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  • लोकतंत्र में सबको सबकी आलोचना का अधिकार: रवि शंकर प्रसाद

    लोकतंत्र में सबको सबकी आलोचना का अधिकार: रवि शंकर प्रसाद

     

     

    गुजरात विधानसभा चुनाव को लेकर
    कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए
    केन्द्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने शनिवार को कहा कि लोकतंत्र में हर किसी को दूसरे की आलोचना करने का अधिकार है.

    केन्द्रीय विधि एवं इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने यहां एक कार्यक्रम में कहा कि एक बात समझने की कोशिश कीजिए. ‘उत्तर प्रदेश में दो लड़के: राहुल एवं अखिलेश यादव साथ आए. गुजरात में चार लड़के: हार्दिक पटेल, जिग्नेश मेवानी, अल्पेश ठाकोर एवं राहुल गांधी साथ आए. एक दिल्ली से गया जबकि बाकी तीन गुजरात से हैं. लोकतंत्र में हर को हर की सवारी करने का अधिकार है लेकिन गुजरात में जो काम हुआ है और जनता का जो मूड है, वो परिणामों में नज़र आएगा. इस बारे में अभी क्यों बहस करें.’

    एक अखबार के कार्यक्रम में प्रसाद ने इन आरोपों से इंकार किया कि गुजरात के युवाओं ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अनुपस्थिति में अपनी बात कहना शुरू किया है. उन्होंने कहा कि जब मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे तब भी बोलने की आज़ादी थी.

    उन्होंने कहा कि हम ज़मीन पर हैं इसलिए सर्वे में हम नज़र आ रहे हैं. प्रसाद ने कहा कि आईटी मंत्री होने के नाते उन्हें अपने देश पर गर्व है क्योंकि देश अब बदल रहा है.उन्होंने कहा कि इस बात की तकलीफ है कि बडे़-बडे़ लोगों की बड़ी पार्टियां सिकुड़ रही हैं. ‘आज मैं बड़ी पीड़ा के साथ कहना चाहता हूं कि बडे़-बडे़ लोगों की बड़ी-बड़ी पार्टियां सिमटती जा रही हैं. फिर भी हिन्दुस्तान कहां जा रहा है, लोग समझ नहीं पा रहे हैं.’

    डिजिटल प्रगति के बारे में उन्होंने कहा कि किसान अपनी फसल बेच पाएं इसके लिए हमने डिजिटल माध्यम शुरू किया है और इससे देश की 450 मंडियों को जोड़ा गया है. किसान मंडी में एक क्लिक के ज़रिए अपने उत्पाद बेच सकते हैं.

    उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का उल्लेख करते हुए कहा कि राजीव गांधी कहते थे कि हम दिल्ली से एक रुपया भेजते हैं लेकिन उत्तर प्रदेश के गांव में केवल 15 पैसे पहुंच पाते हैं. लेकिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कार्यकाल में हम दिल्ली से हज़ार रुपए भेजते हैं और वो हज़ार रुपए गरीब के बैंक खाते में पहुंचते हैं.

  • प्रथम विश्वयुद्ध में मारे गये सैनिकों के अवशेष फ्रांस में दफनाए जाएंगे

    प्रथम विश्वयुद्ध में मारे गये सैनिकों के अवशेष फ्रांस में दफनाए जाएंगे

     

     

    भारतीय सेना की 39वीं रॅायल गढ़वाल राइफल्स के दो जवानों के अवशेषों को फ्रांस के ला जॉर्ज सैन्य कब्रिस्तान में 12 नवंबर को दफनाया जाएगा. यह दोनों भारतीय सैनिक प्रथम विश्वयुद्ध के दौरान फ्रांस में शहीद हो गये थे.

    सेना ने एक बयान में कहा कि पिछले साल 20 सितंबर को पेरिस से करीब 230 किमी दूर लावेन्टी सैन्य कब्रिस्तान के निकट रिचेबोर्ग गांव के दक्षिणी हिस्से में खुदाई के दौरान दो मानव अवशेष पाये गये थे. अवशेषों के पास से बरामद सामान की जांच के बाद उनकी पहचान 39वीं रॉयल गढ़वाल रायफल्स के जवानों की तौर पर हुई थी.

