Category: business

  • संयुक्त रूप से बैंकों ने स्वामी आत्मानन्द उत्कृष्ट विद्यालय कसडोल को भेंट किये वॉटर कूलर

    रेशम वर्मा कि रिपोर्ट 

    कसडोल

    अनुविभागीय अधिकारी (रा) कसडोल मिथिलेश दोण्डे की पहल पर कसडोल नगर स्थित समस्त बैंकों द्वारा संयुक्त रूप से गुरु घासीदास शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कसडोल परिसर स्थित स्वामी आत्मानन्द उत्कृष्ट विद्यालय (अंग्रेजी माध्यम ) में अध्ययनरत विद्यार्थियों हेतु वॉटर कूलर भेंट किया गया। जिसकी खबर पाकर नगरवासियों सहित पूरे क्षेत्र के लोगों में अनुविभागीय अधिकारी मिथिलेश डोण्डे की अच्छी पहल एवं कसडोल नगर स्थित सभी बैंकों के शाखा प्रबंधकों के सहयोगात्मक कार्यों के लिए हर्ष जताते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया गया।

    नगर के सभी बैंकों के शाखा प्रबंधकों द्वारा स्वामी आत्मानन्द उत्कृष्ट विद्यालय को वॉटर कूलर भेंट किये जाने के समय मुख्य रूप से अनुविभागीय अधिकारी (रा)कसडोल मिथिलेश डोण्डे,विकासखंड शिक्षा अधिकारी कमलेश कुमार गुप्ता,इंडियन बैंक के शाखा प्रबंधक रविकांत ठाकुर एवं ग्रामीण बैंक शाखा प्रभारी सुदीप कुमार सिन्हा विशेष रूप से उपस्थित रहे।

  • रोजगार सृजन सरकार की विशेष प्राथमिकता, स्वरोजगार के लिए शुरू की गई है कई योजनाएं

    शेखर की रिपोर्ट

    झारखंड

    यह आपकी सरकार है । आपकी आकांक्षाओं, उम्मीदों और जरूरतों को ध्यान में योजनाएं बनाकर उसे धरातल पर उतारने का काम किया जा रहा है । अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, अल्पसंख्यक, पिछड़ा वर्ग, महिला, बुजुर्ग और युवाओं समेत सभी तबके और वर्ग के लोगों का कल्याण और विकास सरकार  की प्राथमिकता है । मुख्यमंत्री  हेमन्त सोरेन ने आज साहिबगंज जिले के बरहेट प्रखंड स्थित छूछी पंचायत के हिसाघुट्टू मैदान में योजनाओं के उद्घाटन शिलान्यास और लाभुकों के बीच परिसंपत्ति वितरण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ये बातें कही ।  उन्होंने कहा कि गांव में जिस तरह लोग रह रहे हैं , उसी हिसाब से योजनाओं का क्रियान्वयन किया जा रहा है ताकि हमारी समृद्ध परंपरा  भी बची रहे और  जीवन यापन भी सामान्य तरीके से चलता रहे ।लोगों को विकास योजनाओं का मिले लाभ, इसे प्रशासन सुनिश्चित करें
     
    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार कि जो विकास और कल्याणकारी योजनाएं हैं, उसका लाभ हर किसी को मिलना चाहिए। योजनाओं का ग्रामीण स्तर पर व्यापक प्रचार प्रसार किया जाना चाहिए ।  जिला प्रशासन गांव और पंचायतों में बैठक कर लोगों को योजनाओं की जानकारी दें और उसका लाभ दिलाना सुनिश्चित करें ।

