Category: national

  • ईरान में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबल पर ताबड़तोड़ फायरिंग, 5 की मौत इतने घायल

    डेस्क। ईरान के खुजेस्तान प्रांत के एक बाजार में अज्ञात हमलावरों ने खुलेआम प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरु कर दी। वहीं इस फायरिंग में 5 लोगों की मौत भी हो गई। वहीं 10 लोग इसमें जख्मी भी हो गए।
    ईरान की समाचार एजेंसी IRNA की माने तो खुजेस्तान के इजेह शहर के सेंट्रल मार्केट में कुछ अज्ञात हमलावर दो बाइकों से आए और उन्होंने यहां सुरक्षाबलों और प्रदर्शनकारियों पर ताबड़तोड़ फायरिंग करनी भी शुरू कर दी। इस हादसे में 5 की मौत हो गई। और अभी इस हमले की जिम्मेदारी किसी गुट ने नहीं ली है और इससे पहले 26 अक्टूबर को शिराज में शाह चेराग मकबरे पर इस्लामिक स्टेट ने हमला भी कर दिया था और इसमें 13 लोगों की मौत हुई थी। 
    जानकारी के लिए बता दें ईरान में 16 सितंबर को मेहसा अमिनी की पुलिस हिरासत में मौत हो गई थी और तीन दिन तक वह पुलिस हिरासत में थी, उस पर ईरान के ड्रेस कोड का उल्लंघन करने का आरोप लगा था। मेहसा अमिनी की मौत के बाद ईरान में पिछले दो महीने से विरोध प्रदर्शन हो रहा हैं और ईरान प्रशासन ने इन्हें दंगों का नाम दिया है। इसमें अब तक सैकड़ों प्रदर्शनकारियों की मौत हो चुकी है। वहीं ईरान प्रशासन का यह दावा है कि कई सुरक्षाबलों की भी मौत हो गई है।

  • एयर इंडिया पर अमेरिका ने ठोका 14 लाख डॉलर का जुर्माना, जाने कारण

    देश– अमेरिका ने एयर इंडिया पर 14 लाख डॉलर का जुर्माना ठोका है। अमेरिका प्रशासन ने ऐसा इसलिए किया है क्योंकि कोविड के भीषण ताहिमाम के बीच उड़ान को रद्द किया गया था। जिसके बाद यात्रियों के टिकट का पैसा समय पर वापस करना था। 
    लेकिन एयर इंडिया ने यात्रियों के पैसे को लौटाने में काफी देर की। जिसके बाद अमेरिका को यह कदम उठाना पड़ा।अमेरिकी परिवहन विभाग ने सोमवार को कहा कि टाटा के मालिकाना हक़ वाली एयर इंडिया उन छह एयरलाइंस में शामिल है जिन्हें यात्रियों को रिफंड के रूप में कुल 60 करोड़ डॉलर लौटाने का निर्देश दिया गया है.
    अधिकारियों ने इस विषय पर कहा है कि यात्रियों को रिफंड करने के परिपेक्ष्य में एयर इंडिया के नियम अमेरिका से अलग है। हालाकि अमेरिका नियम के अनुसार अगर अमेरिका की सरकार उड़ान रद्द करती है। तो एयर इंडिया को यात्रियों के पैसे वापस करने होते हैं।
    हालाकि एयर इंडिया के परिपेक्ष्य में कहा गया है कि यात्रियों के पैसे को रिफंड करने के परिपेक्ष्य के एयर इंडिया ने 100 दिन से अधिक का समय लगाया है। जिसके बाद अब उसपर यह जुर्माना ठोका गया है।

