Category: state-news

  • डेनमार्क का पहला निवेश पंजाब में

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    चंडीगढ़ । डेनमार्क की पैकेजिंग कंपनी हार्टमैन ने मोहन फाइबर्स को 125 करोड़ रूपए के शुरूआती निवेश के साथ अधिग्रहण करके पंजाब में निवेश किया है। अर्नेस्टो, अध्यक्ष साऊथ अमेरिका एंड एशिया हार्टमैन ग्रुप ने पंजाब की मुख्य सचिव श्रीमती विनी महाजन के साथ भेंट की। अर्नेस्टो ने बताया कि उन्होंने पंजाब में निवेश के अनुकूल माहौल को देखते हुए पंजाब में मोहन फाइबर्स के मौजूदा प्लांट को खरीदा है और उन्होंने राज्य में अपनी मौजूदगी का विस्तार करने के लिए अपनी भविष्य की निवेश योजनाओं को भी साझा किया। उन्होंने कहा कि कंपनी राज्य में फलों और सब्जीयों की पैकिंग के बाजार की संभावनाएं भी तलाशने की योजना बना रही है। मुख्य सचिव ने उन्हें आश्वासन दिया कि कंपनी को राज्य सरकार और इन्वेस्ट पंजाब की ओर से पूरा सहयोग प्रदान किया जाएगा।

    डेनमार्क में 1917 में स्थापित हुई यह हार्टमैन कंपनी मोल्डेड फाइबर ऐग पैकेजिंग की दुनिया की सबसे अग्रणी कंपनी है जहां लगभग 2200 कर्मचारी काम करते हैं। यह कंपनी सानोवो ग्रीन पैक के नाम से दक्षिण अमेरिका में फलों की पैकेजिंग की अग्रणी निर्माता कंपनी भी है और यह मोल्डेड फाइबर पैकेजिंग का उत्पादन करने के लिए तकनीक निर्माण में दुनिया की सबसे बड़ी कंपनी है। यह यूरोप, दक्षिण अमेरिका और उत्तरी अमेरिका जैसे प्रमुख बाजारों सहित दुनिया भर के बाजारों में मोल्डेड फाइबर पैकेजिंग की बिक्री करती है। हार्टमैन की मोल्डेड फाइबर ऐग पैकेजिंग औद्योगिक खाद संयंत्रों में खाद बनाने के लिए भी प्रमाणित है। यह एफएससी एमआईएक्स प्रमाणित और कार्बन न्यूट्रल ऐग पैकेजिंग भी उपलब्ध करवाती है।

    मोहाली जिले में स्थित मोहन फाइबर प्रोडक्ट्स लिमिटेड फलों, मुर्गी पालन और फूड सर्विस उद्योग के लिए मोल्डिड फाइबर पैकेजिंग उपलब्ध करवाने वाले में अग्रणी था। डेनमार्क आधारित कंपनी हार्टमैन की तरफ से भारतीय बाजार में प्रवेश करने का यह कूटनीतिक कदम था जिससे अपनी मौजूदा क्षमता का विस्तार करके कंपनी का विकास हो सके और अतिरक्त संभावनाऐं पैदा हो सकें। अपनी योजनाओं से कंपनी खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में वेल्यू चेन को जोड़ेगी जहां पंजाब पहले से ही अग्रणी है। इन्वेस्ट पंजाब सभी नियामक मंजूरियां देने में कंपनी को सुविधा प्रदान करेगा। इन्वेस्ट पंजाब पंजाब प्रदेश सरकार की निवेश प्रोत्साहन एजेंसी है और यह एक ही छत के नीचे सभी प्रकार की नियामक मंजूरियां देने के लिए वन स्टॉप सेंटर है। अपने निरंतर प्रयासों और कड़ी मेहनत से इन्वेस्ट पंजाब ने खुद को भारत के विभिन्न राज्यों की 26 निवेश प्रोत्साहन एजेंसियों में से एक ‘शीर्ष प्रदर्शनकारी’ के रूप में दर्जा हासिल किया है।

