Category: national

  • चुनावआयोग ने बड़बोले नेताओं पर दिखाई है सख्ती,  सिद्धू पर लगाया 72 घंटे का बैन

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    नई दिल्ली ।  कांग्रेस के स्टार प्रचारक EC ने सिद्धू पर यह बैन उनके द्वारा कटिहार और पूर्णिया की रैली में मुस्लिमों से एकजुट होकर  Vote करने की अपील के बाद लगाया है।  लगा दिया गया है। यह बैन 23 अप्रैल सुबह 10 बजे से प्रभावी माना जाएगा।

    बता दें कि 16 अप्रैल को बिहार के कटिहार की बारसोई और बराड़ी विधानसभा में कांग्रेस प्रत्‍याशी के समर्थन में एक सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता सिद्धू ने मुस्लिम  समुदाय से एकजुट होकर कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने की अपील की थी।

    उन्‍होंने कहा था, ‘मैं अपने मुस्लिम भाइयों को एक ही बात कहने आया हूं कि आप यहां अल्पसंख्यक बनकर भी बहुसंख्यक हो और 62 फीसदी हो।

    ये आपको बांट रहे हैं। ये बीजेपी वाले आपके वोट को बांटने का प्रयास करेंगे, मैं कहता हूं अगर आप इकट्ठे आ गए तो तारिक साहब को दुनिया की कोई ताकत नहीं हरा सकती। अगर आप एकजुट हो गए तो फिर मोदी सुलट जाएगा….छक्का लग जाएगा….!

    मैं जब जवान था तो मैं भी खूब छक्का मारता था…ऐसा छक्का मारो कि मोदी को यहां बाउंड्री से पार होना पड़े।’ इसके अलावा पूर्णिया की एक जनसभा में भी उन्होंने मुस्लिमों को बंटने का डर दिखाते हुए एकजुट होकर वोट करने की अपील की थी। चुनाव आयोग ने उनके इन बयानों का संज्ञान लेकर उन्हें एक नोटिस जारी किया था।

    इन बयानों की जानकारी के बाद केंद्रीय चुनाव आयोग ने कटिहार के रिटर्निंग ऑफिसर से सिद्धू के भाषण की सीडी मांगी थी। कटिहार जिले में सिद्धू के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया था। सोमवार को सिद्धू के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए चुनाव आयोग ने उन पर 72 घंटे का बैन लगा दिया।

    यह बैन 23 अप्रैल सुबह 10 बजे से प्रभावी होगा। इस दौरान वह कोई जनसभा, रैली, भाषण, इंटरव्यू आदि नहीं दे पाएंगे। बता दें कि नेताओं के बड़बोले बयानों पर चुनाव आयोग ने काफी सख्ती दिखाई है। सिद्धू से पहले योगी आदित्यनाथ, आजम खान, मेनका गांधी, मायावाती जैसे नेताओं पर भी 48-72 घंटों तक का बैन लग चुका है।

  • संत समाज ने PM MODI के खिलाफ प्रत्याशी उतारने का किया ऐलान

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    वाराणसी । धर्म नगरी वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ संत समाज ने अपना प्रत्याशी उतारने का ऐलान किया है. प्रधानमंत्री के खिलाफ अखिल भारतीय राम राज्य परिषद के प्रत्याशी की घोषणा सोमवार को केदार घाट स्थित करपात्री धाम के सम्मुख होगी. काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के कमच्छा स्थित शिक्षा संकाय के चाणक्य प्रेक्षागृह में रविवार को आयोजित राष्ट्रीय अधिवेशन एवं सनातनी सन्त विद्वत सम्मेलन में तय किया गया कि पीएम मोदी के खिलाफ रामराज्य परिषद चुनावी मैदान में प्रत्याशी उतारेगा।

    कार्यक्रम में शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानन्द सरस्वती के शिष्य प्रतिनिधि स्वामी अविमुक्तेश्वरानन्द सरस्वती ने कहा कि जनता का कल्याण हिन्दू राज्य से नही अपितु राम राज्य से संभव हैं. उन्होंने कहा कि आज सौ करोड़ हिन्दुओं में से अस्सी करोड़ हिन्दू नेतृत्व विहीन होने की वजह से उपेक्षित है. उन उपेक्षित हिन्दुओं का नेतृत्व करने के लिए धर्म सम्राट स्वामी करपात्री महाराज द्वारा स्थापित राम राज्य परिषद आगे आ रहा है.।

