्थियों की थर्मल स्कैनिंग के बाद एडमिड कार्ड की चेकिंग के बाद उन्हें इंट्री दी गई। अभ्यर्थियों के पास मास्क और सैनिटाइजर को भी चेक किया गया। ठीक नौ बजे सभी परीक्षा केंद्र बंद हो गए। इसी बीच कुछ अभ्यर्थियों को टैम्प्रैचर 90 से ज्यादा होने पर रोका गया। हालांकि कहा गया कि उनके लिए भी थोड़ी देर में परीक्षा की व्यवस्था कराई जाएगी। प्रथम पाली के दौरान डीएम अभिषेक प्रकाश शिया पीजी कॉलेज पहुंचे। जहां उन्होंने परिक्षार्थियों के सीटिंग अरेंजमेंट को देखा साथ ही उनसे किसी भी तरह की परेशानी के पूछा। वहीं उन्होंने मॉनिटरिंग रूम में जाकर सारे कक्षाओं की व्यवस्था भी देखी।

    नो मास्क-नो फिजिकल डिस्टेंसिंग 

    कई केंद्रों पर अभ्यर्थियों ने सोशल डिस्टेंसिंग का ख्याल नहीं रखा। वे एक साथ बैठे हुए थे, साथ ही कई अभ्यर्थियों ने तो मास्क भी हटा रखा था। नेताजी सुभाष चंद्र बोस पीजी कॉलेज के बाहर पुलिस पूरी तरह मुस्तैद नजर आई।  फैजाबाद रोड स्थित पॉलिटेक्निक में शारीरिक दूरी के नियम की धज्जियां उड़ती दिखाई दी।

    डिग्री कॉलेज की जगह इंटर कॉलेज का बोर्ड, अभ्यर्थी हुए परेशान 

    वहीं, जिन अभ्यर्थियों का सेंटर डिग्री कॉलेज था, वह भी इंटर कॉलेज पहुंचे। क्योंकि इंटर कॉलेज के बोर्ड पर भी डिग्री कॉलेज लिखा था। प्रवेश के समय गोरखपुर के आशुतोष और इलाहाबाद के आरिफ प्रवेश के लिए इंटर कॉलेज में पहुंचे तो उन्हें बताया गया कि डिग्री कॉलेज का रास्ता अगल से है। अभ्यर्थी गुस्साए और भाग कर डिग्री कॉलेज पहुंचे। दोनों कॉलेज के बीच करीब एक से डेढ़ किमी की दूरी है।

    सीतापुर: छह केंद्रों पर बीएड प्रवेश परीक्षा शुरू

    संयुक्त बीएड प्रवेश परीक्षा रविवार को शांतिपूर्ण माहौल में शुरू हुई। 1673 अभ्यर्थियों की परीक्षा के लिए जिले में छह विद्यालयों को केंद्र बनाया गया है। परीक्षार्थी जिस समय केंद्र पर पहुंचे तो वहां उनकी सघन जांच हुई। कोविड-19 के अनुपालन में गेट पर ही थर्मल जांच कराई गई। उसके बाद उनको परीक्षा कक्ष में भेजा गया। किसी प्रकार की अशांति न हो इसके लिए सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल की भी व्यवस्था की गई है।

    गोंडा : चार केंद्रों पर संयुक्त प्रवेश परीक्षा शुरू

    उप्र संयुक्त प्रवेश परीक्षा बीएड-2020 शुरू हो गई है। जिले में चार केंद्रों पर 1330 परीक्षार्थी परीक्षा दे रहे हैं। परीक्षा के दौरान कोविड-19 के नियमों का पालन करते हुए परीक्षार्थियों को बैठाया गया है। नकल विहीन परीक्षा कराने के लिए केंद्रों पर स्टेटिक मजिस्ट्रेट व पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस बल की भी तैनाती की गई है।

    डीआइओएस अनूप कुमार ने बताया कि शहर के लाल बहादुर शास्त्री डिग्री कालेज, शहीदे आजम सरदार भगत सिंह इंटर कॉलेज, राजकीय इंटर कॉलेज व राजकीय बालिका इंटर कॉलेज को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। यहां कोरोना महामारी को देखते हुए परीक्षार्थियों के बैठने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। केंद्राध्यक्षों को नकल विहीन परीक्षा कराने के निर्देश दिए गए हैं। सुरक्षा के भी इंतजाम हैं। केंद्रों का भ्रमण कर परीक्षा का जायजा लिया जा रहा है।