    बहुत ही आकर्षक और अधिक संभावनाओं वाले भारतीय बाजार में प्रवेश करने के लिए कई बहुराष्ट्रीय कंपनियां पंजाब से शुरूआत करती हैं। हार्टमैन के पंजाब में आने से डेनमार्क पंजाब में आने वाला 11वां देश बन गया है जहां की कंपनीयों ने पिछले 4 वर्षों में राज्य में निवेश किया है जो राज्य के अनुकूल निवेश माहौल और नीति ढांचे का एक प्रमाण है।

  • सरकार गंभीर आपदा प्रभावितों के विस्थापन को : मुख्यमंत्री

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    देहरादून: आपदा की दृष्टि से संवेदनशील गांवों के प्रभावित परिवारों के विस्थापन को लेकर सरकार गंभीर है। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि इस दिशा में गंभीरता से कदम उठाए जा रहे हैं। इस कड़ी में उत्तरकाशी जिले के अंतर्गत चिन्यालीसौड़ के नजदीकी आपदा प्रभावित कान्सी गांव के करीब डेढ़ दर्जन परिवारों को सुरक्षित स्थान पर विस्थापित किए जाने के आपदा प्रबंधन विभाग के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है।

    मुख्यमंत्री ने पिथौरागढ़, देहरादून व हरिद्वार जिलों में आपदा प्रबंधन से संबंधित कार्यों के लिए नौ करोड़ की धनराशि विभाग को अवमुक्त करने की स्वीकृति भी दी है। पिथौरागढ़ को एक करोड़, देहरादून को तीन करोड़ और हरिद्वार को पांच करोड़ की राशि दी जाएगी। इससे होने वाले कार्यों के लिए राज्य कार्यकारी समिति की बैठक में मंजूरी ली जाएगी। मुख्यमंत्री ने विश्व बैंक सहायतित उत्तराखंड डिजास्टर रिकवरी प्रोजेक्ट के तहत चल रहे कार्यों के लिए भी 50 करोड़ की स्वीकृति दी है। इस प्रोजेक्ट में 50 पुल, पांच नदियों के किनारे सुरक्षा दीवार, यूएसडीएमए भवन, सात ढलानों का स्थिरीकरण और एसडीआरएफ मुख्यालय के भवन निर्माण संबंधी कार्य चल रहे हैं। इसके अलावा प्रोजेक्ट में आपातकालीन व्यवस्थाओं के तहत 140 एंबुलेंस, 1000 फालर बेड, चार सीटी स्कैन मशीनें और लैब सुदृढ़ीकरण के कार्य भी होने हैं।

    61 निर्माण कार्यों को 3.38 करोड़

    मुख्यमंत्री ने अनुसूचित जाति बहुल क्षेत्रों में अवस्थापना सुविधाओं के विकास के मद्देनजर 61 निर्माण कार्यों को 3.38 करोड़ की राशि अवमुक्त करने को मंजूरी दी है। इसके अलावा अल्पसंख्यक कल्याण के तहत 31 निर्माण कार्यों को 1.47 करोड़ की मंजूरी दी गई है। इसमें ऊधमसिंहनगर के 12, नैनीताल के 18 व देहरादून का एक कार्य शामिल है।

    10 लाख का अनुदान स्वीकृत

    मुख्यमंत्री ने समाज कल्याण विभाग के तहत लक्सर तहसील में आंबेडकर वृद्धाश्रम विष्णु विहार कॉलोनी गोरधनपुर रोड के लिए घोषणा मद से 10 लाख की अनुदान राशि मंजूर की है। समाज कल्याण में आनलाइन पेंशन पोर्टल के सुरक्षा आडिट को 66 हजार रुपये मंजूर किए गए हैं।

