Category: uttar-pradesh

  • मेरठ में किया गया सेटेलाइट फोन का प्रयोग, पुलिस ने शुरू की पड़ताल

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    मेरठ। जागृति विहार में आरएसएस का राष्ट्रोदय कार्यक्रम होने जा रहा है। कई प्रदेशों के मुख्यमंत्री तो आएंगे ही, बड़े ¨हदू नेता भी शिरकत करेंगे। ऐसे में मेरठ में सेटेलाइट फोन का इस्तेमाल होना सुरक्षा पर सवाल खड़ा कर रहा है। सूत्रों की माने तो सर्विलांस की पकड़ में सेटेलाइट फोन की लोकेशन आई है। फिलहाल पुलिस कुछ बोलने को तैयार नहीं है।

    क्या होता है सेटेलाइट फोन :

    सेटेलाइट फोन उपग्रहों से सिग्नल प्राप्त करता है। सेटेलाइट फोन का फायदा यह होता है कि वह किसी भी स्थान पर सिग्नल पकड़ लेता है।

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    [object Promise]आतंकी करते हैं इस फोन का इस्तेमाल :

    सेना से रिटायर कर्नल मोदीपुरम निवासी राजपाल सिंह का कहना है कि सेटेलाइट फोन का इस्तेमाल अधिकतर आतंकी संगठन करते हैं। मेरठ में इसकी लोकेशन मिलना रिटायर कर्नल भी खतरे की घंटी बता रहे हैं।

    यशोदाकुंज से भागे युवकों के पास तो नहीं सेटेलाइट फोन : पंजाब के जिला कपूरथला के कबीरपुर से आकर मेरठ में किराए पर रहे युवकों पर पुलिस का शक है कि कहीं उनके पास तो सेटेलाइट फोन नहीं है। युवकों की गतिविधियों से साफ जाहिर हो रहा था कि वह किसी बड़े घटनाक्रम को अंजाम देने के लिए मेरठ में ठहरे थे। हालांकि पुलिस अफसर सेटेलाइट फोन की लोकेशन मिलने के बारे में न तो हा कर रहे हैं और न ही न।

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    मेरठ के आसपास मिल रही बातचीत की लोकेशन :

    यशोदा कुंज के मकान नंबर 160 में हरजोत और अमरवीर के भागने पर जब मकान को खंगाला गया तो यहां से पुलिस को नौ सिम, तमंचा, कारतूस, मैगजीन और अन्य सामान मिला था। इन सिमों में से दो सिमों से जिन नंबरों पर बातचीत हो रखी थी, उनकी लोकेशन मेरठ, मुजफ्फरनगर के आसपास मिल रही है।

    खुफिया एजेंसियों को अलर्ट किया :

    मेरठ पुलिस अफसरों ने सेटेलाइट फोन की लोकेशन मिलने के बाद खुफिया एजेंसियों को अलर्ट कर दिया है। ताकि बाद में कोई अनहोनी न हो। आइबी को भी सूचित कर दिया गया है। सूत्रों का कहना है कि खुफिया एजेंसियों ने इस प्रकरण में गंभीरता से जांच शुरू कर दी है।

    ये तीन कंपनिया देती है सेटेलाइट फोन की सेवा :

    साइबर सेल के एक्सपर्ट सीओ विनोद सिरोही की माने तो तीन कंपनियां इरीडियम, ग्लोबलस्टार और थराया सेटफोन सेवाएं देती हैं। इनमें इरीडियम की सेवा पूरी दुनिया में, ग्लोबलस्टार 80 प्रतिशत हिस्से में और थराया की सेवाएं भारत, एशिया के अन्य हिस्सों, अफ्रीका, पश्चिम एशिया और यूरोप में हैं।

    पंजाब जाकर क्यों नहीं की पड़ताल :

    गंगानगर पुलिस और क्राइम ब्रांच की लापरवाही यह है कि यशोदा कुंज में ठहरे युवकों के बारे में एक बार भी पंजाब के कपूरथला में पहुंचकर जांच पड़ताल नहीं की गई। अभी तक भी युवकों की तलाश में दबिश तक नहीं दी गई। एसपी देहात राजेश कुमार का कहना है कि आरोपियों को पकड़ने के लिए दबिश दी जा रही है।

  • थानेदारी मिलने पर पहनी नोटों की माला, डी.जी.पी. ने दिये जांच के आदेश

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    गाजियाबाद: गाजियाबाद के लोनी थाने के एस.ओ. उमेश पांडे को थानेदारी मिलने के बाद कुछ लोगों ने उन्हें नोटों की माला पहनाकर उनका स्वागत किया था। मामला सामने आने के बाद एस.एस.पी. ने जांच के आदेश दिए थे। इस मामले में एस.एस.पी. हरि नारायण सिंह ने कहा कि सी.ओ. को जांच सौंपी गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

