Category: uttar-pradesh

  • सुरक्षित रहेंगे रामलला एक हजार वर्ष तक

    सुरक्षित रहेंगे रामलला एक हजार वर्ष तक

    अयोध्या । श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा कि ऐसा मंदिर बनेगा, जिसमें रामलला एक हजार वर्ष तक सुरक्षित रहेंगे। फिलहाल रामलला मंदिर की नींव की ड्राइंग बनकर तैयार है। निर्माण के लिए एलएनटी कंपनी तैयार है। चंपत राय ने यहां शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर के निर्माण का काम चंद रोज में शुरू हो जाएगा। राम मंदिर निर्माण कार्य के बारे में जानकारी देते हुए राय ने बताया कि अब तकनीकी काम है। यह मंदिर 1000 साल तक इस सृष्टि के आंधी-तूफान को सहता रहेगा। इसलिए निर्माण में उसी तरह की तकनीकी का इस्तेमाल भी होगा।

    उन्होंने कहा कि लार्सन टूब्रो के लोग नींव की ड्राइंग तैयार करने आए थे। निर्माण में लोहे का प्रयोग नहीं होगा। अयोध्या विकास प्राधिकरण से 70 एकड़ भूमि में जितना निर्माण हो सकता है, उसका नक्शा पास होगा।

    राय ने कहा कि निर्माण कंपनी ने अभी तक ट्रस्ट के सामने ड्राइंग पेश नहीं की है। ड्राइंग देखने के बाद नींव खोदाई और उसको भरने का कार्य शुरू होगा। मंदिर की नींव दो सौ फीट नीचे होगी।

    उन्होंने कहा, “इसके साथ ही आप सभी को जानकारी दे दें कि इस मंदिर की नींव में लोहे का प्रयोग नहीं होगा। इसकी नींव की खुदाई में जो भी कुछ मिलेगा, उसके लिए ट्रस्ट सतर्क रहेगा। ट्रस्ट अब विकास प्राधिकरण से यहां के संपूर्ण 70 एकड़ क्षेत्र का नक्शा पास कराएगा।”

    चंपत राय ने कहा, “रामलला की जन्मभूमि पर बड़ी संख्या में प्राचीन अवशेष मिलने की उम्मीद है। हम उसको सहेज के रखेंगे।”

    उन्होंने कहा कि राम मंदिर निर्माण के लिए बड़ी संख्या में दानदाता सामने आ रहे हैं। जब राम जन्मभूमि परिसर की जिम्मेदारी ट्रस्ट को सौंपी गई ती तो रामलला के पास मात्र 12 करोड़ रुपये की जमा पूंजी थी। अब यह 30 करोड़ के करीब पहुंच गई है। शिला-पूजन के दिन रामलला को 49,000 रुपये का दान मिला था।

    राय ने स्पष्ट रूप से कहा कि “हम अभी विदेशों से दान नहीं लेंगे।”

    ट्रस्ट के महासचिव ने कहा,कि ट्रस्ट में अब तक 30 करोड़ रुपये आ चुके हैं। इसमें से 12 करोड़ रुपये ट्रस्ट के पास पहले से ही थे। उन्होंने यह भी बताया कि “शिवसेना की पर्ची मिली है और एक करोड़ रुपये आ गए हैं, जिसको मैं समझता हूं कि उद्धव ठाकरे के सहयोग से आया होगा और उनका संदेश हमें प्राप्त हुआ है कि अभी और पैसा वे भेजेंगे।”

    चंपत राय ने कहा कि मोरारी बापू के सहयोग से 4 दिन में 11 करोड़ रुपये ट्रस्ट में आए। गुजरात के एक बनवासी संत हैं, उन्होंने 51 लाख रुपये देने की बात कही है और 11 लाख रुपये 5 तारीख को दे भी दिए हैं। उन्होंने कहा कि जगत गुरु रामभद्राचार्य ने भी एक करोड़ 51 लाख रुपये लिख लेने को कह दिया है, अभी प्राप्त नहीं हुआ है।

