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  • हिमाचल प्रदेश की पहचान एवं बहुमुल्य संपति वन एवं प्राकृतिक संपदा: बिक्रम ठाकुर

    हिमाचल प्रदेश की पहचान एवं बहुमुल्य संपति वन एवं प्राकृतिक संपदा: बिक्रम ठाकुर

    धर्मशाला। वन एवं प्राकृतिक संपदा हिमाचल प्रदेश की पहचान एवं बहुमुल्य संपति है, अतः इसका संरक्षण एवं संवर्धन हर हिमाचलवासी की जिम्मेदारी है। उद्योग मंत्री बिक्रम ठाकुर सदवां में नेचर पार्क व चलां में वन रक्षक कुटीर के शिलान्यास के अवसर पर बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि हिमाचल के वन, प्रकृति एवं वन्य जीव न केवल भारत में अपितु विश्व में हिमाचल को एक विशेष स्थान दिलाते हैं। उन्होंने कहा कि यहां की प्राकृतिक संपदा के कारण ही लाखों पर्यटक हर वर्ष हिमाचल में आते हैं और हिमाचल वासियों को जीवन यापन के लिए रोजगार के अनेक साधन उपलब्ध कराते हैं।
    उन्होंने कहा कि प्रदेश के कुल भौगोलिक क्षेत्र का लगभग 67 प्रतिशत क्षेत्र वन के अंतर्गत आता है। उन्होंने कहा कि वनों एवं प्रकृति के संवर्धन एवं संरक्षण से ही हिमाचल आय के अच्छे साधन अर्जित कर सकता है। उन्होंने कहा कि इसी कड़ी में प्रदेश सरकार द्वारा वनों के संरक्षण और ईको टूरिजम को बढ़ावा देने के लिए अनेकों योजनाएं प्रारंभ की गई हैं। उन्होंने कहा कि सदवां में बनने वाले नेचर पार्क पर लगभग 25 लाख के करीब व्यय होगा। उन्होंने कहा कि इसे हर आयु वर्ग के लोगों को ध्यान में रखकर बनाया जाएगा। अतः बच्चों के खेलने के लिए, वृद्धों के आराम के लिए एवं युवाओं के व्यायाम के लिए व्यवस्थाएं की जाएंगी। उन्होंने कहा कि इस नेचर पार्क का उद्देश्य लोगों को प्रकृति के ओर पास लाना और प्रकृति से लगाव को बढ़ाना है, जिससे वन संरक्षण एवं संवर्धन के लिए स्थानीय लोगों की भागीदारी सुनिश्चित हो।