    काशी से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विरूद्व प्रत्याशी उतारने का निश्चय सन्त समाज के साथ विमर्श कर किया गया हैं. स्वामी अविमुक्तेश्वरानन्द ने प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि काशी में मन्दिर तोड़कर विनाश करने वाले विकास की बातें कर रहे है. विश्वनाथ कारिडोर के नाम पर काशीवासियों को चोर कहा गया।

    स्वामी अविमुक्तेश्वरानन्द ने कहा कि खुद को चौकीदार कहने वाले यदि चौकन्ने थे तो, हिन्दुस्तान दुनिया में गौमांस का सबसे बड़ा निर्यातक कैसे बन गया ?. सम्मेलन में महामण्डलेश्वर महन्त रामगिरी महाराज ने कहा कि मध्य प्रदेश में पिछली सरकार ने पिछले 15 वर्षो में चार हजार मन्दिरों को तोड़ दिया था।

    वहीं प्रयागराज में हुए कुम्भ में प्रधानमंत्री ने संतों, महात्माओं और विद्वानों का सत्कार न कर हमारा अपमान किया, जिसका सन्त समाज निन्दा करता है. सम्मेलन में पवन सुख दास, अच्युतानन्द महाराज,काशी विद्वत परिषद के संरक्षक प्रो. रामयत्न शुक्ल, प्रो. शिवजी उपाध्याय, डाॅ. श्रीप्रकाश मिश्र,धर्मसंघ के पं. जगजीतन पाण्डेय ने विचार रखा. अधिवेशन में महामण्डलेश्वर बालेश्वर दास, मोहन दास, महन्त घनश्याम दास, प्रेमाचार्य महाराज, धर्मदास, रवीन्द्र दास, वृन्दावन दास रामायणी, हरिहराचार्य, लक्ष्मण दास की मौजूदगी में सन्तों ने परम धर्म घोषणा पत्र भी जारी गया।

  • सुप्रीम कोर्ट ने मानहानि मामले में जारी किया स्मृति ईरानी को नोटिस

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    नई दिल्ली उच्चतम न्यायालय ने मानहानि मामले में कांग्रेस नेता संजय निरुपम की याचिका पर सुनवाई करते हुए सोमवार को केंद्रीय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी को नोटिस जारी किया।

    उच्चतम न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने निरुपम की उनके खिलाफ ईरानी की मानहानि याचिका पर जारी समन दिल्ली उच्च न्यायालय के रद्द करने से इन्कार करने के फैसले को चुनौती देते हुए शीर्ष अदालत में लगायी गयी गुहार पर सुनवाई करते हुए यह नोटिस जारी किया।

    पीठ ने कहा, “हम निरुपम की अर्जी पर 29 अप्रैल को सुनवाई करेंगे. ” निरुपम ने उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की है, जिसमें उन्होंने उनके खिलाफ जारी समन को दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा रद्द करने से इन्कार करने के फैसले को चुनौती दी है।

    उल्लेखनीय है कि केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा नेता ईरानी ने निरुपम के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कराया है, जिसको लेकर अदालत ने निरुपम को नोटिस जारी किया है। गौरतलब है कि निरुपम ने भी ईरानी के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए मानहानि याचिका दायर कर रखी है।

  • पत्नी की शादी उसके प्रेमी से ही करा दी, गिफ्ट में बेटा दे दिया

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    भागलपुर। भागलपुर के जगदीशपुर प्रखंड में प्रेम प्रसंग का एक दिलचस्प मामला सामने आया है, यह मामला किसी हिन्दी ड्रामा फिल्मी की तरह लगता है। दरअसल किराए के मकान में रहने वाले एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी की शादी उसके प्रेमी से ही करा दी।

    साथ ही तोहफे में अपने ढाई साल के बेटे को भी उन्हें सौंप दिया। पत्नी का प्रेमी कोई और नहीं बल्कि मकान मालिक का बेटा ही निकला।ढाई साल के बच्चे की मां अपने मकान मालिक के 20 वर्षीय बेटे से ही प्यार कर बैठी।

