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  • आचार्य चाणक्य: युवाओं को नहीं करने चहिए ये काम

    डेस्क।  आचार्य चाणक्य एक महान विद्वान होने के साथ-साथ एक अच्छे शिक्षक भी थे और आचार्य चाणक्य ने अपनी नीतियों के बल पर एक साधारण से बालक चंद्रगुप्त को सम्राट भी बनाया था।
    नीति शास्त्र में लगभग हर क्षेत्र से संबंधित बातों का उल्लेख किया गया है। और आचार्य चाणक्य ने धन, परिवार, व्यापार, रिश्तों से संबंधित कई बातों के बारे में भी जिक्र किया है वहीं इन नीतियों का पालन करके व्यक्ति अपने जीवन को सफल बना सकता है साथ ही ये नीतियां आज भी उतनी ही प्रासंगिक हैं जितनी की पहले के समय में हुआ करती थीं।

    बहुत से युवा आज भी आचार्य चाणक्य द्वारा बताई गई नीतियों का पालन करते हैं और आचार्य चाणक्य ने कुछ ऐसी गलतियों के बारे में भी जिक्र किया है जिन्हें व्यक्ति को भूलकर भी नहीं करना चाहिए और इससे आपको बाद में इससे पछताना भी पड़ सकता है तो आइए जानें कौन सी हैं वो गलतियां.

    बुजुर्गों और महिलाओं का अपमान न करें –
     आचार्य चाणक्य के अनुसार जो लोग बुजुर्गों और महिलाओं का अपमान करते हैं वे जीवन में कभी भी सुख नहीं पाते हैं।

    और ऐसे लोगों के घर में देवी लक्ष्मी का वास नहीं होता है। इससे घर में कलह बनी रहती है और ऐसे लोग एक-एक पैसे के लिए दूसरों के मोहताज भी हो जाते हैं। वहीं इसलिए कभी भी बुजुर्गों और महिलाओं का अपमान न करें।

    समय बर्बाद न करें – 
    आचार्य चाणक्य के अनुसार जो व्यक्ति समय की कद्र करता है तो समय भी उसकी कद्र करता है।

    ऐसे लोगों पर सदा देवी लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है और कभी भी व्यर्थ में अपना समय बर्बाद न करें वहीं इससे आपको आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ सकता है।

    बुरी आदतों से दूर रहें – आचार्य चाणक्य के अनुसार जो लोग नशे या फिर किसी अन्य बुरी आदतों में लिप्त भी होते हैं उनका जीवन बर्बाद हो जाता है और ऐसे लोगों के पास धन भींनहीं टिकता है। और ये लोग एक-एक पैसे के लिए तरसते हैं वहीं इसलिए कभी भी बुरी आदतों में न पड़ें।

  • जाने सफल और सुखी होने के संदर्भ में क्या कहते हैं आचार्य चाणक्य

    आध्यात्मिक- आचार्य चाणक्य को सर्वश्रेष्ठ, ज्ञानी और बेहतर मार्गदर्शक माना गया है। कहते हैं कि यदि कोई व्यक्ति आचार्य चाणक्य के बातए हुए मार्ग पर चलता है तो उसका जीवन सफल हो जाता है और उसे अपने जीवन मे कभी भी कठिनाइयों से नहीं जूझना पड़ता है।
    वहीं आचार्य चाणक्य का कहना है कि यदि किसी व्यक्ति में यह 3 आदतें हैं। तो वह न दूसरों का हित सोच सकता है और न ही अपने जीवन मे कभी सफल हो सकता है। उसकी यह आदतें उसके जीवन को नष्ट कर देतीं हैं और उस व्यक्ति को अपने सम्पूर्ण जीवन कष्ट झेलना पड़ता है।
    आचार्य चाणक्य के मुताबिक यदि एक व्यक्ति लालच करता है और स्वयं की चीजों में संतुष्ट नहीं रहता है। तो उसे अपने पूरे जीवन कष्ट झेलना पड़ता है और वह दूसरों का सुख देखकर दुखी होता रहता है। व्यक्ति का लालची स्वभाव उसे कभी आगे नहीं बढ़ने देता और वह दूसरों के धन को देखर परेशान होता रहता है।
    आचार्य चाणक्य के मुताबिक यदि कोई व्यक्ति बार- बार झूठ बोलता है और अपने झूठ के बलबूते पर अपनी सफलता के लक्ष्य को साधने का प्रयास करता है। तो उसे सफलता कभी हासिल नहीं होती और उसके झूठ से रिश्ते में खटास आ जाती है।
    आचार्य चाणक्य के मुताबिक जीवन मे सुख के लिए यह तत्व सबसे अधिक आवश्यक है। उनका कहना है यदि कोई व्यक्ति सुख और सफलता दोनों हासिल करना चाहता है। तो उसे संतुष्ट होने का स्वभाव स्वयं में विकसित करना चाहिए। क्योंकि जो व्यक्ति संतुष्ट हैं वही सफल और सुखी है।