    बता दें कि लोनी थाने में शनिवार को नए थानेदार के रूप में उमेश पांडे की तैनाती की गई थी, जब वह पोस्टिंग के बाद थाने का चार्ज लेने थाने पहुंचे तो कुछ लोगों ने उनका स्वागत नोटों की माला से किया।

    लोनी के एस.ओ. उमेश पांडे ने कहा कि कुछ स्थानीय लोग मेरे स्वागत में नोटों की माला लेकर आए थे। जांच में विभाग का पूरा सहयोग करूंगा। फिलहाल थानेदारी मिलने से पहले जांच के घेरे और सुर्खियों में आने वाले उमेश पांडे इलाके में चर्चा का केंद्र बन गए हैं।

    जहां एक तरफ सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ और डी.जी.पी. ओ.पी. सिंह बेहतर पुलिसिंग व्यवस्था को लेकर जी-तोड़ मेहनत कर रहे हैं, वहीं मतहत अधिकारी नोटों की माला पहनकर अपनी शोभा बढ़ा रहे हैं।

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  • वैलेंटाइन्स डे का जोर : फ्लर्ट फिलिक होते किशोर

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    वैलेंटाइन्स डे :  किशोर मनचली मनोदशा पर विशेष

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    किशोर मनचली मनोदशा  

    इन दिनों युवा व किशोर किशोरियों में बढ़ती मनचले.मन की मनोदशा ने सभी का ध्यान आकर्षित किया है। रोड.रोमियों या मनचले या अन्य उपनामों से जाना जाने वाला यह शब्द एक मनोसामाजिक मुद्दा बनकर उभर चुका है। मनदर्शन मिशन व किशोर मनोस्वास्थ्य क्लीनिक के संयुक्त तत्वाधान में महीने तक किए गए निदानात्मक शोध में मनचली मनोवृत्ति और फ़्लर्ट फिलिया जो कि इम्पल्स कंट्रोल डिसआर्डर का ही एक रूप हैएके बीच प्रबल धनात्मक सहसंबंध पाया गया है।

    ऐसे किशोर व युवाओं ने अपनी इम्पल्स या रूग्ण.मनोवेग को नियंत्रित कर पाने की क्षमता में भारी कमी की स्वीकारोक्ति के साथ ही दोस्तों की मौजूदगी में मनोवेग के ताकतवर होने को भी स्वीकार किया। इस प्रकार दोस्तों की संगति मनचले व्यवहार के उत्प्रेरक के रूप में प्रभावी दिखी।

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    वैलेंटाइन्स डे

    साथ ही वैलेंटाइन्स डे के विकृत रूप को ही किशोर व युवाओ द्वारा रोमांटिक लव पार्टनर की नई खोज के रूप ने मनोउत्प्रेरक का काम करना शुरू दिया जो कि वैलेंटाइन्स वीक से शुरू होकर वर्ष भर छद्म प्रेमी युगल बनने और बनाने की मनचली मनोदशा से आशक्त हो जाता है। दुष्प्रभाव रूजिला चिकित्सालय के किशोर मनोपरामर्शदाता डा० आलोक मनदर्शन के अनुसार किशोर व किशोरियो का यह मनचला व्यवहार धीरे.धीरे एक मादक खिचाव का रूप ले लेता है जिसका एक्टिव रूप रोड.रोमिओ या मनचले व्यवहार के रूप में तथा पैसिव रूप सोशल मीडिया की मनचली चैटिंग के रूप में दिखाई पड़ती है।

    मनचले व्यवहार के किशोर व युवा आगे चलकर कम्पल्सिव.इम्पलसिव डिसआर्डर के शिकार हो जाते हैए नतीजन उनमें एकांकीपनए आत्मविश्वास में कमीए आक्रोशित व्यवहार व अवसाद या उनमाद जैसी रूग्ण मनोदशा इस प्रकार हावी हो जाती है कि पढ़ाई व अन्य सकारात्मक कार्यों से उबनए अनिद्रा व अल्पनिद्राए सर दर्द व चिड़चिड़ापनए जेन्डर आधारित हिंसा व दुर्घटनाए मनोसेक्स विकृति व नशाखोरी की सम्भावना प्रबल हो जाती है। ऐसे किशोर किशोरियो की अन्तर्दृष्टि जागरूकता के माध्यम से उनमें रूग्ण. मनोवेग की पहचान करने तथा कम्पलसिव व्यवहार को रोकने की चेतना विकसित की जाती है।

    वैलेंटाइन्स डे

    बुरी संगति से दूर रहने तथा सोशल मीडिया पर अपने इम्पलसिव व्यवहार पर संयम रखने का अभ्यास सकारात्मक परिणाम देता है। अभिभावक भी रोल माडलिंग करते हुए मैत्रीपूर्ण व सजग व्यवहार रखें। रचनात्मकए मनोरंजक व स्पोर्टिंग गतिविधियों को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। जरूरत पड़ने पर मनोपरामर्श भी कागनिटिव थिरैपी बहुत ही कारगर है। शोध टीम के अन्य सदस्यों में बालकिशन निषादए अरशद रिजबी व अनित दास प्रमुख रहे।