    बाराबंकी:  पांच केंद्रों पर शुरू हुई परीक्षा

    जिले में पांच केंद्रों पर रविवार की सुबह नौ बजे बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा शुरू हुई। परीक्षा केंद्र पर थर्मल स्क्रीनिंग के बाद ही परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र पर प्रवेश दिया गया। जिले में राजकीय इंटर कॉलेज, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, अजीमुद्दीन अशरफ इस्लामिया इंटर कॉलेज, जवाहरलाल नेहरू पोस्ट मेमोरियल कॉलेज में 2 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। कोरोना संक्रमण को देखते हुए परीक्षार्थियों को दूर-दूर बैठाया गया है।  केंद्राध्यक्षों को नकल विहीन परीक्षा कराने के निर्देश दिए गए हैं।

    प्रदेश के 73 जिलों में दो पालियों में परीक्षा

    बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2020 की राज्य समन्यवक प्रो अमिता बाजपेई ने बताया कि कोविड-19 को देखते हुए अभ्यर्थियों/ कक्ष निरीक्षकों/ नोडल अधिकारियों की सुरक्षा के सभी प्रोटोकॉल एवं निर्देशों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। परीक्षा दो पालियों में होगी। पहली पाली सुबह 9 बजे से 12 बजे तक व दूसरी पाली दोपहर दो बजे से पांच बजे तक होगी। सभी अभ्यर्थियों को कम से कम एक घंटा पहले केंद्र पर रिपोर्ट करना अनिवार्य है। बता दें कि प्रवेश परीक्षा के लिए प्रदेश में 14 नोडल केंद्र, चार उपनोडल केन्द्र बनाये गये हैं। प्रदेश के 73 जिलों में 1089 परीक्षा केन्द्र बनाए गए हैं। परीक्षा में कुल 431904 परीक्षार्थी शामिल होंगे।

    पुलिस ने अभ्यर्थी की केंद्र पर पहुंचने में मदद की 

    डीएवी इंटर कॉलेज केंद्र की अभ्यर्थी गलती से दीपाली डिग्री कॉलेज पहुंच गई थी। यंहा पहुंचकर उसे जानकारी हुई कि उसका डिग्री कॉलेज केंद्र में है। इस पर सिपाही प्रमोद कुमार यादव, अभिषेक कुमार यादव से उसे अपनी बाइक से आनन फानन इंटर कॉलेज केंद्र पर पहुंचाया।

    बीएड प्रवेश परीक्षा में लखनऊ, आगरा व प्रयागराज में रहेगी खास सक्रियता

    बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा-2020 के दौरान रविवार को स्पेशल टॉस्क फोर्स (एसटीएफ) की कई टीमें सक्रिय रहेंगी। सॉल्वर गिरोह पर एसटीएफ की कड़ी नजर रहेगी। खासकर लखनऊ, आगरा, प्रयागराज व कुछ अन्य बड़े शहरों में सॉल्वर गिरोह पर अतिरिक्त नजर रखने के निर्देश भी हैं। एसटीएफ मुख्यालय के अधिकारियों को मॉनीटरिंग में लगाया गया है। सूबे के 73 जिलों में रविवार को 10 हजार से अधिक परीक्षा केंद्रों पर बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा 2020 आयोजित होगी। डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा-व्यवस्था व कोविड-19 के संबंध में जारी गाइडलाइन का सख्ती से अनुपालन कराने का निर्देश पहले ही दे चुके हैं। एसटीएफ को भी परीक्षा के दृष्टिगत सक्रिय कर दिया गया है। एसटीएफ पूर्व में विभिन्न परीक्षाओं के दौरान पकड़े गए सॉल्वर गिरोह के सदस्यों की निगरानी करने के साथ ही नए गिरोह के बारे में भी छानबीन कर रही है। एसटीएफ की सभी इकाइयों के अधिकारियों को भी इसे लेकर विस्तृत निर्देश दिए गए हैं।

    फर्जी परीक्षार्थियों को दबोचने के लिए बनाया गया है मास्टर प्लान 

    प्रो बाजपेई ने बताया कि परीक्षा को बेहतर ढंग से कराने हर केन्द्र पर सीसीटीवी कैमरे की व्यवस्था की गई है। इसमें आडियों रिकार्डिंग भी होगी। इसके अलावा राउटर की मदद से की परीक्षा की वेब-कास्टिंग करते हुये लखनऊ विश्वविद्यालय में बने कंट्रोल रूम में मॉनिटरिंग की जाएगी। परीक्षा के समय प्रत्येक परीक्षार्थी की पहचान के लिए डिस्पोजल स्ट्रिप से उसकी उंगुलियों के निशान भी लिये जाएंगे और उसके द्वारा आवेदन करते समय दिये गये अंगुलियों के निशान से इनका मिलान किया जायेगा।

