Category: national

  • VIDEO: बेगूसराय भगदड़ में 4 लोगों की मौत, गंगा स्नान करने पहुंचे थे 10 लाख लोग

    VIDEO: बेगूसराय भगदड़ में 4 लोगों की मौत, गंगा स्नान करने पहुंचे थे 10 लाख लोग

     

     

    बिहार के बेगूसराय में सिमरिया में भगदड़ मचने से चार लोगों की मौत हो गई. पुलिस के मुताबिक़ कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ गंगा स्नान के लिए उमड़ी थी. इसी दौरान अफ़वाह फैलने से भीड़ में भगदड़ मच गई. और लोग एक दूसरे को कुचलकर भागने लगे. पुलिस ने इस भगदड़ में चार लोगों की मौत की पुष्टि की है.

    दरअसल सिमरिया में आज कार्तिक पूर्णिमा के मौके पर भारी भीड़ गंगा स्नान के लिए उमड़ गई. गंगा स्नान करने लगभग 10 लाख लोग पहुंचे थे. इसी दौरान भीड़ में किसी बात को लेकर अफवाह फैली और भगदड़ मच गई. प्रशासनिक स्तर पर भी भीड़ को देखते हुए कोई खास इंतजाम नहीं थे. इसी का नतीजा था कि भगदड़ में 4 लोगों ने अपनी जान गंवा दी. मृतकों में 2 बुजुर्ग महिलाएं भी शामिल हैं. चश्मदीदों के मुताबिक पुलिस की लचर व्यवस्था के चलते ही इतना बड़ा हादसा हो गया.

  • एनटीपीसी विस्फोट: घायलों को एम्स, सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया

    एनटीपीसी विस्फोट: घायलों को एम्स, सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया

     

    नयी दिल्ली। उत्तर प्रदेश के रायबरेली में एनटीपीसी संयंत्र में हुए विस्फोट में गंभीर रूप से झुलसे 15 लोगों को बेहतर इलाज के लिए यहां अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) और सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इनमें से छह को एम्स के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है जबकि नौ लोगों को सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया। एम्स में भर्ती लोगों में से अधिकतर के चेहरे गंभीर रूप से झुलसे हुए हैं। एम्स के एक वरिष्ठ चिकित्सक ने कहा, ‘‘उन्हें एम्स ट्रॉमा सेंटर के बर्न वार्ड में भर्ती कराया गया है। उनमें से एक का चेहरा 60 प्रतिशत तक झुलस गया है, वहीं बाकी 25 से 50 प्रतिशत के बीच झुलसे हुए हैं।’’

    गंभीर रूप से झुलसे लोगों को एयर बस से दिल्ली लाया गया। इनकी गंभीर हालत को देखते हुए आईजीआई हवाईअड्डे से एम्स ट्र्रॉमा सेंटर तक ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया था। सफदरजंग अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ राजेंद्र शर्मा ने कहा, ‘‘पांच रोगियों की हालत बेहद नाजुक है। उनमें से तीन लोग करीब 80 फीसदी झुलसे हुए हैं, जबकि दो लोग 60 से 70 फीसदी झुलसे हुए हैं।’’ शर्मा ने कहा कि चार अन्य लोग 25 से 45 फीसदी झुलसे हुए हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हमने इंतजाम कर रखे हैं, अधिक रोगियों के आने की स्थिति में भी हम उन्हें रख सकते हैं।’’

    स्वास्थ्य राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने गुरुवार रात अस्पताल का दौरा किया, ताकि विस्फोट से झुलसे लोगों को सर्वश्रेष्ठ इलाज एवं देखभाल सुनिश्चित हो सके। एनटीपीसी के ऊंचाहार संयंत्र में हुए विस्फोट में मरने वालों की संख्या बढ़कर 32 तक पहुंच गई है। रायबरेली और लखनऊ के अस्पतालों में 85 से अधिक लोगों का इलाज चल रहा है। एनटीपीसी ने विस्फोट का कारण पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है।

  • किरण बेदी ने किया इस्तीफे की अफवाहों का खंडन

    किरण बेदी ने किया इस्तीफे की अफवाहों का खंडन

     

     

    पुडुचेरी की उपराज्यपाल किरण बेदी ने केन्द्र शासित राज्य में नए मुख्य सचिव की तैनाती से नाराज़ होकर अपने पद से इस्तीफा देने की अफवाहों का ज़ोरदार खंडन किया है.

