Category: state-news

  • हिमकेयर योजना स्वास्थ्य देखभाल सुविधा के लिए बनी वरदान

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    धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा लोगों को निःशुल्क चिकित्सा सुविधा प्रदान करने के लिए आरम्भ की गई ‘हिमकेयर योजना’ (हिमाचल हैल्थकेयर योजना) लोगों के वरदान साबित हो रही है। इस योजना के तहत प्रदेश में 5 लाख 50 हजार से अधिक परिवारों का पंजीकरण किया जा चुका हैं तथा उन्हें निःशुल्क चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाई जा रही है। हिमकेयर योजना के तहत फैमली फलोटर आधार पर एक वर्ष में प्रति परिवार पांच लाख रुपये की निःशुल्क चिकित्सा सुविधा प्रदान की जा रही है।

    इस योजना के माध्यम से अभी तक 60.66 करोड़ रुपये व्यय कर 65 हजार 533 रोगियों का निःशुल्क उपचार किया जा चुका है। राज्य सरकार द्वारा आरम्भ की गई इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य ध्येय स्वस्थ भारत का निर्माण करना है और यह तभी हासिल किया जा सकता है जब देश के नागरिक स्वस्थ होंगे। प्रदेश के सभी पात्र लोगाें को हिमकेयर के तहत लाभान्वित करने के लिए इस योजना की कार्य प्रणाली डिजिटाईज़ की गई है।

    रोगियों को विभिन्न फार्म भरने, शुल्क अदा करने तथा अन्य कार्यों के लिए अब लम्बी कतार में नहीं लगना पड़ता है। इसके लिए सरकार द्वारा ई-कार्ड, ई-फार्म, आॅनलाइन ट्रीटमेंट ऐंट्रीज और कैशलेस ट्रांजैक्शन मनेजमेंट सिस्टम की व्यवस्था की गई है। इस योजना का लाभ प्रदान करने के लिए लगभग 200 स्वास्थ्य संस्थानों को पंजीकृत किया गया है। इसमें 56 निजी अस्पताल और पीजीआई चण्डीगढ़ को सम्मिलित किया गया है। सरकार द्वारा 1 जनवरी, 2020 से नए ई-कार्ड जारी करने का कार्य आरम्भ कर दिया गया है। इस योजना के तहत केंसर, पक्षाघात, मस्कूलर डिस्ट्राॅफी, हदृय से सम्बन्धित बिमारियां, एलजाईमर तथा अन्य गम्भीर बिमारियों का ईलाज भी शामिल किया गया है।

    राज्य सरकार द्वारा 1 जनवरी, 2020 से इस योजना के तहत नए परिवारों का पंजीकरण आरम्भ कर दिया गया है ताकि अधिक से अधिक लोग निःशुल्क उपचार सुविधा से लाभान्वित हो सके। अभी तक 25 हजार नए परिवार पंजीकृत किए जा चुके हैं। पंजीकरण के लिए अन्तिम तिथि 31 मार्च, 2020 निर्धारित की गई है। लाभार्थी पंजीकरण के लिए वैबसाईट www.hpsbys.in या लोक मित्र केन्द्र/सामान्य सेवा द्वारा आॅनलाइन माध्यम से आवेदन कर सकते है।

    उन्हें योजना के तहत आवश्यक दस्तावेज भी अपलोड करने होंगे। इस ई-हैल्थकेयर पहल के माध्यम से लोगों तक गुणात्मक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करना और नागरिकों की स्वास्थ्य पात्रताओं की कुशल निगरानी करने का लक्ष्य तय किया गया है। सरकार की इस योजना के माध्यम से व्यय कम कर स्वास्थ्य देखभाल दक्षता बढ़ाने का प्रयास किया गया है। दक्षता बढ़ाकर न केवल व्यय कम होता है, बल्कि स्वास्थ्य गुणवत्ता में भी सुधार सुनिश्ति होता है। लोगों के स्वास्थ्य की देखभाल और निःशुल्क स्वास्थ्य चिकित्सा सुविधा प्रदान के लिए आरम्भ की गई हिमकेयर योजना वास्तव में प्रदेश सरकार, रोगियों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मध्य विश्वास का बन्धन है।

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  • जेपी नड्डा मिले नीतीश कुमार से, चर्चा हुुई बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर

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    पटना। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष जे.पी. नड्डा शनिवार की शाम में बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल (युनाइटेड) के अध्यक्ष नीतीश कुमार से मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच एक घंटे से ज्यादा समय तक बात हुई। पटना के 1, अणे मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर नड्डा अन्य भाजपा नेताओं के साथ पहुंचे और दोनों नेताओं की मुलाकात हुई। नीतीश कुमार ने गुलदस्ता देकर भाजपा अध्यक्ष का स्वागत किया।

    दोनों नेताओं के बीच क्या बात हुई, इसका खुालासा तो किसी नेता ने नहीं की, लेकिन माना जाता है कि दोनों नेताओं के बीच इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर रणनीति पर चर्चा की गई।

    सूत्रों के मुताबिक, नड्डा ने नीतीश कुमार को अपने बेटे की शादी का न्यौता दिया। इसके अलावा दोनों दिग्गज नेताओं के बीच बिहार के ताजा राजनीति हालात पर भी बातें हुईं।

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    इससे पहले जद (यू) के अध्यक्ष नीतीश कुमार भी शनिवार को पार्टी के क्षेत्रीय संगठन प्रभारियों, जिलाध्यक्षों एवं प्रखंड अध्यक्षों की महत्वपूर्ण बैठक में शामिल हुए थे। इस दौरान नीतीश ने कार्यकर्ताओं को कई टिप्स भी दिए।

    इधर, भाजपा अध्यक्ष जे.पी. नड्डा सुबह में बिहार की राजधानी पटना पहुंचे और उन्होंने भाजपा के पटना स्थित प्रदेश कार्यालय में भाजपा की कोर कमिटी की बैठक में उपस्थित हुए। नड्डा यहां 11 जिलों में बने पार्टी कार्यालयों का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से उद्घाटन किया। इसके बाद नड्डा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिले।

    नड्डा के साथ भाजपा के बिहार प्रभारी भूपेंद्र यादव, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सुशील कुमार मोदी, प्रदेश अध्यक्ष संजय जायसवाल भी मुख्यमंत्री आवास पहुंचे थे। इस मौके पर जद (यू) के सांसद ललन सिंह और आर.सी.पी. सिंह भी मौजूद रहे।

  • दुकाने बंद कराने को लेकर तनातनी आरक्षण व संविधान से छेड़छाड़ के विरोध में

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    टोंक। सार्वजनिक सेवाओ में आरक्षण व पददोन्नतियो के मामले में रविवार को भारत बंद को लेकर टोंक बन्द का आव्हान किया गया। जिस दौरान दुकानें बंद कराने को लेकर तनातनी भी हुई लेकिन पुलिस की समझाईश की वजह से तनाव के हालात नही बन सके। वही आज आखिरी संडे होने के कारण अधिकांश दुकानें बंद रही। जिस दौरान भारी पुलिस जाप्ता तैनात था।

    प्राप्त जानकारी के अनुसार हाल ही में आरक्षण के मामले में पददोन्नतियो को लेकर रविवार को अनुसूचित जाति व जनजाति संगठनों की ओर से भारत बंद का आव्हान किया गया था।जिसको लेकर सैकड़ों महिला व पुरुष बैरवा धर्मशाला टोंक में एकत्रित हुए जहाँ से नारेबाजी करते हुए मोती बाग पहुंचे जहां सीएए के खिलाफ संविधान बचाओ देश बचाओ समिति व मुस्लिम संघटनों की तरफ से दिए जा रहे धरने में स्वागत किया गया। वहीं मुस्लिम संघटनों की ओर से रैली को समर्थन देते हुए धरनार्थी भी सीएए व एनपीआर के खिलाफ नारेबाजी व हांथो में बैनर लिए हुए शामिल हो गए। जो मोतीबाग से बड़ा कुंआ,नोशे मिया की पुल, पांच बत्ती, सुभाष बाजार होते हुए घंटाघर पहुंचे।