    इसके बाद उद्योग मंत्री ने चलां वन क्षेत्र में वन-रक्षक कुटीर का शिलान्यास किया। उन्होंने कहा कि चलां क्षेत्र घने वनों से भरा पड़ा है और हमारी बहुमुल्य वन संपदा इस क्षेत्र में है। उन्होंने कहा कि इस वन क्षेत्र की करीबी से निगरानी हेतु यहां वन-रक्षक कुटीर बनाना अति आवश्यक है। उन्होंने बताया कि लगभग 10 लाख की लागत से बनने वाला यह कुटीर वन-रक्षकों को वनों के समीप आवासीय व्यवस्था सुनिश्चित कराएगा, जिससे वह वनों को ध्यान हर पल रख सकेंगे।
    तत्पश्चात प्रदेश सरकार द्वारा श्रीनिवास रामानुजन स्टुडेंट डिजिटल योजना के अन्तर्गत बिक्रम ठाकुर ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डाडासीबा में जस्वां परागपुर एवं देहरा विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न स्कूलों के मेधावी छात्रों को लैपटॉप वितरित किए।
    उन्होंने बताया कि लगभग 29 लाख रुपए की लागत से डाडासीबा में विद्यार्थियों को यह लैपटॉप वितरित किए जा रहे है। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेश भर में 2017-18 सत्र के दसवीं व जमा दो के 8800 व महाविद्यालयों के 900 मेधावी छात्रों को 29 करोड़ 10 लाख रूपये व्यय करके लैपटॉप दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि स्मार्ट कक्षाओं के माध्यम से 2137 विद्यालयों में इन्फार्मेशन एंड कम्युनिकेशन टेक्नोलॉजी (आईसीटी) प्रयोगशालाएं आरम्भ की गईं हैं। 1800 अन्य स्कूलों में स्मार्ट कक्षाएं आरम्भ करने को स्वीकृति प्रदान की गई है। 873 स्कूलों में व्यवसायिक शिक्षा दी जा रही है। हिमाचल विद्यालय स्तर पर व्यवसायिक शिक्षा प्रदान करने वाला देशभर में दूसरा राज्य है।
    इस अवसर पर उद्योग मंत्री ने लगभग 100 मेधावी छात्र-छात्राओं को लैपटॉप वितरित किये। उद्योग मंत्री ने बच्चों को आने वाली परीक्षाओं के लिए शुभकामनाएं दीं और उज्जवल भविष्य की कामना की। इसके उपरांत उद्योग मंत्री ने डाडासीबा में शिवशक्ति सामुदायिक भवन का शिलान्यास भी किया।
    इसके उपरान्त उद्योग मंत्री ने लोगों की समस्याओं को भी सुना और अधिकांश का मौके पर निपटारा करते हुए शेष को शीघ्र हल करने के आदेश सम्बंधित विभागों को दिए।

    इस अवसर पर पूर्व विधायक परागपुर नवीन धीमान, एसडीएम देहरा धनबीर ठाकुर, डीएफओ आर.के डोगरा, अधिशासी अभियंता जल शक्ति विभाग संदीप चौधरी, अधिशासी अभियंता विद्युत विभाग एएस राणा, जिलाध्यक्ष संजीव शर्मा, मंडलाध्यक्ष विनोद शर्मा, एसीएफ मदन लाल शर्मा, आरओ पवन कुमार, रुपिंदर डैनी, अरुना डोगरा, सुदेश, विरेंदर, उपनिदेशक उच्च शिक्षा गुरदेव, प्रधानाचार्य पवन शर्मा, संजीव शर्मा, कुलविंदर पठानिया, बच्चों के अभिवावक, मेधावी छात्र छात्राएं व स्थानीय लोग उपस्थित रहे।