    करकोटक के पर्यटन विकास को 94 लाख

    नैनीताल जिले के भीमताल में करकोटक चोटी के पर्यटन विकास और सुंदरीकरण के लिए मुख्यमंत्री ने 94.92 लाख की मंजूरी दी है। इसके लिए चालू वित्तीय वर्ष में 50 लाख की राशि अवमुक्त करने के आदेश भी उन्होंने दिए हैं।

    सोमेश्वर क्षेत्र में लगेंगे हैंडपंप

    अल्मोड़ा जिले में सोमेश्वर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत सुनौली में अनुसूचित जाति बस्ती दाडि़मखोला, थापला व बसौली में तीन हैंडपंप के लिए मुख्यमंत्री ने 9.41 लाख रुपये की स्वीकृति दी है। उन्होंने यह राशि शीघ्र जारी करने के निर्देश दिए हैं।

    नौकराग्रांट बुग्गावाला में मिनी स्टेडियम

    ज्वालापुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम नौकरागंाट बुग्गावाला में मिनी स्टेडियम का निर्माण किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने इसके लिए 96.85 लाख के सापेक्ष 40 फीसद राशि यानी 38.74 लाख की वित्तीय स्वीकृति दी है।

    पूर्व विधायक राजेंद्र शाह की लगेगी प्रतिमा

    मुख्यमंत्री की घोषणा के क्रम में पूर्व विधायक स्वर्गीय राजेंद्र शाह की आदमकद प्रतिमा स्थापित करने के लिए 11.96 लाख रुपये की स्वीकृति दी गई है। मुख्यमंत्री ने यह राशि एकमुश्त जारी करने पर सहमति दी है।

     

  • मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित करने की पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने दोहराई मांग

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    देहरादून। पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव हरीश रावत अपने रुख पर कायम हैं। उन्होंने फिर दोहराया प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी को मुख्यमंत्री को चेहरा घोषित करना चाहिए। जवाब में भाजपा को भी स्थानीय स्तर पर चेहरा लाना होगा। जनता तुलना कर फैसला लेगी। चाहे स्थानीय निकाय हों या फिर विधानसभा के चुनाव, हर बार राज्य में चुनाव मोदी बनाम अन्य हो रहे हैं। इसका लाभ हमें नहीं मिलता।

    उत्तराखंड में वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव होने हैं। हरीश रावत चुनाव में पार्टी की ओर से मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित करने पर बार-बार जोर दे रहे हैं। कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव कुछ दिन पहले उत्तराखंड दौरे में दूसरी दफा दोहरा चुके हैं कि चुनाव सामूहिक नेतृत्व में लड़े जाएंगे। उक्त मामले में हरीश रावत के विचार उनकी निजी राय है। पार्टी का इससे कोई लेना-देना नहीं है। ऐसे में प्रभारी की राय से उलट हरीश रावत ने एक बार फिर सार्वजनिक तौर पर अपनी मांग दोहरा दी। उनके इस रुख को पार्टी हाईकमान को दबाव में लाने की रणनीति के तौर पर देखा जाने लगा है।

    अपने आवास पर गुरुवार को मीडिया से बातचीत में हरीश रावत ने कहा कि पार्टी चुनाव में स्थानीय चेहरा लाएगी तो उसकी तुलना भाजपा को भी स्थानीय चेहरा घोषित करना होगा। फिर जनता दोनों की तुलना करेगी। पार्टियों की तुलना भी आ जाएगी। ऐसे में मोदी जी हर राज्य में केवल गेस्ट आर्टिस्ट के रूप में नजर आएंगे और अपनी बात कहकर चले जाएंगे। पार्टी किसी को भी सीएम उम्मीदवार घोषित कर दे। कोई भी नाम होगा उसके पीछे वह खड़ा रहेंगे। कांग्रेस संगठन में गुटबाजी मामले में उन्होंने कहा कि ये मुद्दा नहीं है। घर में कोई खुश ओर कोई नाखुश रहता है। इस पर बहस की जरूरत नहीं है। सब साथी हैं। एकजुट होकर काम किया है। कोई नाखुश है, उसे संभालना पड़ेगा। जहां संभव होगा, वह करेंगे।