    बाबा रामदेव ने कितना दिया? यह पूछे जाने पर उन्होंने कहा,”बाबा रामदेव हमारे घर के हैं, हमने अभी उनसे मांगा नहीं है, जल्द मांगेंगे।”

  • नोएडा में सीएम योगी ने किया 400 बेड के Covid-19 अस्पताल का उद्घाटन

    नोएडा में सीएम योगी ने किया 400 बेड के  Covid-19 अस्पताल का उद्घाटन

    नोएडा। दिल्ली से सटे नोएडा सेक्टर-39 स्थित जिला अस्पताल की बिल्डिंग में 400 बिस्तरों का Covid-19 अस्पताल शनिवार से शुरू हो गया। शनिवार सुबह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अस्पताल का शुभारंभ किया। वहीं, शुभारंभ से पहले शुक्रवार को अपर मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद ने भी कोविड अस्पताल पहुंचकर व्यवस्थाओं को जायजा लिया था तथा खामियों को दूर कराया था। डीएम और सीडीओ भी समय-समय पर अस्पताल का चक्कर लगाते रहे। कोविड अस्पताल में कोरोना के अलावा सिटी स्कैन व डायलिसिस यूनिट की भी सुविधा शुरू की गई है। इसके लिए लखनऊ, सीएमओ व सीएएस के स्तर से चिकित्सकों का गठन कर काम पर लगा दिया गया है। हालांकि फिलहाल यहां पर सिर्फ 167 बिस्तरों पर ही कोरोना का उपचार किया जाएगा।

    बताया जा रहा है कि जरूरत अनुसार बिस्तरों की संख्या में इजाफा होगा। अस्पताल में 400 बिस्तरों की व्यवस्था हो सकती है। यह अब तक का जिले में सबसे बड़ा आधुनिक कोविड अस्पताल है। यहां प्रथम तल पर आइसीयू व इमरजेंसी और पांचवें तल पर आइसोलेशन वार्ड बनाया गया। इसके अलावा द्वितीय तल पर डायलिसिस यूनिट व सिटी स्कैन की व्यवस्था की गई है।

    यह होगी व्यवस्था

    • तीन आइसीयू
    • 28 बिस्तर
    • एक इमरजेंसी
    • 9 बिस्तर
    • 2 वार्ड
    • 65-65 बिस्तर
    • डायलिसिस यूनिट
    • सिटी स्कैन
    • लैब

    यह रहा मुख्यमंत्री कार्यक्रम

    • 9 बजे गौतमबुद्ध नगर विश्वविद्यालय से प्रस्थान
    • 9:30 बजे सेक्टर-39 कोविड अस्पताल में आगमन
    • 9:30 से 10 बजे तक का उद्घाटन कार्यक्रम
    • 10 बजे सेक्टर-39 कोविड अस्पताल से प्रस्थान
    • 10:10 बजे इंटीग्रेटेड कमांड कंट्रोल रूम
    • 10:15 से 10:45 बजे तक कोविड-19 की समीक्षा बैठक
    • 11:45 बजे इंटीग्रेटेड कमाड कंट्रोल रूम से प्रस्थान
    • 12:15 बजे हेलीपैड, गौतमबुद्धनगर विश्वविद्यालय में आगमन
    • 12:20 बजे हेलीपैड, गौतमबुद्धनगर विश्वविद्यालय से प्रस्थान