  • सीएम योगी 20 लाख युवाओं को देंगे नौकरी और स्वरोजगार

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    लखनऊ. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि उनकी सरकार ने वित्तीय अनुशासन बनाए रखते हुए किसानों, नौजवानों, महिलाओं और गांवों को ध्यान में रखकर समग्र विकास की दृष्टि वाला बजट पेश किया है. बजट में इन्फ्रास्ट्रक्चर विकास व किसान को ध्यान में रखा गया है.

    सरकार तीन साल में 20 लाख युवाओं को नौकरी और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराएगी. मुख्यमंत्री ने बजट के बाद तिलक हॉल में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि यह यूपी का अब तक का सबसे बड़ा बजट है. 2017-18 का बजट 384659.71 करोड़ का था. 2018-19 में 428384.52 करोड़ रुपये का बजट पेश किया गया है. यह चालू वित्तीय वर्ष की तुलना में 11.4 प्रतिशत ज्यादा है.

    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने विकासपरक बजट प्रस्तुत करने के साथ-साथ वित्तीय अनुशासन को ध्यान में रखा है. बजट में राजस्व बचत है, राजकोषीय घाटा 3 प्रतिशत के अंदर तथा ऋण ग्रस्तता 30.5 प्रतिशत से कम है, जो राजकोषीय उत्तरदायित्व एवं बजट प्रबंध अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार है.

    उन्होंने कहा कि सरकार ने इन्फ्रास्ट्रक्चर पर पूरा फोकस किया है. बिजली के लिए 19,883 करोड़ रुपये दिए हैं जो चालू वित्त वर्ष से 54 प्रतिशत, लोक निर्माण विभाग की सड़कों व पुलों के लिए 17,615 करोड़ दिए हैं जो 22 प्रतिशत अधिक है. सिंचाई, बाढ़ नियंत्रण, जल निकासी तथा मरम्मत के लिए लंबित सिंचाई परियोजनाओं के लिए 10938 करोड़ रुपये दिए गए हैं, जो 54 प्रतिशत ज्यादा है.

    मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को नौकरियों के साथ रोजगार के भरपूर अवसर मिलेंगे. बड़ी संख्या में ऐसे युवा हैं जो नौकरी की जगह स्वरोजगार को प्राथमिकता देते हैं. इसे देखते हुए सरकार ने स्टार्ट-अप के लिए 250 करोड़ व वन डिस्ट्रिक्ट-वन प्रोडक्ट के लिए 250 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है. इससे हर जिले में रोजगार के अवसर पैदा होंगे. इसके अलावा इन्वेस्टर्स समिट में बड़े निवेश होंगे.  इससे नौकरियों के बड़े अवसर पैदा होंगे.

    समिट में होने वाले एमओयू व उनके बेहतर क्रियान्वयन से बड़े बदलाव आएंगे. यूपी को बीमारू प्रदेश की पहचान से मुक्ति मिलेगी. प्रदेश स्वस्थ व समृद्ध बनेगा. सरकार ने 1.37 लाख शिक्षकों, 1.62 लाख पुलिस कर्मियों की भर्ती की योजना बनाई है. पहले चरण में दोनों भर्तियां चल रही हैं. इसके अलावा राज्य लोक सेवा आयोग, अधीनस्थ सेवा चयन आयोग और माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड भर्तियां लाने वाले हैं.

     

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  • लोकसभा उपचुनाव : गोरखपुर और फूलपुर के कांग्रेस प्रत्याशी घोषित

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    कांग्रेस ने गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा सीटों पर उपचुनाव के लिए आज अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी।उत्तर प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता वीरेंद्र मदान ने बताया कि पार्टी ने डॉक्टर सुरहिता करीम को गोरखपुर और मनीष मिश्रा को फूलपुर लोकसभा सीट पर उपचुनाव के लिए प्रत्याशी बनाया है।

     सुरहिता जानी मानीं स्त्री रोग विशेषज्ञ और सामाजिक कार्यकर्ता हैं। उन्होंने वर्ष 2012 में गोरखपुर के महापौर पद का चुनाव भी लड़ा था, जिसमें वह दूसरे स्थान पर रही थीं।
    गौरतलब है कि योगी आदित्यनाथ के उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनने के बाद उनके इस सीट से इस्तीफा देने की वजह से गोरखपुर लोक सभा सीट खाली हुई है। वहीं, फूलपुर सीट केशव प्रसाद मौर्य के उपमुख्यमंत्री पद संभालने के बाद रिक्त हुई।
    इन दोनों सीटों पर उपचुनाव के तहत 11 मार्च को वोट डाले जाएंगे।  कांग्रेस के अलावा अभी किसी भी अन्य दल ने इन सीटों पर उपचुनाव के लिए अपने उम्मीदवार घोषित नहीं किये हैं।