    बेदी ने सोशल मीडिया और अन्य मीडिया रिपोर्टों में उनके इस्तीफे की आशंकाओं को गलत बताते हुए कहा कि वो पुडुचेरी में व्यवस्थागत सुधारों के अपने अभियान में शिद्दत से जुटी हैं. बेदी ने बताया कि वो शनिवार को आईआईटी दिल्ली में उन्हें सम्मानित करने के लिए आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेने आयी हैं. उन्होंने पुडुचेरी में नए मुख्य सचिव की तैनाती का स्वागत करते हुए कहा कि ये बदलाव राज्य के हित में किया गया है.

    बेदी ने कहा, ‘हमें एक ऐसे मुख्य सचिव की ज़रूरत है जो तटस्थ हो, सभी की बात सुनता हो और अधिकारी तंत्र के बीच सामंजस्य बढ़ाने वाला हो. जो हालात को सुधारने में यकीन करता हो, बिगाड़ने में नहीं. मैं नए मुख्य सचिव की नियुक्ति का स्वागत करती हूं.’ उल्लेखनीय है कि केन्द्र सरकार ने दिल्ली सरकार में लोक निर्माण सचिव अश्विनी कुमार को पुडुचेरी का मुख्य सचिव नियुक्त किया है.

    कुछ मीडिया रिपोर्टों में कुमार की तैनाती से किरण बेदी के नाराज़ होने का हवाला देते हुए उनके इस्तीफे की आशंका जताई गयी थी. हालांकि बेदी ने शनिवार सुबह आईआईटी दिल्ली में उन्हें सम्मानित करने की तस्वीरें ट्वीट कर इस सम्मान के लिए खुशी का इज़हार भी किया था.

    देर शाम इस्तीफे की आशंकाओं का खंडन करते हुए उन्होंने कहा कि वो नहीं जानतीं कि ये अफवाहें कौन फैला रहा है. उन्होंने कहा, ‘मैं आईआईटी में सम्मान ग्रहण करने दिल्ली आयी हूं. कल वापस पुडुचेरी जा रही हूं. मैं पुडुचेरी में व्यवस्थागत खामियों को दूर करने का हर संभव प्रयास कर रही हूं और इस काम में हर तरह के सकारात्मक सहयोग का स्वागत है.’

  • चिदंबरम को देखने के लिए कांग्रेस ने आप को नीचे खींच लिया

    चिदंबरम को देखने के लिए कांग्रेस ने आप को नीचे खींच लिया

     

     

    कांग्रेस ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से दिल्ली सरकार के पीएम चिदंबरम को पेश करने के निर्णय पर केंद्र सरकार के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में मामले की सुनवाई करने का आरोप लगाया था।

    श्री चिदंबरम, पूर्व केंद्रीय वित्त और गृह मंत्री, इस मामले में राज्य सरकार का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील के बीच है, जिसमें सुनवाई गुरुवार को शुरू हुई। आम आदमी पार्टी (एएपी) और केजरीवाल के खिलाफ चुनाव लड़ रहे कांग्रेस नेताओं ने सोशल मीडिया पर मुख्यमंत्री से मुलाकात की।

    2012 में भ्रष्टाचार के चिदंबरम पर आरोप लगाते हुए केजरीवाल ने ट्वीट किया था कि दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष अजय माकन ने ट्वीट किया था: “बधाई हो! । @PChidambaram_IN – आपके एक बार समीक्षक द्वारा आपको बहिष्कृत कर दिया गया है @अरविंद केजरीवाल और आप! आप ने अब माफी मांगी? (Sic) “।