     कोरोना की कम हुई रफ्तार,  विकास की तेज हो रही धार

     मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले  ड़ेढ साल से ज्यादा समय से देश -दुनिया कोरोना महामारी को झेल रही है । झारखंड भी इससे अछूता नहीं है । इस महामारी ने पूरी व्यवस्था को अस्त-व्यस्त कर दिया । देशभर में लाखों लोगों की जान चली गई । इन सबके बीच हमारी सरकार ने बेहतर प्रबंधन कर कोरोना को नियंत्रित करने में काफी हद तक कामयाबी हासिल की है ।खासकर कोविड-19 की वजह से लागू लॉकडाउन के दौरान हमने दूसरे प्रदेशों में फंसे अपने मजदूर भाइयों को हवाई जहाज, ट्रेन और बस से वापस लाने का काम किया । इसके साथ उनके लिए ना सिर्फ मुफ्त भोजन की व्यवस्था की गई बल्कि उनके रोजगार के लिए कई योजनाएं भी शुरू की गई । इसी का नतीजा है कि हमारे राज्य में एक भी व्यक्ति की मौत भूख से नहीं हुई । उन्होंने कहा कि अब कोरोना की रफ्तार कम हुई है । ऐसे में विकास की धार तेज की जा रही है । नई योजनाएं और नीतियां बनाई जा रही है, ताकि राज्यवासियों को उसका पूरा लाभ मिल सके । मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना का खतरा अभी पूरी तरह नहीं टला है ।ऐसे में सतर्क रहें और सावधानी बरतें ।इसके लिए आप टीका जरूर लें ।युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना विशेष प्राथमिकता मुख्यमंत्री ने कहा कि रोजगार सृजन सरकार की विशेष प्राथमिकता है । एक ओर सरकारी विभागों में नियुक्ति प्रक्रिया तेज की जा रही है , तो दूसरी ओर  स्वरोजगार के लिए कई योजनाएं बनाई गई हैं और उसका तेजी से क्रियान्वयन हो रहा है ।

     योजनाओं से जुड़े ग्रामीण
    बिरसा हरित ग्राम योजना, नीलाम्बर पीताम्बर जल समृद्धि योजना, शहीद पोटो हो खेल विकास योजना, फूलो झानो आशीवार्द योजना और मुख्यमंत्री पशुधन योजना जैसी कई कल्याणकारी योजनाएं सरकार ने शुरू की है । उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि वे इन योजनाओं से जुड़े और पूरा लाभ उठाएं । मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों का राशन कार्ड नहीं है उन्हें सरकार ने हरा राशन कार्ड उपलब्ध कराया । स्कूलों में बच्चों को अब सप्ताह में 6 दिन अंडा देने का सरकार ने निर्णय लिया है, वही 60 साल से ज्यादा उम्र के सभी लोगों को पेंशन मिलेगा ।

     कई योजनाओं की दी सौगात मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में 1875. 74 रुपए की लागत से 28 योजनाओं का उद्घाटन- शिलान्यास किया । इसमें 1845.53  लाख रुपए की 27 योजनाओं का शिलान्यास और 30. 21 लाख रुपए की एक योजना का उद्घाटन शामिल है । इस मौके पर उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं के 120 लाभुकों के बीच परिसंपत्तियों का वितरण किया ।
    इस मौके पर सांसद  विजय हांसदा, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव  राजीव अरुण एक्का, मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार  अभिषेक प्रसाद, संथाल परगना के आयुक्त  चंद्र मोहन कश्यप, डीआईजी  सुदर्शन प्रसाद मंडल, उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

  • रोजगार सृजन सरकार की विशेष प्राथमिकता, स्वरोजगार के लिए शुरू की गई है कई योजनाएं

    शेखर की रिपोर्ट

    झारखंड

    यह आपकी सरकार है । आपकी आकांक्षाओं, उम्मीदों और जरूरतों को ध्यान में योजनाएं बनाकर उसे धरातल पर उतारने का काम किया जा रहा है । अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, अल्पसंख्यक, पिछड़ा वर्ग, महिला, बुजुर्ग और युवाओं समेत सभी तबके और वर्ग के लोगों का कल्याण और विकास सरकार  की प्राथमिकता है । मुख्यमंत्री  हेमन्त सोरेन ने आज साहिबगंज जिले के बरहेट प्रखंड स्थित छूछी पंचायत के हिसाघुट्टू मैदान में योजनाओं के उद्घाटन शिलान्यास और लाभुकों के बीच परिसंपत्ति वितरण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ये बातें कही ।  उन्होंने कहा कि गांव में जिस तरह लोग रह रहे हैं , उसी हिसाब से योजनाओं का क्रियान्वयन किया जा रहा है ताकि हमारी समृद्ध परंपरा  भी बची रहे और  जीवन यापन भी सामान्य तरीके से चलता रहे ।लोगों को विकास योजनाओं का मिले लाभ, इसे प्रशासन सुनिश्चित करें
     