  • ATM Transaction Charges: इस तारीख से ATM से पैसे निकालने पर देना पड़ेगा चार्ज

    डेस्क। ATM Transaction Charges: भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा पिछले साल जून में जारी एक अधिसूचना के मुताबिक, बैंकों को 1 जनवरी, 2022 से प्रभावी मासिक मुफ्त लेनदेन सीमा के अलावा एटीएम पर 21 रुपये प्रति लेनदेन चार्ज देने की अनुमति भी दी गई है।
    पहले बैंक इस तरह के लेनदेन के लिए 20 रुपये चार्ज किया करते थे। और देश के जितने भी बड़े बैंक हैं, चाहे प्राइवेट हों या सरकारी, हर महीने एक तय सीमा तक फ्री एटीएम ट्रांजैक्शन की सुविधा भी देते हैं। एक मुफ्त लेनदेन (चाहे वित्तीय हो या गैर-वित्तीय) के बाद बैंक ग्राहकों से शुल्क लिया जाता हैं। वहीं आपके एटीएम पर होने वाले मुफ्त लेनदेन की संख्या आपके खाते और डेबिट कार्ड के प्रकार पर काफी निर्भर करती है।
    ग्राहक अपने बैंक के एटीएम से हर महीने 5 मुफ्त लेनदेन आराम से कर सकते हैं जबकि अन्य बैंकों के एटीएम से एक महीने में 3 मुफ्त लेनदेन किए जा सकते हैं। नॉन-मेट्रो शहरों में दूसरे बैंकों के एटीएम से 5 फ्री ट्रांजैक्शन पॉसिबल होंगे। 
    आरबीआई ने बैंकों को 1 अगस्त, 2022 से सभी केंद्रों पर प्रति वित्तीय लेनदेन 17 रुपये और प्रत्येक गैर-वित्तीय लेनदेन के लिए 6 रुपये का इंटरचेंज शुल्क लगाने की अनुमति भी दी है। बैंक एटीएम स्थापना और रखरखाव की लागत वसूलने के लिए एटीएम सेवा शुल्क अप्लाई करते हैं।
    जानिए भारतीय स्टेट बैंक एटीएम लेनदेन सीमा और उसका शुल्क
    यदि किसी अन्य बैंक का ग्राहक अपने डेबिट कार्ड से SBI एटीएम से सीमा के बाद पैसे निकालता है, तो भारतीय स्टेट बैंक अपने कार्ड धारकों से 20 + GST और 10 + GST ko वसूल करेगा।
    गैर-वित्तीय लेनदेन के लिए, एसबीआई अन्य बैंक ग्राहकों से रु 8+जीएसटी और एसबीआई खाताधारकों से रु 5+जीएसटी को भी वसूलेगा।
    अगर खाते में पर्याप्त राशि नहीं है तो एसबीआई बैंक के एटीएम और अन्य बैंक के एटीएम पर ग्राहक से 20 रुपये + जीएसटी वसूला भी जाएगा।
    बता दें आईसीआईसीआई बैंक के साथ लेन-देन करने वाले अन्य बैंक के एटीएम के लिए नकद निकासी की सीमा 10,000 रुपये की है।
    वहीं आरबीआई ने 5 बार फ्री ट्रांजैक्शन की सुविधा भी दी है। इसके अलावा ग्राहक को लेनदेन के लिए 21 रुपये और गैर-वित्तीय लेनदेन के लिए 8.50 रुपये का भुगतान करना पड़ेगा।
    जानिए एचडीएफसी बैंक एटीएम लेनदेन सीमा और शुल्क
    अगर दूसरे बैंकों के ग्राहक एचडीएफसी बैंक के एटीएम से डेबिट कार्ड से पैसा निकालते हैं तो एक बार में 10000 रुपये ही निकाल सकेंगे। वहीं सैलरी अकाउंट वालों को सेविंग अकाउंट से 5 फ्री ट्रांजैक्शन भी दिए जाएंगे।

  • पेट्रोल-डीजल को जीएसटी में लाने की तैयारी में केंद्र सरकार, राज्यों को है दिक्कत