    श्री माकन ने 25 नवंबर, 2014 को मुख्यमंत्रियों के मीडिया सलाहकार, नगन्द्र शर्मा द्वारा एक और ट्वीट का हवाला देते हुए कहा कि, जबकि दिल्ली कांग्रेस के नेताओं ने बीएसईएस बिजली संकट के खिलाफ कार्रवाई की थी, श्री चिदंबरम और पूर्व मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने तर्क दिया सुप्रीम कोर्ट में कंपनी की ओर से

    चिपचिपा स्थिति

    दिल्ली कांग्रेस प्रवक्ता शर्मिला मुखर्जी ने कहा कि श्री चिदंबरम ने दिल्ली सरकार की अदालत में प्रतिनिधित्व किया, “उन्होंने केजरीवाल और आप के पाखंड को उजागर किया”।

    “यह एएपी में प्रतिभा की कमी को दिखाता है कि उन्हें मदद के लिए कांग्रेस नेता के पास आना है। जब श्री चिदंबरम बीएसईएस या निजी स्कूलों का प्रतिनिधित्व कर रहे थे, एक पेशेवर के रूप में उनकी क्षमता में, आप ने इसे राजनीति में डाला, “सुश्री मुखर्जी ने कहा।

    हालांकि, दिल्ली कांग्रेस के नेताओं ने इस फैसले पर सवाल उठाते हुए, यह पार्टी को एक चिपचिपा स्थिति में भी डाल दिया क्योंकि श्री चिदंबरम दिल्ली सरकार की रक्षा करेंगे, जिसने यह सुनिश्चित किया है कि केंद्र ने लेफ्टिनेंट-गवर्नर के जरिए इसे ठीक से कार्य करने की अनुमति नहीं दी है।

    हालांकि, कांग्रेस ने बार-बार कहा है कि केंद्र में भाजपा सरकार के बावजूद दिल्ली में उनकी सरकार काम करने में सक्षम थी।

    जब श्री चिदंबरम ने संभावित रूप से कांग्रेस के खिलाफ एक स्टैंड का बचाव करने के बारे में पूछा, तो सुश्री मुखर्जी ने कहा: “कोई विरोधाभास नहीं है यह एक पेशेवर मामला है। ”

    ‘अनुभवी वकील’

    दिल्ली सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि श्री चिदंबरम को शामिल करने का निर्णय कानूनी टीम ने अपने अनुभव को ध्यान में रखते हुए लिया था।

    वरिष्ठ अधिवक्ता और पूर्व मंत्री होने के नाते, श्री चिदंबरम संविधान के अनुच्छेद 23 9एए में अच्छी तरह से वाकिफ हैं, जो दिल्ली के विशेष दर्जा देता है, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली अधिनियम और व्यापार नियमों का लेन-देन – चालू मामला , अधिकारी ने कहा।

    वास्तव में, अधिकारी ने कहा, श्री चिदंबरम जनवरी से दो मामलों में दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।

    आम आदमी पार्टी के प्रवक्ता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि यह दिल्ली सरकार का फैसला है और पार्टी के पास इसके बारे में कुछ नहीं कहना है।

    ——————————————-

    बधाई! @ पीसीिदंबरम_आइ -आपके एक बार आलोचक @ अरविंद केजरीवाल और आप ने बंदी बना दी है! आप ने अब माफी मांगी? (Sic)

    अजय माकन

    दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष

    श्री चिदंबरम को शामिल करने का निर्णय कानूनी टीम द्वारा अपने अनुभव को ध्यान में रखते हुए लिया गया था … वह संविधान के अनुच्छेद 23 9 एए के साथ अच्छी तरह से वाकिफ हैं, जो दिल्ली के विशेष दर्जा देता है; राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली अधिनियम की सरकार; और व्यापार नियमों का लेनदेन – चल रहे मामले में सभी केंद्रीय

    दिल्ली सरकार के वरिष्ठ अधिकारी

    यह दिल्ली सरकार का निर्णय था और आम आदमी पार्टी के पास इसके बारे में कुछ नहीं कहना है

    सौरभ भारद्वाज

    आप के प्रवक्ता

  • 8 नवंबर को ‘एंटी ब्लैक मनी डे’ मनाएगी बीजेपी, मंत्रियों पर होगी मुहिम की जिम्मेदारी