    लविवि प्रशासन का दावा है कि पूरे प्रदेश के अभ्यर्थियों की सुविधा को देखते हुए उनके निकटतम जनपद को चयनित करने की सुविधा दी गई थी। अभ्यर्थियों की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए प्रत्येक परीक्षा केंद्र में अभ्यर्थियों के लिए सेनेटाइजर, हैंडवाश आदि की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए आठ व नौ अगस्त को सभी सार्वजनिक निजी यातायात, टेंपो, टैक्सी, प्राइवेट व सरकारी बसें आदि सुचारू रूप से चलेंगी।

    बीएड प्रवेश परीक्षा के लखनऊ नोडल प्रभारी प्रो ध्रुव सेन सिंह ने बताया कि केंद्र पर प्रवेश के समय सभी परीक्षार्थियों की थर्मल स्कैनिंग और हैंड सैनेटाइज किया जाये और ये सुनिश्चित किया जाये की सभी परीक्षार्थी मास्क लगाए हो। बगैर मास्क के किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। उन्होंने बताया कि केंद्र व्यवस्थापकों को यह भी निर्देश दिया गया है कि परीक्षा का सीटिंग प्लान बड़े बैनर/फ्लैक्स पर पर्याप्त आकार एवं ऊंचाई पर लगाया जाय ताकि सीटिंग प्लान देखने के लिए परीक्षार्थियों द्वारा शारीरिक दूरी का उल्लंघन न किया जाय।

    यूपी बीएड प्रवेश परीक्षा में फेस डिटेक्टर से पकड़े जाएंगे फर्जी परीक्षार्थी

    कोरोना संक्रमण के खौफ से शिक्षक संगठन एक तरफ उत्तर प्रदेश बीएड प्रवेश परीक्षा का विरोध कर रहे हैं। दूसरी ओर लखनऊ विश्वविद्यालय प्रशासन परीक्षा की बेहतर तकनीकी से कराने में जुटा है। परीक्षा में फर्जी परीक्षार्थियों को रोकने के लिए प्रशासन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस ‘एआई’ तकनीक का इस्तेमाल किये जाने का दावा भी किया गया। विवि प्रशासन का दावा है कि सभी परीक्षा केन्द्रों पर एआई आधारित फेस डिटेक्शन सिस्टम लगवाए जाएंगे। इससे कोई फर्जी परीक्षार्थी केन्द्र के अंदर नहीं जा पाएगा। एआई तकनीक अभ्यर्थी के चेहरे की कुल 27 जगहों की सूचनाओं को एकत्र करके उसको डिजिटल डाटा में बदलेगी, फिर फोर डाइमेंशन में चेहरे की जांच करेगी। इसमें अभ्यर्थी की आयु,बाल, चश्मा,लिंग आदि के जरिए उसका मिलान किया जाएगा।  बॉक्स  कोरोना संक्रमण के बीच आयोजित हो रही परीक्षा में सबसे खास बात न सिर्फ परीक्षार्थियों बल्कि कक्ष निरीक्षकों और नोडल अधिकारियों की उपस्थिति पर भी नजर रहेगी। क्योंकि संक्रमण के खतरे को देखते हुए तरह-तरह की अटकलें भी लगाई जा रही हैं। ऐसे में देखना होगा की इनकी उपस्थिति क्या रहेगी।

  • मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को देगा आमंत्रण इंडो इस्लामिक ट्रस्ट जनसुविधाओं के कार्यक्रम में

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को देगा आमंत्रण इंडो इस्लामिक ट्रस्ट जनसुविधाओं के कार्यक्रम में

    लखनऊ | उत्तर प्रदेश सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड द्वारा अयोध्या में मस्जिद निर्माण के लिए गठित ट्रस्ट की जमीन पर बनने वाले जन सुविधाओं के शिलान्यास कार्यक्रम के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन ट्रस्ट आमंत्रण भेजेगा। इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन ट्रस्ट के प्रवक्ता अतहर हुसैन ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, “चैनल के साक्षात्कार में मुख्यमंत्री से सवाल किया गया था कि अगर मस्जिद ट्रस्ट वाले बुलाएंगे तो क्या आप जाएंगे। इसके उत्तर में उन्होंने कहा था कि न वो हमें बुलाएंगे न हम जाएंगे। इसके बाद कई लोगों ने सवाल किया तो हमने बताया कि अभी कोरोना काल चल रहा है। मस्जिद का कोई कार्यक्रम नहीं है। इस्लामिक मौलवियों के अनुसार मस्जिद की संगे बुनियाद का कोई कार्यक्रम नहीं होता है। मजदूर जो बुनियाद को खोदता है, उसी को अल्लाह की दुआ कबूल होती है।”

    उन्होंने कहा, “हां, इसके अलावा ट्रस्ट द्वारा इलाके की सुविधाओं के लिए कई चीजें ला रहे है। जिसमें पुस्तकालय, लंगर समेत अनेक जन सुविधाओं के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री को आमंत्रित किया जाएगा। वह आएंगे और सहयोग भी करेंगे। मस्जिद का कोई शिला पूजन जैसी चीज नहीं होती है।”