  • सफलता का है सीधा सम्बंध प्रयास से

    प्रेरक- जब आप बड़े होते हैं। तो आपके साथ बड़े होते हैं आपके सपने और सफल होने का लक्ष्य। प्रत्येक व्यक्ति चाहता है कि वह अपना सपना पूरा करे और अपनी लाइफ को बड़े ही सुख के साथ व्यतीत करें। लेकिन प्रत्येक व्यक्ति का सफल होना आसान नहीं होता है। क्योंकि सफलता व्यक्ति को महज सोचने मात्र से हासिल नहीं होती है। 
    ज्ञानात्माओं का कहना है कि व्यक्ति सिर्फ बड़े बड़े सपने देखने मात्रा से सफल नहीं हो सकता। यदि आपको वास्तव में अपने जीवन मे कुछ हासिल करना है और लोगों के बीच अपनी अनोखी पहचान बनानी है। 
    सफलता के पथ पर आगे बढ़ना है और अपने सपनों को पूरा करना है। तो आपको संघर्ष करना होगा। क्योंकि सफलता का सूत्र प्रयास है। जो व्यक्ति सफलता प्राप्त करने के लिए प्रयास करता है। वही जीवन मे आगे बढ़ता है।

  • जानें सत्य कितना सर्वोच्च है

    ज्ञान- जब एक व्यक्ति सत्य बोलता है और सत्य को अपना आधार बनाकर जीवन जीना आरम्भ करता है। तो उसे कई प्रकार की समस्याओ से जूझना पड़ता है। लोग उस व्यक्ति के विरोधी हो जाते हैं।
     हर कोई उसकी आलोचना करता है। लेकिन उस व्यक्ति का सत्य उसके माथे पर सदैव चमकता रहता है और यही सत्य उसकी सफलता बनाता है।
    लेकिन आज के समय मे लोग सत्य बोलने से डरते हैं और बार बार झूठ बोलते रहते हैं। लेकिन आपको एक बात हमेशा याद रखनी चाहिए कि झूठ का प्रभाव लम्बे समय तक नहीं टिक सकता। 
    जो व्यक्ति सत्य से भागता है उसका पूरा जीवन झूठ के इर्द गिर्द ही फस जाता है। एक बात को छुपाने के लिए उसे हजारों झूठ बोलने पड़ते हैं और एक समय आता है जब झूठ के प्रभाव से पर प्रताड़ित होने लगता है और उसका झूठ सभी के सामने उसे निराश करता है।
    ज्ञानात्माओं का कहना है सत्य भले ही कितना कठोर हो। लेकिन जब सत्य तुम्हारे चेहरे पर चमकता है तो आप कभी सदैव सफल होते हैं और लोगों की भीड़ में अलग पहचान बनाते हैं। 
    सत्य व्यक्ति को सर्वोच्च बनाता है। वहीं झूठ व्यक्ति की वास्तविक छवि को धूमिल करता है। यह कीचड़ है जो व्यक्ति के व्यक्तित्व को गंदा करता है और उसे जीवन पर्यंत दुख देता रहता है।