    8 नवंबर को ‘एंटी ब्लैक मनी डे’ मनाएगी बीजेपी, मंत्रियों पर होगी मुहिम की जिम्मेदारी

     

     

    8 नवंबर को नोटबंदी के एक साल पूरे होने पर बीजेपी देशभर में एंटी ब्लैक मनी डे मनाने की तैयारी कर रही है. देश भर में काले धन के खिलाफ मुहिम चलाने के लिए मोदी कैबिनेट के मंत्रियों की ड्यूटी लगाई गई है. जिनमें गृहमंत्री राजनाथ सिंह हिमाचल में, सुषमा स्वराज भोपाल में, अरुण जेटली गुजरात में, तो नितिन गडकरी मुंबई में रहेंगे. इसके अलावा रविशंकर प्रसाद, जेपी नड्डा, उमा भारती और मेनका गांधी समेत लगभग सभी मंत्री देश के अलग – अलग शहरों में काला धन विरोधी दिवस के कार्यक्रम में शामिल होंगे.

    सुरेश प्रभु जयपुर, नरेन्द्र तोमर गुजरात, डॉ. हर्षवर्धन चंडीगढ में रहेंगे. बीजेपी ने इस कार्यक्रम को 8 नवंबर तक सीमित न रखकर इसे एक कैंपेन की तरह चलाने का फैसला लिया है.

    गृहमंत्री राजनाथ सिंह हिमाचल प्रदेश में रहेंगे तो विदेश मंत्री सुषमा स्वराज भोपाल में. अरुण जेटली गुजरात में तो गडकरी मुंबई में लोगों से सीधा संवाद कायम करेंगे.

    रविशंकर प्रसाद दिल्ली, जेपी नड्डा हिमाचल, अनंत कुमार विजयवाडा, उमा भारती रोहतक में रहेंगी. मेनका गांधी अमृतसर, सुरेश प्रभु जयपुर, नरेन्द्र तोमर गुजरात, जुएल ओराम इंफाल, ङर्षवर्धन चंडीगढ में रहेंगे. जावडेकर बैंगलुरु, धर्मेन्द्र प्रधान रायपुर, अनंत गीते रायगढ, हरसिमरत कौर भटिंडा, पासवालन हाजीपुर में रहेंगे.ये कार्यक्रम सिर्फ 8 नवंबर तक सीमित नहीं रहेंगे. पार्टी ने इसे एक कैंपेन की तरह चलाने का फैसला लिया है. 8 नवंबर को बीजेपी देश भर में मना रही है एंटी ब्लैक मनी डे. 8 नवंबर को पूरा हो रहा है नोटबंदी का एक साल. जबकि कांग्रेस ने किया है 8 नवंबर को काला दिवस मनाने का ऐलान और देश भर में निकालेगी कैंडल लाईट मार्च. बीजेपी ने तमाम मंत्रियों की लगायी ड्यूटी. देश के कोने कोने मे जाकर करेंगे सरकार के काम काज का प्रसार किया जाएगा.

    जनता को ये बताया जाएगा कि कैसे मोदी कैबिनेट की पहली बैठक में 27 मई 2014 को काले धन पर एसआईटी का गठन किया गया. 14 फरवरी 2015 को कोयले का ऑनलाईन ऑक्शन शुरु किया गया. डीबीटी यानि डायरेक्ट बेनेफिट ट्रांसफर योजना शुरु की गयी ताकि बोगस राशन कार्ड की छुट्टी के सात साथ सरकार की सब्सिडी भी बचे. 1 जून 2016 को इनकम डिस्क्योजनर स्कीम लागू हुआ जिसमें लोगों को अपने छिपे धन की घोषणा करने का मौका दिया गया. 1 नवंबर 2016 को बेनामी प्रोपर्टी ट्रंजैक्शन एक्ट लागू हुआ और 8 नवंब 2016 को पीएम मोदी ने अब तक का सबसे बड़े फैसले यानि नोटबंदी का ऐलान किया. दावा ये किया गया कि इससे आतंकी, नक्सल, नकली नोट के साथ साथ काले धन पर भी लगाम लगेगी. मॉरिशस, सिंगापुर और साइप्रस के साथ समझौते कर काले धन को वापस लाने के धंधे पर रोक लगाई. और पिछले महीने ही नकली शेल कंपनियों के रजिस्ट्रेशन रद्द किए गए.