    हरीश रावत ने कहा कि वह अपनी बात से हाईकमान को भी अवगत कराएंगे। कुछ दोस्तों की मेहरबानी से चेहरा घोषित करने का मामला आगे बढ़ा। कुछ साथियों ने बात छेड़ी है तो यकीनन बात हाईकमान के सामने जाएगी। जो निर्णय होगा स्वीकार्य होगा। कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव रावत ने कहा कि चेहरा घोषित करने की परंपरा हमारी स्थापित की हुई हैं। फिर ये परंपरा नहीं रही। शीला दीक्षित को चेहरा घोषित किया तो दिल्ली में तीसरे नंबर की पार्टी के रूप में रही कांग्रेस लोकसभा चुनाव में संघर्ष की स्थिति में आ गई। उन्होंने कुछ अजूबा नहीं कहा है। पार्टी में गलती करते हैं तो सुधारा भी जाता है। समझाया जाता है। कांग्रेस व भाजपा में अंतर है। वहां ऊपर से नीचे तय होता है। कांग्रेस में नीचे से बहस होती है। मतभेद भी होते हैं। बाद में हाईकमान निर्णय करता है। इतने साल में रणनीतिक तौर पर सीखा है। इसलिए चेहरा घोषित करने पर जोर दिया है।

     

  • महाराष्ट्र सरकार से SII प्लांट में 5 कामगारों की मौत पर पीड़ितों के परिवारों को मदद देने का राहुल गांधी ने किया आग्रह

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    नई दिल्ली। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने पुणे के सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) में पांच लोगों की मौत पर शोक जताया और महाराष्ट्र सरकार से पीड़ितों के परिवारों को मदद देने का आग्रह किया। राहुल गांधी ने पुणे में ग्लोबल वैक्सीन कंपनी एसआईआई के प्लांट में एक निमार्णाधीन इमारत में आग लगने से बाद कम से पांच लोगों की मौत के बाद संवेदना जताई।

    वायनाड के सांसद ने ट्वीट कर कहा, “सीरम संस्थान में आग की घटना में जानमाल का नुकसान तकलीफदेह और बेहद चिंताजनक है। मृतकों के परिवार के प्रति मेरी संवेदना। मैं राज्य सरकार से पीड़ितों और उनके परिवारों को जरूरी मदद मुहैया कराने का अनुरोध करता हूं।”

    महाराष्ट्र के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे और पुणे के मेयर मुरलीधर मोहोल ने बताया कि इस हादसे में एक महिला सहित पांच लोग आग में झुलसकर मारे गए हैं और उनके शव कूलिंग ऑपरेशन के दौरान पाए गए। अन्य चार लोगों को आग से बचा लिया गया।

    आग एसआईआई इमारत की दो ऊपरी मंजिलों पर भड़की। यह इमारत बीसीजी वैक्सीन प्लांट के लिए तैयार की जा रही थी।

  • पीएम मोदी संबोधित कर रहे है तेजपुर विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह को

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    नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए असम के तेजपुर विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह में हिस्सा ले रहे हैं। इस कार्यक्रम में असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल भी मौजूद हैं।

    तेज़पुर विश्वविद्यालय के 18वें दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, आज 1200 से ज़्यादा छात्रों के लिए जीवन भर याद रहने वाला क्षण है। आज से आपके करियर के साथ तेज़पुर विश्वविद्यालय का नाम हमेशा के लिए जुड़ गया है। आज जितना खुश आप हैं उतना ही खुश मैं भी हूं।