    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार कि जो विकास और कल्याणकारी योजनाएं हैं, उसका लाभ हर किसी को मिलना चाहिए। योजनाओं का ग्रामीण स्तर पर व्यापक प्रचार प्रसार किया जाना चाहिए ।  जिला प्रशासन गांव और पंचायतों में बैठक कर लोगों को योजनाओं की जानकारी दें और उसका लाभ दिलाना सुनिश्चित करें ।

     कोरोना की कम हुई रफ्तार,  विकास की तेज हो रही धार

     मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले  ड़ेढ साल से ज्यादा समय से देश -दुनिया कोरोना महामारी को झेल रही है । झारखंड भी इससे अछूता नहीं है । इस महामारी ने पूरी व्यवस्था को अस्त-व्यस्त कर दिया । देशभर में लाखों लोगों की जान चली गई । इन सबके बीच हमारी सरकार ने बेहतर प्रबंधन कर कोरोना को नियंत्रित करने में काफी हद तक कामयाबी हासिल की है ।खासकर कोविड-19 की वजह से लागू लॉकडाउन के दौरान हमने दूसरे प्रदेशों में फंसे अपने मजदूर भाइयों को हवाई जहाज, ट्रेन और बस से वापस लाने का काम किया । इसके साथ उनके लिए ना सिर्फ मुफ्त भोजन की व्यवस्था की गई बल्कि उनके रोजगार के लिए कई योजनाएं भी शुरू की गई । इसी का नतीजा है कि हमारे राज्य में एक भी व्यक्ति की मौत भूख से नहीं हुई । उन्होंने कहा कि अब कोरोना की रफ्तार कम हुई है । ऐसे में विकास की धार तेज की जा रही है । नई योजनाएं और नीतियां बनाई जा रही है, ताकि राज्यवासियों को उसका पूरा लाभ मिल सके । मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना का खतरा अभी पूरी तरह नहीं टला है ।ऐसे में सतर्क रहें और सावधानी बरतें ।इसके लिए आप टीका जरूर लें ।युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना विशेष प्राथमिकता मुख्यमंत्री ने कहा कि रोजगार सृजन सरकार की विशेष प्राथमिकता है । एक ओर सरकारी विभागों में नियुक्ति प्रक्रिया तेज की जा रही है , तो दूसरी ओर  स्वरोजगार के लिए कई योजनाएं बनाई गई हैं और उसका तेजी से क्रियान्वयन हो रहा है ।

     योजनाओं से जुड़े ग्रामीण
    बिरसा हरित ग्राम योजना, नीलाम्बर पीताम्बर जल समृद्धि योजना, शहीद पोटो हो खेल विकास योजना, फूलो झानो आशीवार्द योजना और मुख्यमंत्री पशुधन योजना जैसी कई कल्याणकारी योजनाएं सरकार ने शुरू की है । उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि वे इन योजनाओं से जुड़े और पूरा लाभ उठाएं । मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों का राशन कार्ड नहीं है उन्हें सरकार ने हरा राशन कार्ड उपलब्ध कराया । स्कूलों में बच्चों को अब सप्ताह में 6 दिन अंडा देने का सरकार ने निर्णय लिया है, वही 60 साल से ज्यादा उम्र के सभी लोगों को पेंशन मिलेगा ।