  • नौकरी नहीं करने वाले युवाओं को सीएम योगी ने दी बड़ी सौगात

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    लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने आज विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2018-19 के लिये चार लाख 28 हजार 384 करोड़ 52 लाख रुपये का बजट पेश किया। यह पिछले वित्तीय वर्ष के बजट के सापेक्ष 11.4 प्रतिशत ज्यादा है। वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने बजट में 14 हजार 341 करोड़ 89 लाख रुपये की नयी योजनाओं के प्रस्ताव किए हैं। यह उनका दूसरा बजट है। बजट प्रस्तावों में राजकोषीय घाटा 44 हजार 53 करोड़ 32 लाख रुपये और अंतिम शेष एक हजार 284 करोड़ 23 लाख होना अनुमानित है। 

    अग्रवाल ने बजट भाषण की शुरूआत श्रीराम और श्रीकृष्ण को प्रणाम करते हुए की और राज्य सरकार की उपलब्धियां गिनायीं। पिछली सरकारों की आलोचना करते हुए उन्होंने उन पर व्यर्थ कार्यों पर धन खर्च करके खजाना लगभग खाली करने और राज्य को विषम वित्तीय स्थिति में फंसाने का अरोप लगाया। इसी संदर्भ में उन्होंने यह शेयर- ‘‘साहिल से मुस्कुरा कर तमाशा ना देखिये, हमने यह खस्ता नाव तो विरासत में पायी है’’ पढ़ कर विपक्ष पर कटाक्ष किया। अग्रवाल ने कहा कि मौजूदा सरकार राज्य के सर्वांगीण विकास के लिये संकल्पबद्ध है।
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    उत्तर प्रदेश बजट 2018-19: बजट की मुख्य बातें :

    + प्रस्तुत बजट का आकार 4,28,384.52 करोड़ रुपये जो 2017-2018 के बजट के सापेक्ष 11.4 प्रतिशत अधिक है।
     
    + बजट में 14,341.89 करोड़ रुपये की नई योजनायें। 
     
    + वर्ष 2018-19 में खाद्यान्न उत्पादन का लक्ष्य 581.60 लाख टन तथा तिलहन उत्पादन का लक्ष्य 11.28 लाख टन निर्धारित। 
     
    + बुन्देलखण्ड क्षेत्र में खेत-तालाब योजना के तहत आगामी वर्ष में पांच हजार तालाबों के निर्माण का लक्ष्य। सोलर फोटो वोल्टाइक इरीगेशन पम्पों की स्थापना के लिये 131 करोड़ रूपये की व्यवस्था प्रस्तावित।
     
    + ‘‘स्प्रिंकलर सिंचाई योजना’’ के अन्तर्गत किसानों को सब्सिडी के लिए 24 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित।
     
    + शरदकालीन गन्ना बुवाई हेतु एक लाख 65 हजार हेक्टेयर का लक्ष्य रखा गया है। 80 लाख कुंतल उन्नतिशील गन्ना बीज गन्ना कृषकों को उपलब्ध कराया जाएगा। ।
     
    + मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण मिशन के क्रियान्वयन हेतु 42 करोड़ 49 लाख रुपये की व्यवस्था।
     
    + उर्वरकों के अग्रिम भण्डारण की योजना हेतु 100 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों के कम्प्यूटरीकरण हेतु 31 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + किसानों को कम ब्याज दर पर फसली ऋण उपलब्ध कराने हेतु सब्सिडी योजना के तहत 200 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + पंडित दीन दयाल उपाध्याय लघु डेयरी योजना के लिये 75 करोड़ रुपये।
     
    + विकास खण्डों में पंडित दीन दयाल उपाध्याय पशु आरोग्य मेले के आयोजन हेतु 15 करोड़ रुपये।
     
    + राष्ट्रीय पशु स्वास्थ्य तथा रोग नियंत्रण कार्यक्रम हेतु 100 करोड़ रुपये।
     
    + डेयरी विकास फण्ड की स्थापना के लिये 15 करोड़ रुपये।
     
    + देशी नस्ल की गायों के माध्यम से सर्वाधिक गौ दुग्ध उत्पादन करने वाले दुग्ध उत्पादकों को प्रोत्साहित करने हेतु नई ’’नन्द बाबा पुरस्कार योजना’’ हेतु 52 लाख रूपये और ’’गोकुल पुरस्कार’’ हेतु 54 लाख रुपये।
     
