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  • मंदिर में सेक्स डॉल लेकर घुसा शख्स, सबके सामने करने लगा ये

    डेस्क। पड़ोसी देश म्यांमार से एक हैरान करने वाली घटना सामने आ रही है यहाँ एक व्यक्ति ने पवित्र स्थान पर दो सेक्स डॉल की शादी ही करवा दी। व्यक्ति की हरकत के बारे में जब लोगों को पता चला तो वह आक्रोश से भर गए। वहीं इस घटना को लेकर मुकदमा भी दर्ज करवाया गया है। अब सेक्स डॉल की शादी करवाने वाले व्यक्ति को गिरफ्तार भी कर लिया गया है।
    यह घटना म्यांमार की है और 22 अक्टूबर की बताई जा रही है। यंगोन शहर के श्वेडेगोन मंदिर में एक अजीबोगरीब शादी के लिए 26 वर्ष के जार्नी आंग वहां पहुंचे। वह अपने साथ दो डॉल लेकर भी आए थे। दोनों डॉल की लंबाई 5,5 फीट बताई जा रही है। इन दोनों डॉल को म्यांमार का पारंपरिक ऑउटफिट भी पहनाए गए थे। साथ ही उन दोनों के सिर पर मुकुट था।
    जार्नी के साथ, 7 और भी लोग थे। वह सभी डॉल के साथ मंदिर के भीतर जा रहे थे। तभी गार्ड ने उन्हें रोक दिया तो वे लोग भीतर नहीं जा पाए तो उन लोगों ने मंदिर के पार्किंग में ही शादी का सेटअप तैयार कर लिया और इस शादी का एक वीडियो भी सामने आया है। 
    इसमें जार्नी एवं उनके साथ उपस्थित लोग शादी के चलते डॉल पर फूल और फल चढ़ाते हुए नजर आते हैं। वहां उपस्थित लोग हैरान भरी नजरों से यह सब देखते ही रह गए। वहीं इस मामले को लेकर बर्मा के धार्मिक और संस्कृति मामलों के मंत्रालय के एक अफसर ने कहा- बौद्ध धर्म के अपमान के मामले में हमलोगों ने जार्नी आंग एवं उनके ग्रुप के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज करवाया है। 
    साथ ही कहा जा रहा है कि दोनों डॉल को चीन से लाया गया था। और उन दोनों की लंबाई 5।5 फीट है। धार्मिक एवं संस्कृति मामलों के मंत्रालय के अफसर की माने तो जार्नी का ग्रुप अपने साथ 7 इंच का एक छोटा डॉल भी लाया था। वहीं रिपोर्ट में कहा गया है कि इस मामले में मंदिर के एक एक कर्मी से भी पूछताछ की जाएगी। आरोप है कि उसने ही मंदिर के पार्किंग में जार्नी के ग्रुप को शादी कार्यक्रम के लिए अनुमति दी थी साथ ही अफसरों ने बताया कि तहकीकात के चलते जार्नी पुलिस हिरासत में रहेंगे।

  • जाने आपका राज्य है कितने साल पुराना

    देश– भारत का इतिहास यदि देखा जाए तो वह स्वय में बहुत कुछ समेटे हुए हैं। भारत मे कुल 28 राज्य है। भारत मे आजादी के बाद से देशी रियासतों का विलय शुरू हुआ। वही भारत मे कई राज्य ऐसे भी है। जिनका निर्माण राज्यो में विखंडन से हुआ है।
    वही अगर हम बात भारत के सबसे पुराने राज्य की करे। तो यह बिहार है। बिहार का निर्माण 110 साल पहले हुआ था। इस राज्य को राजनैतिक गढ़ भी माना जाता है। बिहार के बाद सबसे पुराने राज्य की लिस्ट में असम, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, हिमाचल प्रदेश का नाम आता है।
    यदि हम असम की बात करे तो यह 94 साल पुराना राज्य है। ओडीशा 86 साल पुराना राज्य है। पश्चिम बंगाल 75 साल पुराना राज्य है। हिमाचल प्रदेश 74 साल पुराना राज्य है। राजस्थान 73 साल पुराना राज्य है। वही उत्तरप्रदेश 72 साल पुराना राज्य है।
    इसके अलावा मध्य प्रदेश, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक 66 साल पुराने राज्य है। छत्तीसगढ़, झारखंड, उत्तराखंड 22 साल पुराने राज्य है। अरुणाचल प्रदेश और मिजोरम 35 साल पुराने राज्य है। सिक्किम 47, पंजाब , हरियाणा 56 पुराने राज्य है। इसके अलावा तेलंगाना 8 साल पुराना राज्य है। यह सबसे नया राज्य माना जाता है।