  • जल शक्ति मिशन – उचित नहीं केन्द्र एवं राज्य का बराबरी का अनुपात

    जल शक्ति मिशन – उचित नहीं केन्द्र एवं राज्य का बराबरी का अनुपात

    जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने केन्द्र से आग्रह किया है कि वह राजस्थान में जल की कमी तथा बड़े रेगिस्तानी भू-भाग को देखते हुए प्रदेश को जल शक्ति मिशन के तहत दी जाने वाली सहायता 50: 50 के स्थान पर 90: 10 के केन्द्र एवं राज्यांश के अनुपात में उपलब्ध कराए।
    केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत को लिखे पत्र में गहलोत ने कहा कि इस योजना में राजस्थान सहित बिहार, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात और छत्तीसगढ़ आदि राज्यों के लिए केन्द्रीय एवं राज्यांश का अनुपात बराबरी का रखा गया है। जबकि विषम जलवायु परिस्थितियों के कारण राजस्थान की तुलना इन राज्यों से किया जाना उचित नहीं है। राजस्थान न केवल क्षेत्रफल की दृष्टि से देश का सबसे बड़ा राज्य है अपितु इन राज्यों की तुलना में हमारे प्रदेश में जल की उपलब्धता बहुत कम है। राजस्थान का 85 प्रतिशत भाग डार्क जोन में है। साथ ही देश के एक-तिहाई जलीय गुणवत्ता प्रभावित गांव एवं ढाणियां भी राजस्थान में स्थित हैं।
    मुख्यमंत्री ने कहा कि मरूस्थलीय इलाकों में राज्य की ज्यादातर गांव-ढाणियां छितरे रूप से दूर-दूर बसी हुई हैं। इस कारण पेयजल योजनाओं की लागत अन्य राज्यों की तुलना में काफी अधिक आती है। राजस्थान के निवासी होने के नाते श्री शेखावत स्वयं यहां की पेयजल समस्याओं एवं आवश्यकताओं से भलीभांति परिचित हैं।
    गहलोत ने कहा कि पानी की विकट समस्या वाले राज्य के पूर्वी भाग के 13 जिलों में प्रतिदिन प्रति व्यक्ति 5 लीटर के अनुसार पेयजल उपलब्ध कराने के लिए नदियांे को जोड़ने की योजना हाथ में लेनी पड़ेगी, जिसकी लागत अत्यधिक होगी। पूर्व में भी वर्ष 2013 तक राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम के तहत मरूस्थलीय क्षेत्रों के लिए 90 अनुपात 10 के आधार पर ही केन्द्रीय सहायता उपलब्ध कराई जाती थी, जिसे घटाकर पहले तो 60 अनुपात 40 तथा बाद में 50 अनुपात 50 कर दिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के वित्तीय संसाधनों की सीमित उपलब्धता तथा विषम परिस्थितियों के मद्देनजर पेयजल के इस कार्य के लिए राजस्थान को अधिक केन्द्रीय सहायता की आवश्यकता है।

  • अभियान चलेगा प्रतिबन्धित पॉलीथिन कैरी बैग्स के खिलाफ, होगी कार्रवाई निर्माण एवं व्यापार करने वालों के खिलाफ

    अभियान चलेगा प्रतिबन्धित पॉलीथिन कैरी बैग्स के खिलाफ, होगी कार्रवाई निर्माण एवं व्यापार करने वालों के खिलाफ

    जयपुर। प्रतिबन्धित पॉलीथिन कैरी बैग्स के खिलाफ जयपुर जिले में सघन अभियान चलाया जाएगा। अभियान के दौरान इन पॉलीथिन कैरी बैग्स का निर्माण करने वाली औद्यागिक इकाइयों एवं इनका बड़े पैमाने पर भण्डारण, व्यापार करने वाले व्यापारियों के यहां कार्यवाही की जाएगी। विभिन्न विभागों के सहयोग से चलाए जाने वाले संयुक्त अभियान में निर्माणकर्ता औद्योगिक इकाइयों के विद्युत सम्बन्ध विच्छेद करने जैसी कार्यवाही भी की जा सकेगी।

    अतिरिक्त जिला कलक्टर डॉ. इकबाल खान ने बताया कि पिछले कुछ माह पूर्व शहर में प्रतिबन्धित पॉलीथिन कैरी बैग्स पर नियंत्रण का प्रभाव नजर आ रहा था लेकिन फिर से धीरे-धीरे हर छोटी-बड़ी दुकान पर पॉलीथिन की थैलियां नजर आने लगी हैं। पर्यावरण के लिए घातक इन थैलियों का इस्तेमाल रोका जाना जरूरी है। सोमवार को जिला कलक्ट्रेट में नगर निगम, जेडीए, जेवीवीएनएल समेत विभिन्न विभागों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में पॉलीथिन कैरी बैग्स के खिलाफ अभियान चलाने का निर्णय करते हुए इसके लिए नगर निगम के प्रतिनिधियों को निर्देश दिए गए हैं। अतिरिक्त जिला कलक्टर चतुर्थ अशोक कुमार ने कहा कि इस अभियान का असर नजर आना चाहिए और समुचित संख्या में चालान भी बनाए जाने चाहिए। साथ ही पॉलीथिन कैरी बैग्स का उपयोग रोकने के लिए जन सामान्य में समझाइश किया जाना भी जरूरी है।