  • कुशीनगर में पैसे के अभाव में कहीं टूट ना जाए सर्राफा व्यापारी कृष्णा की दम

    कुशीनगर में पैसे के अभाव में कहीं टूट ना जाए सर्राफा व्यापारी कृष्णा की दम
    उपेंद्र कुशवाहा
    कुशीनगर : जिले के रामकोला थानाक्षेत्र के चंदरपुर गाँव के सामने 730 राष्टीय राजमार्ग पर गत दिनों अज्ञात बदमाशों द्वारा लूट की नीयत से चलाई गोली का शिकार हुए कोतवाली पडरौना के बहादुरगंज निवासी कृष्णा वर्मा भले ही बदमाशों को दबोचने के बाद गोली लगने के दौरान गंभीर रूप से घायल होने के दशा में जीवन और मौत के मुंह से जूझ रहा है,ऐसे में एक सर्राफा व्यापारी होने के नाते उसके इलाज में लगभग पांच लाख रुपए लगने की बात सामने आ रही है,जबकि कृष्णा की आर्थिक स्थिति से उस लायक नहीं है कि अपना समुचित इलाज करा सके । वही कृष्णा के इस दुख की घड़ी में सर्राफा से जुड़े पडरौना व रामकोला क्षेत्र के स्वर्ण व्यापारी चंदा लगाकर इलाज कराने के लिए मदद को आगे आए हैं ‌।
    गौरतलब हो कि गत दिनों रामकोला थानाक्षेत्र के गोबरही बाजार से अपनी सोने चांदी की दुकान बंदकर और कई बहनों की ज्वेलरी जो उसके वहां बनने हेतु जमा की गई थी उसको सहेज कर अपनी बाइक की डिक्की में डाल कर जैसे ही अपने गाँव जाने के लिए निकला आगे चलकर उसे बदमाशो ने गोली का शिकार बना लिया था। गोली लूट की नीयत से मारी गयी थी,दो गोली खाने के बाद भी कृष्णा विचलित नही हुआ और सोने चांदी के उन जेवर के लिए बदमाशो से भिड़ गया जिसको रखने के लिए तमाम बहनों और माताओ ने उसपर विश्वास किया था। कृष्णा अपनी जान की बाजी लगाकर उस विश्वास को बचा लिया।

    सदियों पहले किसी ने उस गांव का नाम बहादुरगंज रखा होगा जिस गांव का निवासी 28 साल का कृष्णा वर्मा है,शायद गांव का नाम बहादुरगंज रखने वाले ने ये सोचा भी नही होगा कि एक दिन इसी गांव का बच्चा बहादुर निकलेगा। हम प्रणाम करते है कृष्णा के बहादुरी का,और ईश्वर से प्राथना करते है वो जल्द से जल्द स्वस्थ्य हो भगवान उसकी रक्षा करे। आप सबकी दुआओ की भी उसको जरूरत है।

  • कुशीनगर में सुरक्षित के साथ सतर्क रहें पडरौना में सर्राफा के दुकानदार-कोतवाल

    कुशीनगर में सुरक्षित के साथ सतर्क रहें पडरौना में सर्राफा के दुकानदार-कोतवाल
    उपेंद्र कुशवाहा

    कुशीनगर। कोतवाली पडरौना थाना परिसर रविवार को स्वर्ण व्यवसायियों की बैठक हुई। इसमें प्रतिष्ठानों की सुरक्षा पर चर्चा की गई। सभी प्रतिष्ठानों में डबल सीसीटीवी कैमरे लगवाने को कहा गया। शहर कोतवाल पवन सिंह ने कहा कि सुरक्षा को देखते हुए सभी व्यवसायी दुकान, प्रतिष्ठान में डबल सीसीटीवी कैमरा लगवाएं। एक कैमरा दुकान के अंदर तथा दूसरे में बाहर का ज्यादा से ज्यादा हिस्सा कवर हो सके। इससे घटनाओं की निगरानी में आसानी होगी। इसके अलावा दुकान के आसपास कोई अनजान व्यक्ति बार-बार दिखता है तो इसकी जानकारी पुलिस को दें। इतना ही नहीं इस से जुड़े करवारी दुकान के अलावा क्षेत्र में भ्रमण कर व्यवसाय करने के दौरान सुनसान वाले रास्ते से आने-जाने का काम ना करके मेन रोड से ही अपना व्यवसाय करने का काम करें।

    किसी प्रकार की व्यवसाय के दौरान अप्रिय घटना या आशंका होती है तो पुलिस के सरकारी नंबर पर सूचना तत्काल दें पुलिस तत्काल मौके पर जुट कर तहकीकात करेगी, इसमें किसी प्रकार के व्यापारी लापरवाही न बरतें, ऐसे में आपकी सुरक्षा को पूरा ध्यान रखते हुए स्वयं अपने को सुरक्षित रखें सावधान रहें ।

