Category: national

  • बीजेपी पर है विश्वास, कांग्रेस में जड़ने से बेहतर कुँए में कूदना

    देश: कांग्रेस भाजपा के मध्य तना-तनी जारी है। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कांग्रेस पार्टी को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट करते हुए कहा- एक बार उनको कांग्रेस परिवार का हिस्सा बनने की सलाह मिली। उन्हें यह पसंद नहीं आया उन्होंने इसपर प्रतिक्रिया देते हुए कहा- मैं कांग्रेस पार्टी का सदस्य बनने से बेहतर होगा कुँए में कूद जाऊं। 

    उन्होंने आगे कहा – कांग्रेस ने देश में कई वर्ष राज किया लेकिन बीते ९ वर्ष में भाजपा ने जितना काम किया उतना कांग्रेस कई वर्षों में नहीं कर पाई। मैं जब ९ वर्ष पहले यूपी गया तो मैंने कहा था साल २०२४ तक यूपी की सड़कें अमेरिका जैसी होंगी। बीजेपी लगातार इस पर काम कर रही है। 

    उन्होंने आगे कहा- जब मुझसे कांग्रेस में शामिल होने को कहा गया तो बात आई कि पार्टी में अच्छे नेता और कार्यकर्ता हैं वहां आपका सम्मान होगा। उनकी बात शायद उनके हिसाब से सही हो लेकिन मैंने उनको तुरंत जवाब दिया यह संभव नहीं है मैं कांग्रेस से जुड़ने से बेहतर होगा कि कुँए में कूद जाऊं। मैं बीजेपी की विचारधारा से संतुष्ट हूँ मुझे विश्वास है भाजपा बेहतर कर रही है। 

  • Weather Update: जानें कब तक पड़ेगी गर्मी और कब आएगा मानसून

    देश: भीषण गर्मी से हाहाकार मचा हुआ है। तपन से लोगों की हालत खराब है। हर कोई अब यही चाहता है कि काश थोड़ी बारिस हो जाए और गर्मी के कहर से राहत मिले। वहीं अब मौसम विभाग की ओर से खबर आ रही है कि दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश में अभी कुछ दिन गर्मी का कहर जारी रहेगा। 

    मौसम विभाग के मुताबिक़ – बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, ओडिशा और आंध्र प्रदेश में लू के साथ तपन जारी रहेगी। पारा अभी ऊपर चढ़ने की संभावना हैं। हालाकि गुजरात में आए बिपारजॉय चक्रवात की वजह से दिल्ली एनसीआर में बेमौसम बरसात की संभावना है। इसके साथ ही 17-20 के बीच सभी राज्यों में मानसून दस्तक देगा। 

  • अमेरिकी एनएसए मिले पीएम मोदी से, बोले : बाइडेन को राजकीय दौरे का इंतजार

    अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जेक सुलिवन ने मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की और उन्हें बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन 21-25 जून को होने वाली अपनी आगामी राजकीय यात्रा पर उनका स्वागत करने के लिए उत्सुक हैं। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि सुलिवन ने बैठक के दौरान मोदी को द्विपक्षीय सहयोग के विभिन्न क्षेत्रों में हुई प्रगति के बारे में जानकारी दी।

    पीएम मोदी ने भारत और अमेरिका के बीच व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी के बढ़ने और गहराने पर भी संतोष जताया है। उन्होंने यह भी कहा कि वह भी राष्ट्रपति बाइडेन के साथ पारस्परिक हित के द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर एक उत्पादक यात्रा और एक आकर्षक बातचीत की उम्मीद कर रहे हैं। इससे पहले सुलिवन, जो 13 से 14 जून तक भारत की आधिकारिक यात्रा पर हैं, ने अपने भारतीय समकक्ष अजीत डोभाल से मुलाकात की।