  • आचार्य चाणक्य के मुताबिक बुरे वक्त में कभी न करें यह काम

    आध्यात्मिक– वक्त सभी का बदलता है। यदि आज किसी का अच्छा वक्त है तो हो सकता है कल उसे बुरा वक्त देखना पड़े। लेकिन कई लोग बुरे वक्त में घबराने लगते हैं और अपने आप से व्यथित होकर कई गलत कदम उठा लेते हैं। 
    लेकिन आचार्य चाणक्य ने बुरे वक्त को लेकर कुछ अमुख बातें कहीं हैं। उनके अनुसार यदि कोई व्यक्ति बुरे वक्त में इन बातों को में रखता है। तो उसे कभी भी परेशानियों से नहीं जूझना पड़ता है।
    आचार्य चाणक्य के मुताबिक यदि आप पर कभी बुरा वक्त आए। तो आपको उससे घबराना नहीं चाहिए और संघर्ष के साथ परिस्थितियों का सामना करना चाहिए। क्योंकि जो घबरा जाता है वह परिस्थितियों से हार जाता है और उसे जीवन भर दुख झेलना पड़ता है।
    आचार्य चाणक्य कहते हैं कि यदि बुरा वक्त प्रभावी हो तो व्यक्ति को गलत मार्ग पर नहीं चलना चाहिए। क्योंकि यदि आप गलत मार्ग पर प्रशस्त होते हैं। तो आपको कष्ट झेलनें पड़ते हैं और आप सदैव दुखी ही रहते हैं।
    आचार्य चाणक्य कहते हैं कि यदि बुरा वक्त आए तो आपको कभी भी गुस्सा नहीं करना चाहिए। अपनी बातों को सोच समझ कर कहना चाहिए। क्योंकि यदि आप अपने गुस्से पर काबू नहीं पाते हैं। तो आप परिस्थितियों से हार जाते हैं और आपको सदौव कष्ट झेलना पड़ता है।

  • धूप जलाने पर हैं ये प्रतिबंध, नहीं रखा ध्यान तो हो जाएंगे बर्बाद

    डेस्क। हिंदू धर्म में भगवान की पूजा करते समय धूप जलाई जाती है और इसे शुभता और समृद्धि का प्रतीक भी माना जाता है। वहीं ऐसा माना जाता है कि घर में सुबह-शाम अगरबत्ती जलाने से सकारात्मक ऊर्जा का संचार भी होता है, और इससे घर में सुख-समृद्धि बनी रहती है, पर वास्तुशास्त्र में अगरबत्ती से जुड़ी कई जरूरी बातें बताई गई हैं।
    बता दें भगवान की स्तुति के समय अगरबत्ती का प्रयोग किया जाता है, लेकिन सप्ताह में दो दिन अगरबत्ती का प्रयोग वर्जित बताया गया है। ऐसा करने से घर की चमक तक फीकी पड़ सकती है। जानिए सप्ताह के किस दिन अगरबत्ती को नहीं जलाना चाहिए।
    क्या हैं अगरबत्ती जलाने के फायदे
    अगरबत्ती जलाने से घर में नकारात्मक ऊर्जा नहीं रहती है और वातावरण सकारात्मक भी बना रहता है। वहीं इससे देवता भी प्रसन्न होते हैं और उनकी कृपा से सुख-समृद्धि में भी वृद्धि होती है। अगरबत्ती का धुआं हवा को भी शुद्ध करता है और हानिकारक बैक्टीरिया को मार देता है। धूपबत्ती के अलावा कपूर जलाकर भी भगवान की पूजा करना बेहद ही शुभ होता है।
    बता दें वास्तु के अनुसार बांस घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है और घर में खुशनुमा माहौल बना रहता है। लेकिन रविवार और मंगलवार को बांस जलाना शास्त्रों में वर्जित बताया गया है, इसलिए रविवार और मंगलवार को अगरबत्ती नहीं जलानी चाहिए, ऐसा करने से मानसिक और आर्थिक नुकसान भी होता है। इससे घर में दरिद्रता भी आती है और परिवार के सदस्यों के बीच तनाव बढता ही रहता है।
    क्या होगा नुकसान है?
    पौराणिक शास्त्रों के अनुसार मंगलवार और रविवार को बांस जलाने से संतान को काफी हानि होती है। साथ ही इसके अलावा बांस जलाने से पितृदोष होता है, जिससे परिवार में सुख-शांति भी नहीं रहती है। बांस जलाने से दुर्भाग्य आता है और आपको आर्थिक तंगी से गुजरना भी पड़ सकता है, इसलिए अगरबत्ती जलाना शास्त्रों में वर्जित बताया गया है।