     कई योजनाओं की दी सौगात मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में 1875. 74 रुपए की लागत से 28 योजनाओं का उद्घाटन- शिलान्यास किया । इसमें 1845.53  लाख रुपए की 27 योजनाओं का शिलान्यास और 30. 21 लाख रुपए की एक योजना का उद्घाटन शामिल है । इस मौके पर उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं के 120 लाभुकों के बीच परिसंपत्तियों का वितरण किया ।
    इस मौके पर सांसद  विजय हांसदा, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव  राजीव अरुण एक्का, मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार  अभिषेक प्रसाद, संथाल परगना के आयुक्त  चंद्र मोहन कश्यप, डीआईजी  सुदर्शन प्रसाद मंडल, उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।

  • नालंदा जिले में 50 लाख के लिए युवक की बदमाशों ने जिंदा जलाकर की हत्या

    मृतक की मां ने बताया है कि 16 अक्टूबर को बेटे नीतीश कुमार ने बताया कि ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट अमेजन से वह टेबल मंगवाना चाहता है। वो बेटे को 150 रुपए देकर ऑफिस के लिए निकल गईं। शाम में जब घर लौटी तो बेटा घर पर नहीं था। देर शाम तक बेटा नहीं लौटा तो उन्होंने उसके मोबाइल पर कॉल किया। उसका मोबाइल स्विच ऑफ मिला।

     

    बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भले ही राज्य में सख्त कानून व्यवस्था का दावा करते हों लेकिन उन्हीं के गृह जनपद में अपराधी उन दावों की पोल खोलते नजर आते हैं। नालंदा जिले में 50 लाख रुपये की फिरौती के लिए अपहृत युवक की बदमाशों ने जिंदा जलाकर हत्या कर दी। 16 अक्टूबर को बिहार थाना क्षेत्र से विद्युत विभाग के महिला कर्मी के पुत्र का अपहरण हुआ था।

     

    अस्पताल चौक के समीप मुसादपुर निवासी कर्मी उर्मिला देवी ने 20 वर्षीय पुत्र नीतीश के अपहरण का केस दर्ज कराया था। जांच के दौरान पुलिस ने स्कूल संचालक समेत दो संदिग्धों को हिरासत में लिया था। बदमाशों की निशानदेही पर मंगलवार को सोहसराय के आशानगर स्थित मदर टेरेसा स्कूल परिसर से पुलिस को हत्या के साक्ष्य मिले। युवक को जिन्दा जलाकर मार डाला। इसके बाद उसके बचे हुए टुकड़ों को नदी में फेंक दिया था।गिरफ्तार स्कूल संचालक दीपक कुमार, मृतक की परिवारी है।
     

    सदर डीएसपी शिब्ली नोमानी ने बताया कि बदमाशों की निशानदेही पर स्कूल परिसर से हत्या के साक्ष्य मिले। डॉग स्क्वायड बुलाया गया है। घटना में संलिप्त अन्य बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है।

     

  • जापानी भाषा केंद्र और खेल के लिए मित्सुबिशी सीएसआर कार्यक्रम : कीट और किस

    भुवनेश्वर

    मनोजा कुमार

    कीट और किस एक कदम आगे की पहल में आगे बढ़े हैं और अपने परिसर में एक जापानी भाषा केंद्र खोलने के माध्यम से उनके पास जो कुछ भी है उसकी सीमाओं को छोड़ दिया है। आशा है कि यह केंद्र छात्रों के बीच जापानी भाषा और संस्कृति की समझ और प्रशंसा को बढ़ावा देने में मदद करेगा। यह छात्रों के लिए भाषा और संस्कृति के एक अद्वितीय समामेलन के लिए एक सेतु के रूप में एक रचनात्मक भूमिका निभाएगा और इस प्रकार बहुत जरूरी अंतरंगता और लोगों से लोगों के बंधन को बढ़ावा देगा। जापानी भाषा केंद्र, उत्कृष्टता केंद्र, इंटर्नशिप और खेल के लिए मित्सुबिशी सीएसआर कार्यक्रम का उद्घाटन १४ अक्टूबर २०२१ को केआईआईटी और केआईएसएस में किया गया। महामहिम श्री सतोशी सुजुकी, भारत में जापान के राजदूत, एच.ई. श्री हर्षवर्धन श्रृंगला, विदेश सचिव, विदेश मंत्रालय, भारत सरकार। भारत की; मिस्टर योजी तागुची, अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक, मित्सुबिशी कॉर्पोरेशन इंडिया प्रा। लिमिटेड; मित्सुबिशी हेवी इंडस्ट्रीज इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री शुसुके सुतो। लिमिटेड इस अवसर पर उपस्थित थे। यह ओडिशा में अपनी तरह की एक अनूठी सुविधा है।