    डेस्क। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोमवार को यह कहा है कि केंद्र सरकार पेट्रोल और डीजल को माल एवं सेवा कर (GST) के दायरे में लाने की तैयारी में है लेकिन इसपर राज्यों के सहमत होने की संभावना कम नजर आ रही है। पुरी ने यह कहा कि पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने के लिए राज्यों की सहमति बहुत जरूरी है और अगर राज्य इस दिशा में पहल करते हैं तो केंद्र भी इसमें उनके साथ है।
    बता दें इसका अर्थ हुआ कि केंद्र ने इस पूरे मामले को पूरी तरह से राज्यों पर निर्भर छोड़ दिया है। वहीं अगर राज्य सहमत हो जाएं तो पेट्रोल-डीजल जीएसटी के दायरे में भी आ सकता है वहीं जिससे दाम में नरमी की संभावना भी बनेगी।
    बता दें केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा, हम पहले से ही इसके लिए तैयार हैं।वहीं यह मेरी समझ है वैसे दूसरा मुद्दा इसे लागू करने के तरीके का है। उस पर सवाल को वित्त मंत्री के समक्ष उठाया जाना चाहिए वहीं पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने की लंबे समय से उठ रही मांग के बीच पेट्रोलियम मंत्री ने इस बात की आशंका भी जताई कि राज्यों के बीच इसपर सहमति बनने की संभावना कम है। साथ ही उन्होंने कहा कि राज्यों की कमाई का प्रमुख स्रोत शराब और पेट्रोलियम उत्पादों पर लगने वाला टैक्स रहा है।
    हरदीप पुरी ने कहा, यह समझना अधिक मुश्किल नहीं है कि राज्यों को इनसे राजस्व प्राप्त होता है वहीं राजस्व पाने वाला आखिर उसे क्यों छोड़ना चाहेगा? सिर्फ केंद्र सरकार ही महंगाई और अन्य बातों को लेकर फिक्रमंद है। 
    जानिए GST में क्यों नहीं पेट्रोल-डीजल
    पेट्रोल और डीजल को जीएसटी में नहीं लाने के पीछे राज्यों को होने वाला राजस्व में घाटा अहम कारण बताया गया है। अगर राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में लेती हैं और जीएसटी के सबसे ऊंचे टैक्स स्लैब में इन दोनों तेलों को रखती हैं, तब भी उन्हें कमाई पर बहुत अधिक नुक्सान उठाना पड़ेगा। इस वक्त जीएसटी का सबसे ऊंचा स्तर 28 परसेंट का है इससे अधिक किसी वस्तु पर जीएसटी नहीं लगाया जा सकता। वहीं अगर पेट्रोल-डीजल को 28 परसेंट के भी दायरे में रखा जाए तो राज्यों की कमाई बहुत ज्यादा घट जाएगी। इसी कारण से राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल को जीएसटी में लाने पर सहमत नहीं हो रही हैं।

  • यूपी की तरह महाराष्ट्र में लाया जाए लव जिहाद कानून

    देश– श्रद्धा मर्डर केस के बाद से देश मे लव जिहाद का मुद्दा उफान गया है। लोग लव जिहाद के सन्दर्भ में कड़ा कानून लाने की मांग उठा रहे हैं।सांसद नवनीत राणा के पति और बडनेरा से विधायक रवि राणा ने मांग की है कि महाराष्ट्र में लव जिहाद कानून लाया जाए और उसपर सख्ती से काम हो।
    उन्होंने कहा, यह कानून लाना आवश्यक है। क्योंकि राज्य में बेटियां दहशत में है। लव जिहाद सम्बंधित कानून लाया जाना चाहिए और लव जिहाद से लड़कियों को सुरक्षा देनी चाहिए। उन्होंने आगे कहा, जो श्रद्धा के साथ हुआ वह बेहत खराब था। आरोपी को इस मामले में सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए।
    आगे रवि राणा ने कहा, ‘हत्यारे को फांसी की सजा दी जानी चाहिए. लव जिहाद के खिलाफ जिस तरह का कानून उत्तर प्रदेश में लागू है, वैसा ही कानून महाराष्ट्र में भी लागू होना चाहिए.’ अपनी यह मांग रखते हुए वडनेरा के विधायक रवि राणा ने कहा कि वे इस मुद्दे को आगामी विधानसभा के सत्र में भी उठाने वाले हैं.

  • खुद को शादी शुदा बताते थे श्रद्धा और आफ़ताब

    देश– श्रद्धा हत्याकांड मामले में रोज नए खुलासे हो रहे हैं। आफ़ताब ने जिस तरह श्रद्धा को मौत के घाट उतार दिया उसे देखकर किसी की भी रूह कांप उठे। लेकिन आज इस मामले में एक नया खुलासा हुआ है। 
    श्रद्धा और आफ़ताब मुंबई में जिस फ्लैट में रहते थे। वहां उन्होंने अपने आप को शादी शुदा बताया था। पड़ोसियों का दावा है कि वह कभी खुद को ऐसे नही दिखाते थे जिससे यह आंका जा सके की वह विवाहित नही है। 
    श्रद्धा और आफ़ताब वसई के एवरशाइन सिटी में रीगल कोऑपरेटिव हाउसिंग सोसाइटी के फ्लैट 201 में रहे थे.फ्लैट की मालिक जयश्री पाटकर ने भी दावा किया है कि आफताब और श्रद्धा ने रियल एस्टेट एजेंट से कहा था कि वे परिवार के अन्य सदस्यों के साथ वहां शिफ्ट होंगे. 
    यह भी दावा किया गया है कि उन दोनों में खूब लड़ाई होती थी। और जब तक वह वहां रहे कभी भी शायद ऐसा हुआ हो जब उनके बीच झगड़ा न हुआ हो। बताते चले श्रद्धा को आफ़ताब ने मौत के घाट उतार दिया है। उसने पहले उसका गला दबाकर उसे मौत दी और बाद में उसके शरीर के 35 टुकड़े किए। आफ़ताब को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।