  • वास्तु शास्त्र के मुताबिक इन 3 जगहों पर कभी मत रखना चप्पल

    आध्यात्मिक- यदि हम वास्तु शास्त्र के मुताबिक अपने घर को व्यवस्थित करते हैं। तो हमारे घर मे सकारात्मक ऊर्जा का वास होता है और हम कष्टों से मुक्ति पाते हैं। 
    क्योंकि घर को वास्तु के मुताबिक व्यवस्थित करने से घर मे देवी देवताओं का निवास होता है और घर से सभी दुख रोग दोष खत्म हो जाते हैं।
    वहीं वास्तु शास्त्र के मुताबिक घर में जूता चप्पल रखने के कुछ विशेष नियम हैं। कहते हैं कि यदि आप चप्पल जूतों को घर के पूजा स्थल के आस पास रखते हैं। 
    तो घर मे नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव बढ़ जाता है और घर मे आर्थिक और पारिवारिक समस्या बढ़ जाती हैं।
    वही यदि आप चप्पल जूतों को खाने पीने की जगह पर रखते हैं। तो माता अन्नपूर्णा आपसे रुष्ठ हो जाती हैं और घर मे कभी भी बरक्कत नहीं होती है। 
    इसके अलावा जूते चप्पल को कभी भी घर की तिजोरी के पास नहीं रखना चाहिए। क्योंकि इससे घर मे धन हानि होती है और पारिवारिक कलह का सामना करना पड़ता है।

  • Basant Panchami 2023:- जानें कब है बसंत पंचमी और इसका महत्व

    Basant Panchami 2023:- भारत में माघ माह के शुक्ल पक्ष में प्रतिवर्ष बसंत पंचमी का पावन परब4मनाया जाता है। हिन्दू धर्म मे इस पर्व का बहुत महत्व है। इसे सरस्वती पूजा भी कहा जाता है। कहते हैं इस दिन माता सरस्वती की पूजा की जाती है और उनके आशीर्वाद से घर में सुख समृद्धि का निवास होता है।
    वहीं इस साल बसंत पंचमी यानी सरस्वती पूजा 26 जनवरी को पड़ रही है। धार्मिक ग्रंथों के मुताबिक यदि आप बसंत पंचमी के दिन पीले वस्त्र पहन कर। पूजा की थाली सजाकर माता रानी की आराधना करते हैं और आरती के साथ उनका आवाहन करते हैं। तो आपके सभी दुख दूर हो जाते हैं और आपके ज्ञान में वृद्धि होती है।
    बसंत पंचमी का त्यौहार इसलिए भी आवश्यक है। क्योंकि इस दिन माता सरस्वती का जन्म धरती पर हुआ था। वहीं जो लोग इस देवी सरस्वती के मूल मंत्र ॐ ऐं सरस्वत्यै नमः का जाप हल्दी की माला से करने से बुद्धि तेज होती है और उनके ज्ञान के आगे सभी लोग नतमस्तक होते हैं।