    भाषा और संस्कृति की समझ प्रमुख कारक है जो दोनों देशों के बीच लोगों के बीच संबंधों को मजबूत करने में योगदान देता है। इंटर्नशिप व्यवस्था के तहत, १५०  साल पुरानी बहुराष्ट्रीय कंपनी मित्सुबिशी ग्रुप, मेधावी केआईआईटी छात्रों को इंटर्न के रूप में स्वीकार करेगी, जिन्होंने जापानी भाषा में एक निश्चित स्तर की दक्षता हासिल की है। मित्सुबिशी ग्रुप कलिंग इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज (कीट ) के छात्रों को उनकी सीएसआर गतिविधियों के हिस्से के रूप में भी समर्थन देगा। जापान के दूतावास, मित्सुबिशी समूह की कंपनियों और कीट और किस की पहल जापान और भारत के बीच लोगों से लोगों के आदान-प्रदान को नई गति प्रदान करेगी, यहां तक कि दोनों देश स्थापना की ७०  वीं वर्षगांठ की शुरुआत का जश्न मनाने के लिए तैयार हैं। राजनयिक संबंधों के प्रोफेसर अच्युता सामंत, संस्थापक, कीट और किस ने कहा। अन्य में, भारत में जापान के दूतावास, विदेश मंत्रालय, मित्सुबिशी समूह के वरिष्ठ अधिकारी; प्रो. हृषिकेश मोहंती, वीसी, कीट  डीम्ड यूनिवर्सिटी; प्रो. सस्मिता सामंत, प्रो-वीसी; प्रो ज्ञान रंजन मोहंती, रजिस्ट्रार, कीट  डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी और केआईआईटी और कीट  के वरिष्ठ अधिकारी उद्घाटन समारोह में शामिल हुए, जो हाइब्रिड मोड में आयोजित किया जाएगा।

  • उत्तराखंड बाढ़ और बारिश से तबाही राज्य में भयानक मंजर, अब तक 47 लोगों की मौत

    उत्तराखंड में बाढ़ और बारिश ने तबाही मचा रखी है. राज्य में भयानक मंजर देखने को मिल रहा है. इस तबाही ने 2013 की उत्तराखंड त्रासदी की याद दिला दी है. उत्तराखंड में बारिश और भूस्खलन से जुड़ी घटनाओं में अब तक 47 लोगों की मौत हो चुकी है. कई लोग लापता बताए जा रहे हैं. नैनीताल का राज्य के बाकी हिस्सों से संपर्क कट गया है. यहां हेलिकॉप्टर से लोगों का रेस्क्यू किया जा रहा है. उधर, अल्मोड़ा में काठगोदाम और दिल्ली को जोड़ने वाली रेलवे लाइन का एक हिस्सा बारिश के चलते क्षतिग्रस्त हो गया. ग्राउंड रिपोर्ट के जरिए जानिए बद्रीनाथ, केदारनाथ, नैनीताल, रामनगर, अल्मोड़ा, काठगोदाम के ताजा हालात.

    न सड़कें बचीं, न रेल लाइन, हेलिकॉप्टर से हो रहा रेस्क्यू… पढ़ें- नैनीताल, रामनगर, अल्मोड़ा, काठगोदाम से ग्राउंड रिपोर्ट

    उत्तराखंड में अब तक 47 लोगों की मौत हो चुकी है.  कुमाऊं क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित है. यहां अब तक 42 लोगों ने बाढ़ से जुड़ी घटनाओं में अपनी जान गंवा दी है. लगातार हो रही बारिश के चलते सैकड़ों घर तबाह हो गए हैं. कई लोग फंसे हैं. 