    प्यार का जुनून सिर पर ऐसा चढ़ा कि वो पति से बेवफाई करने लगी। लेकिन जब इसका पता पति के चला तो उसने अपनी पत्नी को प्रेमी के हवाले कर दिया। साथ हीअपने ढाई साल के बेटे को भी नवदंपति को सौंप दिया।

    महिला की शादी मकान मालिक के बेटे और प्रेमी मोनु कुमार सिंह के साथ ग्राम कचहरी में हो गई।जानकारी के मुताबिक काजबलीचक के रहने वाला युवक कई साल से सालेपुर में किराए के मकान में रहता था।

    कुछ दिन पहले उसे किसी केस में आरोपी पाए जाने के बाद जेल भेज दिया गया था। इसी दौरान मकान मालिक के बेटे मोनु से उस महिला की नजदीकियां बढ़ने लगीं।

    धीरे-धीरे दोनों में प्रेमसंबंध हो गया। दोनों के कुछ दिन पहले घर से भागकर जोगनी मंदिर में शादी कर लेने की बात सामने आ रही थी। जब इस बात का पता पति को चला तो उस युवक ने पत्नी की शादी उसके प्रेमी संग ही कराने का निर्णय लिया। युवक की शादी करीब चार वर्ष पूर्व गोड्डा जिला के एक गांव में हुई थी।

  • भाजपा को जीत हासिल करने के लिए मरघट बाबा का आसरा

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    नई दिल्ली। भाजपा दिल्ली में सातों सीटें जीतने के लिए पूजापाठ आदि में जुट गयी है। इसी क्रम में दिल्ली भाजपा अध्यक्ष मरघट बाबा के दरबार में पहुंचे। मनोज तिवारी ने सातों सीटें भाजपा के खाते में डालने के लिए मरघट वाले बाबा के मंदिर में पूजा अर्चना की और बाबा का आशीर्वाद लिया। इसके बाद क्षेत्र के प्रमुख लोगों से मिले और कार्यालय में लोकसभा की तैयारियों को लेकर बैठक की जिसमें उत्तर पूर्वी दिल्ली की लोकसभा की तैयारियों को लेकर समितियों का गठन किया गया।
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    सभी विधानसभाओं में रथ चलाने और सभी विधान सभाओं में कार्यालय खोलने का निर्णय लिया गया। आई.टी. और सोशल मीडिया के प्रचार प्रसार को और अधिक प्रभावशाली बनाने की भी रणनीति बनाई गई। मनोज तिवारी ने कहा कि पूरे देश में नरेन्द्र मोदी की लहर है इसलिये पिछले 2014 के चुनाव से भी अधिक सीटें 2019 में भाजपा को मिलने वाली हैं।
    दिल्ली की सातों सीटें भाजपा जीत कर श्री नरेन्द्र मोदी को भारी बहुमत से पुनः प्रधानमंत्री बनाने वाली है। दिल्ली के मतदाता समझ चुके हैं कि केजरीवाल ने जो वादा किया था उसमें से कोई भी वादा पूरा नहीं किया दूसरी ओर कांग्रेस के साथ अंदरखाने हाथ मिला लिया है।
    इससे पहले केजरीवाल कांग्रेस को भ्रष्टाचार में डूबी हुई पार्टी की संज्ञा देते थे और शीला दीक्षित के खिलाफ 370 पेज का आरोप पत्र दाखिल करके उन्हें जेल में भेजने की हुंकार भरते थे लेकिन यह सब दिल्ली के मतदाओं को भ्रम में डालने के लिए किया जा रहा था।

  • भाजपा सांसद उदित राज ने दिखाए बगावती तेवर!

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    नई दिल्ली। उत्तर-पश्चिमी दिल्ली की सीट से भाजपा के सांसद उदित राज ने अब तक टिकट की सूची में अपने नाम का घोषणा न होने को लेकर नाराजगी जतायी है। उदित राज ने ट्वीट कर कहा कि मैंने अपनी पार्टी विलय की, पूरे देश से मेरे करोड़ों समर्थक मेरे टिकट को लेकर बेचैन हैं। उन्होंने कहा कि मेरे समर्थकों ने आज शाम 4 बजे तक इंतजार करने को कहा है।