  • घर मे मची है कलह से तो व्यवहार में लाएं यह दो आदतें

    आध्यात्मिक- हमने कई बार देखा है कि घर मे सुख समृद्धि का वास नहीं होता है। हमारे अपने हमसे असंतुष्ट रहते हैं। पारिवारिक जीवन मे कलह आ जाती है और प्रत्येक व्यक्ति मानसिक रूप से पीड़ित रहता है। लेकिन हम यह नहीं समझ पाते की आखिर ऐसा होता क्यों है।
    आचार्य चाणक्य का मानना है कि जब घर मे अपनापन नहीं रहता है और छोटी छोटी बातों पर कलह होने लगती है। तो उसका एक मात्र कारण हमारा व्यवहार है। यदि हम आपने आचरण में दो चीजों को ले आएं तो हमारा जीवन खुशहाल रहेगा और हमारे परिवार में सुख समृद्धि का वास होगा।
    आचार्य चाणक्य के मुताबिक व्यक्ति का आचरण संतुष्टि और दया वाला होना चाहिए। यदि व्यक्ति संतुष्ट रहता है तो वह सुखी रहता है और यदि व्यक्ति का स्वभाव दयालुता वाला है। तो वह दूसरों की पीड़ा समझता है और उनका प्रत्येक परिस्थिति में सहयोग करता है।
    आचार्य चाणक्य का मानना है कि सुखी जीवन के लिए दया और सन्तुष्टि अत्यंत आवश्यक है। क्योंकि संतुष्टि से व्यक्ति लोगों से उम्मीद लगाना छोड़ देता है और अपने जीवन मे जो हैं उससे प्रसन्न रहने लगता है। वहीं दया का भाव व्यक्ति को मानव बनाता है और वह अन्य लोगों को सकारात्मक मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।

  • इलायची से आप कर सकते हैं ये लाभकारी उपाय

    डेस्क। Elaichi Upay 2023 : हमारे रसोईघर में कई सारी खाने की सामग्री रखी जाती हैं, जो खाने को बेहद स्वादिष्ट भी बना देती है। साथ ही क्या आप जानते हैं, जीवन को खुशहाल बनाने के लिए भी आप अपने रसोईघर की सामग्री का इस्तेमाल भी कर सकते हैं।
    साथ ही अगर आपकी कुंडली में ग्रह-नक्षत्र ठीक नहीं है, जिससे आपको अपने जीवन में कई सारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, तो आइए आज हम आपको अपने इस लेख में इलाइची के कुछ उपायों के बारे में बताएंगे। वहीं जिन उपायों को करने से आपके जीवन में आ रही सभी अड़चनें दूर हो जाएंगे आपके सारे काम इससे बनने भी लग जाएंगे।
    इलाइची के इन उपायों से सभी अड़चने भी दूर हो जाएंगी  
    1.अगर आपके काम में अड़चने आ रही है, तो एक लोटा जल लें और उसमें दो इलाइची डालकर उस पानी को उबाल भी लें। साथ ही अब जब पानी उबलकर आधा हो जाए, तो इसे बाल्टी में डालकर उस पानी से स्नान भी करें, और स्नान करते समय ‘ओम जयंती मंगला काली भद्रकाली’ मंत्र का जाप करें। इससे अगर आपकी कुंडली में शुक्र की स्थिति कमजोर होगी, तो वह दूर हो जाएगी और आपको हर क्षेत्र में सफलता भी मिलेगी।
    2.अगर आप आर्थिक संकट से बहुत परेशान है, इसके अलावा अगर आपके हाथ में पैसे नहीं टिकते हैं, तो अपने पर्स में 5 हरी इलाइची को रखें। इससे आपके आय में बढ़ोतरी भी होगी आपके खर्चों में कमी आएगी और अगर आप किसी गरीब को एक सिक्का दान करते हैं तो साथ में इलाइची खिलाते हैं, तो इससे दरिद्रता भी दूर हो जाएगी।
    3.गुरुवार के दिन पांच छोटी इलाइची को अगर आप पीले कपड़े में बांधकर किसी गरीब को दान करते हैं तो इस उपाय को 5 गुरुवार तक आपको करना है, इससे आपको मनचाहा जीवनसाथी भी मिलेगा।
    4. वहीं अगर आप नौकरी या व्यपार में सफलता पाना चाहते हैं, तो एक हरे कपड़े में इलायची को बांधकर रात में तकिए के नीचे रख के सो जाएं सुबह उठकर किसी बाहरी व्यक्ति को खिला दें, इससे आपको जल्द ही सफलता मिलेगी।
    5.पीपल के पेड़ के नीचे पांच छोटी इलाइची रख दें घर आते समय पीछे मुड़कर न देखें इससे आपको शिक्षा के क्षेत्र में सफलता जरूर मिलेगी।