  • जाने क्या है वह जो पांच साल तक सुरक्षित रखता है आपकी जानकारी

    जानकारी -हम सभी मे से शायद ही कोई ऐसा हो जो आज सोशल मीडिया से न जुड़ा हो। लोग अपना डेटा ऑनलाइन सेव करते हैं। वही आज हम ऑनलाइन तकनीकी से जुड़े जितने भी काम करते हैं वह डेटा कही न कही संरक्षित रहता है। जिसे शायद आप नही जानते होंगे।
    असल मे आपकी ऑनलाइन गतिविधि का सम्पूर्ण डेटा डेटा सर्वर द्वारा संरक्षित किया जाता है। इस सर्वर में कुछ प्रोसेसर लगाए जाते हैं। जो डेटा को वायरस और खराब होने से बचाते हैं।
    डेटा सेंटर आपके डेटा को पांच साल तक सुरक्षित रखता है। वही अगर भविष्य में कोई अपराध हो जाए या कोई समस्या हो जाए तो कुछ विशेष नियमो के मुताबिक यह डेटा आप प्राप्त कर सकते हैं।
    नोएडा में बने डाटा सेंटर का निर्माण 2021 में शुरू हुआ था. हीरानंदानी समूह की मुंबई स्थित सहायक कंपनी Yotta ने इसे तैयार किया है।
    इसमें 6 इमारतें बनाई गई हैं, जो एक दूसरे से जुड़ी हुई हैं. इन इमारतों में करीब 30 हजार रैक रखी जाएंगी, जिनपर सर्वर स्‍थापित कर डाटा स्‍टोर होगा।
    डाटा सेंटर के निर्माण पर करीब 5,000 करोड़ रुपये खर्च आएगा. इस डाटा सेंटर के पहले टावर की क्षमता 30 मेगावाट डाटा स्टोर करने की ।

  • सबसे अधिक गर्म वर्ष रहा 2022

    देश– विश्व मौसम विभाग संगठन ने जलवायु को लेकर एक अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि 2022 में वैश्विक औसत तापमान पूर्व-औद्योगिक (1850-1900) औसत से 1.15 डिग्री सेल्सियस अधिक रहने का अनुमान है।
    इस अलर्ट के बाद यह अनुमान लगाया जा रहा है की साल 2015 के बाद से अब तक की यह सबसे गर्म रह सकती है।डब्ल्यूएमओ प्रोविजनल स्टेट ऑफ द ग्लोबल क्लाइमेट 2022′ शीर्षक वाली रिपोर्ट में कहा गया है। समुद्र के स्तर में साल 1993 के हिसाब से दोगुनी वृद्वि हुई है।
    रिपोर्ट में कहा गया है कि लगभग 30 साल पहले उपग्रह माप शुरू होने के बाद से समुद्र के स्तर में कुल वृद्धि का 10 प्रतिशत हिस्सा पिछले ढाई साल में बढ़ा है.
    2022 की अस्थायी रिपोर्ट में इस्तेमाल किए गए आंकड़े इस साल सितंबर के अंत तक के हैं. अंतिम रिपोर्ट अगले साल अप्रैल में जारी की जाएगी.
     रिपोर्ट में कहा गया है, 2022 में अब तक का वैश्विक औसत तापमान 1850-1900 के औसत से 1.15 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा है। आठ साल – 2015 से 2022 – रिकॉर्ड में आठ सबसे गर्म वर्ष होने की आशंका है.