    इस दौरान वरिष्ठ उप निरीक्षक उमेश कुमार यादव,एसआई आलोक यादव, एसआई चंद्रशेखर सिंह,एसआई बीएन मिश्रा,के आलावा शहर के व्यापारियों में स्वर्णकार संघ के अध्यक्ष सुरेश कुमार,पप्पू सोनी सुरेश सोनी,संतोष वर्मा, राजु जायसवाल,बिट्टू सोनी,प्रदीप सोनी,टिंकू सोनी,विष्णु सोनी, संदीप सोनी,रमेश सोनी,रवि सोनी,राहुल बर्मा,मनोज वर्मा, पप्पू वर्मा आदि व्यापारी शामिल रहे ।

  • यादव सेना संगठन की मासिक कार्यकारिणी बैठक हुई आयोजित।

    यादव सेना संगठन की मासिक कार्यकारिणी बैठक हुई आयोजित।
    यादव सेना संगठन की मासिक कार्यकारिणी बैठक हुई आयोजित।

    रिपोर्ट:हर्ष यादव

    अमेठी।यादव सेना संगठन अमेठी के नंदमहर में मासिक कार्यकारिणी बैठक आयोजित हुई, जिसमे संगठन के विस्तार,मजबूती प्रदान पर यादव सेना समाज मे कैसे काम करेगा सभी विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई और आने वाले श्री कृष्ण जन्माष्टमी स्पेशल महोत्सव में शत प्रतिशत भागीदारी एवं समाज के सामाजिक ,आर्थिक शिक्षा विकास व अंधविश्वास को दूर करने एवं यादव समाज के साथ- साथ सभी वर्ग के लोगो को एक दूसरे से भाईचारा बनाकर चलने पर भी चर्चा हुई।बैठक की सम्पूर्ण नेतृत्व प्रदेश सचिव वीरेंद्र यादव व जिलाध्यक्ष कुलदीप यादव व टीम मुसाफिरखाना का नेतृत्व ब्लाक अध्यक्ष श्री शत्रुहन यादव,भेटुआ टीम का नेतृत्व श्री अजय यादव,भादर टीम का नेतृत्व श्री प्रदीप यादव जिला महासचिव, संग्रामपुर का नेतृत्व श्री कुलदीप यादव,अमेठी से राहुल यादव जगदीशपुर टीम से अनुज व साथीगण,गौरीगंज से विक्रम यादव व तिलोई से अंकित यादव ने किया। इस मौके पर भारी संख्या में युवाओं की उपस्थिति और जोश देखकर संबोधित करते हुए प्रदेश सचिव श्री वीरेंद्र यादव ने कहा कि यह मात्र संगठन ही नही बल्कि एक विचारधारा हैं इन्ही विचारधारा से समाज की कुरीतियों का उन्मूलन करने का प्रयास जारी रहेगा।मौके पर उपस्थित पदाधिकारी व युवाओं ने भी उत्साह और भरोसा दिलाया कि संगठन निश्चित लक्ष्य के साथ एक नया अंजाम तक पहुचेगी। इस बैठक में सम्पूर्ण विश्व में फैली कोरोना जैसी भयंकर महामारी पर भी चर्चा व नियमो के पालन पर विशेष ध्यान रखा गया।इस मौके पर मोहित यादव सागर यादव, धरौली,महेंद्र यादव,मानसिंह यादव,रमेश यादव,मिंटू अनिल यादव, सुधांशु यादव,देवीशरण,शिवा यादव अनुज यादव सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।

  • कानपुर में कोरोना का कहर:बिलखते हुए डीएम के पैरों पर गिर पड़ी बेटी, बोली- आपने भी कुछ नहीं किया, इलाज में लापरवाही से पिता की जान गई

    उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में कोरोना वायरस के संक्रमण की स्थिति बेकाबू है। यहां कांशीराम ट्रामा सेंटर में रविवार दोपहर कोरोना संक्रमित जलकल कर्मी की मौत हो गई। जिस पर परिजनों ने हंगामा किया। बेटी ने आरोप लगाया कि, अस्पताल प्रशासन अब उन्हें पिता की लाश नहीं दे रहा है। जिस पर डीएम ब्रह्मदेव तिवारी मौके पर पहुंचे। इस दौरान इलाज की व्यवस्थाओं की पोल खोलते हुए बेटी डीएम तिवारी के पैरों पर गिर पड़ी। यह देख डीएम पीछे हट गए, उन्होंने भी हाथ जोड़ लिया। बेटी रोते हुए डीएम से कह रही थी कि, मैंने आपके आफिस में भी शिकायत की थी। लेकिन कुछ नहीं हुआ। डीएम ने जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

    • कानपुर के सरकारी अस्पतालों में कोरोना संक्रमितों के इलाज की खुली पोल
    • मौत के मामले में कानपुर प्रदेश में नंबर एक पर, यहां अब तक 264 रोगी मरेकानपुर में कोरोना का कहर:बिलखते हुए डीएम के पैरों पर गिर पड़ी बेटी, बोली- आपने भी कुछ नहीं किया, इलाज में लापरवाही से पिता की जान गईक्या है मामला?

    पनकी निवासी 53 साल के जलकलकर्मी 25 जुलाई से बीमार थे। उन्हें प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां हालत सही न होने पर 31 जुलाई को प्राइवेट पैथोलॉजी से कोरोना जांच कराई। एक अगस्त को संक्रमित होने की जानकारी पर उन्हें कांशीराम अस्पताल में भर्ती कराया गया। बेटी ने आरोप लगाते हुए कहा कि एक सप्ताह से अस्पताल प्रबंधन उनकी हालत खराब होने की बात कहकर वेंटीलेटर पर रखे था।सुबह तक डॉक्टर हालत ठीक बता रहे थे। दोपहर में पिता की मौत की सूचना दे दी।

    इसके बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा करना शुरू कर दिया। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि, उसे अस्पताल के डॉक्टरों ने पिता को रीजेंसी ले जाने की सलाह दी थी। लेकिन उसके पास इतने पैसे नहीं थे वह प्राइवेट अस्पताल में इलाज करा सके। बताया कि पिता जलकल विभाग के जीएम के संपर्क में आने से कोरोना संक्रमित हुए थे। जीएम का वीआईपी ट्रीटमेंट किया गया। लेकिन बाकियों को मरने के लिए छोड़ दिया गया है।

    सूचना पाकर जिलाधिकारी डॉ. ब्रह्मदेव राम तिवारी, एसीएम-2 अमित राठौर, सीएमओ अनिल कुमार मिश्रा मौके पर पहुंचे। उनके साथ चकेरी थाने की फोर्स भी थी। इस दौरान मृतक की बेटी ने डीएम से हाथ जोड़कर कहा कि परिवार में उनकी मां, दो भाई भी संक्रमित हैं और अस्पताल की लापरवाही के चलते पिता की मौत हो गई है। उसने रोते हुए कहा कि साहब आपके ऑफिस में भी सूचना दी पर कुछ नहीं हुआ। इतना कहते हुए वह जिलाधिकारी के पैरों में गिर पड़ी। उसे पैरों में गिरा देख जिलाधिकारी भी हाथ जोड़कर उसके आगे खड़े हो गए। बेटी को समझाने का प्रयास करने लगे।

    क्या बोले जिलाधिकारी?

    जिलाधिकारी डॉ. ब्रह्मदेव राम तिवारी ने बताया कि जलकल कर्मी की हालत नाजुक होने के कारण उन्हें वेंटीलेटर पर रखा गया था। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। परिजनों ने जो आरोप लगाए हैं, उनकी जांच कराई जा रही है और अगर कोई भी दोषी पाया जाता है तो उसको पर कड़ी कार्रवाई होगी।

    कानपुर में सर्वाधिक मौत

    कानपुर में वर्तमान में 4644 एक्टिव केस हैं। जबकि 264 संक्रमितों की मौत हो चुकी है। यह प्रदेश में किसी जिले में हुए मौत का सर्वाधिक आंकड़ा है। जिले में 3272 संक्रमित इलाज के बाद ठीक हो चुके हैं।