  • जनरल रावत ने फील्ड मार्शल जनरल करियप्पा के लिए मांगा भारत रत्न

    जनरल रावत ने फील्ड मार्शल जनरल करियप्पा के लिए मांगा भारत रत्न

     

     

    थलसेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने शनिवार को आज़ाद भारत के पहले थलसेना अध्यक्ष फील्ड मार्शल जनरल के एम करियप्पा को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से सम्मनित करने की वकालत की.

    जनरल रावत ने कहा, ‘फील्ड मार्शल करियप्पा को भारत रत्न से सम्मानित करने की अनुशंसा का वक्त आ गया है. यदि दूसरों को ये मिल सकता है तो मुझे कोई वजह नज़र नहीं आती कि उन्हें ये क्यों नहीं मिलना चाहिए. वो इसके योग्य हैं. हम प्राथमिकता के आधार पर जल्द ही इस मामले को देखेंगे.’

    थलसेना प्रमुख ने ये टिप्पणी उस वक्त की जब ‘दि फील्ड मार्शल करियप्पा जनरल थिमैया’ (एफएमसीजीटी) फोरम से जुड़े कर्नल के सी सुबैया ने ‘भारत रत्न’ के लिए करियप्पा के नाम की सिफारिश करने का अनुरोध किया. करियप्पा मूल रूप से कर्नाटक के कोडागू जिले के रहने वाले थे.

    कोडागू (जिसे पहले कुर्ग कहा जाता था) को योद्धाओं की भूमि करार देते हुए रावत ने कहा कि उन्हें फील्ड मार्शल करियप्पा और जनरल के एस थिमैया की स्मृति में बनाए गए स्मारकों के अनावरण का अवसर प्राप्त होने पर गर्व है.जनरल रावत ने कहा कि कोडागू के रहने वाले लोग थलसेना में बड़ी संख्या में अधिकारियों और जवानों के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. उन्होंने उम्मीद जताई कि ‘भविष्य में कई और सेना प्रमुखों का उदय इस महान भूमि से होगा.’ करियप्पा भारतीय थलसेना के पहले भारतीय कमांडर-इन-चीफ थे और उन्हें 28 अप्रैल 1986 को फील्ड मार्शल की रैंक दी गई थी.

    दूसरे विश्व युद्ध के दौरान जापानियों के खिलाफ बर्मा के अभियान में अपनी भूमिका के लिए करियप्पा को प्रतिष्ठित ‘ऑर्डर ऑफ ब्रिटिश एम्पायर (ओबीई) से सम्मानित किया गया था. साल 1947 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में भी उन्होंने पश्चिमी मोर्चे पर भारतीय बलों की अगुवाई की थी. उन्हें भारतीय थलसेना के सर्वोच्च सम्मान फील्ड मार्शल के पांच सितारा रैंक से नवाज़ा गया था. उनके अलावा, फील्ड मार्शल मानेकशॉ को ही अब तक इस सम्मान से नवाजा गया है.

    साल 1993 में 94 वर्ष की उम्र में जनरल करियप्पा का निधन हो गया था.

  • शमिका रवि बनी प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद की सदस्य

    शमिका रवि बनी प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद की सदस्य

     

    नयी दिल्ली। शोध संस्थान ब्रूकिंग्स इंडिया की वरिष्ठ शोधार्थी शमिका रवि को प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद का अल्पकालिक सदस्य नियुक्त किया गया है। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने  इसकी जानकारी दी। इस सलाहकार परिषद के अध्यक्ष नीति आयोग के सदस्य विवेक देबरॉय हैं। नीति आयोग के प्रधान सलाहकार रतन वाटल परिषद के सदस्य हैं तथा अर्थशास्त्री सुरजीत भल्ला, रतिन रॉय और आशिमा गोयल इसके अल्पकालिक सदस्य हैं।

    एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने बताया, ‘‘प्रधानमंत्री कार्यालय ने आर्थिक सलाहकार परिषद के अल्पकालिक सदस्य के तौर पर रवि की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है।’’ रवि ब्रूकिंग्स इंडिया में विकास अर्थशास्त्र शोध के प्रमुख हैं। वह इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस के विजिटिंग प्रोफेसर भी हैं। वह वहां गेम थ्यॉरी एवं सूक्ष्म वित्तपोषण के पाठ्यक्रम पढ़ाती हैं।

  • वाहन पंजीकरण के लिए पार्किंग सबूत भरा

    वाहन पंजीकरण के लिए पार्किंग सबूत भरा

     

     

    नोएडा में प्राधिकरण अब वाहन पंजीकरण की अनुमति देगा, अगर मालिक पहले ही पार्किंग प्रूफ प्रस्तुत करेगा। नगर सड़कों को कम करने और गैरकानूनी पार्किंग पर फंसे जाने के एक अभियान के तहत नोएडा प्रशासन, शहर पुलिस और परिवहन विभाग द्वारा संयुक्त रूप से निर्णय लिया गया है।

    गौतम बुद्ध नगर सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी ए.के. हालांकि, पांडे ने स्पष्ट किया कि यह एक पुराना आदेश है और विभाग ने अभी इसे कड़ाई से लागू करने का फैसला किया है। “हम वाहन के पंजीकरण के बाद ही ताजा वाहन पंजीकरण प्रदान करेंगे I सबूत की अनुपस्थिति में, कोई पंजीकरण की अनुमति नहीं दी जाएगी, “उन्होंने कहा।

    खराब योजना और वाहनों की संख्या में वृद्धि ने शहर में यातायात अराजकता को जन्म दिया है। जबकि अधिकारियों ने कई समूह आवास समितियों को मंजूरी दी है, जिससे सीमित स्थान में वाहनों की संख्या में वृद्धि हो रही है, निवासियों ने भी कई वाहन खरीदे हैं, और आगे अंतरिक्ष को कम कर दिया है।

    औसत से, नोएडा में हर घर या फ्लैट दो से तीन वाहन हैं, परिवहन विभाग ने कहा कि, इन वाहनों में से ज्यादातर सड़कों पर खड़े हैं, जिससे यातायात चिंराट हो जाते हैं।

    “तीन से चार कारों वाले परिवार हैं हम ऐसे मामलों में भी आ चुके हैं जहां लोग भावनात्मक लगाव के कारण अपने पुराने वाहनों को बेचते हैं या नहीं निकालते हैं। हमने उन्हें उन वाहनों का निपटान करने के लिए आग्रह किया है, जिनका इस्तेमाल नहीं हुआ है। ”

    हाल ही में, सिटी मजिस्ट्रेट महिंद्रा सिंह ने गौतम बुद्ध नगर- सेक्टर 32 में लॉजिक्स मॉल, सेक्टर 125 में एमिटी विश्वविद्यालय, सेक्टर 60 में यू-फ्लेक्स कंपनी और सेक्टर 135 में एक्सेंचर एंड मेटलाइफ कार्यालयों में चार बड़ी प्रतिष्ठानों को नोटिस भेजा – उनके बाहर अवैध पार्किंग के लिए परिसर।

    नोटिस ने उन्हें 30 अक्टूबर तक अवैध रूप से पार्किंग से अपने परिसर में आने वाले वाहनों को रोकने के लिए कहा, जिससे कि उन्हें शहर के अदालत में पेश करना होगा और स्पष्टीकरण देना होगा कि उनके परमिट और लाइसेंस रद्द नहीं किए जाने चाहिए।

    ट्रैफिक पुलिस ने जिला प्रशासन को लिखी पत्रों के बाद नोटिस भेजे थे ताकि निवासियों के लिए यातायात की समस्या पैदा हो रही प्रतिष्ठानों के खिलाफ कार्रवाई करने का अनुरोध किया जाए। यातायात और पार्किंग के मुद्दों का विश्लेषण करने के बाद, जिला मजिस्ट्रेट ने सिटी मजिस्ट्रेट को गुमराह प्रतिष्ठानों को नोटिस भेजना शुरू करने को कहा।