    बता दें कि बीजेपी ने रविवार को दिल्ली की चार सीटों के लिए उम्मीदवारों की घोषणा की है। जबकि तीन सीटों पर अभी भी घोषणा किए जाने का इंतजार है। भाजपा ने दिल्ली की चांदनी चौक सीट से डॉक्टर हर्षवर्धन, उत्तर-पूर्व दिल्ली से मनोज तिवारी, पश्चिमी दिल्ली से प्रवेश वर्मा और दक्षिण दिल्ली से रमेश बिधुड़ी को टिकट दिया है। पार्टी ने अभी तक पूर्वी दिल्ली, नई दिल्ली और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली से टिकट का ऐलान नहीं किया है।

    उदित राज ने ट्वीट कर कहा, ‘मैंने अपनी पार्टी बीजेपी में विलय की, पेरू देश से मेरे करोड़ों समर्थक मेरे टिकट को लेकर बेचैन हैं। उत्तर पश्चिमी दिल्ली से अभी तक मेरा नाम घोषित नहीं किया गया। मेरे समर्थकों ने आज शाम 4 बजे तक इंतजार करने को कहा है।’ सांसद ने कहा, ‘आखिर में मैं बीजेपी से उम्मीद करता हूं कि वह दलितों को धोखा नहीं देगी।’

  • नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अबकी बार रिकार्ड मतों संग बनेगी सरकार: योगी

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    सिद्धार्थनगर ।  मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दावा किया कि मौजूदा लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सर्वाधिक सीटें जीतकर नया कीर्तिमान स्थापित करेगी और नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में फिर पूर्ण बहुमत की सरकार बनाएगी। जिले के डुमरियागंज तहसील मुख्यालय पर बुधवार को एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पांच सालों के कुशल नेतृत्व से देश के गरीबों के चेहरे पर मुस्कान आई है और सबका साथ सबका विकास के नारे को साकार किया गया है।

    उन्होंने कहा कि सौभाग्य योजना के तहत चार करोड़ लोगों को लाभ पहुंचाया गया है जबकि 60 करोड़ लोगों को गैस कनेक्शन, 15 करोड़ युवकों को आर्थिक लाभ और 37 करोड़ गरीबों का बैंकों में खाता खुलवाया गया है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पूरी दुनिया में देश का सम्मान बढ़ा है। देश में राष्ट्रीय राजमार्ग, रेलवे लाइन, ट्रो, मेडिकल कॉलेज, फ़र्टिलाइज़र कारखाना, महाविद्यालय और तकनीकी कॉलेजों का जाल बिछाया जा रहा है। योगी ने कहा कि प्रदेश में त्योहारों और जिले का भेदभाव किए बिना निर्बाध बिजली की आपूर्ति की जा रही है जबकि अवैध बूचड़खाना को बंद कराने के साथ महिलाओं की सुरक्षा और भू माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई के लिए खास इंतजाम किए गए हैं।

    उन्होंने कहा कि सपा-बसपा की सरकारों के दौरान सरकार आतंकवादियों के खिलाफ मुकदमा को वापस लेती थी जबकि अब केंद्र सरकार ने आतंकवाद का ही पूरी तरह खात्मा कर दिया है। प्रदेश सरकार के दो सालों के कार्यकाल की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा कि इस दौरान किसानों की कर्ज माफी, बकाया गन्ने के मूल्य का भुगतान, नई चीनी मिलों की स्थापना के साथ अनेक ऐतिहासिक काम किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि प्रदेश में कानून व्यवस्था की हालत बेहतर है और अब अपराधी या तो जेल में होंगे या फिर उनका सफाया कर दिया जाएगा। इस मौके पर पार्टी उम्मीदवार जगदंबिका पाल सहित अन्य पार्टी नेताओं ने चुनावी रैली को संबोधित किया।

  • कांग्रेस का तारीखों के साथ दावा, UPA सरकार के दौरान 6 बार हुई सर्जिकल स्ट्राइक

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    नई दिल्ली । कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला ने गुरुवार को सर्जिकल स्ट्राइक के जरिए तंज कसा और कहा कि, मोदी सरकार पाकिस्तान पर किए गए एक सर्जिकल स्ट्राइक पर पीठ थपथपा रही है जबकि यूपीए सरकार के दौरान पाकिस्तान के खिलाफ 6 बार सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी। पाकिस्तान पर की गई सर्जिकल स्ट्राइक और एयर स्ट्राइक भारत की सबसे बड़ी उपलब्धि है। हमेशा से केंद्र की मोदी सरकार की गई सैन्य कार्यवाही को अपनी चुनावी रैलीओ में उल्लेख करती आई है।