    वह डोभाल के निमंत्रण पर भारत में हैं और उनके साथ अमेरिकी सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों और अमेरिकी उद्योग के नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल भी आया है। दोनों राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार व्यापक द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक एजेंडे पर व्यापक चर्चा में नियमित रूप से लगे हुए हैं। मौजूदा यात्रा, जो मोदी की अमेरिका की राजकीय यात्रा के क्रम में हो रही है, उन्हें अपनी उच्चस्तरीय वार्ता जारी रखने का अवसर देगी, जिसमें दोनों देशों के बीच मजबूत और बहुआयामी सहयोग की समीक्षा शामिल होगी।

    विदेश मंत्रालय की ओर से जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि इससे पहले मंगलवार को दोनों एनएसए आपसी हित के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर सीमित चर्चा के लिए मिले थे। बाद में शाम को उन्होंने उद्योग निकाय भारतीय उद्योग परिसंघ द्वारा आयोजित क्रिटिकल एंड इमर्जिग टेक्नोलॉजीज पर भारत-अमेरिका पहल पर दूसरे ट्रैक 1.5 संवाद में भाग लिया।

    उन्होंने इस अवसर के दौरान आईसीईटी के तहत हुई प्रगति पर संतोष व्यक्त किया और दोनों पक्षों के हितधारकों को प्रौद्योगिकी मूल्य श्रृंखला साझेदारी के लिए प्रयास करने के लिए प्रोत्साहित किया, जिससे दोनों देशों में उच्च प्रौद्योगिकी उत्पादों और सेवाओं का सह-विकास और सह-उत्पादन होगा। सूत्र ने कहा कि यात्रा के दौरान सुलिवन विदेश मंत्री एस. जयशंकर और अन्य गणमान्य व्यक्तियों से भी मुलाकात करेंगे।

  • Manipur Violence: मणिपुर के इंफाल में फिर हिंसा

    Manipur Violence: मणिपुर के इंफाल में गुरुवार (15 जून) रात भीड़ ने केंद्रीय मंत्री आरके रंजन सिंह के घर पर आग लगा दी. अधिकारियों के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री घटना के समय घर पर नहीं थे. इतना ही नहीं उपद्रवियों ने न्यू चेकऑन में भी दो घर फूंक दिए. जिसके बाद सुरक्षाबलों ने आंसू गैस के गोले छोड़े. इससे पहले 14 जून को इंफाल के लाम्फेल इलाके में अज्ञात लोगों ने महिला मंत्री नेमचा किपजेन के आधिकारिक आवास पर भी आग लगा दी थी. 

    मणिपुर में हिंसा लगातार जारी है. न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार, उग्रवादियों की ओर से मंगलवार (13 जून) को अचानक की गई गोलीबारी में 9 लोगों की मौत हो गई और 10 लोग घायल हो गए हैं. इस दौरान शरारती तत्वों ने खमेनलोक गांव के कई घरों में भी आग लगा दी. तामेंगलोंग जिले के गोबाजंग में भी कई लोगों के घायल होने की सूचना मिली. 

    राज्य में इस वक्त कैसे हैं हालात

    मणिपुर में इस वक्त हालात काफी तनावपूर्ण हैं. राज्य में 16 में से 11 जिलों में कर्फ्यू लगा हुआ है, जबकि इंटरनेट सेवाएं भी बंद हैं. इतना ही नहीं लोगों को मूलभूत जरूरतों के लिए भी संघर्ष का सामना करना पड़ रहा है. मणिपुर में एक महीने से ज्यादा समय से हिंसाग्रस्त मणिपुर में लगातार शांति की कोशिशें की जा रही हैं, लेकिन सारी कोशिशें नाकाम होती नजर आ रही है. पीटीआई के मुताबिक, एक महीने पहले मणिपुर में मेइती और कुकी समुदाय के लोगों के बीच हिंसा में 100 से अधिक लोगों की जान चली गई थी और 310 अन्य घायल हो गए थे. राज्य में शांति बहाल करने के लिए सेना और अर्धसैनिक बलों के जवानों को तैनात किया गया है. 