    + मछुआरों के कल्याण के लिये मत्स्य पालक कल्याण फण्ड की स्थापना हेतु 25 करोड़ रुपये।
     
    + प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) हेतु वर्ष 2018-19 के बजट में 11 हजार 500 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित। शहरी क्षेत्र के लिए 2217 करोड रूपये का प्रावधान। स्मार्ट सिटी मिशन के लिए 1650 करोड रूपये।
     
    + राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अन्तर्गत लगभग एक हजार 40 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + श्यामा प्रसाद रुर्बन मिशन हेतु 214 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + 2018-19 में राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम हेतु एक हजार 500 करोड़ रुपये और राज्य ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम के लिये 120 करोड़ रुपये।
     
    + मुख्यमंत्री आवास योजना हेतु 200 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) योजना के लिये वर्ष 2018-19 में 5,000 करोड़ रुपये की व्यवस्था। शहरी क्षेत्र के लिए 1100 करोड रूपये का प्रावधान।
     
    + ग्रामीण क्षेत्रों में श्मशान एवं अन्य सभी मत, पंथ एवं मजहब स्थलों के विकास हेतु 100 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + निः शुल्क बोरिंग योजना के लिये 36 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + औद्योगिक निवेश नीति-2012 के लिये 600 करोड़ रुपये तथा नई औद्योगिक नीति हेतु 500 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था।
     
    + बुन्देलखण्ड एक्सप्रेस-वे परियोजना के प्रारम्भिक कार्य हेतु बजट में 650 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे परियोजना के प्रारम्भिक कार्यों हेतु बजट में 550 करोड़ रुपये का आवंटन। पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के निर्माण हेतु एक हजार करोड़ रुपये तथा आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे निर्माण हेतु 500 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था।
     
    + एक जनपद एक उत्पाद योजना को क्रियान्वित किये जाने हेतु 250 करोड़ रुपये की व्यवस्था। ।
     
    + मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना हेतु 100 करोड़ रुपये की व्यवस्था।
     
    + उत्तर प्रदेश हैण्डलूम, पावरलूम, सिल्क, टेक्सटाइल्स एण्ड गारमेंटिंग नीति-2017 हेतु 50 करोड़ रुपये की व्यवस्था। ।
     
    + पावरलूम बुनकरों को रियायती दरों पर बिजली देने के लिये 150 करोड़ रुपये।
     
    + स्टार्ट-अप फण्ड की स्थापना के लिये 250 करोड़ रुपये।
     
    + ग्रामीण क्षेत्रों में 100 नये आयुर्वेदिक चिकित्सालयों की स्थापना का लक्ष्य।
     
    + प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना के लिये 291 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था।
     
    + एसजीपीजीआई में रोबोटिक सर्जरी को प्रारम्भ किया जाना प्रस्तावित। केजीएमयू में आर्गन ट्रान्सप्लान्ट यूनिट स्थापित किये जाने का लक्ष्य। ।
     
    + डा0 राम मनोहर लोहिया इन्स्टीयूट आफ मेडिकल साइंसेज के नवीन कैम्पस में 500 शैय्यायुक्त सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, पैरामेडिकल एवं नर्सिंग कालेज का निर्माण कराया जायेगा।
     
    + रबी खरीद मौसम में 50 लाख मीट्रिक टन गूहं खरीद का लक्ष्य।
     
    + प्रदेश में सड़कों के निर्माण कार्यों हेतु 11 हजार 343 करोड़ रुपये आवंटित।
     
    + पुल निर्माण के लिये एक हजार 817 करोड़ रुपये का व्यय प्रस्तावित।
     
    + मार्गों के नवीनीकरण, अनुरक्षण एवं मरम्मत कार्य के लिए तीन हजार 324 करोड़ रुपये की बजट व्यवस्था।
     
    + विशेष क्षेत्र कार्यक्रम के अन्तर्गत पूर्वांचल की विशेष परियोजनाओं हेतु 300 करोड़ रुपये तथा बुन्देलखण्ड की विशेष योजनाओं के लिये 200 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित। ।
     
    + ऊर्जा क्षेत्र की योजनाओं हेतु वर्ष 2018-2019 में 29 हजार 883 करोड़ रुपये प्रस्तावित।
     
    + ‘‘सौर ऊर्जा नीति-2017’’ में निजी सहभागिता से 2022 तक कुल 10 हजार 700 मेगावाट क्षमता की सौर विद्युत परियोजनाओं का लक्ष्य।
     
    + दिल्ली, गाजियाबाद, मेरठ कारिडोर रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम परियोजना हेतु 250 करोड़ रुपये।
     
    + प्रदेश में मेट्रो परियोजनाओं के लिए 500 करोड़ रुपये।
     
    + लखनऊ सहित प्रदेश के समस्त विकास प्राधिकरणों के विकास क्षेत्र तथा नगर क्षेत्र में अवस्थापना सुविधाओं के विकास के नए कार्यों हेतु 300 करोड़ रुपये।
     