    नैनीताल का संपर्क कटा, 2 हेलिकॉप्टर रेस्क्यू में जुटे

    नैनीताल का राज्य के बाकी हिस्सों से संपर्क कट गया है. यहां लैंडस्लाइड के चलते तीन प्रमुख सड़कों को काफी नुकसान पहुंचा है. यहां वायुसेना ने दो हेलिकॉप्टर्स तैनात किए हैं, ताकि फंसे लोगों का रेस्क्यू किया जा सके. एक हेलिकॉप्टर गढ़वाल भेजा गया है. हालांकि, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लोगों से कहा है कि वे घबराएं नहीं. सभी लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं. 

    बाकी हिस्सों में कैसी है स्थिति?

    पिथौरागढ़:

    यहां बाढ़ जैसी स्थिति है. यहां भूस्खलन की घटनाएं भी सामने आई हैं. 

    चमोली: थराली और कर्णप्रयाग के बीच नेशनल हाईवे लैंड स्लाइड के चलते कई स्थानों पर बाधित है. चमोली में पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश से कई मकान ढह गए हैं. यहां कई और मकानों को खाली करा लिया है. लोग दहशत में हैं. 

    ऋषिकेश-बद्रीनाथ: NH 58 बारिश के चलते बंद कर दिया गया है. 

    हरिद्वार: गंगा खतरे के निशान के ऊपर बह रही है. उत्तराखंड से यूपी तक अलर्ट.

    काठगोदाम : उत्तराखंड के हल्द्वानी में गौला नदी के पास काठगोदाम और दिल्ली को जोड़ने वाली रेलवे लाइन का एक हिस्सा भारी बारिश के चलते क्षतिग्रस्त हो गया.

    कलछनाथ : रूद्रनाथ ट्रेक रूट पर कलचंथ में फंसे कोलकाता के 10 लोगों को रेस्क्यू कर गोपेश्वर लाया है.

    उधम सिंह नगर: उत्तराखंड के उधम सिंह नगर में नानक सागर बांध के सभी गेट खोल दिए गए हैं. 

    अल्मोड़ा में 7 लोगों की मौत

    अल्मोड़ा में भारी बारिश और भूस्खलन के चलते अब तक 7 लोगों की मौत हो चुकी है. यहां रापड़ गांव में लैंडस्लाइन की चपेट में एक घर आ गया. इस हादसे में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई. जबकि 1 महिला को सुरक्षित निकाल लिया गया. 

    धामी ने लोगों से की अपील

    मुख्यमंत्री धामी ने चारधाम यात्रा पर गए लोगों से अपील की है कि वे जहां पर हैं, वहीं रुकें. वे मौसम में सुधार होने तक अपनी यात्रा शुरू ना करें. उन्होंने कहा, बारिश से हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है. धामी ने कहा, लगातार हो रही बारिश के चलते काफी नुकसान हुआ है. 

     नैनीताल में माल रोड और नैनी झील के किनारे स्थित नैना देवी मंदिर में पानी भर गया है, जबकि भूस्खलन के चलते हॉस्टल की इमारत को भी काफी नुकसान पहुंचा है. भूस्खलन के चलते लोग शहर से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं. रामनगर-रानीखेत मार्ग पर स्थित लेमन ट्री रिसॉर्ट में लगभग 100 लोग फंस गए. इसमें कोसी नदी का पानी भर गया है. 

  • विभूतिपुर पतैलिया में बूथ संख्या 3, 5, 15 में ईवीएम मशीन खराब में खराबी के कारण डेढ़ घंटे से मतदान बाधित रहा