  • Cyclone Biparjoy: सरकार की पूर्व तैयारी ने चक्रवात से लड़ने में की मदद

    गुजरात के तटीय इलाकों के साथ देश के कुछ अन्य हिस्सों के लिए चुनौती बने चक्रवात बिपरजॉय से मुकाबले की तैयारी में बड़ा योगदान पिछले कुछ वर्षों में आपदा प्रबंधन की दिशा में उठाए गए अहम कदमों का भी है। ये कदम नीति के स्तर पर सक्रियता के साथ संसाधन बढ़ाने व तकनीक में सुधार पर केंद्रित हैं।केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आपदाओं से निपटने के लिए न केवल राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) को सशक्त किया है, बल्कि राज्यों को भी सहायता दी है। गुजरात में बिपरजॉय की चुनौती से निपटने के लिए गृह मंत्रालय ने राज्य सरकार के साथ पहले से संवाद शुरू कर दिया था।

    इसके बाद प्रधानमंत्री ने भी समीक्षा बैठक की। एनडीआरएफ की 15 और राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की 12 टीमें गुजरात में तैनात की गई हैं। गृह मंत्रालय के अधिकारियों के अनुसार यह सब पूर्व चेतावनी व पूर्व तैयारी आधारित दृष्टिकोण के तहत किया गया है।

    एक मजबूत अर्ली वार्निंग सिस्टम व फर्स्ट रेसपांडर व्यवस्था लागू करने से आपदा का मुकाबला करने में बड़ी सफलता मिली है। इन्हीं प्रयासों का प्रतिफल है कि चक्रवातों के कारण जानमाल के नुकसान में 98 प्रतिशत की कमी आई है।

    पिछले नौ वर्षों में 22 डॉप्लर वेदर रडार लगाए गए हैं, जबकि आटोमेटिक वेदर सिस्टम (एडब्ल्यूएस) की संख्या 808 तक पहुंच गई है। पूरे देश में 200 एग्रो एडब्ल्यूएस सिस्टम लगाए गए हैं। 2014 के पहले एक भी नहीं था। अधिकारियों ने कहा पीएम ने आपदा प्रबंधन पर जोर दिया है।

    फरवरी, 2021 में नेशनल डिजास्टर मिटिगेशन फंड का गठन किया गया। इसके तहत 13,693 करोड़ आवंटित किए जा चुके हैं। आपदा निधि वितरण में संप्रग सरकार की तुलना में तीन गुना से अधिक बढ़ोतरी हुई है।

    पेड़ों और बिजली के खंभों को हटाने में जुटी सेना

    प्रथम पृष्ठ से आगे गुजरात के गृह राज्यमंत्री हर्ष सांघवी ने बताया कि देवभूमि द्वारका में पुलिस, एनडीआरएफ और सेना की टीमें उखड़े हुए पेड़ों और बिजली के खंभों को हटाने में जुटी हुई हैं। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने मीडिया संगठनों से कहा है कि चक्रवात की रिपोर्टिंग में तैनात किए गए मीडियाकर्मी सतर्कता बरतें।

    आइएमडी की चेतावनी चार-पांच दिन पहले से ही आ रही थी। इसके चलते बचाव एवं राहत की तैयारी पहले कर ली गई थी। सावधानी बरतते हुए तटीय इलाकों से एक लाख से अधिक लोगों को पहले ही सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया है। पोर्ट बंद कर दिए गए हैं। उड़ानें एवं ट्रेनों का परिचालन रोक दिया गया है।

    टकराने से पहले ही भयावह हो गई थी स्थिति

    आइएमडी के अनुसार, चक्रवात के बाहरी हिस्से के तटीय भागों से टकराने के कुछ घंटे पहले से ही तेज हवा के साथ वर्षा शुरू हो गई थी। जखाऊ के पास जिस वक्त चक्रवात तट से टकराया, उस वक्त हवा की गति अलग-अलग स्थानों पर लगभग 115 से 140 किलोमीटर प्रतिघंटे तक थी।