    इकबाल खान ने शहर के मैरिज गार्डन्स का आधारभूत सुविधाओं एवं अपरिहार्यताओं के आधार पर सर्वे करने के नगर निगम एवं जेडीए अधिकारियों को निर्देश दिए। बैठक में आने वाली गर्मियों के लिए जयपुर में पेयजल आपूर्ति एवं बिजली आपूर्ति की स्थिति, डेंगू, स्वाइन फ्लू की रोकथाम के लिए किए जा रहे प्रयासों एवं कोरोना के लिए की जा रही स्फ्रीनिंग की स्थिति, नगर निगम द्वारा की जा रही डोर टू डोर सफाई, मिलावटी पदार्थों पर रोकथाम के लिए लिए जा रहे खाद्य पदार्थों के नमूनों की प्रगति समेत कई विभागों के कामकाज की समीक्षा की गई।

  • शिवसेना ने ट्रंप से कहा, ‘ दूर रहें धार्मिक मामलों से’, लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार चला रही है देश

    शिवसेना ने ट्रंप से कहा, ‘ दूर रहें धार्मिक मामलों से’, लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार चला रही है देश

    मुंबई। शिवसेना ने सोमवार को भारत दौरे पर आए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से देश में धार्मिक आजादी से जुड़े मुद्दों पर ‘दखल नहीं देने’ के लिए कहा है। शिवसेना ने कहा कि यह देश के ‘आंतरिक मामले’ की तरह है। ऐसी मीडिया रपटें सामने आई हैं कि ट्रंप, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समक्ष देश में धार्मिक स्वतंत्रता के पहलुओं पर अपने संदेह को जाहिर कर सकते हैं, जिसपर शिवसेना ने कहा कि धार्मिक विश्वास के अलावा, शाहीन बाग, नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर जैसे मुद्दे, सभी भारत के आंतरिक चिंता के विषय हैं, जिससे भारत की सरकार निपट रही है।

    शिवसेना ने अपने पार्टी के अखबारों, सामना और दोपहर का सामना में कहा, “इस देश लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार द्वारा चलाया जा रहा है और स्वतंत्रता या गरिमा से जुड़े मामलों पर बाहरी लोगों से कोई सबक लेने की जरूरत नहीं है .. यह बेहतर होगा यदि अमेरिकी राष्ट्रपति अहमदाबाद, दिल्ली और आगरा के दर्शनीय स्थलों का दौरा पूरा करें।”

    इसमें विस्तार से कहा गया कि ट्रंप दोनों देशों के बीच आयात-निर्यात को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘एक व्यापार यात्रा’ पर भारत का दौरे पर आए हैं। ट्रंप वर्तमान में आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल के अलावा अपनी पत्नी , बेटी और दामाद के साथ दो दिवसीय भारत यात्रा पर हैं।

  • जल्द मिलेंगे 447 नए डॉक्टर हरियाणा प्रदेश को, HPSC के जरिए होगी भर्ती

    जल्द मिलेंगे 447 नए डॉक्टर हरियाणा प्रदेश को, HPSC के जरिए होगी भर्ती

    चंडीगढ़। हरियाणा सरकार प्रदेश में डॉक्टरों की कमी को पूरा करने के लिए जहां एक और एच पी एस सी के माध्यम से 447 मेडिकल अधिकारियों की नियमित भर्ती प्रक्रिया चल रही है। वही दूसरी और प्रदेश में 342 डॉक्टरों की भर्ती एडहॉक पर करने का निर्णय लिया है।

    विज ने यह जानकारी आज यहां विधानसभा में बजट सत्र के तीसरे दिन के प्रश्न काल के दौरान दी। विधायक शमशेर सिंह के एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने बताया कि असंध विधानसभा के समुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में कर्मचारियों के स्वीकृत 231 पद और वर्तमान में काम कर रहे कर्मचारियों की संख्या 97 है।