    बयान के मुताबिक, इन गुमनाम नायकों की कब्र के संरक्षक राष्ट्रमंडल युद्ध कब्र आयोग कार्यालय (सीडब्ल्यूडब्ल्यूजीसी) ने फ्रांसीसी सरकार और फ्रांस में भारतीय दूतावास के साथ परामर्श के बाद लावेंती सैन्य कब्रिस्तान में उन्हें पूर्ण सैन्य सम्मान के साथ दफनाने का फैसला किया.

  • अरूणाचल की दो विधानसभा सीटों पर उप चुनाव कराने की कांग्रेस की मांग

    अरूणाचल की दो विधानसभा सीटों पर उप चुनाव कराने की कांग्रेस की मांग

     

     

    अरूणाचल प्रदेश में कई महीनो से खाली दो विधानसभा सीटों पर उप चुनाव कराने के लिए कांग्रेस ने निर्वाचन आयोग से अपील की है. गौरतलब है कि पूर्वी कमेंग तथा निचले सियांग जिले के क्रमश: दो विधानसभा सीटें पक्के केसांग और लिकाबाली कई महीनो से खाली है.

    प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष टकम संजय ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त अचल कुमार जोति को पत्र लिख कर कहा है कि पक्के केसांग विधानसभा सीट इस साल आठ फरवरी से खाली है.

    उच्चतम न्यायालय के एक फैसले के बाद पूर्व उप मुख्यमंत्री तथा तत्कालीन विधायक कमेंगे डोलो की विधानसभा की सदस्यता समाप्त हो गई थी.

    संविधान के अनुसार किसी विधानसभा क्षेत्र में उप चुनाव छह महीने के भीतर संपन्न करा लिया जाना चाहिए.कांग्रेस नेता ने अपने पत्र में लिखा है, ‘छह महीने की समय सीमा बीत जाने के बावजूद आपके कार्यालय की तरफ से इन सीटों पर विधानसभा उप चुनाव कराने की घोषणा नहीं किया जाना अभूतपूर्व, मनमाना और संवैधानिक प्रावधानों के खिलाफ है.’’ निर्वाचन आयोग ने विधानसभा क्षेत्र में उप चुनाव की तारीखों का ऐलान किया था और कहा था कि इस साल 29 जुलाई को चुनाव कराया जायेगा लेकिन उस समय प्रदेश में खराब मौसम के कारण इसे रद्द कर दिया गया था.

    पत्र में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने यह भी कहा है कि लिकाबाली विधानसभा सीट चार सितंबर को स्वास्थ्य मंत्री जोम्दे केना के निधन से खाली हुई है.

  • माओ के बाद शी चीन के सबसे ताकतवर नेता: ट्रंप

    माओ के बाद शी चीन के सबसे ताकतवर नेता: ट्रंप

     

     

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का कहना है कि माओत्से तुंग के बाद शी चिनफिंग चीन के सर्वाधिक शक्तिशाली नेता हैं. साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि दोनों नेताओं के बीच बहुत अच्छे संबंध विकसित हो गए हैं.

    सीएनएन की खबर के अनुसार, चीन से वियतनाम पहुंचे ट्रम्प ने कहा कि शी के साथ उनकी मुलाकात बहुत ही सफल रही. अमेरिकी राष्ट्रपति ने एशिया प्रशांत आर्थिक सहयोग शिखर सम्मेलन में कोरिया प्रायद्वीप के विसैन्यीकरण पर दिए गए बयान के लिए शी की तारीफ की.

    ट्रम्प ने कहा कि उन्होंने बयान दिया कि वह उत्तर कोरिया को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के लिए प्रतिबद्ध हैं. यह एक बड़ा बयान है.

    वियतनाम के नेताओं से एक शिखर बैठक करने के लिए दा नांग से एयरफोर्स वन विमान से रवाना हुए ट्रंप ने कहा कि वह माओ के बाद सर्वाधिक शक्तिशाली चीनी नेता हैं. कुछ लोगों ने कहा कि वह माओ से अधिक शक्तिशाली हैं.

  • ‘अगले साल 10 प्रतिशत तक बढ़ेगी सैलेरी’

    ‘अगले साल 10 प्रतिशत तक बढ़ेगी सैलेरी’

     

     

    एक रिपोर्ट के अनुसार, अगले साल वेतन में 10 प्रतिशत की वृद्धि रहना अनुमानित है जो कि एशिया प्रशांत क्षेत्र में सर्वाधिक वृद्धि होगी.