  • कथित रूप से पिटाई किए जाने के बाद आत्महत्या की युवती ने, पुलिस पर लगा आरोप

    कथित रूप से पिटाई किए जाने के बाद आत्महत्या की युवती ने, पुलिस पर लगा आरोप

    जालौन । उत्तर प्रदेश के जालौन में पुलिस इंस्पेक्टर द्वारा कथित रूप से पिटाई किए जाने के बाद एक 22 वर्षीय युवती ने आत्महत्या कर ली। यह वाक्या नया रामनगर इलाके का है।

    पीड़िता निशु चौधरी शनिवार को अपने घर पर फांसी के फंदे से लटकते हुए पाई गईं। उसके परिवारवाले उसे तुरंत अस्पताल लेकर गए जहां डाक्टरों ने उन्हें मृत घोषित किया।

    निशु के परिवार के मुताबिक, वह शुक्रवार दोपहर को बलदाऊ चौक मार्केट गई हुई थीं। कुछ दुकानदारों ने पीड़िता और उसके दो दोस्तों पर पासपोर्ट चोरी करने का आरोप लगाया। मौके पर पुलिस को बुलाया गया और उन्हें इंस्पेक्टर योगेश पाठक के हवाले कर दिया गया।

    पुलिस तीनों को कोतवाली पुलिस स्टेशन लेकर आई और पूछताछ किए जाने के बाद उन्हें उनके परिवारवालों के हाथों सौंप दिया गया।

    निशु के परिवार के सदस्यों ने कहा कि थाने में योगेश पाठक ने निशु की पिटाई की। शनिवार को उसे पुलिस ने दोबारा कोतवाली में हाजिरी लगाने को कहा था जिसे लेकर वह परेशान थी।

    परिवार के एक सदस्य ने कहा, “इंस्पेक्टर द्वारा पीटे जाने के बाद से वह बहुत परेशान थी।”

    निशु के आत्महत्या करने के बाद उसके परिवारवालों ने थाने जाकर इंस्पेक्टर के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए हंगामा खड़ा कर दिया।

    सर्कल ऑफिसर (सीओ) संतोष कुमार मौके पर पहुंचे और परिवार को आश्वासन दिया कि मामले की जांच की जाएगी।

  • पीलीभीत में आज फिर फूटा कोरोना वम रिकॉर्ड 102 कोरोना पॉजिटिव केस निकले

    पीलीभीत में आज फिर फूटा कोरोना वम रिकॉर्ड 102 कोरोना पॉजिटिव केस निकले
    पीलीभीत शहर में कोरोना का कहर सबसे ज्यादा, दूसरे स्थान पर यहां की तहसील पूरनपुर है जनपद में 102 में केवल 54 करोना पॉजिटिव केस पीलीभीत शहर से 3 अमरिया, 5 बरखेड़ा, 6 बीसलपुर, 9 मरोरी, 25 पूरनपुर जनपद में पहली बार सामने आए सबसे ज्यादा करोना पॉजिटिव केस पुलिस लाइन के 39 पुलिसकर्मी भी करोना पॉजिटिव जनपद में करोना का आंकड़ा पहुंचा 1153
    रिपोर्ट ज़ाहिद अली

  • जिला विकास एवं समन्वय निगरानी समिति की बैठक हुई आयोजित

    जिला विकास एवं समन्वय निगरानी समिति की बैठक हुई आयोजित
    जिला विकास एवं समन्वय निगरानी समिति की बैठक हुई आयोजित