  • राहुल गांधी ने की जांच की मांग कर्नाटक में पत्थर खदान में हुए ब्लास्ट की

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    नई दिल्ली। पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को कर्नाटक की एक खदान में हुए विस्फोट के पीड़ितों के परिवारों के साथ शोक जताया और घटना की जांच की मांग की। केरल के वायनाड से कांग्रेस सांसद ने कहा, कर्नाटक में पत्थर खनन खदान में विस्फोट की खबर दुखद है। पीड़ितों के परिवारों के प्रति संवेदना। इस तरह की घटनाओं की गहराई से जांच होनी चाहिए ताकि भविष्य में इस तरह की त्रासदियों से बचा जा सके।

    उनकी ये टिप्पणी खनन ब्लास्ट में 10 लोगों के मारे जाने के बाद आई।

    गुरुवार की देर रात, शिवमोगा में पत्थर खदान में हुए विस्फोट में कम से कम 10 लोग मारे गए।

    यह घटना शिवमोगा-हंगल राज्य राजमार्ग के साथ स्थित अब्बालगेरे गांव में हुई, जो कि सवलुंगा और शिकारीपुरा से होकर गुजरता है।

    शिकारीपुरा बेंगलुरु से 290 किलोमीटर दूर स्थित है, और ये कर्नाटक के मुख्यमंत्री बी.एस. येदियुरप्पा के निर्वाचन क्षेत्र में आता है।

  • निशुल्क मेगा चिकित्सा जांच शिविर का आयोजन होगा जयपुर पुलिस लाईन में

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    जयपुर। पुलिस कमिश्नरेट, जेएनयू हॉस्पिटल एवं राष्टं्रीय आयुर्वेद संस्थान के संयुक्त तत्वावधान में 23 जनवरी शनिवार को पुलिसकर्मियों एवं उनके परिवारजनों के लिए रिजर्व पुलिस लाईन में सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक निशुल्क मेगा चिकित्सा जांच शिविर का आयोजन किया जाएगा।

    इस शिविर में जेएनयू हॉस्पिटल के चिकित्सक मूत्र रोग, पत्थरी रोग, हड्डी एवं जोड़ प्रत्यारोपण विशेषज्ञ, कान नाक गला रोग, जनरल फिजिशियन, प्रसूति एवं स्त्री रोग, नेत्र रोग, श्वास एवं दमा रोग, दंत रोग, फिजियोथेरेपिस्ट व मनोरोग विशेषज्ञों द्वारा इलाज के लिए उचित परामर्श देंगे।

    शिविर में ब्लड शूगर, ईसीजी, ब्लड प्रेशर, नेत्र एवं फेफडों की जांच कर दवाईयां भी दी जायेंगी।
    जेएनयू हॉस्पिटल में चिकित्सा सर्जरी महाअभियान के तहत भर्ती होकर इलाज करवाने वाले मरीजों के लिए सभी प्रकार की जांचें जैसे एमआरआई, सीटी स्केन, सोनोग्राफी के साथ ही 200 प्रकार की दवाईयां, सामान्य एवं दूरबीन के सभी आपरेशन निशुल्क किये जा रहे है।

    शिविर में राष्ट्रीय आयुर्वेद संस्थान के चिकित्सक पोस्ट कोविड इफेक्ट की जांच कर निशुल्क दवाईयॉ देंगे।

  • 9.72 करोड़ की लागत से राजस्थान की 81 सहकारी समितियों में गोदाम निर्मित होंगे

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    जयपुर । प्रदेश के सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने गुरूवार को बताया कि राज्य की 81 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में 100-100 मीट्रिक टन के गोदाम निर्माण की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इससे उपज के भण्डारण की क्षमता में वृद्धि होगी, वहीं किसानों को समय पर कृषि आदानों की उपलब्धता सुनिष्चित करने में गोदामों का उपयोग हो सकेगा। उन्होंने बताया कि इससे राज्य की भंडारण क्षमता में 8 हजार 100 मीट्रिक टन की वृद्धि होगी।