    जहां जिला कलक्टर नवनीत कुमार को ज्ञापन दिया गया।जिसमें हाल ही में आरक्षण व संविधान से छेड़छाड़ का विरोध जताया गया। जिस दौरान जुलूस में शामिल लोगों की दुकान बंद कराने को लेकर कहासुनी व तनातनी भी हुई इतना ही नही काफला बाजार में रैली में शामिल लोगों के सामने तो दुकाने के शटर नीचे कर लिए बाद में दुकाने वापस खुल गई वही अधिकांश दुकाने आखिरी रविवार के कारण बन्द रही। बाद में जुलूस घंटाघर पर डॉक्टर भीमराव अंबेडकर की प्रगिमा पर माल्यार्पण किया गया।

    बाद में जुलूस खेल स्टेडियम पहुँचा जहा भी अमबेडकर जी की मूर्ति पर माल्यार्पण किया गया ततपश्चात जुलूस का समापन किया गया। जिस दौरान बाबूलाल गुंसारिया, अशोक बैरवा, रामप्रसाद बैरवा, डॉ, एस एन वर्मा, डॉ कमलेश चावला, डॉ विनोद परवेरिया, कमलेश चावला, मेहमूद शाह, मुसवीर उस्ताद आदि शामिल थे। वही अतिरिक्त जिला कलक्टर सुखराम खोखर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विपिन शर्मा, पुलिस उपाधीक्षक सौरभ तिवारी, तहसीलदार सुरेश शर्मा सहित पुलिस थानों के थानाधिकारी व पुलिस जाप्ता साथ था।

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  • अपना ऐतिहासिक महत्व पालमपुर होली मेले का : परमार

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    धर्मशाला। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री, विपिन सिंह परमार ने कहा कि प्रदेश सरकार हिमाचल की विशिष्ट संस्कृति, परम्पराओं और विरासत को सहेजने एवं व्यापक तौर पर बढ़ावा देने के लिए कृतसंकल्प है। उन्होंने पालमपुर के राज्य स्तरीय होली महोत्सव के सफल आयोजन के लिए विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों से बेहतर तालमेल से कार्य करने को कहा।

    स्वास्थ्य मंत्री पालमपुर के आतमा परियोजना सभागार में 07 मार्च से 10 मार्च, 2020 तक राज्य स्तरीय पालमपुर होली महोत्सव की तैयारियों की समीक्षा के लिए बुलाई बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने सभी विभागों को धनसंग्रह के निर्धारित लक्ष्य पूरे कर 3 मार्च तक जमा करवाने का आग्रह किया।

    उन्होंने पुलिस विभाग को मेले के दौरान यातायात योजना बनाने के निर्देश दिए साथ ही परिवहन विभाग को मेले के दौरान लोगों की सुविधा के लिए आवश्यकतानुसार बस सेवा उपलब्ध करवाने को कहा ताकि लोगों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने अधिकारियों को मेले के दौरान कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए अतिरिक्त प्रबंध करने को कहा। उन्होंने मेले के सफल आयोजन के लिए सभी की सहभागिता पर जोर दिया।

    परमार ने कहा कि मेले हमारी समृद्ध संस्कृति के परिचायक हैं और ऐसे आयोजनों से जहाँ समाज में भाईचारा बढ़ता है वहीं आर्थिक तौर पर भी लोगों को फायदा होता है। उन्होंने कहा कि पालमपुर होली मेले का अपना विशेष महत्व और गोरवमयी इतिहास है। उन्होंने कहा कि लोगों की अटूट आस्था के प्रतीक महोत्सव को ओर बेहतर बनाने के लिए हम सब को मिलकर कार्य करने की जरूरत है।

    उन्होंने कहा कि होली महोत्सव के सफल आयोजन के लिए मेला समिति योजना बनाकर कार्य करे। उन्होंने पालमपुर के लोगों, संस्थाओं और विभिन्न विभागों का महोत्सव की सफलता में हर प्रकार के सहयोग की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी लगन के साथ कार्य करने का आहवान किया। उन्होंने कहा कि कलाकारों के चयन में विशेष ध्यान दिया जाये और कलाकारों की भाषाशैली लोगों को आसानी से समझ आने वाली हो। उन्होंने कहा कि मंच की गरिमा और मर्यादा को बनाये रखने के पूरे प्रयास किये जायें।