    स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के मापदंडों के अनुसार 1 हजार जनसंख्या पर 1 डॉक्टर होना चाहिए लेकिन हमारे देश मे 1800 की जनसंख्या पर 1 डॉक्टर मौजूद है। लेकिन प्रदेश में जल्द ही डॉक्टरों की कमी को पूरा कर लिया जाएगा। पैरा मेडिकल स्टॉफ के विभिन्न पदों की विस्तृत जानकारी भी हरियाणा कर्मचारी चयन बोर्ड को भेजी जा चुकी है।

    उन्होंने कहा कि इस वर्ष प्रदेश के मेडिकल महाविद्यालयो में जो छात्र एम बी बी एस में दाखिला लेगे उन छात्रों से दाखिला के समय पर एक शपथ पत्र लिया जाएगा कि एम बी बी एस की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्हें दो वर्ष तक प्रदेश के सरकारी अस्पतालो में कार्य करना होगा। उन्होंने बताया कि 342 डॉक्टरों की भर्ती एडहॉक पर की जायेगी और एम बी बी एस को 85 हजार रुपये प्रतिमाह तथा विशेषज्ञ डॉक्टर को डेढ़ लाख रुपये प्रति माह का पैकेज दिया जाएगा।

    मंत्री ने बताया कि स्वास्थ विभाग में जो स्वीकृत पद खाली पड़े है उनको पार्ट टू के तहत भरा जाएगा। जिसके लिए एक योजना भी बनाई जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में बेहतर स्वास्थ्य सेवायें मुहैया करवाई जा रही है। आज प्रदेश में शिशु मृत्यु दर 41 से घटकर 28 और मातृ मृत्यु दर 127 से घटकर 98 रह गयी है। ओ पी डी में 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है जो यह दर्शाता है कि आम जन में सरकारी अस्पतालों के प्रति विश्वास बढ़ा है।

  • MP : कई कांग्रेस नेता तार-तार कर रहे अनुशासन को, नहीं बन रही प्रदेश अध्यक्ष पर भी सहमति

    MP : कई कांग्रेस नेता तार-तार कर रहे अनुशासन को, नहीं बन रही प्रदेश अध्यक्ष पर भी सहमति

    भोपाल। मध्यप्रदेश में कांग्रेस के कई नेता अनुशासन को तार-तार करने में लगे हैं। नेताओं के पार्टी की रीति-नीति से हटकर बयान देने का दौर जारी है। उन पर कोई लगाम नहीं कस पा रहा है। इतना ही नहीं, इन बयानवीरों को अनुशासनात्मक कार्रवाई तक का डर नहीं है। राज्य में कांग्रेस को सत्ता में आए एक साल से ज्यादा वक्त गुजर गया है। पार्टी के नए प्रदेश अध्यक्ष से लेकर मंडल-निगमों में नियुक्ति के लिए जोर आजमाइश का दौर जारी है।

    नए प्रदेशाध्यक्ष को लेकर कई नामों की चर्चा है और तमाम गुटों से नाता रखने वाले नेताओं के समर्थक चाहते हैं कि उनका नेता इस कुर्सी को हासिल करे। वहीं दूसरी ओर निगम-मंडल में जगह पाने के लिए भी एड़ी चोटी का जोर लगाया जा रहा है। पिछले दिनों पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने वचनपत्र (घोषणापत्र) के वादे पूरे न होने पर सडक़ पर उतरने की बात कही थी।

    इसके बाद मुख्यमंत्री कमलनाथ की ओर से भी जवाब आया और उन्होंने कहा कि जिसे सडक़ पर उतरना है, उतर जाएं। इन दोनों बयानों पर सियासत खूब गर्माई थी। कार्यकर्ताओं ने इस पर अपनी ही तरह से प्रतिक्रिया जाहिर की। सिंधिया समर्थक और ग्वालियर-चंबल से नाता रखने वाली महिला कांग्रेस की प्रदेश महासचिव रुचि ठाकुर ने कांग्रेस में पूर्व मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की उपेक्षा का आरोप लगा डाला और कहा, सिंधिया की कड़ी मेहनत से ही राज्य में कांग्रेस की सरकार बनी।