    आंजना ने बताया कि हमारी प्राथमिकता प्रत्येक ग्राम सेवा सहकारी समिति में गोदाम का निर्माण करना है। उन्होंने बताया कि 25 जिलों में बनने वाले इन गोदामों पर 9.72 करोड़ रूपये व्यय होंगे। उन्होने बताया कि 100 ग्राम सेवा सहकारी समितियों के लिए प्रति समिति 12 लाख रूपये व्यय होंगे।

    प्रमुख शासन सचिव, सहकारिता, कुंजीलाल मीणा ने बताया कि बजट घोषणा वर्ष 2020-21 की क्रियान्वित के क्रम में स्वीकृतिया जारी की गई है। जिन सहकारी समितियों के पास भूमि नहीं है, ऐसी समितियों में भूमि उपलब्ध कराए जाने के लिए जिला प्रषासन के स्तर से प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि जिन समितियों में भूमि उपलब्ध होना संभव नहीं है और विद्यालयों के परिसीमन के कारण खाली हुए विद्यालय भवन उपलब्ध हैं ऐसे भवनों को षिक्षा विभाग की सहमति से गोदाम के रूप में काम में लिया जाएगा। इस संबंध में जिला कलेक्टर को पत्र लिखा गया है।

    रजिस्ट्रार, सहकारिता मुक्तानन्द अग्रवाल ने बताया कि उदयपुर जिले में 15 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में, भीलवाड़ा में 10, जोधपुर में 7, जयपुर व सवाईमाधोपुर में 5-5, चूरू, हनुमानगढ़, नागौर, अजमेर, भरतपुर एवं बीकानेर में 3-3, करौली, जालौर, झुंझुनूं, चितौड़गढ, पाली, बांसवाड़ा एवं दौसा में 2-2 तथा झालावाड़, सीकर, बूंदी, बारां, कोटा, धौलपुर व प्रतापगढ़ जिले में 1-1 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में 100-100 मीट्रिक टन के गोदाम निर्मित होंगे। उन्होंने बताया कि गोदामहीन 81 ग्राम सेवा सहकारी समितियों के कार्यालय एवं गोदाम निर्माण के लिए बजट की स्वीकृति जारी कर दी गई है।

  • उत्तराखंड के खिलाड़ी खेलेंगे आइपीएल में, चयन ट्रायल का निमंत्रण से जगी उम्‍मीद

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    देहरादून : अगर सब कुछ सही रहा तो वह दिन दूर नही जब आइपीएल में उत्तराखंड के युवा बल्लेबाज अपनी चमक बिखेरते नजर आएंगे। दरअसल आइपीएल फ्रेंचाइजी मुंबई इंडियंस द्वारा उत्तराखंड के दो खिलाडिय़ों को चयन ट्रायल का निमंत्रण मिलने के बाद यह उम्मीद जागने लगी है कि जल्द ही उत्तराखंड के खिलाड़ी आइपीएल में खेलते हुए नजर आएंगे।

    बीसीसीआइ के घरेलू सत्र के सैयद मुश्ताक अली टी-20 ट्रॉफी में सभी टीमों के खिलाडिय़ों के प्रदर्शन पर आइपीएल फ्रेंचाइजी टीमों की नजर रही। उत्तराखंड के युवा बल्लेबाज कुनाल चंदेला व ऑलराउंडर दीक्षांशु नेगी ने सैयद मुश्ताक ट्रॉफी में शानदार प्रदर्शन किया। जिसको देखते हुए आइपीएल फ्रेंचाइजी मुंबई इंडियंस ने दोनों खिलाडिय़ों को चयन ट्रायल के लिए बुलाया है। उत्तराखंड के युवा खिलाड़ी ट्रायल देने के लिए मुंबई पहुुंच गए हैं। फिलहाल आइसोलेशन में हैं। गुरुवार से ट्रायल प्रक्रिया में हिस्सा लेंगे। ऐसे में उत्तराखंडवासियों को उम्मीद जागने लगी है कि इस सत्र में उत्तराखंड के खिलाड़ी भी आइपीएल में अपनी चमक बिखेर सकते हैं। इसके पीछे दोनों खिलाडिय़ों का प्रदर्शन भी शामिल है। कुनाल चंदेला पूर्व में दिल्ली टीम से खेलते हुए पूर्व क्रिकेटर गौतम गंभीर के साथ पारी की शुरुआत कर दिल्ली को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभा चुके हैं।