  • क्यों शराबी हो बनती जा रही महिलाएं

    जानकारी– शराब पीना कोई अच्छी बात नही है। वही जब महिलाएं शराब पीने लगती है तो यह चिंता का विषय बनता है। क्योंकि यह हमारी संस्कृति पर एक तरह का प्रहार है और लोगो के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़।
    लेकिन यह सब होने के बाद भी शराब सेवन करने वाले लोगो की संख्या में तेजी से इजाफा देंखने को मिला है। लोग अब पहले की तुलना में अधिक शराब पीने लगे हैं। वही एक रिपोर्ट के मुताबिक दिल्ली में महिलाओ में शराब की लत अधिक बढ़ गई है।
    वही जब महिलाओं में बढ़ती शराब की लत पर कम्‍युनिटी अगेंस्‍ट ड्रंकेन ड्राइविंग (CADD) एनजीओ ने सर्व किया तो उन्होंने बताया की ज्यादातर महिलाएं शराब का सेवन इसलिए करती है क्योंकि वह तनाव में होती है।
    रिपोर्ट के मुताबिक शराब का सेवन मैच्योर महिलाएं कर रही है। 45 फीसदी महिलाएं शराब तनाव के चलते पीती है। 5 हजार लोगों के शोध के मुताबिक। वही 30 फीसदी महिलाएं अपना अकेलापन दूर करने के लिए शराब का सहारा लेती है।
    वही सर्वे यह की बताता है कि शराब का सेवन सोसाइटी पर भी निर्भर करता है। लोग अपनी क्लास को दिखाने के लिए शराब का सेवन करते हैं। 89.6 फीसदी महिलाएं ऐसी है जो हाई क्लास की है और शराब पीती है।

  • मैप पर दिखती है बिल्डिंग, असल में नहीं है अस्तित्व तो लोग बोले भूत

    डेस्क। वैसे तो भूतों के बारे में लोगों की अलग-अलग राय होती है। कुछ लोग भूतों पर विश्वास करते हैं और कुछ लोग इसे सिर्फ एक भ्रम मानते हैं। वहीं कई लोगों ने भूत देखने का दावा भी किया है। इसके आलावा कुछ लोगों ने उनके साथ डरावने अनुभव भी शेयर किए हैं। बता दें मैनचेस्टर में लोगों को भूतों की दुनिया के सबूत भी मिले हैं।
    बता दें ऐसा ही हैरान करने वाला इसका सबूत उन्हें गूगल मैप्स पर मिला। सोशल मीडिया पर कुछ तस्वीरें शेयर की गईं, जिनमें कुछ भव्य इमारतें दिखाई गईं हैं। पर खास बात यह है कि यह बिल्डिंग सिर्फ गूगल मैप्स पर ही नजर आती है। और वास्तव में उस स्थान पर ऐसा कोई भवन नहीं है।
    एक ट्विटर यूजर Kimberly ने एक स्क्रीनशॉट शेयर किया है जिसमें गूगल मैप्स पर मैनचेस्टर ब्रिज स्ट्रीट के पास और स्थानीय मजिस्ट्रेट कोर्ट के पास लोरी होटल के पास कई भव्य इमारतें देख रही है। वहीं इन इमारतों को अजीब नाम फैंटम बिल्डिंग दिया गया था। और यह भी कहा गया कि गूगल मैप्स पर दिखने वाली ये इमारतें डरावनी हैं और हकीकत में इनका कोई अस्तित्व ही नहीं है।
    भूत निर्माण
    गूगल मैप्स पर इन प्रेतवाधित इमारतों को देखने के बाद कई लोगों ने इसे दूसरी दुनिया या आयाम की झलक दी। इन भूतिया इमारतों को सिर्फ गूगल मैप्स पर ही देखा जा सकता है। यह पहली बार नहीं है जब मैनचेस्टर में ऐसी इमारतें या भूतिया घटनाएं देखी गई हैं। यूएफओ से लेकर एलियंस तक देखे जाने के कई दावे पहले भी हो चुके हैं।
    इसके बाद कई लोगों ने अपने कुछ ऐसे ही अनुभवो को साझा किया है। वहीं कई लोग भूतों को देखने और कभी-कभी यूएफओ देखने की सूचना भी दे रहे है। यहां रहने वाले दवे ने कहा कि वह 70 के दशक से अपसामान्य चीजें देख और सुन रहे हैं। वहीं मैनचेस्टर में कुछ ऐसा है, जिसका राज कभी सामने भी नहीं आया है।