    परामर्श और ब्रोकिंग फर्म विलिस टावर्स वाटसन ने अपनी रिपोर्ट में यह निष्कर्ष निकाला है और कहा है कि सबसे अधिक वेतन वृद्धि उर्जा, एफएमसीजी और खुदरा क्षेत्रों में अनुमानित है.

    इसके अनुसार, ‘भारत में 2018 में वेतन में 10 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है. 2017 में भी वेतन में वास्तविक वृद्धि इतनी ही रही थी.’

    इस रिपोर्ट में बीपीओ, रसायन, निर्माण और अभियांत्रिकी, कंज्यूमर प्रोडक्ट और खुदरा, वित्तीय सेवा, उच्च प्रौद्योगिकी, विनिर्माण, मीडिया, फार्मास्युटिक्ल, स्वास्थ्य विज्ञान और कारोबार जैसे क्षेत्रों को शामिल किया गया है.इसके अनुसार यह रिपोर्ट एशिया प्रशांत क्षेत्र में जुलाई महीने में 4000 भागीदारों की राय पर आधारित है. इसमें भारतीय बाजार में लगभग 300 कंपनियों ने भाग लिया.

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  • कोर्ट से लापता बच्ची का मामला : पुलिसवालों पर हो सकती है कार्यवाही !

    कोर्ट से लापता बच्ची का मामला : पुलिसवालों पर हो सकती है कार्यवाही !

     

     

    बंबई उच्च न्यायालय ने पांच साल पहले लापता हुई एक बच्ची को ढूंढने में मुंबई पुलिस की नाकामी को गंभीरता से लेते हुए चेतावनी दी है. अदालत ने कहा कि अगर पुलिस विभाग जल्द अपनी कार्रवाई ठीक तरीके से नहीं करती तो अदालत उनके खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करने से नहीं हिचकेगी.

    न्यायमूर्ति एस सी धर्माधिकारी एवं न्यायमूर्ति भारती डांगरे की खंडपीठ ने हाल में पुलिस की उस दलील को खारिज कर दिया कि बच्ची का पता लगाने में पुलिस ने हर संभव प्रयास किया और आखिरकार वे इस नतीजे पर पहुंचे कि बच्ची का पता लगाना नामुमकिन है.

    पीठ ने सवाल किया कि आखिर पुलिस ने निर्माण स्थलों, घरेलू सहायक एजेंसी, मछुआरों, अवैध भट्टियों, ऑटोमोबाइल गैरेज इत्यादि जगहों पर पूछताछ क्यों नहीं की. जबकि कई बार अपहरण किये गये या गुमशुदा हुए अधिकतर बच्चों की तलाश हमेशा यहीं आ कर खत्म होती है.

    पीठ ने टिप्पणी की, पुलिस महकमा ने अपने हाथ बांध लिये हैं और कहते हैं कि बच्ची का पता लगाना नामुमकिन है. पुलिस कहती है कि उन्होंने हर संभव प्रयास किया. दायर रिपोर्ट में यह संकेत नहीं मिलता कि इसके लिये तमाम प्रयास किये गये.उन्होंने कहा, किसी निर्माण स्थल, अवैध भट्टी, गैरेज पर छापा नहीं मारा गया। नागरिक के तौर पर हम अपने आस पास देखते हैं कि कार धुलवाने, घरों एवं बर्तनों की सफाई के काम, बच्चों की देखभाल जैसे काम घरेलू सहायक या कामगार के तौर काम करने वाले बच्चों से कराये जाते हैं. हमें यह समझ नहीं आता कि कैसे पुलिस महकमा इन सभी को देख नहीं पाया. इनमें से कई बच्चे पुलिस में दर्ज गुमशुदगी की शिकायत की विषयवस्तु हो सकते हैं.

  • पाकिस्तानी सेना ने LOC पर तोड़ा सीजफायर

    पाकिस्तानी सेना ने LOC पर तोड़ा सीजफायर

     

     

    पाकिस्तानी सेना ने जम्मू एवं कश्मीर के राजौरी जिले में नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर संघर्ष विराम का उल्लंघन किया. इस घटना में भारत की ओर से किसी के हताहत होने या किसी तरह की क्षति की कोई खबर नहीं है.

    रक्षा मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तानी सेना ने शुक्रवार शाम को नौशेरा सेक्टर के लाम क्षेत्र में बिना किसी उकसावे के भारी गोलीबारी की. उन्होंने मोर्टार और छोटे हथियारों से भारतीय चौकियों पर निशाना साधा.