  • जानिए कब लॉन्च होगी विक्रम-एस मिसाईल, डेट हुई कन्फर्म

    डेस्क।। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) 18 नवंबर को आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से अंतरिक्ष स्टार्टअप स्काईरूट एयरोस्पेस (Skyroot Aerospace) द्वारा देश के पहले निजी राकेट ‘विक्रम-एस’ के प्रक्षेपण की तैयारी पूरी कर चुका है।
    आपको बता दें कि देश का पहला प्राइवेट राकेट का प्रक्षेपण 15 नवंबर को तय किया गया है, पर स्काईरूट की ओर से यह कहा गया है कि खराब मौसम की स्थिति को देखते हुए यह प्रक्षेपण अब 18 नवंबर को किया जाएगा।
    स्काईरूट एयरोस्पेस ने सोशल मीडिया पर यह जानकारी भी साझा कि यह राकेट 18 नवंबर को सुबह 11.30 बजे लान्च किया जाएगा। साथ ही उन्होंने इस राकेट की तस्वीरें भी साझा की। आपको बता दें कि देश का पहले निजी राकेट अपने साथ तीन पेलोड अंतरिक्ष में ले जाएगा और इनमें भारती के दो और विदेशी ग्राहक का एक पेलोड होगा। वहीं स्काईरूट एयरोस्पेस के सह-संस्थापक पवन चंदना ने कहा है कि महीनों की मेहनत की बाद श्रीहरिकोटा स्थित खूबसूरत द्वीप से हमारे मिशन के प्रारंभ की घोषणा करते हुए वह बेहद रोमांचित महसूस कर रहे हैं। आपको मालूम हो कि इस राकेट का नाम मशहूर वैज्ञानिक विक्रम साराभाई की याद में ‘विक्रम-एस’ रखा गया है।
    क्या बोले PM मोदी
    आपको बता दें कि इस राकेट लान्च से भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र में नया युग शुरू हुआ है और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 30 अक्टूबर को अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में इसे लेकर बड़ी बातें भी कही थी। पीएम मोदी ने कहा था कि निजी क्षेत्र के लिए अंतरिक्ष के खुलने से कई युवा स्टार्ट-अप इस क्षेत्र में काम करना भी चाह रहे हैं। पीएम मोदी ने इस शुरुआत को क्रांतिकारी बदलाव करार दिया था।

  • इमरान खान ने की भारत की तारीफ, अमेरिका और रूस से रिश्तों पर भी बोले

    डेस्क। पकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने एक बार फिर भारत की विदेश नीति की तारीफ करी है। वहीं पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के अध्यक्ष खान ने शनिवार को अपने ‘लॉन्ग मार्च’ को वर्चुअल संबोधित करते हुए यह भी कहा है कि भारत की विदेश नीति स्वतंत्र रही है।
    रूस से तेल खरीदने के भारत के फैसले के बारे में बोलते हुए खान ने यह है कहा कि, “मुझे भारत का उदाहरण लेना चाहिए। वहीं देश हमारे साथ स्वतंत्र हुआ और अब उनकी विदेश नीति को देखें साथ ही वह एक स्वतंत्र विदेश नीति को फॉलो करता है। भारत अपने फैसले के साथ खड़ा रहा कि रूस से ही तेल खरीदेगा और उसने ऐसा किया भी।”
    यूक्रेन युद्ध के बीच पश्चिम के दबाव के बावजूद मोदी सरकार द्वारा अपने राष्ट्रीय हितों के चलते रूसी तेल की खरीद की सराहना करते हुए इमरान खान ने कहा है कि भारत और अमेरिका क्वाड सहयोगी हैं वहीं अपने नागरिकों के हित के लिए भारत रूस से तेल खरीद रहा है। साथ ही आपको मालूम हो कि पिछले हफ्ते, अमेरिका के ट्रेजरी सचिव जेनेट येलेन ने कहा था कि भारत जितना चाहे उतना रूसी तेल भी खरीद सकता है।
    आपको बता दें देश में जल्दी चुनाव कराने के लिए पाकिस्तान में लॉन्ग मार्च का नेतृत्व कर रहे इमरान खान ने कई बार भारत और भारत की विदेश नीति की तारीफ करी है। वहीं खान ने पिछले महीने भी भारत की विदेश नीति की सराहना करते हुए कहा था कि भारत रूस से तेल आयात कर रहा है और पाकिस्तान पश्चिम का गुलाम बन चुका है, क्योंकि वह अपने नागरिकों के कल्याण के लिए निडर निर्णय लेने में असमर्थ भी है। 
    क्या आप जानते हैं कि इस महीने की शुरुआत में इमरान खान ने मोदी सरकार की प्रशंसा करते हुए कहा था कि उसके अमेरिका के साथ काफी अच्छे संबंध हैं।
    वहीं, अब क्रूड ऑयल को लेकर पाकिस्तान भी भारत के रास्ते पर चलने पर विचार भीं कर रहा है। वहीं पाकिस्तानी मंत्री ने अमेरिका पर निशाना साधते हुए हाल ही में कहा है कि वह पाकिस्तान को रूस से तेल खरीदने से नहीं रोक सकता। और बीते दिनों पाकिस्तान के वित्त मंत्री इशाक डार ने कहा था कि अमेरिका पाकिस्तान को रूसी तेल खरीदने से नहीं रोक सकता और ऐसा जल्द ही संभव भी होगा। 