    + कुम्भ मेला 2019 हेतु बजट में एक हजार 500 करोड़ रुपये प्रस्तावित। 
     
    + सामान्य वर्ग एवं अनुसूचित जातियों के कल्याण एवं विकास की योजनाओं के लिए लगभग सात हजार 858 करोड़ रुपये प्रस्तावित।
     
    + प्रदेश में अल्पसंख्यकों के विकास एवं कल्याण की योजनाओं के लिए दो हजार 757 करोड़ रुपये की व्यवस्था प्रस्तावित।

  • दिल्ली से सटे इस शहर में सड़कों पर नहीं होगी कार पार्किंग, HC ने दिया अहम निर्देश

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    नोएडा । इलाहाबाद ने नोएडा प्राधिकरण को निर्देश दिया है कि सड़क पर वाहनों की पार्किंग पर रोक लगाई जाए। साथ ही हर सेक्टर में फ्लैट के निवासियों के लिए वाहन पार्किंग की व्यवस्था की जाए। कोर्ट ने नोएडा प्राधिकरण को भवन निर्माण नियमावली में जरूरी बदलाव की कार्रवाई भी करने के लिए कहा है। यह आदेश मुख्य न्यायाधीश डीबी भोंसले व न्यायमूर्ति सुनीत कुमार की खंडपीठ ने श्रीकांत वैद्य की जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए दिया है। अब इस मामले में अगली सुनवाई पांच मार्च को होगी।

    बता दें कि अभी तक भवन का क्षेत्रफल वर्गमीटर के हिसाब से होने और बिल्डरों को पार्किंग व्यवस्था करने पर नक्शा पास होता रहा है। इस पर इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कहा कि बहुमंजिले अपार्टमेंट में फ्लैट की संख्या के अनुपात में वाहन पार्किंग कम दी जा रही है। इस कारण लोग सड़क पर गाड़ियां रखने को मजबूर हैं।

    नौकरी नहीं करने वाले युवाओं को सीएम योगी ने दी बड़ी सौगात

    कोर्ट ने प्राधिकरण से कहा कि मुख्य टाउन प्लानर बिल्डरों के अनुसार नहीं, बल्कि आम लोगों के हित में वास्तविक स्थिति के अनुसार निर्णय लें, जिससे कि प्रत्येक भवन के निवासियों के लिए वाहन पार्किंग हो सके।

    नोएडा प्राधिकरण के अधिवक्ता शिवम यादव ने कोर्ट को बताया कि सबसे व्यस्त एरिया अट्टा मार्केट सेक्टर 18 है, जिसमें 3150 कार की पार्किंग व्यवस्था चालू हो गई है। सभी सेक्टरों में पार्किंग स्लॉट चिह्न्ति कर पार्किंग व्यवस्था की जा रही है।

    मेरठ में किया गया सेटेलाइट फोन का प्रयोग, पुलिस ने शुरू की पड़ताल

    वहीं, बताया कि सेक्टर 30 मेट्रो जंक्शन में 1700 कार, सेक्टर 95 में 225 कार खड़ी करने की व्यवस्था शीघ्र हो जाएगी। नोएडा में कुल 184 सेक्टर हैं, सभी में पार्किंग व्यवस्था होगी, जिनमें से 17 सेक्टर रिहायशी, 32 सेक्टर ग्रुप हाउसिंग व रिहायशी हैं, 41 सेक्टरों में ग्रुप व व्यक्तिगत भवन, 44 औद्योगिक, 20 शैक्षिक, चार व्यावसायिक, 19 संस्थागत व तीन ट्रांसपोर्ट नगर के सेक्टर हैं।

    अब इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नोएडा अथॉरिटी को सड़क पर वाहन पार्किंग पर रोक लगाने और हर एक सेक्टर में फ्लैट में रह रहे लोगों के वाहनों के हिसाब से पार्किंग व्यवस्था करने का निर्देश दिया है। साथ ही कोर्ट ने नोएडा अथॉरिटी को बिल्डिंग रेग्युलेशन में जरूरी बदलाव को भी कहा है।

    सड़कों पर गाड़ियां पार्क किये जाने की व्यवस्था पर सख्त नाराज़गी जताते हुए कोर्ट ने कहा है कि अब कोई भी वाहन सड़क पर पार्क न होने पाए।

  • योगी राज में बिरयानी पर प्रतिबंध, बंद हुई वाहिद बिरयानी

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    थाना आशियाना; थानेदार ने कहा शिकायत मिली थी, मंदिर से 20 मीटर दूर है दुकान