    सूत्रों के मुताबिक, हमारे जवानों ने मुस्तैदी से और प्रभावी तरीके से जवाब दिया. दोनों ओर से गोलीबारी शाम पांच बजे शुरू हुई और यह दो घंटे तक जारी रही. इस क्षेत्र में गृह मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों की टीम के दौरे से एक दिन पहले संघर्ष विराम उल्लंघन की घटना हुई है.

    गृह मंत्रालय की इस टीम ने शुक्रवार को जम्मू, सांबा और कठुआ जिलों में अंतर्राष्ट्रीय सीमा से सटे इलाकों का दौरा किया था. टीम की शनिवार को राजौरी और पुंछ जिलों में एलओसी से सटे क्षेत्रों का दौरा करने की योजना है.गृह मंत्रालय की यह टीम सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले स्थानीय लोगों की समस्याएं जानने के लिए उनसे मुलाकात कर रही है. सीमावर्ती क्षेत्रों के लोगों को पाकिस्तान की ओर से बार-बार की जा रही संघर्ष विराम की घटनाओं का खामियाजा भुगतना पड़ता है.

  • 4 साल में बेकार हो जायेंगे डेबिट, क्रेडिट कार्ड और ATM

    4 साल में बेकार हो जायेंगे डेबिट, क्रेडिट कार्ड और ATM

     

     

    नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने शनिवार को कहा कि डेबिट और क्रेडिट कार्ड के साथ साथ एटीएम भी अगले तीन से चार साल में बेकार हो जायेंगे और वित्तीय लेनदेन के लिये लोग अपने मोबाइल फोन का इस्तेमाल करेंगे.

    उन्होंने कहा कि भारत में 72 प्रतिशत जनसंख्या 32 साल से कम उम्र के लोगों की है. ऐसे में उसके लिये यह अमेरिका और यूरोप के देशों के मुकाबले जनसांख्यिकीय लाभांश की स्थिति दर्शाता है.

    कांत ने यहां अमेटी विश्वविद्यालय के नोएडा कैंपस में एक सभा को संबोधित करते हुये कहा, ‘‘भारत में क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड और एटीएम की प्रौद्योगिकी अगले तीन से चार साल में बेकार हो जायेगी और हम सभी तमाम लेनदेन करने के लिये अपने मोबाइल का इस्तेमाल कर रहे होंगे.’’

    कांत को अमेटी विश्वविद्यालय में डाक्टरेट की मानद उपाधि दी गई.उन्होंने कहा कि भारत दुनिया में एकमात्र देश हैं जहां अरबों की संख्या में बायोमेट्रिक डेटा उपलब्ध हैं. इसके साथ ही मोबाइल फोन और बैंक खाते भी हैं इसलिये भविष्य में यह एकमात्र देश होगा जहां कई तरह की नई चीजें होंगी. ज्यादा से ज्यादा वित्तीय लेनदेन मोबाइल फोन के जरिये किये जायेंगे और यह रुझान पहले से ही दिखने लगा है.

  • इंटरनेशनल मीडिया में भी छाया है ‘दिल्ली का स्मॉग’

    इंटरनेशनल मीडिया में भी छाया है ‘दिल्ली का स्मॉग’

     

     

    दिल्ली में जहरीले स्मॉग और प्रदूषण से लोगों का दम घुट रहा है. यहां प्रदूषण इमरजेंसी लेवल पर पहुंच गया है. इंटरनेशनल मीडिया में भी दिल्ली के प्रदूषण और स्मॉग की चर्चा है. तमाम इंटरनेशनल न्यूज पेपर्स ने दिल्ली के इस हालत पर चिंता जाहिर की है और इसे प्रदूषण को लोगों के लिए बड़ा खतरा बताया है.

    ‘एशिया पेसिफिक’ लिखता है- ‘भारत की राजधानी दिल्ली की हवा इतनी प्रदूषित है कि आपका सिर दर्द करने लगेगा. दिल्ली में स्मॉग और प्रदूषण का लेवल इतना ज्यादा बढ़ गया है कि ये सांस के मरीजों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है. आपके फेफड़ों में कचरा (कार्बन) भर रहा है.’

    ‘अलजजीरा’ लिखता है- ‘भारत की राजधानी में जहरीली हवा से लोगों का सांस लेना दूभर हो रहा है. दिल्ली गैस चैंबर में तब्दील हो गई है. दिल्ली के 5वीं तक के स्कूल बंद हैं. प्रदूषण ने निपटने के लिए गाड़ियों पर भी रोक लगाई जा सकती है.’