    उन्होंने बताया कि उच्चतम न्यायालय के निर्देश पर अयोध्या जिले के धन्नीपुर गांव में वक्फ बोर्ड को पांच एकड़ जमीन मिली है। इस पर अस्पताल, लाइब्रेरी, सामुदायिक रसोईघर और रिसर्च सेंटर बनाया जाएगा। यह सभी चीजें जनता की सुविधा के लिए होंगी और जनता को सहूलियत देने का काम मुख्यमंत्री का होता है। इसी हैसियत से इनके शिलान्यास के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को आमंत्रित किया जाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि मुख्यमंत्री इस कार्यक्रम में न सिर्फ शिरकत करेंगे, बल्कि इन जन सुविधाओं के निर्माण के लिए सहयोग भी करेंगे।

    अतहर ने बताया, “अभी मस्जिद का कोई नाम नहीं तय किया गया है। बाद में तय होगा। बाबरी मस्जिद नाम नहीं होगा। ट्रस्ट में बनने वाले अस्पताल में डॉ. काफील खान के डायरेक्टर बनाने वाली बातें बिल्कुल झूठी है। इसके लिए हमने पुलिस कमिश्नर को अवगत कराया गया है। हमारा कार्यालय लखनऊ बर्लिग्टन चौराहे पर बन रहा है। अभी यह छोटे स्तर पर तैयार किया जा रहा है। हम लोग बहुत छोटे ट्रस्ट है। लेकिन जनता की सुविधाओं के देखते हुए इसे तैयार किया जा रहा है।”

    ज्ञात हो कि सुप्रीम कोर्ट ने 9 नवंबर को अपने फैसले में अयोध्या के विवादित स्थल पर राम मंदिर का निर्माण कराने और उत्तर प्रदेश सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड को मस्जिद के निर्माण के लिए अयोध्या में किसी प्रमुख स्थान पर 5 एकड़ जमीन देने का आदेश जारी किया था।

    बोर्ड ने इस जमीन पर मस्जिद के अलावा इंडो इस्लामिक रिसर्च सेंटर, एक अस्पताल, कम्युनिटी किचन, पुस्तकालय और म्यूजियम बनाने का फैसला किया था। इसके लिए इंडो इस्लामिक कल्चरल फाउंडेशन नामक ट्रस्ट बनाया गया है जो मस्जिद तथा अन्य इमारतों का निर्माण कराएगा।

  • प्रधानमंत्री सूक्ष्म उद्योग उन्नयन योजना हेतु इच्छुक मौजूदा खाद्य प्रसंस्करण यूनिटें एफ0एम0ई0 पोर्टल पर कर सकते हैं आवेदन-जिला उद्यान अधिकारी।