    मेले के आकर्षण

    बैठक में बताया गया कि मेले के दौरान हर वर्ग की सहभगिता को सुनिश्चित किया जा रहा है। महोत्सव में बेबी शो, डॉग शो, फ्लावर शो, फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा। इसके अलावा खेलों में वालीबॉल, बैड़मिंटन, कुश्ती, क्रिकेट, बास्केटबॉल, टेबल टेनिस, चेस, रस्साकशी इत्यादि खेल प्रतियोगिताओं को शामिल किया गया है। मेले के दौरान लोगों के मनोरंजन के लिए सांस्कृतिक संध्याओं में पंजाबी, बॉलीवुड तथा पहाड़ी लोक कलाकारों को बुलाया जायेगा। मेले के दौरान विभिन्न विभाग अपनी योजनाओं से जुड़ी प्रदर्शनियों को भी लाया जायेगा।

    बैठक का संचालन एसडीएम पालमपुर एवं होली मेला समिति के अध्यक्ष धर्मेश रामोत्रा ने किया। उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री विपिन सिंह परमार का स्वागत करते हुए उन्हें मेले की तैयारियों बारे अवगत करवाया।

    इस दौरान बैठक में उपस्थित लोगों ने मेले के सफल आयोजन के लिए अपने बहुमूल्य सुझाव दिये। बैठक में पूर्व प्रदेश महिला मोर्चा की पूर्व अध्यक्ष इंदू गोस्वामी, जिला परिषद अध्यक्ष मधु गुप्ता, जिला भाजपा अध्यक्ष हरीदत्त शर्मा, विनय शर्मा, जिला महामंत्री विजय भट्ट, पालमुपर भाजपा अध्यक्ष अभिमन्यू भट्ट, नगर परिषद की अध्यक्ष राधा सूद, टी बोर्ड की निदेशक बीना श्रीवास्तव, डीएसपी पालमपुर अमित शर्मा, विभिन्न कमेटियों के समन्वयक सहित होली मेला समिति के सरकारी तथा गैरसरकारी सदस्य और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे।

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  • लोगों में अच्छी धारणा नहीं रही हाउसिंग बोर्ड के मकानों की गुणवत्ता को लेकर – मुख्यमंत्री

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    जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि जिस संस्था को जरूरतमंद लोगों के आवास के सपने को पूरा करने के लिए बनाया गया हो तथा जिसे स्व. द्वारकादास पुरोहित जैसे पुरोधाओं ने खड़ा किया हो, उस संस्था हाउसिंग बोर्ड पर ताले लगाने जैसी बातें कही गई। हजारों बिना बिके मकान पड़े होने के बावजूद नए मकान बनते गए। ऐसा क्यों हुआ, यह मेरी समझ से परे हैै। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने हाउसिंग बोर्ड को फिर से सशक्त बनाने का काम किया है। सरकार यह भी सुनिश्चित करेगी कि हाउसिंग बोर्ड की उपेक्षा न हो। बोर्ड के अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर यह जिम्मेदारी है कि वे लोगों के विश्वास पर खरा उतरें।

    गहलोत रविवार को बिडला सभागार में राजस्थान आवासन मंडल के राज्य स्तरीय स्वर्ण जयंती समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि आमतौर पर हाउसिंग बोर्ड के मकानों की गुणवत्ता को लेकर लोगों में अच्छी धारणा नहीं रही है। यह धारणा बदलनी चाहिए। बोर्ड यह सुनिश्चित करे कि जो भी मकान बनें वे गुणवत्ता वाले ही हों। इससे आम लोगों में मंडल की साख बढ़ेगी।


    भूले नहीं मेट्रो का दूसरा चरण, शुरू करेंगे काम

    मुख्यमंत्री ने जयपुर को आधुनिक स्वरूप देने के लिए उनके पूर्व कार्यकाल में हुए घाट की गूणी टनल, एलीवेटेड रोड, जेएलएन मार्ग, कठपुतली नगर सड़क जैसे विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि मेट्रो के पहले चरण का काम पूरा होने वाला है। इसके दूसरे चरण के काम को हम भूले नहीं हैं। इसे भी हम शुरू करेंगे। उन्होंने कहा कि सरकारी कर्मचारियों को छूट के आधार पर किश्तों में आवास मिल सकें, इसके लिए हमारी सरकार नीतिगत फैसला लेगी।