  • आतंकवाद को किसी धर्म से जोड़ना गलत- अमित शाह

    देश– ग्लोबल ट्रेंड्स इन टेररिस्ट फाइनेंसिंग एंड टेररिज्म” थीम पर दिल्ली में आयोजित ‘नो मनी फॉर टेरर’ इंटर मिनिस्टरीयल कांफ्रेंस में अपने सम्बोधन के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, आतंकवाद को किसी धर्म या राष्ट्र से जोड़ना अनुचित है। आतंकवाद का खतरा किसी धर्म या राष्ट्र से जुड़ा नही हो सकता है।
    लेकिन भारत कई दशकों से आतंकवाद से परेशान हैं। सीमा पार से कुछ विशेष लोग भारत को नुकसान पहुंचाने की कोशिश में लगे हुए हैं। भारत की सीमा पर सेना को अपनी सूझ बूझ ओर अपने अथक परिश्रम से आतंकवाद से निपटना पड़ा है।
    उन्होंने आगे कहा, यह बहुत निराशाजनक है। कि कुछ देश आतंकवाद को बढ़ावा दे रहे हैं। वह अंतराष्ट्रीय शक्तियों का उपयोग करके आतंकवाद को बढ़ा रहे हैं। कुछ देश आतंकवादियों को आश्रय दे रहे हैं। यह सही नही है इसलिक हमे खुद को मजबूत करते हुए इसे रोकने का हर सम्भव प्रयास करना चाहिए।

  • रूस सिलेंडर विस्फोट: 10 लाख रूबल की सहायता देने की तैयारी में सरकार

    डेस्कः रूस के सुदूर पूर्वी सखालिन द्वीप पर शनिवार को एक अपार्टमेंट की इमारत में हुए गैस सिलेंडर विस्फोट में चार बच्चों सहित कम से कम नौ अन्य व्यक्तियों की भी मौत हो गई है।
    यह जानकारी स्थानीय अधिकारियों ने साझा की है। वहीं अधिकारियों ने यह भी बताया कि तायमोवस्कॉय शहर में स्थानीय समयानुसार एक अपार्टमेंट में सुबह करीब साढ़े पांच बजे एक गैस सिलेंडर फटने के बाद पांच मंजिला इमारत का एक हिस्सा भी ढह गया था।
    सखालिन के गवर्नर वालेरी लिमारेंको ने ‘टेलीग्राम’ पर यह लिखा कि बचाव दल मलबे में दबे और लोगों की तलाश करने में जुटा हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इमारत में रहने वाले 33 लोगों में से कुछ का पता नहीं चल पाया है। सखालिन जापान के उत्तर में प्रशांत महासागर में स्थित है वहीं लिमारेंको के अनुसार, विस्फोट से प्रभावित निवासियों को अस्थायी आश्रय की पेशकश दी गई है और जिन परिवारों ने अपना घर खो दिया था, उन्हें 5,00,000 रूबल का भुगतान भी किया जाएगा। वहीं उन्होंने कहा कि घटना में जान गंवाने वाले व्यक्तियों के निकट परिजन को मुआवजे के तौर पर 10 लाख रूबल की सहायता दी दिया जा सकती है।