    रिपोर्ट:सैय्यद मकसूदुल हसन

    सुलतानपुर 10 अगस्त/जिला उद्यान अधिकारी रणविजय सिंह ने एक प्रेस विज्ञप्ति के द्वारा अवगत कराया है कि प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएम एफएमई) के तहत खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा आत्म निर्भर भारत के अन्तर्गत प्रारम्भ की गयी प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएम एफएमई) के क्रियान्वयन हेतु असंगठित क्षेत्र की इकाईयों की समस्याओं के समाधान हेतु देश में 2 लाख सूक्ष्म उद्यमों को लाभान्वित किये जाने का लक्ष्य है, जिसमें से उत्तर प्रदेश हेतु 37805 सूक्ष्म उद्यमों को लाभान्वित किये जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। भारत सरकार की इस योजना एक जिला एक उत्पाद (ओडीओपी) की अवधारण के तहत इनपुट की खरीद, सामान्य सेवाओं का लाभ लेने तथा उत्पादों के विपणन के सन्दर्भ में लाभ प्राप्त करने का अवसर दिया जाना है। जिला उद्यान अधिकारी श्री सिंह ने बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य सूक्ष्म उद्यमियों की क्षमता में वृद्धि करने के लिए जी0एस0टी0, एफ.एस.एस.ए.आई. स्वच्छता मानकों और उद्यम आधार के लिए पंजीकरण के साथ-साथ उन्नयन एवं मानकीकरण के लिए पूँजीगत निवेश हेतु सहायता देना, कुशल प्रशिक्षण, खाद्य संरक्षा मानकों एवं स्वच्छता के सम्बन्ध में तकनीकी जानकारी देने एवं गुणवत्ता सुधार के माध्यम से क्षमता निर्माण किया जाना, बैंक ऋण प्राप्त करने एवं उन्नयन करने हेतु डी.पी.आर. तैयार करने के लिए हैंड-होल्डिंग सहायता प्रदान करना पूँजी निवेश, सामान्य अवसंरचना तथा ब्रांडिंग एवं विपणन सहायता के लिए कृषक उत्पादन संगठनों, स्वयं सहायता समूहों, उत्पादक सहकारिताओं तथा सहकारी समितियों को सहायता प्रदान करना आदि हैं। उन्हांने बताया कि इस योजना की पात्रता के लिये पूर्व से स्थापित वह इकाईयां पात्र होंगी जिनमें 10 से कम कार्मिक कार्यरत हैं तथा इकाई का स्वामित्व ही आवेदक हो तथा उसकी आयु 18 वर्ष से अधिक है व उसकी सैक्षिक योग्यता न्यूनतम कक्षा-8 उत्तीर्ण हो। एक परिवार का केवल एक ही व्यक्ति वित्तीय सहायता प्राप्त करने हेतु पात्र होगा। परिवार से आशय-स्वयं, पति/पत्नी व बच्चे से है। उन्होंने बताया कि अपने उद्यम का उन्नयन करने के इच्छुक व्यक्तिगत सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यमी पात्र परियोजना लागत के 35 प्रतिशत पर क्रेडिट लिंक्ड कैपिटल सब्सिडी का लाभ उठा सकते हैं, जिसकी अधिकतम लागत 10 लाख रूपये प्रति उद्यम है। लाभार्थी का योगदान न्यूनतम 10 प्रतिशत होना चाहिए और शेष राशि बैंक से लाभार्थी को ऋण प्राप्त करना होगा। योजना में एफ0पी0ओ0 स्वयं सहायता समूहों एवं को-आपरेटिव को 35 प्रतिशत क्रेडिट लिंक्ड अनुदान सहित सम्पूर्ण मूल्य श्रंखला समेत पूँजी निवेश हेतु सहायता प्रदान की जायेगी।जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि स्वयं सहायता समूहों को सीड कैपिटल के लिये कार्यशील पूँजी तथा छोटे उपकरणों की खरीद के लिए खाद्य प्रसंस्करण में कार्यरत स्वयं सहायता समूहों के प्रत्येक सदस्य को 40000 रूपये की दर से प्रारम्भिक पूँजी प्रदान की जायेगी। अनुदान के रूप में प्रारम्भिक पूँजी एस०एच०जी0 के संघ स्तर पर दी जायेगी, बदले में एस०एच०जी० को पुनः भुगतान किये जाने हेतु एस०एच०जी के माध्यम से ऋण के रूप में सदस्यों को दी जायेगी।
    उन्होंने बताया कि कामन आधारभूत संरचना हेतु एफ0पी0ओ0/एस०एच०जी०/ सहकारिताओं, राज्य के स्वामित्व वाली एजेन्सियों और निजी उद्यमियों को सामान्य प्रसंस्करण सुविधा, प्रयोगशाला, वेयरहाऊस, कोल्ड स्टोरेज, पैकिंग एवं इन्क्यूवेशन सेन्टर समेत अवसंरचना के विकास के लिए 35 प्रतिशत की दर से क्रेडिट लिंक्ड अनुदान उपलब्ध कराया जायेगा।
    ब्राडिंग एवं मार्केटिंग हेतु सहायता के लिये सामान्य पैकेजिंग, ब्राडिंग विकसित करने, गुणवत्ता नियन्त्रण, मानकीकरण के उपबन्ध के साथ करने तथा उपभोक्ता फुटकर विक्री के लिए खाद्य संरचना पैरामीटर का अनुपालन करने के लिए एफ0पी0ओ0/एस0एच0जी0/सहकारिताओं अथवा सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यमों, एस०पी०वी० को ब्राडिंग और मार्केटिंग सहायता दी जायेगी। इन संगठनों को सहायता उनके द्वारा तैयार की गयी डी0पी0आर0 और राज्य नोडल एजेन्सी द्वारा दिये गये अनुमोदन के आधार पर ब्राडिंग व विपणन पर कुल व्यय का 50 प्रतिशत तक दी जायेगी।
    जिला उद्यान अधिकारी श्री सिंह ने बताया कि इस योजना के लिये आवेदन हेतु भारत सरकार एक एम0आई0एस0 तैयार करेगी। सहायता प्राप्त करने के लिए इच्छुक मौजूदा खाद्य प्रसंस्करण यूनिटें एफ0एम0ई0 पोर्टल पर आवेदन कर सकती हैं। क्षेत्र स्तरीय सहायता के लिए नियोजित जिला रिसोर्स पर्सन डी0पी0आर0 तैयार करने, बैंक ऋण प्राप्त करने, आवश्यक पंजीकरण तथा एफ0एस0एस 0ए0आई0 के खाद्य मानकों, उद्यम आधार एवं जी0एस0टी0 प्राप्त करने के लिए हैण्ड होल्डिंग सहायता उपलब्ध करायेंगे।उन्होंने बताया कि इस योजना में सरकार द्वारा अनुदान ऋणदाता बैंक में लाभार्थी के खाते में जमा किया जायेगा। यदि ऋण की अंतिम किश्त के संवितरण के 03 वर्ष की अवधि के पश्चात लाभार्थी खाता अभी भी मानक हो और उद्यम प्रचालनशील हो, तो यह राशि लाभार्थी के बैंक खाते में समायोजित कि जाएगी। ऋण अनुदान राशि के लिए बैंक द्वारा कोई ब्याज नहीं लिया जायेगा।