    मैं महाराज से अनुरोध करना चाहती हूं कि बड़े महाराज माधव राव सिंधिया की पार्टी जिसका चुनाव चिन्ह उगता सूरज है, उसे पुन: जीवित करें। हम सब आपके साथ हैं। इसी तरह शिवपुरी के शहर कांग्रेस अध्यक्ष शैलेंद्र टेडिया ने भी सिंधिया के समर्थन में पोस्टर लगा डाले और मुख्यमंत्री कमलनाथ पर हमला बोला। इस पोस्टर में वह तस्वीर लगाई गई, जो कमलनाथ को राज्य का मुख्यमंत्री बनाए जाने से पहले राहुल गांधी ने कमलनाथ और पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ साझा की थी।

    इस पोस्टर में लिखा गया, मुख्यमंत्री इस छायाचित्र की मर्यादा को भूल गए हैं। ज्योतिरादित्य सिंधिया से जो कहा गया है, उस पर पुन: विचार करना चाहिए। लोकतंत्र में अपनी बात रखने पर पार्टी मजबूत होती है। एक पद पर एक ही व्यक्ति का फार्मूला क्यों याद नहीं आ रहा मध्य प्रदेश सरकार को। इतना ही नहीं, राज्य के कद्दावर मंत्री सज्जन वर्मा ने तो प्रदेश में अफसरों का दबदबा होने की बात कह डाली।

    उनका कहना है कि मंत्रियों की तरह सरकार में अधिकारियों की भी कैबिनेट है, जो अफसरों की पोस्टिंग कराती है। कांग्रेस लगातार केंद्र सरकार के नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) का विरोध करती आ रही है, मगर पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के भाई और विधायक लक्ष्मण सिंह ने इसका खुले-तौर पर समर्थन किया है और कहा है कि बहुमत हमारे पास नहीं है, इसलिए इस कानून को मान लेना चाहिए।

    कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा, बयानबाजी करने वालों पर कार्रवाई सिर्फ इसलिए नहीं हो पाती, क्योंकि इन नेताओं का किसी न किसी बड़े नेता से नाता होता है। इसी का लाभ अन्य नेता उठाते हैं। सवाल है कि राज्य सरकार के मंत्री सज्जन वर्मा और विधायक लक्ष्मण सिंह पर कौन कार्रवाई करेगा, क्योंकि जो कार्रवाई की बात करेगा, वही मुश्किल में पड़ जाएगा।

  • योजनाओं की समीक्षा करेंगे वीडियो कॉन्फ्रेन्सिंग के जरिए : राकेश गुप्ता

    योजनाओं की समीक्षा करेंगे वीडियो कॉन्फ्रेन्सिंग के जरिए : राकेश गुप्ता

    पंचकूला। मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी कार्यक्रम के प्रोजेक्ट निदेशक डाॅ. राकेश गुप्ता 26 फरवरी को विडियों क्राॅन्फे्रसिंग के माध्यम से सरकार द्वारा क्रियान्वित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा करेगें।

    उपायुक्त मुकेश कुमार आहूजा ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि प्रोजेक्ट निदेशक प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम व पोक्सो एक्ट के बारे में विस्तार से समीक्षा करेगें तथा सी.एम. विंडों पर आने वाली शिकायतों तथा सोशल मिडिया ग्रिवेंसिश टेªकर पर आई शिकायतों की भी समीक्षा करेगें। इसके अलावा परियोजना निदेशक हरियाणा विजन, महिला सुरक्षा, स्वच्छ सर्वेक्षण माॅडयूल, अंत्योदय सरल प्रोजेक्ट, सक्षम हरियाणा तथा स्किल इम्पलोयमैंट जैसी योजनाओं की समीक्षा करेगें।