    लखनऊ। राजधानी के प्रेस क्लब में सोमवार को मशहूर वाहिद बिरयानी के संचालक आबिद अली कुरैशी ने पुलिस उत्पीडन को लेकर प्रेस वार्ता का आयोजन किया। ताज महोत्सव में जाने से पहले मीडिया को मामले की जानकारी देने की बात करते हुए कहा कि थाना आशियाना अंतर्गत बंगला बाजार में उनकी शाखा को थानाध्यक्ष ने गैर कानूनी रूप से बंद करवा रखा है जिससे 70 साल पुरानी वाहिद बिरयानी का जायका चखने से क्षेत्रवासी महरूम हो रहे हैं। सन 1955 में वाहिद बिरयानी की स्थापना होने की बात बतातें हुए श्री कुरैशी ने कहा कि गत मंगलवार को थानाध्यक्ष आशियाना बंगला बाजार स्थित दुकान पर पहुंचे और तत्काल दुकान बंद करवा दी।

    मेरे बहुत पूछने पर भी सही कारण नहीं बताया और कहा कि यहां अब दुबारा दुकान खुलनी नहीं चाहिए। उन्होंने बताया कि गुणवत्ता और प्रतिबद्धता के लिए पूरी दुनिया में वाहिद बिरयानी जानी जाती हैं तथा इसकी पहचान मुगलई कुजीन के रूप में विश्व विख्यात है। देश दुनिया के लोग लखनऊ आ कर वाहिद बिरयानी का स्वाद उठाते हैं और हमें आईएसओ सर्टिफिकेट भी प्राप्त है।

    योगी राज में मुसलमान होने के नाते उत्पीड़ित होने की बात कहते हुए आबिद अली ने कहा कि हमारी दुकान पर बड़े सलीके से भोजन परोसा और पैक किया जाता है और किसी भी प्रकार का नशा इत्यादि नहीं करने दिया जाता है एवं वाहिद बिरयानी को लेकर किसी ने भी शिकायत दर्ज नहीं की है फिर भी थानेदार दुकान खुलने नहीं दे रहे हैं। मैं पूरी दुनिया में उत्तर प्रदेश का नाम फैला रहा हूं और मेरे जन्म स्थान पर ही मुझे काम नहीं करने दिया जा रहा है।

    उन्होंने कहा कि योगी सरकार बनते ही कुछ लोग मुझ पर दुकान बंद करने का दबाव बना रहे थे परंतु तब आस पास के लोगों ने लिख कर दिया तब वे लोग शांत हो गए थे। श्री कुरैशी ने पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि थानेदार ने पास में मंदिर होने की बात करते हुए मेरी दुकान बंद करवा दी है जबकि पिछले आठ सालों से किसी ने कोई भी शिकायत नहीं की है और यदि किसी कानून में मंदिर के पास नानवेज की दुकान चलाना अवैध है या मंदिर के पास और दुकानें नहीं चल रही है तो मैं स्वेच्छा से अपनी दुकान बंद कर लूंगा।

    उन्होंने कहा कि थानाध्यक्ष ने कहा कि मैं मांसाहार नहीं करता हूं इसलिए मेरे क्षेत्र में नानवेज की दुकान नहीं चल सकती है। श्री कुरैशी ने कहा कि उनकी दुकान सेल्स टैक्स से लेकर सभी तरह के टैक्स देती है और बंगला बाजार दुकान का भी मालिक मकान से बकायदा एग्रीमेंट करवा रखा है। मामला ना सुलझ पाने पर केंद्रीय मंत्रियों और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से शिकायत करने की बात करते हुए आबिद अली कुरैशी ने कहा कि वाहिद बिरयानी को देश विदेश में तमाम पुरस्कारों और सम्मानों से नवाजा गया है बड़े बड़े आला हजरात हमें सर पर बैठाते हैं और यूपी में ये हालत है कि हमारे साथ अपराधियों जैसा सलूक किया जा रहा है।

    थानाध्यक्ष आशियाना त्रिलोकी सिंह ने बताया कि क्षेत्रीय लोगों ने बंगला बाजार स्थित वाहिद बिरयानी दुकान की शिकायत मुझसे तथा आला अधिकारियों से करते हुए कहा था कि ये दुकान मंदिर से महज़ 20-25 मीटर की दूरी पर है जिसे बंद करवा देना चाहिए। श्री सिंह ने कहा कि सरकारी आदेशानुसार धार्मिक स्थल से 100 मीटर के दायरे में नशे या नानवेज की दुकान नहीं होनी चाहिए इसलिए वाहिद बिरयानी की दुकान को बंद करवा दिया गया है।

  • लोकसभा उपचुनाव की घोषणा : अखिलेश ने खेला ये बड़ा दांव

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    लखनऊः भारत का सबसे बड़ा सूबा उत्तर प्रदेश है तकरीबन सारी राजनीति वहीं से शुरू होती है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश की 2 लोकसभा सीटों गोरखपुर और फूलपूर में उपचुनाव की घोषणा कर दी गई है। इस घोषणा के बाद से राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। सभी की नजरें इस उपचुनाव पर टिकी हुई है।