    नगरीय विकास एवं आवासन मंत्री शांति धारीवाल ने समारोह में कहा कि बीते कुछ समय में आवासन मंडल ने अपनी करीब एक हजार करोड़ रूपए की संपत्तियों को अतिक्रमण से मुक्त कराया है। जो लोग ब्याज और पेनल्टी के कारण अपने मकानों की बकाया लीज एवं अन्य देनदारी नहीं चुका पाते उनके लिए एमनेस्टी योजना लाई गई है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशन में हाउसिंग बोर्ड को मजबूत किया गया है।
    मुख्य सचिव डीबी गुप्ता ने कहा कि हाउसिंग बोर्ड एक ऐसी संस्था है जो निर्धन एवं अल्प आय वर्ग के लोगों के आवास के सपने को पूरा करती है। इसकी महत्ता कभी कम नहीं होगी। उन्होंने और अधिक पारदर्शिता से कार्य करने तथा सिटीजन केयर सेंटर स्थापित किए जाने का सुझाव दिया।
    आवासन आयुक्त पवन अरोड़ा ने बीते पांच माह में ई आॅक्शन, नीलामी, लीज मनी, आवंटन आदि के जरिए 702 करोड़ रूपए के राजस्व अर्जन की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि करीब 21 हजार से अधिक ऐसे मकान थे जिन्हें खरीददार नहीं मिल पा रहे थे। मुख्यमंत्री के निर्देश पर बोर्ड ने इनमें से 3 हजार 12 मकानों को विक्रय करने में सफलता हासिल की है।

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  • चंडीगढ़ : 3 छात्राओं की मौत पीजी में आग लगने से, दो झुलसी

    चंडीगढ़ : 3 छात्राओं की मौत पीजी में आग लगने से, दो झुलसी

    चंडीगढ़। चंडीगढ़ के सेक्टर 32 में एक रिहायशी इलाके में स्थित पेइंग गेस्ट (पीजी) में भयंकर आग लग गई। पुलिस ने बताया कि आग में झुलसने से करीब 20 साल की तीन छात्राओं की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायल हो गई। माना जा रहा है कि आग का कारण शॉर्ट सर्किट हो सकता है।

    आग घर की पहली मंजिल पर लगी, जहां 20 से अधिक छात्राएं रहती थीं।

    गनीमत रही कि घटना के समय अधिकांश छात्राएं घर से बाहर थीं।

    पुलिस ने बताया कि दो छात्राओं ने खुद को बचाने के लिए बाथरूम की खिड़की से छलांग लगा दी।

  • BIHAR ASSEMBLY ELECTION : CM नीतीश ने कहा, न कोई मुद्दा है, न ही कार्यक्रम विपक्ष के पास

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    पटना। बिहार के मुख्यमंत्री और जनता दल (युनाइटेड) के अध्यक्ष नीतीश कुमार ने यहां शनिवार को कहा कि बिहार की जनता को सही और गलत की पहचान है। विपक्षी दल के पास न कोई मुद्दा है, न ही कोई कार्यक्रम। उन्होंने दावा किया कि 2020 के विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) 200 से ज्यादा सीटों पर जीत दर्ज करेगा।

    बिहार प्रदेश जद (यू) के क्षेत्रीय संगठन प्रभारियों, जिलाध्यक्षों एवं प्रखंड अध्यक्षों की महत्वपूर्ण बैठक में मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं को उत्साहित करते हुए कहा कि कुछ लोगों का काम केवल लोगों में भ्रम फैलाना होता है। वैसे लोगों पर ध्यान देने की कोई जरूरत नहीं। उन्होंने कहा, जिन विचारों को लेकर पार्टी आज तक चलती रही है, उन विचारों से समझौता किसी कीमत पर नहीं होगा।

    बिहार में धर्म, संप्रदाय, जाति या लिंग के आधार पर किसी से भेदभाव का प्रश्न ही नहीं उठता। बैठक में जद (यू) के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह, महासचिव आरसीपी सिंह, लोकसभा में दल के नेता राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह, ऊर्जा मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव समेत पार्टी के अन्य नेता शामिल हुए। बैठक में उपस्थित सभी प्रखंड अध्यक्षों सहित आए तमाम नेताओं ने भी अपनी बातें रखी।