    अगले लगभग चार से छह घंटे तक इसी गति से हवा चलती रही और जहां-तहां तबाही मचाती रही। तटीय क्षेत्रों से दूर हवा की रफ्तार थोड़ी धीमी थी, लेकिन तब भी इसकी गति 90 से 100 किलोमीटर प्रतिघंटे की रही। बिपर्जय पिछले तीन वर्षों में दूसरा सबसे शक्तिशाली चक्रवात है।

    इससे पहले मई, 2021 में ‘टोक्टे’ ने तबाही मचाई थी। बिपर्जय अरब सागर का सबसे लंबे जीवनकाल वाला चक्रवात भी बन गया है।

  • पाठ्यपुस्तक में शामिल होगा गोवा क्रांति दिवस का इतिहास : सीएम सावंत

     गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने रविवार को ऐलान किया कि गोवा क्रांति दिवस (18 जून 1946) का इतिहास अगले शैक्षणिक वर्ष से 11वीं कक्षा की इतिहास की पाठ्यपुस्तक में शामिल किया जाएगा। सीएम सावंत ने आजाद मैदान पंजिम में शहीद स्मारक पर गोवा क्रांति दिवस के राज्य स्तरीय समारोह में यह बात कही।

    सीएम ने गोवा क्रांति दिवस के अवसर पर बधाई देते हुए कहा, 18 जून 1946 को डॉ राम मनोहर लोहिया और डॉ जुलियाओ मेनेजेस ने पुर्तगाली शासकों द्वारा उत्पीड़न का विरोध करने की पहल की और गोवा के लोगों ने पुर्तगालियों से अपनी मातृभूमि वापस लेने के लिए जन क्रांति शुरू की।

    मुख्यमंत्री ने कहा, गोवा क्रांति दिवस का इतिहास पहले से ही कक्षा चार की गोमांतक भाल भारतीय पाठ्यपुस्तक के पाठ्यक्रम में शामिल है। हालांकि, इस इतिहास को अगले शैक्षणिक वर्ष से कक्षा 11 की इतिहास की किताब (पाठ्यपुस्तक) में भी शामिल किया जाएगा।

    सीएम सावंत ने कहा कि डेढ़ माह के भीतर स्वतंत्रता सेनानियों की लंबित पेंशन पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। राज्यपाल पीएस श्रीधरन पिल्लई ने कहा कि स्वतंत्रता केवल राजनीति तक ही सीमित नहीं है बल्कि सामाजिक और आर्थिक स्वतंत्रता भी है।

    उन्होंने कहा, हम गर्व से कह सकते हैं कि हमारी प्रणाली दिन-ब-दिन विकसित हो रही है और हमारे भारतीय संविधान को दुनिया के सर्वश्रेष्ठ संविधानों में से एक के रूप में स्वीकार किया जाता है।

    पिल्लई ने पुर्तगाली शासन के खिलाफ लड़ने वाले डॉ. राम मनोहर लोहिया और डॉ. जुलियाओ मेनेजेस के योगदान को भी याद किया और कहा कि उनके योगदान का लाभ नई जनरेशन को मिलना चाहिए।

  • Employment Fair: 70 हजार युवाओं को मिलेगी सरकारी नौकरी

    Employment Fair: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज यानी मंगलवार (13 जून) को देश के 70 हजार युवाओं को सरकारी नौकरी के नियुक्ति पत्र बांटने वाले हैं. रोजगार मेला पहल के तहत ये नियुक्ति बांटे जा रहे हैं. पिछले साल जून में पीएम मोदी ने ऐलान किया था कि अगले डेढ़ सालों में 10 लाख लोगों को मिशन मोड में सरकारी नौकरी दी जाएगी. 

    केंद्र सरकार की रोजगार मेला पहल के तहत देश भर में मंगलवार (13 जून) को  43 जगहों पर रोजगार मेले का आयोजन किया जा रहा है. इसी रोजगार मेला के तहत 70 हजार युवाओं को पीएम मोदी उनकी नौकरी के नियुक्ति पत्र बांटेंगे. सुबह 10.30 बजे पीएम वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से रोजगार मेला के इस कार्यक्रम में जुड़ेंगे और नव नियुक्त कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र सौंपेंगे. नियुक्ति पत्र पाने वाले युवाओं को पीएम संबोधित भी करेंगे.