    ‘द वॉशिंगटन पोस्ट’ लिखता है- ‘भारत की राजधानी दिल्ली में प्रदूषण लोगों को बीमार बना रहा है. स्कूल बंद हैं और पढ़ाई ठप. स्मॉग से वहां सांस के मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है.’‘न्यूयॉर्क टाइम्स’ ने लिखा- ‘भारत में प्रदूषण से टूरिज्म घटा है. और दिनों के मुकाबले बीते 3 दिनों में दिल्ली आने वाले विदेशी टूरिस्टों की संख्या 30 फीसदी घटी है.’

    दिल्ली में प्रदूषण और स्मॉग से निपटने के लिए केजरीवाल सरकार सोमवार से ऑड-ईवन लागू कर रही है. 17 नवंबर तक दिल्ली में ऑड-ईवन लागू रहेगा. शनिवार को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने इसपर मंजूरी दे दी. इस बार महिलाओं और बाइकर्स को भी ऑड-ईवन के दायरे में लाया जाएगा.

    वहीं, शनिवार सुबह दिल्ली के मंदिर मार्ग में एयर क्वालिटी इंडेक्स 326, आनंद विहार में 430, सिरी फोर्ट में 316, द्वारका में 327, शादीपुर में 331 है. दिल्ली में शुक्रवार को भी जहरीले स्मॉग से राहत नहीं मिली. पार्टिकुलेट मैटर (पीएम) का स्तर सामान्य से 9 गुना ज्यादा तक रहा. कई इलाकों में विजिबिलिटी महज 300 मीटर तक रही.

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    #Smog: US की एअरलाइन ने कैंसिल की दिल्ली की फ्लाइट्स

  • पाक से संवाद बनाए रखने के लिए अमेरिका ने भारत को बताया ये तरीका

    पाक से संवाद बनाए रखने के लिए अमेरिका ने भारत को बताया ये तरीका

     

     

    पड़ोसी देशों की सेनाओं के साथ संवाद कायम करने के लिए भारत को आधुनिक चौकियां स्थापित करनी चाहिए, विशेष बलों का गठन करना चाहिए और सुरक्षा चुनौतियों का सामना करने के लिए हिंद महासागर में अमेरिका के साथ संयुक्त समुद्री गश्त बढ़ानी चाहिए. चीन के साथ डोकलाम विवाद सामने आने के बाद अमेरिका के एक थिंक टैंक ने यह सुझाव दिए.

    वॉशिंगटन स्थित ‘अटलांटिक काउंसिल’ के साउथ एशिया सेंटर ने अपनी रिपोर्ट ‘द साइनो-इंडिया क्लैश ऐंड द न्यू जियोपोलिटिक्स ऑफ इंडो-पेसीफिक’ में कहा है कि भारत को साल में कम से कम एक बार भारत-अमेरिका-चीन वार्ता का प्रस्ताव देना चाहिए. यह वार्ता जी20 या पूर्वी एशिया शिखर सम्मेलन की बैठकों से इतर भी हो सकती है.

    थिंक टैंक ने कहा कि चीन और भारत के बीच ठोस आर्थिक संबंध हैं और उनके समान हित हैं, खासकर इसलिए कि दोनों ही ब्रिक्स और जी20 देशों के समूह के सदस्य हैं. इसके बावजूद कानूनी क्षेत्रीय मुद्दे चीन की नियत को लेकर भारत के संदेह को बढ़ाते रहेंगे.

    भरत गोपालस्वामी और रॉबर्ट एक मैनिग द्वारा तैयार की गई इस रिपोर्ट में कई सुझाव दिए गए हैं. इसमें कहा गया है कि बराबरी करने और काबू करने में अंतर है.डोकलाम में भारत और चीन के बीच 16 जून से अगले 73 दिन तक गतिरोध बना रहा था . इसकी वजह भारतीय सैनिकों द्वारा चीन की सेना को इलाके में सड़क निर्माण से रोकना था.

    इसमें सुझाव दिया गया कि भारत और अमेरिका को हिंद महासागर में संयुक्त समुद्री गश्त बढ़ानी चाहिए. इसके अलावा देश में पोत निर्माण क्षमता को विकसित करने के लिए अमेरिका को जापान और अमेरिका से सहायता भी लेनी चाहिए.