    उन्होंने बताया कि वीसी में स्वास्थ्य, शिक्षा, कल्याण विभाग, ओषध नियत्रंक, सूचना एवं प्रौद्योगिकी, बाल संरक्षण अधिकारियों के अलावा लोक निर्माण विभाग, जन स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, मार्केटिंग बोर्ड, बिजली वितरण निगम के अधिकारी भाग लेंगें।

  • ज्वालामुखी टिहरी रोड पर ड्राइवर झुलसा स्कोर्पियो में अचानक लगी आग से

    ज्वालामुखी टिहरी रोड पर ड्राइवर झुलसा स्कोर्पियो में अचानक लगी आग से

    ज्वालामुखी। टिहरी से ज्वालामुखी की ओर आ रही एक स्कोर्पियो गाड़ी में तकनीकी खराबी की बजह से आग लग जाने और गाड़ी चला रहे व्यक्ति के मामूली रूप से आग में झुलस जाने का समाचार मिला है। जानकारी के मुताबिक ज्वालामुखी विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत टिहरी से ज्वालामुखी आ रही एक सफेद रंग की स्कोर्पियो गाड़ी नम्बर एच पी 83 7995 में अचानक आग लग गई।

    इस आगजनी से गाड़ी पूरी तरह जलकर राख हो गई वहीं गाड़ी के मालिक को लगभग 3 लाख रुपय का नुकसान हुआ है। लोगों के अनुसार आग लगने का मुख्य कारण गाड़ी में तकनीकी खराबी के कारण हुई स्पार्किंग माना जा रहा है।पुलिस ने मामला दर्ज कर आगामी कारवाई शुरू कर दी है और वह आग लगने के कारणों का पता लगा रही है।

    जानकारी के अनुसार टिहरी रॉड ओर घट्टा के समीप अचानक सदीन कुमार पुत्र उधम सिंह निवासी बल्ला घलौर की गाड़ी में अचानक आग लग गई। इस बीच उसने गाड़ी से उतरकर अपनी जान बचाईं हालांकि इस आगजनी में उसकी एक टांग, बाजू और उंगलियां इसकी चपेट में आ गई, जिससे वह घायल हो गया।

    घायलावस्था में यहां से गुजर रहे वाहनों के लोगों द्वारा 108 एम्बुलेंस की सहायता से उसे ज्वालामुखी अस्पताल पहुंचाया गया जहां वह उपचारधीन है। फायर ब्रिगेड ज्वालामुखी को फ़ोन कर बुलाया गया और गाड़ी को आग की चपेट से निकाला जा सका है।

    बताया जा रहा है कि गाड़ी में लगी आग पर काबू पाने के लिए फायर कर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। हालांकि इस आगजनी से गाड़ी पूरी तरह जलकर राख हो गई है और मालिक को लगभग 3 लाख रुपय का नुकसान हुआ है। बहरहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।डी एस पी तिलक राज ने घटना की पुष्टि की है।

  • सम्पन्न हुई राजस्थान स्टेट ट्रैक साइकिलिंग चैम्पियनशिप

    सम्पन्न हुई राजस्थान स्टेट ट्रैक साइकिलिंग चैम्पियनशिप

    जयपुर । जयपुर के इतिहास में दूसरी बार राजस्थान स्टेट ट्रैक साइक्लिंग चैंपियनशिप का आयोजन राजस्थान साइकिलिंग एसोसिएशन के तत्वावधान में एसएमएस स्टेडियम वलोद्रम में 24 व 25 फरवरी को हुआ। इस चैंपियनशिप में कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पदक विजेताओ ने भी भाग लिया, जैसे मनीष कुमार, मुकेश कुमार कस्वा, मूलारन रविंदर और 48 साल के शिवराम जो इस चैंपियनशिप के सबसे बुजजुर्ग प्रतिभागी और वरिष्ठ वर्ग के राजस्थान के एकमात्र स्वर्ण पदक विजेता। चैंपियनशिप में कुल 17 टीमों ने भाग लिया जिसमें लगभग 17 जिलों के 150 लड़कों ने भाग लिया। चैंपियनशिप के तहत राजस्थान साइकिलिंग टीम का चयन किया जा रहा है जो 23 से 27 मार्च तक गुवाहाटी में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय ट्रैक साइकिलिंग चैंपियनशिप मे भाग लेगी। चैंपियनशिप के लिए मुख्य आयुक्त राजेंद्र कंबोज थे।