    इसपर कांग्रेस ने आज तारीखों के साथ बताया की UPA सरकार के दौरान भी सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी। इस तरह तारीखों के साथ ब्यौरा रख कर कांग्रेस ने भाजपा की मोदी सरकार को घेरने की कोशिश की है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला ने तारीख बताते हुए कहा कि यूपीए सरकार के दौरान पाकिस्तान के खिलाफ 6 बार सर्जिकल स्ट्राइक की गई थी। शुक्ला के मुताबिक पहली सर्जिकल स्ट्राइक 19 जून 2008 को जम्मू-कश्मीर के पुंछ में स्थित भट्टल सेक्टर में हुई थी।

    दूसरी नीलम नदी घाटी में 30 अगस्त से 1 सितंबर 2011 के बीच हुई। तीसरी सर्जिकल स्ट्राइक सावन पात्रा चेकपोस्ट पर 6 जनवरी 2013 को हुई। चौथी 27-28 जुलाई 2013 को नाजापीर सेक्टर में हुई। पांचवी नीलम घाटी में 6 अगस्त 2013 को और छठवीं 14 जनवरी 2014 को हुई। राजीव इसके साथ ही उन्होंने मोदी सरकार पर तंज कसा और कहा कि जिन्होंने सिर्फ एक सर्जिकल स्ट्राइक की वो अपनी पीठ थपथपा रहे हैं कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला ने बीजेपी द्वारा सर्जिकल स्ट्राइक के प्रचार को लेकर निशाना साधते हुए कहा कि मनमोहन सिंह ने सर्जिकल स्ट्राइक का राजनीतिकरण नहीं किया।

    हम लोग उस दल से हैं जो सिर्फ योजनाओं को अंजाम तक पहुंचाते हैं। लेकिन उसकी गाथा नहीं गाते हैं। जबकि मौजूदा सरकार चुनाव से पहले और चुनाव के दौरान सिर्फ और सिर्फ लहलहाती हुई सियासी फसल काटने की पुरजोर कोशिश कर रही है। इससे पहले पीएम मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा था कि, सर्जिकल स्ट्राइक की सफलता के तुरंत बाद जहां पूरा देश जोश से भरा था, वहीं कांग्रेस मुख्यालय के भीतर जैसे कोई शोक सभा चल रही थी। जब पाकिस्तान को सर्जिकल स्ट्राइक के बारे में जानकारी हुई, तो पाकिस्तान को जन्म देने वाले इस उपलब्धि पर विश्वास करने में आनाकानी करने लगे’।

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  • जवान तेज बहादुर यादव ने BJP पर लगाया यह सनसनीखेज आरोप, कहा-मिला था 50 करोड़ का आफर

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    वाराणसी ।वाराणसी में बीएसएफ के बर्खास्त जवान तेज बहादुर यादव ने गुरुवार को बीजेपी पर सनसनीखेज आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बीजेपी के लोगों ने वाराणसी से चुनाव न लड़ने के लिए 50 करोड़ का ऑफर दिया और दबाव भी बनाया था। वाराणसी संसदीय सीट से एसपी-बीएसपी गठबंधन के प्रत्याशी के रूप में पर्चा खारिज होने के बाद तेज बहादुर गुरुवार को मीडिया के सामने आए।

    उन्होंने बताया कि पहले निर्दल प्रत्घ्याशी के तौर पर नामांकन करने के बाद जब घर गए पहुंचे तो वहां आए बीजेपी के लोगों ने 50 करोड़ का ऑफर दिया था। ऑफर देने वालों का नाम उन्होंने बताने से इनकार करते हुए कहा कि वे शातिर लोग हैं। नाम खोलने पर उनकी हत्या कराई जा सकती है। नामांकन खारिज होने पर कहा कि पहले से ही आशंका थी कि पर्चा खारिज कराने के लिए बीजेपी सारे हथकंडे अपनाएगी। इसलिए ही मेरे साथ शालिनी यादव ने गठबंधन प्रत्याशी के रूप में नामांकन किया था।