  • SGPGI में भर्ती कानून मंत्री ब्रजेश पाठक, कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव

    SGPGI में भर्ती कानून मंत्री ब्रजेश पाठक, कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव

    लखनऊ। प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार के कैबिनेट मंत्री ब्रजेश पाठक को सांस लेने में तकलीफ होने पर रविवार को संजय गांधी पीजीआइ में भर्ती कराया गया है। पत्नी नम्रता पाठक के कोरोना वायरस संक्रमण की चपेट में आने के बाद कानून मंत्री भी संक्रमित हैं। ब्रजेश पाठक अभी तक होम आइसोलेशन में थे।

    कानून-न्याय तथा ग्रामीण अभियंत्रण मंत्री ब्रजेश पाठक को रविवार को सुबह सांस लेने में तकलीफ होने पर तत्काल संजय गांधी पीजीआई में भर्ती कराया गया है। जहां पर सरकार के चार मंत्री तथा नेता प्रतिपक्ष पहले से ही भर्ती हैं।

    मंत्री ब्रजेश पाठक की बुधवार को कोरोना वायरस संक्रमण की पॉजिटिव रिपोर्ट आई थी। इसके बाद वह होम आइसोलेशन में थे। आज सांस लेने में तकलीफ होने पर उनको संजय गांधी पीजीआइ में भर्ती कराया गया है। वहां पर उनको आइसीयू में रखा गया है। जहां पर हालत स्थिर बताई जा रही है। उधर लखनऊ के साथ ही हरदोई तथा उन्नाव में ब्रजेश पाठक के शीघ्र स्वस्थ होने को लेकर प्रार्थना तथा दुआएं हो रही हैं।

    प्रदेश के नौवें मंत्री

    उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार के नौ मंत्री कोरोना वायरस संक्रमण की चपेट में हैं। नौवें मंत्री ब्रजेश पाठक हैं। इनसे पहले जल शक्ति मंत्री डॉक्टर महेंद्र सिंह कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। उनको भी संजय गांधी पीजीआइ में भर्ती कराया गया है। कैबिनेट मंत्री राजेंद्र प्रताप उर्फ मोती सिंह, होमगार्ड मंत्री चेतन चौहान, स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह तथा खेल मंत्री उपेंद्र तिवारी भी संजय गांधी पीजीआइ में भर्ती हैं।

    इनसे पहले आयुष मंत्री धर्म सिंह सैनी भी परिवार सहित संक्रमित हो गए थे। उनको सहारनपुर में भर्ती कराया गया है जबकि मंत्री रघुराज सिंह भी कोरोना वायरस से संक्रमित हैं। इसके अलावा बीते रविवार को कोरोना वायरस की चपेट में आने के कारण कैबिनेट मंत्री कमल रानी वरुण का निधन हो गया था। वह योगी आदित्यनाथ सरकार में प्राविधिक शिक्षा मंत्री थीं।

  • कुशीनगर में प्राचीन कुबेरस्थान शिवमंदिर के महंत द्वारा पुजारी को हटाने की कोशिश,मंदिर की संपत्ति पर अधिकार जमाने को लेकर

    कुशीनगर में प्राचीन कुबेरस्थान शिवमंदिर के महंत द्वारा पुजारी को हटाने की कोशिश,मंदिर की संपत्ति पर अधिकार जमाने को लेकर
    उपेंद्र कुशवाहा
    कुशीनगर : जिले के प्राचीन कुबेरस्थान शिवमंदिर के महंत पर प्रशासन को गुमराह कर अवैधानिक तरीके से आधिपत्य जमाने का आरोप लगाते हुए लोगों ने सोमवार को ज्ञापन सौंपा और पुलिस से कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में कोहरवलिया के पूर्व प्रधान सुरेंद्र गुप्ता, जनार्दन मिश्र, सर्वेश कुमार पांडेय और प्रेमचंद तिवारी ने आरोप लगाया है कि प्राचीन कुबेरस्थान शिवमंदिर के वर्तमान महंत अवैधानिक तरीके से पुजारी को हटाकर मंदिर की संपत्ति पर अपना अधिकार जमाने की कोशिश में लगे हैं और प्रशासन को गुमराह कर रहे हैं। जबकि यहां के स्थानीय गोस्वामी परिवार के लोग ही शिवमंदिर स्थापना काल से मंदिर की देखरेख व पूजा पाठ करते आ रहे हैं।