    किस ऑनलाइन मॉड्यूल से प्रशिक्षित किए जाएंगे नए उम्मीदवार?
    रोजगार मेले के तहत नियुक्ति केंद्र सरकार के विभागों के अलावा राज्य सरकार और केंद्र शासित प्रदेशों में अलग अलग विभागों और संगठनों में की जा रही हैं. जिसके लिए नवनियुक्त कर्मचारियों का चयन देशभर से किया गया है. रोजगार मेला पीएम मोदी के रोजगार बढ़ाने को प्राथमिकता देने की दिशा में बड़ा कदम है. 

    नव नियुक्त सरकारी कर्मचारियों को आईजीओटी कर्मयोगी पोर्टल पर एक ऑनलाइन मॉड्यूल कर्मयोगी प्रारंभ के जरिए खुद को ट्रेनिंग देने का भी मौका मिलेगा. इस पोर्टल पर 400 से ज्यादा ई-लर्निंग पाठ्यक्रम उपलब्ध कराए गए हैं. कर्मचारी कहीं से भी और किसी भी डिवाइस के जरिए इससे जुड़ सकते हैं.गौरतलब है कि बीते महीने ही पीएम मोदी की सरकार के 9 साल पूरे हुए हैं और इन सालों में विपक्षी पार्टियों ने रोजगार के मुद्दे को लेकर मोदी सरकार को घेरने की कोशिश की है, बीजेपी नेताओं का मानना है कि 10 लाख नौकरी बांटने के बाद वह विपक्ष के आरोपों का मजबूती से जवाब दे पाएंगे. 

  • बंगाल के राज्यपाल राज्य में ‘लोकतंत्र की गिरावट’ से दुखी

    पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सी.वी. आनंद बोस ने शनिवार को कहा कि आठ जुलाई को होने वाले पंचायत चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने के संबंध में सप्ताह भर हिंसक झड़पों वाले स्थानों की यात्रा के दौरान उन्होंने राज्य के कुछ हिस्सों में ‘लोकतंत्र की गिरावट’ देखी। राज्यपाल शनिवार शाम दक्षिण 24 परगना जिले के कैनिंग गए और पिछले कुछ दिनों से हो रही हिंसा पर स्थानीय लोगों से बातचीत की। उन्होंने जिले के प्रशासन और पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक भी की।

    उन्होंने कहा, दुर्भाग्य से राज्य के कुछ हिस्सों में मैंने लोकतंत्र की गिरावट देखी है। लेकिन मैं लोगों को बताना चाहता हूं कि लोकतंत्र में डरने की कोई गुंजाइश नहीं है। मैं राज्य के लोगों के साथ हूं। मैं अत्याचार, हिंसा या धमकी बर्दाश्त नहीं करूंगा। बोस ने लगातार हिंसा के मद्देनजर पंचायत चुनावों के लिए पूरे राज्य में केंद्रीय बलों को तैनात करने के कलकत्ता उच्च न्यायालय के आदेश का पालन करने में उनकी अनिच्छा के लिए अप्रत्यक्ष रूप से राज्य सरकार और राज्य चुनाव आयोग पर कटाक्ष किया।

    बोस ने कहा, कलकत्ता उच्च न्यायालय ने स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए कुछ निर्देश दिए हैं। इन्हें किसी भी कीमत पर हासिल किया जाना है।तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता कुणाल घोष ने इस तरह के बयान देने के लिए राज्यपाल का उपहास उड़ाते हुए कहा, राज्यपाल वाम मोर्चा, कांग्रेस और भाजपा द्वारा लगाए गए झूठे आरोपों में ईंधन जोड़ रहे हैं। उन्होंने कहा, क्या राज्यपाल एक राजनीतिक एजेंट हैं? जब बालासोर में भयानक ट्रेन दुर्घटना हुई थी, तब उन्होंने घटनास्थल का दौरा नहीं किया था। जब तृणमूल के किसी व्यक्ति की हत्या हो जाती है तो वह घटनास्थल का दौरा नहीं करते हैं।