    रिपोर्ट:सैय्यद मकसूदुल हसन

    जनपद के विकास के लिये अधिकारीगण अपने विभाग की योजनाओं पर विशेष ध्यान दें-सांसद।

    सुलतानपुर 10 अगस्त/मा0 सांसद संसदीय क्षेत्र सुलतानपुर, मेनका संजय गाँधी की अध्यक्षता में विकास खण्ड दूबेपुर प्रांगण में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति(दिशा) की बैठक आज आयोजित की गयी। बैठक में अध्यक्ष द्वारा मनरेगा, एनआरएलएम, कौशल विकास, विद्युत, शिक्षा, विकास, मुद्रा लोन सहित विभिन्न सम्बन्धित कार्यक्रमों/योजनाओं की गहन समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश सम्बन्धित अधिकारियों को दिये गये। उन्होंने कहा कि जनपद के विकास के लिये सभी अधिकारी अपने विभाग की योजनाओं पर विशेष ध्यान देना सुनिश्चित करें। बैठक में मा0 सांसद/अध्यक्ष द्वारा महात्मागाँधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारण्टी योजना (मनेरगा) की समीक्षा करते हुए उपायुक्त श्रमरोजगार को निर्देश दिये गये कि योजनान्तर्गत स्थायी प्रकृति की परिसम्पत्तियों यथा सम्पर्क मार्गों, तालाब जीर्णोद्धार तथा नमोवन के सृजन पर बल दिया जाय। उक्त योजनान्तर्गत बारात घरों का भी निर्माण करने पर विशेष बल दिया गया। राष्ट्रीय ग्रामीण अजीविका मिशन की समीक्षा के दौरान मा0 अध्यक्ष ने उपायुक्त स्वतः रोजगार को निर्देश दिये कि समूहों को ऐसी प्रकृति के लाभदायक एवं हुनरमंद क्षेत्रों में रोजगार के अवसर प्राप्त करने हेतु प्रशिक्षण हेतु धनराशि उपलब्ध करायी जाये, जिससे उनकी गरीबी कम हो सके एवं उनके जीवन शैली में उल्लेखनीय सुधार हो। इस योजनान्तर्गत उन्होंने उदाहरण के ंरूप में मोमबत्ती बनाने, सेब की खेती एवं मशरूम का उत्पादन कराने के सम्बन्ध में आवश्यक कार्यवाही हेतु उपायुक्त स्वतः रोजगार को निर्देशित किया।

    मा0 सांसद द्वारा इसी प्रकार अन्य योजनाओं की समीक्षा करते हुए दिशा के अन्तर्गत चिन्ह्नित अन्य कार्यक्रमों यथा-पीएमजीएसवाई, प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण व शहरी इत्यादि में परिणामोंन्मुख प्रगति की अपेक्षा सम्बन्धित अधिकारियों से की गयी। बैठक में कौशल विकास मिशन की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी सी0 इन्दुमती द्वारा अवगत कराया गया कि प्रधानमंत्री रोजगार अभियान में इस योजना को लिया गया है, जिसमें 2200 लोगों को प्रशिक्षण दिया जायेगा। आशा बहुओं को साईकिल दिलवाने की कार्यवाही, एफएम रेडियो चालू कराने, मुद्रा लोन सरलीकरण किये जाने, कम्युनिटी टायलेट समूह वाले में बनवाये जाने, करौदीकला कार्यों को प्राथमिकता से कराये जाने, लघु एवं सूक्ष्म मध्यम उद्योग को बढावा देने, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से किसानों को लाभान्वित करने के निर्देश दिये गये।
    दिशा की बैठक में मा0 सांसद/अध्यक्ष द्वारा किसानों की समस्याओं पर विशेष ध्यान दिये जाने जैसे-ट्यूबेल का नियमित संचालन, विद्युत विभाग की शिकायत पर उन्होंने विद्युत व्यवस्था ठीक करने हेतु समन्वय करके फीडबैक लिये जाने तथा जे0ई0 को निर्देश दिये गये कि फोन उठाये जायें। उन्होंने शिक्षा विभाग की समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि ऑनलाइन क्लासेज नियमित रूप से चलाये जायें। उन्होंने बस स्टेशन कादीपुर बनने तथा केन्द्रीय विद्यालय निर्माण के सम्बन्ध में जानकारी प्राप्त कर आवश्यक दिशा निर्देश सम्बन्धित को दिये। उन्होंने लघु सिंचाई विभाग की समीक्षा करते हुए प्राप्त शिकायतों पर नाराजगी व्यक्त करते हुए निर्देशित किया कि सुधार लाया जाय।बैठक के पश्चात् मा0 सांसद सुलतानपुर द्वारा विभिन्न सड़क मार्गों आदि का लोकार्पण करने के पश्चात् दूबेपुर विकास खण्ड कार्यालय प्रांगण में पौधरोपण भी किया। इस अवसर पर विधायक लम्भुआ देवमणि द्विवेदी, विधायक कादीपुर राजेश गौतम, विधायक इसौली अबरार अहमद, विधान परिषद सदस्य शैलेनद्र प्रताप सिंह, प्रमुखगण, जिला महिला प्रकोष्ठ भाजपा बबिता तिवारी, पुलिस अधीक्षक शिव हरी मीना, मुख्य विकास अधिकारी अतुल वत्स, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ0 सीबीएन त्रिपाठी, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी पन्नालाल, उपायुक्त स्वतः रोजगार एवं परियोजना निदेशक जितेन्द्र कुमार मिश्र, डीसी मनरेगा विनय कुमार सहित योजनाओं से सम्बन्धित अधिकारीगण आदि उपस्थित रहे।