  • कानपूर स्टेशन पर खुदाई के दौरान निकले तीन शिवलिंग, नाग नागिन कर रहे थे रखवाली

    डेस्क। कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर मंगलवार की सुबह खाेदाई में शिवलिंग जैसे तीन पत्थर मिलने के बाद से चर्चा शुरू हो गई हैं, वहीं इससे नाग-नागिन के जोड़े लिपटे देखे जाने और फिर भूमि के अंदर कहीं चले जाने की बात भी कही जा रही है।
    यह जानकारी मिलते ही आसपास के लोगों की भीड़ यहां पर एकत्र हो गई, यह चर्चा हो रही है कि तीनों पत्थर शिवलिंग है और ब्रिटिशकाल से पहले के बताएं जा रहे हैं। आरपीएफ और रेलवे अधिकारी भी यहां पहुंच गए और विशेषज्ञों से जानकारी कराने का प्रयास जारी है।
    कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर बीते करीब एक वर्ष से आरपीएफ सेंट्रल थाने के पास एस्केलेटर व पैदल पुल निर्माण का काम चल रहा था। वहीं यह एस्केलेटर बनाने का काम पूरा होने के करीब है। और यहां पर निर्माण के लिए सोमवार को खोदाई भी शुरू की गई थी। 
    इसके साथ ही मंगलवार की सुबह भी दूसरी तरफ लोहे के एंगल लगाने के लिए खोदाई की जा रहा थी। पर खोदाई के दौरान मलबा हटाते ही नीचे एक के बाद एक तीन शिवलिंग दिखाई पड़े।
    वहीं प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो शिवलिंग से नाग और नागिन का जोड़ा भी लिपटा हुआ दिखाई पड़ा था। लोगों के मुताबिक़ खोदाई के बाद शिवलिंग जैसे दिखने वाले पत्थर बाहर आए तो उनसे लिपटे नाग-नागिन को फन ऊंचा करते भी देखा गया। इसके बाद नाग नागिन फिर वापस मिट्टी के अंदर कहीं चले गए और वो कहां गए इसका पता नहीं चल सका। वहीं जानकारी होते ही शिवलिंग देखने के लिए लोगों की भीड़ पहुंच गई और आरपीएफ जवानों के साथ रेलवे अफसर भी वहां पर पहुंच गए।
    प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो शिवलिंग प्राचीन हैं, जो ब्रिटिशकाल या उससे पहले के लगता हैं। यह भी संभव है कि यहां पर कोई शिव मंदिर रहा होगा, जो रेलवे स्टेशन बनाए जाते समय नीचे दबा दिया गया होगा। 

  • इस बैंक स्लिप में ऐसा क्या था, जिसने भी देखा हस -हस के हुआ पागल

    डेस्कLatest Trending News: सोशल मीडिया ऐसा प्लेटफॉर्म है जहां पर हर रोज तरह-तरह के वीडियो और फोटो वायरल होते रहते हैं। इनमें से कुछ फनी होते हैं जो हमें काफी गुदगुदाते भी हैं। वहीं ऐसी ही एक फोटो इन दिनों सोशल मीडिया पर जमकर वायरल भी हो रहा है। इस फोटो को देखकर कोई भी अपनी हंसी नहीं रोक पाएगा। बता दें इसमें हुआ ही कुछ ऐसा है कि किसी के लिए भी अपनी हंसी को रोक पाना आसान नहीं है तो चलिए फिर आपको विस्तार से बताते हैं क्या है पूरा मामला।
    जानिए क्या है मामला
    सोशल मीडिया पर वायरल हो रही यह तस्वीर ‘इंडियन बैंक’ के एक ब्रांच से निकली डिपॉजिट स्लिप की है वहीं इस डिपॉजिट स्लिप में अकाउंट होल्डर ने कैश डिपॉजिट कराने के लिए अपनी हर जानकारी भी लिखी है, पर उसने अमाउंट के कॉलम में अमाउंट की जगह जो लिखा है उसे देखकर सबकी हंसी छूट रही है। उस शख्स ने वहां रकम की जगह अपनी राशि ही लिख दी है।
    अगर आप इस ‘डिपॉजिट स्लिप’ को सही से देखेंगे तो ऊपरी हिस्से में इंडियन बैंक की मुरादाबाद शाखा का जिक्र मिलेगा यानी यह पर्ची उस ब्रांच की है। वहीं यहां अकाउंट होल्डर ने बैंक में रुपये जमा कराने के दौरान सभी जानकारियां उस डिपॉजिट स्लिप में लिखीं है पर अमाउंट वाले कॉलम में उसने ‘तुला राशि’ लिखकर छोड़ दिया। 
    बता दें अमाउंट को हिंदी में राशि लिखा गया था और ऐसे में शायद अकाउंट होल्डर को लगा कि यहां अपनी राशि लिखनी है जिसपर इसे जमाकर्ता की लापरवाही या मस्ती करार दिया जा सकता है वहीं असल लापरवाही बैंक वालों की नजर आई। क्योंकि स्लिप पर बैंक की मुहर लगी है जिसका मतलब है कि उसके गलत डिटेल के बाद भी बैंक कर्मचारी ने पैसा जमा कर लिया है।