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    सपा ने कसी अपनी कमर 
    जिसके चलते समाजवादी पार्टी ने भी अपनी कमर कस ली है। सपा के वरिष्ठ नेता इन दिनों जिले में डेरा डाले हुए हैं और मतदाताओं की नब्ज टटोलने का काम कर रहे हैं। इस उपचुनाव में समाजवादी पार्टी ने प्रचार करने वाले नेताओं की पूरी फ़ौज खड़ी कर दी है मगर इस सपा के स्टार प्रचारकों की सूची में एक ऐसा भी नाम है जो शायद सभी को हैरान कर देगा।

    अखिलेश-डिंपल की जोड़ी को किया जाता है पसंद
    बता दें कि यूपी विधानसभा चुनाव में सपा के अध्यक्ष अखिलेश यादव और उनकी पत्नी डिंपल की लोकप्रियता काफी ज्यादा देखने को मिली थी। दोनों की जनसभाओं में अपार जनसमूह देखने को मिलता था। शायद यही कारण है कि फूलपुर उपचुनाव में स्टार प्रचारकों की सूची में इन दोनों का नाम सबसे ऊपर है।

    स्टार प्रचारक की सूची में भैया-भाभी सबसे आगे
    उपचुनाव के लिए स्टार प्रचारक की सूची में सपा समर्थकों के भैया-भाभी का नाम सबसे आगे है। इलाहाबाद के फूलपुर लोकसभा सीट को हासिल करने में हर दल ने अपनी तैयारी शुरू कर दी है। सपा जिलाध्यक्ष कृष्णमूर्ति यादव ने बताया कि फूलपुर लोकसभा उपचुनाव में सपा प्रत्याशी के प्रचार के लिए अखिलेश यादव, सांसद डिंपल यादव, प्रोफेसर रामगोपाल यादव, सांसद धर्मेंद्र यादव, प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम समेत दो दर्जन नेता फूलपुर आएंगे। सपा की स्टार प्रचारकों की सूची देखकर लगता है कि ऐसे में पार्टी की जनसभाओं में भारी भीड़ उमड़ेगी।

    फूलपुर लोकसभा सीट पर सपा ने 4 बार विजय हासिल की
    गौरतलब है कि सपा ने फूलपुर लोकसभा सीट पर 4 बार यहां विजय हासिल की है। इसे देखते हुए सपा अपनी जीत को दोहराने के लिए गणित सेट करने में लगी हुई है। समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं को उम्मीद है कि जल्द ही पार्टी इस उपचुनाव के लिए प्रत्याशी को मैदान में उतारेगी।

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  • योगी आदित्यनाथ सरकार का लक्ष्य लैपटॉप की जगह युवाओं को रोजगार

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    लखनऊ । प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने अपने पहले पूर्ण बजट में किसान के साथ युवा को लाभ देने की योजना बना ली है। इस सरकार का मुख्य लक्ष्य प्रदेश के युवा को लैपटॉप के स्थान पर रोजगार देने का है।

    योगी आदित्यनाथ सरकार के बजट में साफ है कि लैपटॉप की जगह चार लाख युवाओं को पहले रोजगार देगी। जिससे प्रदेश में बेरोजगारी कम होगी। माना जा रहा है कि यह अब तक का सबसे बड़ा बजट हो सकता है। प्रदेश के विधानसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने संकल्प पत्र में वादा किया था कि उनकी सरकार आने के बाद प्रदेश के इंटर पास छात्रों को मुफ्त लैपटॉप और एक जीबी इंटरनेट कनेक्शन दिया जाएगा। योगी सरकार के बजट में मंशा साफ है कि वो लैपटॉप की जगह चार लाख युवाओं को पहले रोजगार देगी।

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    जिससे कि प्रदेश में बेरोजगारी कम होगी। उत्तर प्रदेश में लैपटॉप योजना साल 2012 से राजनीति का बड़ा विषय रही है. तब सपा की बड़ी जीत के पीछे इस योजना को बताया गया था। योगी आदित्यनाथ सरकार का फोकस युवा के साथ गांव, किसान व व्यापारी पर ही होगा। रोजगार सृजन के लिए अधिक से अधिक अवसर कैसे पैदा हों इस पर फोकस होगा।

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    इसके अलावा माना जा रहा है कि साथ ही साथ स्टार्टअप पर जोर होगा। इसी कारण सरकार इस बार खासकर युवाओं को तवज्जो देने की दिशा में कदम बढ़ा सकती है। बजट में इस बार लड़कियों के लिए एक खास तोहफा हो सकता है। कन्या विद्या धन योजना और मुख्यमंत्री बालिका शिक्षा प्रोत्साहन योजना सरकार शुरू कर सकती है।