    विभूतिपुर

    समस्तीपुर जिले विभूतिपुर प्रखंड के 29 पंचायत में 950 पद के लिए बुधवार को चौथे चरण में 427 मतदान केंद्र पर सुबह सात बजे से वोटिंग शुरू हुई। रुक-रुक कर हो रही बारिश के बीच महिलाओं से लेकर युवा मतदाता धीरे-धीरे छाता लेकर मतदान करने के लिए मतदान केंद्रों पर पहुंच रहे है। वहीं मतदान के दौरान सुरक्षा को लेकर कड़े इंतजाम किए गए है। मतदान के शुरुआती दौर में विभूतिपुर पतैलिया में बूथ संख्या 3, 5, 15 में ईवीएम मशीन खराब में खराबी के कारण डेढ़ घंटे से मतदान बाधित रहा । इसके साथ ही चक हबीब में बूथ संख्या 11 में ईवीएम मशीन खराब रहने के कारण मतदान देर से शुरू हुआ। वहीं राघोपुर स्थित बूथ संख्या 136 पर मतदान के दौरान जिप उम्मीदवार मोबाइल के साथ केंद्र के अंदर किया प्रवेश तो मौजूद पुलिस अधिकारियों ने मोबाइल के साथ पकड़कर मतदान केंद्र से बाहर कर दिया।

    गौरतलब हो कि विभूतिपुर प्रखंड में जिला परिषद सदस्य के लिए 4, पंचायत समिति सदस्य के लिए के 42, मुखिया के लिए 29, सरपंच के लिए 29, पंच के लिए 423, वार्ड सदस्य के लिए 423 पद पर खड़े प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला ईवीएम मशीन व बैलेट पेपर में कैद हो जाएगा। इसमें 2 लाख 39 हजार 60 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग 427 मतदान केंद्र पर करेंगे। इसमें 1 लाख 27 हजार 351 पुरुष, 1 लाख 11 हजार 698 महिला व 11 थर्ड जेंडर शामिल हैं।

    वहीं पंचायत आम निर्वाचन चतुर्थ चरण के तहत कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सीतामढ़ी जिले के डुमरा प्रखंड के सभी मतदान केंद्रों पर शांतिपूर्ण एव उत्सव के वातावरण में मतदान हो रहा है। जिलाधिकारी स्वयं नियंत्रण कक्ष से पल-पल की गतिविधियों की जानकारी ले रहे हैं। 10 बजे तक 12 फीसद, मतदान हुआ है। महिला मतदाताओ में भारी उत्साह है। सुबह 9 बजे तक 12 प्रतिशत महिला मतदाताओ ने मतदान किया है। वही 7 प्रतिशत पुरूष मतदाता ने मतदान किया है।  

  • दो तेंदुए की खाल का एसटीएफ जब्त, ओडिशा के बौध में एक गिरफ्तार

    भुवनेश्वर/बौध

    बिस्वरंजन मिश्रा

    ओडिशा क्राइम ब्रांच के स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने बौध वन अधिकारियों की मदद से तेंदुए की दो खाल जब्त की और छापेमारी कर एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। मनमुंडा वन क्षेत्र के कापासीरा गांव के पास बौध को पकड़ लिया गया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 02(दो) तेंदुए की खाल और अन्य आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई। विश्वसनीय सूचना के आधार पर एसटीएफ की टीम ने बौध वन अधिकारियों की मदद से मनमुंडा वन रेंज, जिला बौध के अंतर्गत ग्राम कापासीरा के पास छापेमारी की। 18.10.2021 को वन्य जीवन अपराधियों द्वारा तेंदुए की खाल की बिक्री के एक सौदे के बारे में, जिसके परिणामस्वरूप एक आरोपी व्यक्ति जिबर्धन भोई पुत्र। डुंद्रा पीओ के गनाराम भोई। नारन प्रसाद पी.एस. कांतमाल जिला। एसटीएफ ने मंगलवार को बताया कि आरोपी की पहचान कंटामल थाना क्षेत्र के डुंदरा गांव निवासी जिबर्धन भोई के रूप में हुई है.