  • 12 वीं तक के स्कूल 24 तक बंद

    बिहार की राजधानी पटना सहित राज्य के अधिकांश इलाको में एक पखवारे से भीषण गर्मी के कारण लोग परेशान हैं। पटना तथा कई जिलों में लोग सुबह में ही दोपहर का एहसास कर रहे हैं। इस बीच, पटना जिला प्रशासन ने गर्मी को देखते हुए प्री स्कूल से लेकर 12 वीं तक के सभी स्कूलों को 24 जून तक बंद रखने के निर्देश दिए हैं। पटना के जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह ने आदेश में कहा कि अधिक तापमान और विशेष रूप से दोपहर में पड़ रही भीषण गर्मी के कारण बच्चों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव की संभावना को देखते हुए स्कूलों को बंद किया गया है।

    गर्मी को लेकर आंगनबाड़ी केंद्रों को भी बंद रखा गया है। राज्य के नौ शहरों में शुक्रवार को गर्मी की लहर के हालात रहे। सुबह में ही पारा 35 डिग्री सेल्सियस को पार कर गया। शुक्रवार को शेखपुरा का अधिकतम तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस, खगड़िया का 43.9 डिग्री, पटना का 43.6 डिग्री, बांका का 43.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

    इस बीच, मौसम विभाग ने राज्य के छह जिलों बक्सर, भोजपुर, रोहतास, कैमूर, औरंगाबाद और अरवल में शनिवार को भीषण लू की चेतावनी दी है। मौसम विभाग ने राज्य के 10 शहरों के लिए रात में दोपहर जैसी स्थिति का अलर्ट जारी किया है। मौसम वैज्ञानिकों ने खुले में होने वाली गतिविधियों को रोकने की सलाह दी है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि एक-दो दिनों में राहत की उम्मीद नहीं है।

  • देश में नौकरी के नाम पर होने वाला कारोबार ठप : पीएम

    देश : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कहा – देश आज विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। राजनीति में स्थिरता आवश्यक है यह विकास का कारण बनती है आज अन्य देश हमारे देश के विकास के साथ आगे बढ़ना चाहते हैं। आज भारत एक शक्तिशाली देश के रूप में उभरा है भारत की पहचान एक मजबूत देश के रूप में बनीं है। 

    यदि हम पिछली सरकार के काम का आकलन करें तो इन्होने सिर्फ भाई-भतीजावाद किया। जनता को ठगा, नौकरियों में धांधली की और अपनी कमाई कर युवाओं के साथ विश्वासघात किया। पुरानी सरकारें भ्रष्टाचार में लिप्त थीं। हमारी सरकार ने इन सभी चीजों पर लगाम लगाई। जब साल 2014 में हमारी सरकार बनीं तो हमनें युवाओं के बेहतर भविष्य हेतु विचार किया, भर्तियों में पारदर्शिता लाई। 

    उन्होंने आगे कहा- पहले नौकरियां बोलियों के आधार पर मिलती थीं पैसा देकर युवा नौकरी प्राप्त कर रहे थे। हर तरफ पैसे का खेल हो रहा था काबिलियत की कोई वैल्यू नहीं थी। लेकिन आज यह सब खत्म है अब आप अपनी काबिलियत के आधार पर नौकरी प्राप्त कर सकते हैं। अब नौकरी दिलाने के नाम पर कारोबार नहीं होता है। 

    बता दें बीते दिन  राष्ट्रीय रोजगार मेले में प्रधानमंत्री मोदी ने देशभर के करीब 70 हजार युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपे। इन सभी को वित्त, डाक, स्कूल शिक्षा विभाग, उच्च शिक्षा विभाग, रक्षा मंत्रालय, राजस्व विभाग, स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्रालय, परमाणु ऊर्जा विभाग, रेल मंत्रालय, लेखा परीक्षण और लेखा विभाग, गृह मंत्रालय आदि विभिन्न सरकारी विभागों में नियुक्ति दी गई है।