  • नाटकीय तरीके से बिकरू हत्याकांड के आरोपी का आत्मसमर्पण

    नाटकीय तरीके से बिकरू हत्याकांड के आरोपी का आत्मसमर्पण

    कानपुर।बिकरू हत्याकांड में शामिल एक आरोपी नाटकीय तरीके से गले में तख्ती लटकाए शनिवार को चौबेपुर पुलिस थाने में आत्मसमर्पण करने पहुंचा। यह 3 जुलाई की रात हुई 8 पुलिसकर्मियों की हत्या में शामिल था।

    आरोपी उमाकांत शुक्ला ने तख्ती पर बिकरू हत्याकांड में शामिल होने की बात कबूल करते हुए अपने अपराध के लिए माफी मांगी थी।

    इस दौरान उसके परिवार के सदस्यों ने भी पुलिस से उसकी जान बचाने की गुहार लगाई। चौबेपुर पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है।

    उप्र की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) और कानपुर पुलिस की नजर पहले से ही उमाकांत पर थी, उन्होंने उसके कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी भी की थी।

    कानपुर पुलिस ने शनिवार रात एक प्रेस विज्ञप्ति में दावा किया कि आरोपी का आत्मसमर्पण पुलिस की सतर्कता और लगातार छापेमारी के चलते हुआ, जिसने आरोपी पर खासा दबाव बनाया था।

    पुलिस ने कहा कि उमाकांत पर 50 हजार रुपये का नकद इनाम था। पूछताछ के दौरान उसने कबूल कर लिया है कि उसने विकास दुबे और उसके साथियों अमर दुबे, अतुल दुबे, प्रेम कुमार पांडे, बुआन दुबे, प्रभात मिश्रा के साथ पुलिस की टीम पर अंधाधुंध गोलीबारी की थी। विकास दुबे और उसके ये साथी अलग-अलग पुलिस मुठभेड़ों में मारे जा चुके हैं।

    उमाकांत ने कहा कि उसे अपना अपराध महसूस हुआ, साथ ही पुलिस हर संभव ठिकाने पर लगातार छापेमारी कर रही थी, लिहाजा मैंने आत्मसमर्पण करने का फैसला किया।

    उसने कहा कि 10 जुलाई को पुलिस मुठभेड़ में मारा गया नरसंहार का मुख्य आरोपी विकास दुबे ‘दानव’ और ‘आतंकी’ था।

    बता दें कि उमाकांत उन नौ आरोपियों में से एक है जिन्हें या तो गिरफ्तार किया जा चुका है या जो अब तक आत्मसमर्पण कर चुके हैं। शेष छह नामजद अभियुक्तों की तलाश जारी है। ये आरोपी छोटू शुक्ला, शिव तिवारी, विष्णु पाल यादव, रामू बाजपेयी, हीरू दुबे और बाल गोविंद हैं।