    प्रतियोगिताओं का अंतिम परिणाम इस प्रकार हैंः 4 किमी ब्यॅज अंडर16 कौंम्पटीश्न में नागौर के रामदयाल बिश्नोई पहले स्थान पर रहे; बीकानेर से मुकेश कुमार कासवान ने दूसरा और जयपुर के लव कुमार यादव ने तीसरा स्थान हासिल किया। 1 किमी व्यक्तिगत टायम ट्रायल ब्यॅज अंडर18 कौंम्पटीश्न में तीनों स्थान बीकानेर के एथलीटों ने जीते, अजयपाल बिश्नोई पहले स्थान पर रहे; विनोद गत दूसरे और गणेश राम बेनीवाल तीसरे स्थान पर रहे। 1 किमी व्यक्तिगत टायम ट्रायल एलीट मैन कौंम्पटीश्न में बीकानेर से देवेंद्र बिश्नोई पहले स्थान पर रहे; सांकुल जसवाल दूसरे और जोधपुर के पीयूष तीसरे स्थान पर रहे। 500 मीटर व्यक्तिगत टायम ट्रायल ब्यॅज अंडर16 कौंम्पटीश्न में जयपुर के लव कुमार यादव पहले स्थान पर रहे; बीकानेर के विपुल बिश्नोई दूसरे स्थान पर और बीकानेर के रामचंद्र पुनिया तीसरे स्थान पर रहे। 7 किमी एलीट मैन स्क्रेच रेस कौंम्पटीश्न में मनोज भांभू पहले स्थान पर रहे; अजयपाल दूसरे और राम किशन भादू तीसरे स्थान पर रहे। 5 किमी लड़कों की अंडर 18 स्क्रेच रेस में आयुष जाखड़, मनीष कुमार के साथ सिर्फ मिनी सेकेंड के अंतर के साथ पहले स्थान पर रहे, जो दूसरे स्थान पर रहे और सुनील गोदारा ने तीसरा स्थान हासिल किया।

  • जल संरक्षण पर आधारित राजस्थानी फिल्म ‘टर्टल‘ को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने स्टेट जीएसटी से छूट को मंजूरी दी

    जल संरक्षण पर आधारित राजस्थानी फिल्म ‘टर्टल‘ को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने स्टेट जीएसटी से छूट को मंजूरी दी

    जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जल संकट से प्रभावित क्षेत्रों में जल संरक्षण के लिए जागरूकता पैदा करने का सन्देश देने वाली राजस्थानी फिल्म ‘टर्टल‘ को राज्य माल एवं सेवा कर (एसजीएसटी) से छूट प्रदान करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह फिल्म जल संकट एवं संरक्षण पर आधारित राजस्थान की वास्तविक घटना से प्रेरित है। गौरतलब है कि इस फिल्म को 66वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह 2018 में सर्वश्रेष्ठ राजस्थानी फिल्म के पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
    उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने इससे पहले गरीब पृष्ठभूमि के मेधावी विद्यार्थियों को आईआईटी की परीक्षा के लिए निःशुल्क कोचिंग देकर उनके भविष्य निर्माण पर आधारित फिल्म ‘सुपर-30’ और महिला सशक्तिकरण पर आधारित फिल्म ‘सांड की आंख‘ को भी मल्टीप्लैक्स एवं सिनेमाघरों में प्रदर्शन के लिए राज्य माल एवं सेवा कर से मुक्त किया था।