    इसके बाद सिटी मजिस्ट्रेट ने यातायात पुलिस और स्थानीय पुलिस थाने को शैक्षिक संस्थानों, मॉल और अन्य संगठनों की सूची तैयार करने के लिए कहा, जो सार्वजनिक पार्किंग के बावजूद सार्वजनिक स्थान पर पार्किंग कर रहे हैं।

  • ‘हमारे समाज में पुरुषों को घूरने की पूरी आजादी’

    ‘हमारे समाज में पुरुषों को घूरने की पूरी आजादी’

     

     

    फिल्म निर्देशक प्रकाश झा का कहना है कि
    भारतीय समाज में पुरुषों को घूरने की आजादी है और सिनेमा इसमें बदलाव नहीं ला सकता. उन्हें लगता है कि सिनेमा महत्वपूर्ण मुद्दों को जीवित रखने में मददगार हो सकता है.

    झा ने अपनी पिछली फिल्म ‘लिप्सटिक अंडर माई बुर्का’ के बारे में बात करते हुये कहा कि उन्हें ‘महिलाओं के घूरने’ वाली यह पटकथा अद्वितीय लगी, लेकिन इसे सेंसर बोर्ड से रिलीज कराने में उन्हें कड़ी मेहनत करनी पड़ी.

    झा ने वर्ल्ड कांग्रेस ऑफ मेंटल हेल्थ कार्यक्रम में कहा, ‘हमारे समाज में पुरुषों को घूरने की पूरी आजादी है. एक पुरुष के नजरिये से सबकुछ की अनुमति है. मूल्य, प्रणाली…एक पुरुष फिल्मों एवं कहानियों में महिलाओं का पीछा कर सकता है, लेकिन यहां एक महिला पुरुष का पीछा करना चाहती है. यहां एक महिला ही महिला के घूरने के मुद्दे पर बात करती है और यही इस कहानी को बिल्कुल अलग बनाती है.’

    सेंसर बोर्ड के साथ अपने विवाद को याद करते हुये झा ने कहा कि वह इस फिल्म को इंटरनेट पर बिल्कुल मुफ्त में रिलीज करने के लिये तैयार थे, लेकिन खुशकिस्मती से फिल्म सर्टिफ़िकेट अपीलीय ट्रिब्यूनल ने इसे मंजूरी दे दी.उन्होंने कहा, ‘‘समाज हमेशा बदलाव चाहता है. सांस लेने की जगह चाहता है. यह एक प्रक्रिया है. मुझे नहीं मालूम कि समाज अचानक महिलाओं के दृष्टिकोण से चीजों को देखना शुरू कर देगी, लेकिन एक और संसार है, जो किसी की कहानी, संगीत अथवा किसी के लेखन से आता है.’’

    झा ने कहा कि उन्हें सिनेमा इसलिये पसंद है क्योंकि यह समाज के कुछ ज्वलंत मुद्दों पर रोशनी डालता है. उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं लगता कि फिल्में समाज में वास्तविक बदलाव ला सकती है लेकिन मुद्दों पर विमर्श करने का यह बहुत शक्तिशाली माध्यम है. यह बहुत सशक्त जरिया है.’’

  • कांग्रेस भागी, हिमाचल प्रदेश चुनाव एकतरफा: मोदी

    कांग्रेस भागी, हिमाचल प्रदेश चुनाव एकतरफा: मोदी

     

     

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वो
    हिमाचल प्रदेश की चुनावी लड़ाई से भाग चुकी है और राज्य की जनता ये चुनाव लड़ रही है.

    राज्य में नौ नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले लगातार तीसरे दिन चुनाव प्रचार में भाग लेते हुए मोदी ने कहा कि राज्य का चुनाव उनकी पार्टी बीजेपी नहीं लड़ रही बल्कि राज्य की जनता लड़ रही है जो भ्रष्टाचार और खराब कानून व्यवस्था के लिए कांग्रेस को सबक सिखाने पर उतारू है.