  • Children’s Day: – जाने क्यों मनाया जाता है Children’s Day

    देश– आज पूरा देश बाल दिवस मना रहा है। बाल दिवस हर साल 14 नवंबर को मनाया जाता है। क्योंकि इस दिन पंडित जवाहर लाल नेहरू का जन्मदिन होता है। लोग इस दिन चाचा नेहरू को सम्मान देते हैं और उनकी याद में बच्चो को प्यार और दुलार करते हैं।
    पंडित जवाहर लाल नेहरू का जन्म 14 नवम्बर 1889 को उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में हुआ था। यह बच्चो से बहुत प्यार करते थे। इनका मानना था कि बच्चे देश का भविष्य होते हैं उनके बिना देश का विकास संभव नही है। जवाहर लाल नेहरू ने शिक्षा के महत्व को लोगो को समझाने हेतु कई बड़े प्रयास किए।
    पंडित नेहरू का कहना था कि आज के बच्चे ही कल के भारत का निर्माण करेंगे। हम उन्हें जैसी शिक्षा देगे वह हमें वैसा ही देश देंगे। आज का दिन चिल्ड्रन डे के रूप में मनाया जाता है। इसकी शुरुआत 1956 में की गई थी। 
    कहते हैं पंडित जवाहर लाल नेहरू को बच्चो से प्रेम था। इसलिए उनकी मृत्य के बाद यह निर्णय लिया गया कि उनकी जयंती के दिन बाल दिवस मनाया जाएगा।

  • बनाया गया महाबाहुबली समोसा, दो सौ लोग मिलकर करेंगे खत्म

    डेस्क। जो लोग खाने के शौकन है उनके लिए ये खबर बेहद ही महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। इस कड़ी में मेरठ में बाहुबली समोसे के बाद अब शहर में 10 किलो का महाबाहुबली समोसा भी तैयार किया गया है। जिसको खाने वाले को 71 हजार रुपये का इनाम भी दिया जाएगा। इस समोसे को बनाने में तकरीबन छह घंटे का वक्त लगा है और अब बस इसे कढ़ाई में तला जाना बाकी है। महाबाहुबली समोसे को देखने के लिए दूर दराज से लोग यहां पहुंच भी रहे हैं। इसके साथ ही लोग यह भी सोच रहे हैं कि आखिर इस विशालकाय समोसे को कौन खा सकता है। वहीं दुकान संचालक के अनुसार समोसा बनाने के लिए तैयार की गई फिलिंग में भी काफी समय लगा है। जिसके लिए काफी कारीगरों को काम पर लगाया गया था।
    लालकुर्ती स्थित कौशल स्वीट्स के संचालक उज्जवल ने यह भी बताया कि महाबाहुबली समोसे में चार किलो पनीर, मटर और आलू भरा हुआ है। वहीं इसमें साढ़े तीन किलो मैदा लगाई गई। इससे पहले भी दुकान पर आठ किलो का समोसा तैयार किया गया था जिसको खाने वाले के लिए 51 हजार रुपये का इनाम रखा गया था। इसी के साथ समोसा छह घंटे में तैयार किया गया है।
    इसकी फीलिंग बनाने के लिए दस किलो के महाबाहुबली समोसे को बनाने में सबसे मुश्किल काम इसकी फिलिंग बनाना था। वहीं बताया गया है कि फिलिंग बनाने के लिए पहले आलुओं को धोकर उबाला गया और फिर उन्हें ठंडा कर छीला गया और मैश किया गया।
    फिर मैश किए गए आलुओं को रिफाइड डालकर सूखे मसाले जैसे हींग, धनिया, जीरा, गरम मसाला, लाल मिर्च पाउडर के साथ फ्राई करा गया। और इसमें उबले हुए मटर, कटी हरी मिर्च और कटा पनीर डाला गया। इसके बाद में इसमें काजू भी एड किए गए। 
    इसके अलावा दो कारीगरों द्वारा तीन किलो मैदा में से एक बड़ी रोटी टेबल पर रखकर बेली गई और इसे समोसे का तिकोना रूप देकर इस फिलिंग को भरा भी गया है। साथ ही समोसे को एक ट्रे में रखकर सेट किया गया और जिसके बाद इसे कढ़ाई में रिफाइंड डालकर तला जाना है।
    आपको याद होगा कि 10 किलो के इस समोसे को दो सौ लोग आराम से खा सकते हैं। उन्होंने बताया कि इससे पहले दिवाली के समय बनाया गया आठ किलो का समोसा डेढ़ सौ लोगों ने मिलकर खाया था। अब वह पांच किलो की जलेबी बनाने की तैयारी भी कर रहे हैं।