    आरोप यह भी है कि कुछ दिनों से दबंगई के बल पर वर्तमान महंत पुलिस व प्रशासन को गुमराह कर अपना वर्चस्व जमाए हुए हैं। छह अगस्त को भी ग्रामीणों ने एसडीएम सदर को ज्ञापन सौंपा था और कार्रवाई न होने पर मंदिर परिसर में सत्याग्रह की चेतावनी दी थी। ग्रामीणों के सत्याग्रह शुरू करने के कुछ घंटे पूर्व ही पुलिस ने इस मामले से संबंधित करीब 40 लोगों को शांतिभंग की आशंका में पाबंद कर दिया था। इससे सत्याग्रह में शामिल होने वाले लोगों में हड़कंप मच गया और सभी लोग अपनी जमानत कराने एसडीएम कोर्ट पहुंचे थे। ज्ञापन देने वालों ने कहा कि अगर उन्हें न्याय नहीं मिला तो वे 13 अगस्त से पुन: सत्याग्रह के लिए बाध्य होंगे।

    प्राचीन कुबेरस्थान शिवमंदिर के महंत चंद्रशेखर ओझा का कहना है कि साक्ष्यों और दलीलों के आधार पर न्यायालय के आदेशानुसार उन्हें इस पद पर बैठाया गया है। ग्रामीणों की तरफ से उन पर लगाए गए सभी आरोप निराधार एवं कूटरचित हैं।
    एसओ कुबेरस्थान महेंद्र कुमार चतुर्वेदी का कहना है कि मामला राजस्व विभाग से संबंधित है, जिसकी जांच राजस्व विभाग के वरिष्ठ अधिकारी कर रहे हैं। पुलिस शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने में जुटी है। एसडीएम सदर रामकेश यादव का कहना है कि इस मामले में तीन-चार दिन पहले शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए कार्रवाई की गई थी। इस मामले में जांच प्रक्रिया जारी है। जो नियमसंगत होगा, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

  • एकीकृत कोविड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में नियुक्त कर्मचारियों द्वारा नियमित रूप से उपस्थित न रहने पर जिलाधिकारी ने की कार्यवाही

    एकीकृत कोविड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में नियुक्त कर्मचारियों द्वारा नियमित रूप से उपस्थित न रहने पर जिलाधिकारी ने की कार्यवाही

    रिपोर्ट:सैय्यद मकसूदुल हसन

    अमेठी।, जिलाधिकारी अरुण कुमार ने बताया कि मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश के क्रम में जनपद अमेठी में एकीकृत कमांड कोविड एंड कंट्रोल सेंटर को मुख्य चिकित्सा अधिकारी के कार्यालय में दिनांक 19 जुलाई 2020 से स्थापित किया गया है। एकीकृत कोविड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में श्री सुधीर रुंगटा अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) को प्रभारी अधिकारी नामित करते हुए तीन पालियों में सिफ्टवार अधिकारियों/कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई थी। जिलाधिकारी ने बताया कि कंट्रोल सेंटर में पूर्व में ड्यूटी पर लगाए गए अधिकारियों/कर्मचारियों की उपस्थिति को लेकर जांच कराई गई, जिसमें श्री सौरव यादव जिला प्रबंधक पीसीएफ, श्री मोईजउल्ला खां सहायक विकास अधिकारी सहकारिता विकास खंड भादर, श्री आशीष बाजपेई कनिष्ठ सहायक पीसीएफ कार्यालय नियमित रूप से अपनी ड्यूटी पर मौजूद नहीं पाए गए। जिस पर कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए उक्त कर्मियों के विरुद्ध प्रशासनिक कार्यों में लापरवाही बरतने, सौंपे गए दायित्वों का पू्र्ण रुप से निर्वहन न करने तथा ड्यूटी पर अनुपस्थित रहने पर श्री सौरव यादव जिला प्रबंधक पीसीएफ को विशेष प्रतिकूल प्रविष्टि, श्री मोईजउल्ला खां सहायक विकास अधिकारी सहकारिता विकास खंड भादर को कारण बताओ नोटिस एवं श्री आशीष बाजपेई कनिष्ठ सहायक पीसीएफ कार्यालय के निलंबन हेतु शासन को संस्तुति सहित पत्र भेजा गया है। इसके अतिरिक्त उन्होंने बताया कि एकीकृत कोविड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर में उक्त कर्मियों के स्थान पर दूसरे कर्मचारियों की ड्यूटी लगाते हुए नियमित रूप से कंट्रोल सेंटर के माध्यम से तैनात कर्मचारियों द्वारा प्रतिदिन घर-घर जाकर सैंपलिंग करने वाली सर्विलांस टीम की कार्य योजना बनाना तथा उनके द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा करना, टेस्टिंग की स्ट्रेटजी बनाना एवं उसका क्रियान्वयन करना, त्वरित गति से कॉन्ट्रैक्ट ट्रेसिंग सुनिश्चित करना, किसी व्यक्ति के कोविड पॉजिटिव होने पर उसे तत्काल कोविड अस्पताल पहुंचाना, कोविड अस्पतालों की व्यवस्था का अनुश्रवण तथा मरीजों से रैंडम आधार पर फोन करके व्यवस्था के बारे में फीडबैक लेना, एक केंद्रीयकृत व्यवस्था स्थापित करते हुए एंबुलेंस की सेवा सुचारु रुप से संचालित कराना जिससे मरीज को तत्काल अस्पताल पहुंचाया जा सके, सप्ताह के अंत में जनपद में सेनेटाइजेशन के विशेष अभियान का अनुश्रवण करना, समस्त कोविड समर्पित चिकित्सा इकाइयों में एडमिशन एवं डिस्चार्ज का रियल टाइम अनुश्रवण करना तथा कोविड पोर्टल पर सूचनाओं को अपडेट करना, जनपद के समस्त कोविड समर्पित चिकित्सा इकाइयों में सफाई एवं खानपान की व्यवस्था का दैनिक अनुश्रवण करना आदि कार्य किये जा रहे हैं।