    इस सत्र में उत्तराखंड के लिए भी उन्होंने शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया है। वहीं ऑलराउंड दीक्षांशु नेगी भी केरला प्रीमियर लीग में शानदार प्रदर्शन कर चुके हैं। उन्होंने इस सत्र में उत्तराखंड के लिए भी ऑलराउंड प्रदर्शन कर सभी को प्रभावित किया है। अब इन खिलाडिय़ों से प्रदेशवासियों को कॉफी उम्मीदें बढ़ गई हैं। अब ट्रायल के बाद आइपीएल ऑक्शन पर प्रदेशवासियों की पैनी नजर रहेगी।

     

  • भाजपा, जदयू भड़के,’मैं तेजस्वी यादव बोल रहा हूं डीएम साहब’, वीडियो वायरल

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    पटना। बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव का पटना के जिलाधिकारी के साथ बातचीत का एक वीडियो गुरुवार को वायरल हो रहा है। इसे लेकर जहां भाजपा और जदयू के नेता भड़के हुए हैं, वहीं तेजस्वी ने कहा कि जब एक जनप्रतिनिधि से अधिकारी का बात करने का तरीका ऐसा है, तब आप खुद समझ सकते हैं। दरअसल यह मामला बुधवार की रात का है। नियुक्ति की मांग को लेकर पटना में धरना दे रहे शिक्षक अभ्यर्थियों के बीच राजद नेता तेजस्वी यादव पहुंच गए। इस दौरान, तेजस्वी ने पटना के जिलाधिकारी से बात की। यही वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

    इस वीडियो में साफ सुना जा सकता है कि ‘मैं तेजस्वी यादव बोल रहा हूं डीएम साहब’ , बोलने के बाद अधिकारी का अंदाज बदल गया। संभवत: जिलाधिकारी तेजस्वी की आवाज पहचान नहीं सके।

    वीडियो में तेजस्वी पटना के जिलाधिकारी से मोबाइल पर कहा कि अभ्यर्थियों को गर्दनीबाग में जगह क्यों नहीं दी जा रही है? इनके लोकतांत्रिक अधिकारियों का दमन क्यों किया जा रहा है?

    उल्लेखनीय है कि मंगलवार रात पुलिस ने अभ्यर्थियों को गर्दनीबाग धरना स्थल से हटा दिया था तथा उन्हें धरना स्थल पर बैठने की अनुमति पुलिस और प्रशासन नहीं दे रहे थे। तेजस्वी से बात करने के बाद धरना देने की अनुमति अभ्यर्थियों को मिल गई।

    इस मामले में गुरुवार को जब तेजस्वी यादव से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि, “आपलोग खुद देख सकते हैं। मुख्यमंत्री कहते हैं कि अधिकारियों के नंबर सार्वजनिक किए जा रहे हैं और अधिकारियों के बातचीत करने का अंदाज क्या है?”

    इधर, इस मामले को लेकर भाजपा और जदयू ने तेजस्वी यादव पर निशाना साधा है।

    भाजपा के प्रवक्ता विनोद शर्मा ने कहा है कि, “शिक्षा को लेकर हमारी सरकार गंभीर है। राजद के शासनकाल में बिहार में शिक्षा व्यवस्था को चैपट हो गई थी, आज वे शिक्षा की बात कर रहे हैं।”

    वहीं जदयू प्रवक्ता संजय सिंह ने कहा कि तेजस्वी खुद को उपमुख्यमंत्री ही समझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि वे विपक्ष के नेता हैं।