    उन्होंने यहां एक रैली में कहा, ‘मुझे दुख है क्योंकि इस बार मुझे चुनाव में मज़ा नहीं आ रहा. इस बार कांग्रेस मैदान छोड़कर भाग चुकी है. ये चुनाव एकतरफा हो गए हैं.’ भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कांग्रेस पर हमला बोलते हुए मोदी ने केंद्र की पिछली कांग्रेस नीत सरकारों पर 57000 करोड़ रुपए की सब्सिडी का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया. उन्होंने दावा किया कि उन्होंने इस दुरुपयोग को रोक दिया है और अब जनता के कल्याण के लिए पैसे का इस्तेमाल किया जा रहा है.

    प्रधानमंत्री ने कहा, ‘इस बार जैसा एकतरफा चुनाव हो रहा है, वैसा पहले कभी नहीं देखने को मिला. इसकी वजह है कि देश जानता है कि कांग्रेस सरकार कैसी है और उसकी क्या मंशा हैं.’ उन्होंने कहा कि पिछले 20 सालों में उन्होंने ऐसा चुनाव नहीं देखा है.मोदी ने कहा, ‘इतने लंबे समय से राजनीति में होने की वजह से मैं महसूस कर सकता हूं कि हवा किस तरफ बह रही है. लेकिन इस बार हिमाचल में तूफान देखा जा सकता है. भ्रष्टाचार, खराब कानून व्यवस्था के खिलाफ और महिलाओं तथा बेटियों की सुरक्षा के लिए जनता का गुस्सा बाहर आ रहा है.’ उन्होंने कहा कि राज्य की जनता ने कांग्रेस की सल्तनत को सबक सिखाने का मन बना लिया है.

    प्रधानमंत्री ने कहा, ‘इस बार हमें स्वीकारना होगा कि बीजेपी नहीं बल्कि उसके कार्यकर्ता या नेता चुनाव लड़ रहे हैं. हिमाचल का चुनाव राज्य की जनता लड़ रही है जिसने कांग्रेस की सल्तनत को सबक सिखाने का मन बना लिया है.’

    मोदी ने कहा कि हिमाचल में रैली कर रहे कांग्रेस के शीर्ष नेताओं ने जनता का सामना करने का साहस किया और उन पर तथा प्रेम कुमार धूमल जैसे प्रदेश के नेताओं पर निशाना साधा. लेकिन उनके पास कहने को कुछ नहीं है. प्रधानमंत्री ने कहा कि सब्सिडी के नाम पर बिचौलियों ने खजाना लूट लिया.

    उन्होंने कहा, ‘बिचौलियों ने सब्सिडी के 57 हज़ार करोड़ रुपए से अधिक लूट लिए. मोदी ने ये सब रोक दिया और अब इस पैसे को जनता के कल्याण के लिए खर्च किया जा रहा है.’ मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत राजीव गांधी के इस बयान का ज़िक्र भी किया कि दिल्ली से एक रुपया जाता है तो गांवों तक केवल 15 पैसे पहुंचते हैं. मोदी ने कहा कि राजीव गांधी ऐसा कहकर महज़ उस तस्वीर को पेश कर रहे थे जो कांग्रेस ने देश चलाते समय किया.

    उन्होंने कहा कि राजीव गांधी ऐसे डॉक्टर थे जिन्होंने भ्रष्टाचार की बीमारी का पता लगाया लेकिन इस बारे में किया कुछ नहीं.

    उन्होंने कहा, ’85 पैसे कहां गए.’ कांग्रेस के चुनाव चिह्न की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा, ‘कौन जादूगर था? या उस धन को चुराने के लिए किस पंजे का इस्तेमाल किया गया.’ जीएसटी पर मोदी ने कहा कि किसी कारोबारी या कारोबारी संस्था ने नयी कर प्रणाली का विरोध नहीं किया और व्यापारियों एवं दुकानदारों की समस्याओं का समाधान करने के लिए सरकार सबकुछ कर रही है.