  • नोएडा की फैक्ट्री में आग में झुलसने से गार्ड की मृत्यु

    नोएडा की फैक्ट्री में आग में झुलसने से गार्ड की मृत्यु

    गौतमबुद्धनगर। नोएड के सेक्टर 63 स्थित बॉल पेन बनाने वाली एक फैक्ट्री में आग लग गई, जिसकी वजह से कंपनी के एक सिक्युरिटी गार्ड की आग में झुलसने से मौत हो गई है। फैक्ट्री में आग देर रात करीब 2 बजे लगी, जिसके बाद सूचना पर दमकल विभाग की 13 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया।

    तीन मंजिला इस इमारत में आग बुरी तरह फैल गई थी, जिसकी चपेट में आने से 23 वर्षीय सिक्युरिटी गार्ड की मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है।

    पुलिस विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, “थाना फेस- 3 क्षेत्र के एच-90, सेक्टर 63 में एच. एम. ट्विस्ट कंटेनर प्राइवेट लिमिटेड के नाम से बॉल पेन बनाने की फैक्ट्री है। जिसमे एक व्यक्ति की झुलसने से मृत्यु हुई है।”

    आग लगने की सूचना पर पुलिस के आला अधिकारी और फॉरेंसिक विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई है। घटना के वक्त कंपनी में आग बुझाने के उपकरण काम कर रहे थे या नहीं, इस बात की भी जांच की जा रही है।

  • डीएम व एसपी द्वारा बी0एड0 परीक्षाओं का परीक्षा केन्द्र पर पहुँचकर लिया गया जायजा

    डीएम व एसपी द्वारा बी0एड0 परीक्षाओं का परीक्षा केन्द्र पर पहुँचकर लिया गया जायजा
    डीएम व एसपी द्वारा बी0एड0 परीक्षाओं का परीक्षा केन्द्र पर पहुँचकर लिया गया जायजा

    रिपोर्ट:सैय्यद मकसूदुल हसन

    सुलतानपुर। जनपद में रविवार को चल रही बी0एड0 परीक्षाओं की प्रथम पाली में जिलाधिकारी सी0 इन्दुमती व पुलिस अधीक्षक शिव हरी मीना द्वारा रामकली बालिका इण्टर कालेज पहुँचकर विभिन्न कक्षों का निरीक्षण किया तथा विभिन्न बिन्दुओं पर जानकारी लेने के पश्चात निर्देश दिया कि जिन परीक्षार्थियों द्वारा मास्क नहीं लगाये गये हैं वे मास्क अवश्य लगायें।जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि सभी परीक्षा प्रभारी/केन्द्र व्यवस्थापक परीक्षार्थियों के बैठने व नकल विहीन, पारदर्शी परीक्षा करायें। उन्होंने कहा कि दोनों पालियों की परीक्षाओं के दौरान कक्ष निरीक्षक व केन्द्र प्रभारी कड़ी नजर रखें। इस अवसर पर जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी पन्नालाल उपस्थित रहे।