    बैठक में प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा कि दल के सभी कार्यकर्ता जन-जन तक अपने नेता के कामों को पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में विकास के जितने आयाम देखने को मिले हैं, वे अभूतपूर्व है। उन्होंने बिहार में राज्य में चलाए जा रहे शराबबंदी, दहेजबंदी, जल-जीवन-हरियाली जैसे सामाजिक अभियानों की चर्चा करते हुए कहा कि इन अभियानों ने देश और दुनिया का ध्यान खींचा है।

    सिंह ने कहा कि विकास कार्यों और सामाजिक अभियानों की जानकारी घर-घर तक पहुंचाने की जरूरत है। उल्लेखनीय है कि इस साल के अंत में राज्य में विधानसभा चुनाव होने हैं, जिसे लेकर करीब सभी राजनीतिक दल चुनावी मोड में आ गए हैं।

  • पाकिस्तान जाएं ‘हमें चाहिए आजादी’ के नारे लगाने वाले : कैलाश चौधरी

    बाड़मेर। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्यमंत्री कैलाश चौधरी ने कहा कि ‘हमें चाहिए आजादी’ के नारे लगाने वाले लोग पाकिस्तान चले जाएं। कैलाश चौधरी रविवार को यहां अपने संसदीय निर्वाचन क्षेत्र बाड़मेर में लघु उद्योग भारती के एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने के बाद मीडिया से बात कर रहे थे।

    उन्होंने यह बात नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) के मुद्दे को लेकर शाहीनबाग में चल रहे विरोध प्रदर्शन के संदर्भ में कही।

    कैलाश चौधरी ने कहा कि “शाहीनबाग में लोग खड़े हैं और वहां ‘हमें चाहिए आजादी’ जैसे नारे लगाए जाते हैं और बच्चों से भी नारे लगवाए जाते हैं।”

    उन्होंने कहा, “ये लोग छोटे-छोटे बच्चों को बरगलाकर उनसे ‘हमें चाहिए आजादी’ के नारे लगवाते हैं। आखिर किस दिशा में ये अपने नन्हें-मुन्ने बच्चों ले जाना चाहते हैं।”

    चौधरी ने कहा, “अगर ज्यादा आजादी चाहिए तो पाकिस्तान चले जाएं तो पता चल जाएगा कि आजादी क्या होती है।”

    उन्होंने कहा कि ये लोग ऐसे नारे लगाकर देश को तोड़ना चाहते हैं।

    उन्होंने कहा, “सीएए नागरिकता देने का कानून है। इसमें पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से आए लोगों को नागरिकता देने का प्रावधान है। यह किसी की नागरिकता लेने का कानून नहीं है।”

    कैलाश चौधरी मोदी सरकार के युवा मंत्रियों में शुमार हैं।

  • कर्मचारियों के कल्याण के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्धः जयराम ठाकुर

    कर्मचारियों के कल्याण के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्धः जयराम ठाकुर

    शिमला। प्रदेश सरकार कर्मचारियों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। कर्मचारी राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों के प्रभावी कार्यान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते है। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने सोमवार को यहां भारतीय मजदूर संघ हिमाचल प्रदेश के बैनर तले आशा वर्कर यूनियन, ‘सिलाई-कटाई कर्मचारी संघ’ और पर्यटन निगम कर्मचारी संघ’ के प्रतिनिधिमंडल को संबोधित करते हुए कही।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने हमेशा ही कर्मचारियों के साथ सौहार्दपूर्ण संबंध बनाए रखे हैं और उनकी अधिकांश मांगें पूर्ण की गई है। उन्हें करोड़ों रुपये के लाभ प्रदान किए गए हैं। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की सभी जायज मांगों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जा रहा है।

    जय राम ठाकुर ने कहा कि आशा कार्यकर्ता माता और बाल स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं को बेहतर बनाने में प्रमुख भूमिका निभा रही हैं। उनके स्वास्थ्य की देखभाल राज्य सरकार की चिंता का प्रमुख विषय था। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले दो वर्षों के दौरान दो बार आशा कार्यकर्ताओं के मानदेय में राज्य का हिस्सा बढ़ाया है। उन्होंने आशा कार्यकर्ताओं को आश्वासन दिया कि मानदेय बढ़ाने की उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाएगा।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ‘सिलाई कटाई कर्मचारी संघ’ की मांगों के प्रति भी संवेदनशील है। उन्होंने कहा कि सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर तथा प्रशिक्षित बनाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही हैं।