    तेज बहादुर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने ही मुझे बर्खास्घ्त कराया है। मेरे बेटे की हत्घ्या की जाती है और उसकी जांच तक नहीं होती है। बेटे की मौत के समय ही पीएम मोदी के खिलाफ चुनाव लड़ने की प्रतिज्ञा की थी। नामांकन खारिज होने जाने के बाद ही वह समाजवादी पार्टी उम्घ्मीदवार शालिनी यादव के समर्थन में पीएम मोदी के खिलाफ प्रचार करेंगे। नकली चैकीदार के खिलाफ असली चैकीदार की लड़ाई जारी रहेगी।

    गठबंधन की प्रत्याशी शालिनी यादव ने गुरुवार को तेज बाहदुर को राखी बांध अपनी जीत का आशीर्वाद मांगा। तेज बहादुर ने कहा कि वह पांच भाई हैं, लेकिन बहन नहीं थी। शालिनी के रूप में उन्हें बहन मिल गई है। तेज ने बोला कि बहन की जीत के लिए अपनी जान दांव पर लगा दूंगा। तेज बहादुर के बयान से साफ हो गया है कि अब शालिनी यादव व तेज बहादुर मिल कर चुनाव प्रचार करेंगे। उधर, शालिनी यादव ने राखी बांधने के बाद कहा कि आज का दिन मेरे लिए बड़े सौभाग्घ्य का है। यह रिश्ता राजनीति से परे आजीवन रहेगा।

    बता दें कि नामांकन पत्रों की जांच के बाद तेज बहादुर यादव द्वारा दाखिल दो नामांकन पत्रों में बीएसएफ से बर्खास्तगी की दो अलग-अलग जानकारी सामने आई थी। इसके बाद उन्हें 24 घंटे के अंदर बीएसएफ से अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) लेकर जवाब देने को कहा गया था। तेज बहादुर से नोटिस में कहा गया था कि वह बीएसएफ से एनओसी लेकर आएं, जिसमें यह साफ किया गया हो कि उन्हें किस वजह से नौकरी से बर्खास्त किया गया था। नामांकन रद्द होने के बाद तेज बहादुर ने सुप्रीम कोर्ट जाने की बात कही थी।

  • भाजपा प्रत्याशी गौतम गंभीर फंसे दो वोटर कार्ड के फेर में, दर्ज कराई आपराधिक शिकायत

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    नई दिल्ली  । लोकसभा चुनाव में पूर्वी दिल्ली से आम आदमी पार्टी (आप) की उम्मीदवार सुश्री आतिशी ने अपने प्रतिद्वंद्वी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार गौतम गंभीर के पास दो मतदाता कार्ड होने का आरोप लगाते हुये उनके खिलाफ आपराधिक शिकायत दर्ज करायी है।

    सुश्री आतिशी ने ट्विटर पर इसकी जानकारी देते हुए कहा है कि गौतम गंभीर का नाम करोल बाग और राजेन्द्र नगर दोनों विधानसभा क्षेत्रों में मतदाता के तौर पर दर्ज है। उन्होंने कहा है कि जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा 17 के अनुसार, कोई व्यक्ति दो विधानसभा सीटों से वोटर नहीं हो सकता।

    अधिनियम की धारा 31 में प्रावधान है कि मतदाता सूची में नाम के बारे में गलत जानकारी देने पर एक वर्ष तक की सजा हो सकती है। आप उम्मीदवार ने कहा है कि नामांकन के समय निर्वाचन अधिकारी को दिये गये शपथ पत्र में गौतम गंभीर ने यह जानकारी छिपाई है कि उनका नाम करोल बाग विधानसभा क्षेत्र में भी मतदाता के रूप में दर्ज है।

    हलफनामे में उन्होंने कहा है कि वह राजेन्द्र नगर विधानसभा सीट से मतदाता हैं। इस मामले में आप उम्मीदवार ने आपराधिक शिकायत दर्ज करायी है। सुश्री आतिशी ने एक अन्य ट्विट में पूर्वी दिल्ली लोकसभा सीट के मतदाताओं से अपील की है कि वे गंभीर को वोट देकर अपना वोट बर्बाद न करें क्योंकि दो मतदाता पहचान पत्र होने के कारण आज नहीं तो कल उनका चुनाव रद्द होना है।