    जय राम ठाकुर ने ‘पर्यटन निगम कर्मचारी संघ’ को भी आश्वस्त किया कि सरकार उनकी मांगों के प्रति सजग है।

    भारतीय मजदूर संघ के प्रदेशाध्यक्ष राकेश शर्मा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया और उन्हें कर्मचारी यूनियन की विभिन्न मांगों से अवगत कराया।

    भारतीय मजदूर संघ के महासचिव मंगत राम नेगी, उपाध्यक्ष मदन राणा, अध्यक्ष, सिलाई कटाई कर्मचारी संघ’ मीरा शर्मा और कर्मचारी यूनियनों के अन्य पदाधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

  • BIHAR : विधानमंडल का बजट सत्र राज्यपाल के संबोधन के साथ शुरू, विपक्ष ने किया हंगामा

    BIHAR : विधानमंडल का बजट सत्र राज्यपाल के संबोधन के साथ शुरू, विपक्ष ने किया हंगामा

    पटना। बिहार विधनमंडल का बजट सत्र सोमवार को राज्यपाल के संबोधन के साथ प्रारंभ हो गया। राज्यपाल फागू चौहान ने सोमवार को विधानमंडल के संयुक्त सत्र को सम्बोधित करते हुए कहा कि बिहार सरकार ने न्याय के साथ विकास के सार्थक प्रयास किए हैं। इस दौरान बजट सत्र की कार्यवाही शुरू होने के पहले विपक्षी सदस्यों ने जोरदार हंगामा किया। कार्यवाही प्रारंभ होने से पहले विपक्षी सदस्यों ने अनुमान के मुताबिक जोरदार हंगामा किया। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) सहित विपक्षी दल के सदस्यों ने सदन के बाहर प्रदर्शन किया। सदस्यों के हाथों में तरह-तरह के बैनर और पोस्टर थे। राजद विधायकों ने सदन के बाहर जोरदार हंगामा किया। विधायक एनआरसी और सीएए कानून लागू नहीं करने का प्रस्ताव विधानसभा में लाने की मांग कर रहे थे।

    राजद नेता भाई वीरेंद्र ने कहा, “नीतीश कुमार के आश्वासन पर कोई भरोसा नहीं है। नीतीश कुमार बोलते हैं, इसके बाद मुकर जाते हैं।”

    उन्होंने कहा, “हमारी मांगों सें संबंधित प्रस्ताव विधानसभा में पारित होना चाहिए।”

    गौरतलब है कि नीतीश कुमार पहले ही कह चुके हैं कि एनआरसी लागू होने का प्रश्न ही नहीं उठता। उन्होंने कहा कि एनपीआर भी पुराने नियमों से लागू होगा।

    बिहार विधानमंडल के बजट सत्र के पहले दिन राज्यपाल ने बजट सत्र के सफल संचालन की अपेक्षा सदस्यों से करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने न्याय के साथ विकास के सार्थक प्रयास किए हैं।

    उन्होंने कहा, “राज्य सरकार सभी वगोर्ं को साथ लेकर चलने को संकल्पित है।”

    उन्होंने कहा, “सरकार के संकल्पों का ही परिणाम है कि राज्य में सामाजिक सद्भाव कायम है।”

    उन्होंने जल-जीवन-हरियाली योजना की चर्चा करते हुए कहा कि राज्य सरकार पर्यावरण संतुलन के लिए चिंतित है, जिसके लिए कई कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ, सड़क, बिजली समेत सभी क्षेत्रों में हुई बिहार की प्रगति की विस्तृत चर्चा की।

    राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि बिहार में अपराध का आंकड़ा राष्ट्रीय औसत से कम है। अपराध के मामले में बिहार देश मे 23वें स्थान पर है। उन्होंने कहा कि बेहतर पुलिसिंग का इंतजाम किया जा रहा। उन्होंने कहा कि राज्य में नए मेडिकल कॉलेज खोलने पर काम चल रहा है। पटना को जलजमाव से मुक्ति दिलाने के लिए अल्प और दीर्घकालिक योजना पर काम हो रहा है।

    विधनसभा का बजट सत्र 31 मार्च तक चलेगा।