    विश्वसनीय सूचना के आधार पर एसटीएफ की टीम ने जिला मनमुंडा वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम कपसीरा के पास बौध वन अधिकारियों की मदद से छापेमारी की. बौध को पकड़ लिया गया।’ इसमें कहा गया है कि आरोपी व्यक्ति तेंदुए की खाल के कब्जे के समर्थन में कोई वैध प्राधिकारी पेश नहीं कर सका, जिसके लिए उसे हिरासत में लिया गया है और आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए वन अधिकारियों को सौंप दिया गया है। पिछले एक साल के दौरान, एसटीएफ ने कई जब्त किए हैं के रूप में 18 तेंदुए की खाल, नौ हाथी दांत, दो हिरण की खाल, पांच जीवित पैंगोलिन और 15 किलो पैंगोलिन तराजू और 36 वन्य जीवन अपराधियों को गिरफ्तार किया। एसटीएफ राज्य में संगठित अपराध को रोकने के लिए ओडिशा पुलिस की विशेष शाखा है। वन्यजीव अपराध एसटीएफ के फोकस क्षेत्र में से एक है और एसटीएफ वन्य जीवन अपराध और अपराधियों के खिलाफ अपना अभियान जारी रखेगा। आरोपी व्यक्ति तेंदुए की खाल के कब्जे के समर्थन में कोई वैध प्राधिकरण पेश नहीं कर सका, जिसके लिए उसे हिरासत में लिया गया है और सौंप दिया गया है। वन अधिकारियों को उनकी ओर से आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए सौंपना।

  • 16 और 17 दिसंबर को Banks रहेंगे बंद, बैंक का जरूरी काम निपटा लें नहीं तो होगी परेशानी !

    नई दिल्ली. Bank Strike News: कल और परसों, मतलब 16 और 17 दिसंबर को देश के सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक (Public Sector Bank) बंद रहने वाले हैं, क्योंकि इनके कर्मचारी दो दिवसीय राष्ट्रव्यापी हड़ताल (nationwide strike) पर जाने वाले हैं. SBI समेत बाकी बैंकों की तरफ से कर्मचारियों को हड़ताल न करने की अपील के बाद भी कर्मचारी यूनियन अपनी बात पर अड़े हुए हैं. बता दें कि ये हड़ताल बैंकों के निजीकरण (Privatization) के विरोध में है.

    स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने अपने ट्विटर हैंडल से ट्वीट करके अपने कर्मचारियों से अपील की है. बैंक ने कहा है कि कोरोना महामारी को देखते हुए कर्मचारियों के इस हड़ताल से स्टेकहोल्डर्स को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है. एसबीआई ने बैंक यूनियनों को बातचीत का न्यौता भी भेजा है. वहीं, सेंट्रल बैंक (Central Bank of India) ने भी अपने कर्मचारियों और यूनियनों को खत लिखकर कहा कि वे अपने सदस्यों को बैंक के बेहतरी के काम करें. पंजाब नेशनल बैंक (PNB) ने भी ट्वीट के जरिए कर्मचारियों को हड़ताल पर न जाने की अपील की है.

    अलग-अलग मीडिया रिपोर्ट्स से पता चलता है कि बैंकों के प्रबंधक लगातार बैंक एसोसिएशन और बैंक यूनियनों के संपर्क में हैं. वे लगातार इस हड़ताल को टालने की बात कर रहे हैं. गौरतलब है कि आम बजट 2021 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Finance Minister Nirmala Sitharaman) ने दो सरकारी बैंकों के निजीकरण करने का ऐलान किया था. हालांकि, सोमवार को वित्त मंत्री ने लोकसभा में निजीकरण को लेकर बनी कैबिनेट कमिटी पर कहा कि दो बैंक जिनका निजीकरण होना है, उसपर फैसला नहीं लिया गया है.

    लोकसभा में एक सवाल के जवाब में सरकार ने कहा है कि 2021-22 के बजट में वर्ष के दौरान दो सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSB) के प्राइवेटाइजेशन और सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों के रणनीतिक विनिवेश की नीति को मंजूरी देने की थी. विनिवेश से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर विचार, जिसमें अन्य बातों के साथ-साथ, बैंक का चयन शामिल है, इस उद्देश्य के लिए नामित कैबिनेट समिति को सौंपा गया है. इस संबंध में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के निजीकरण के लिए संबंधित कैबिनेट कमिटी द्वारा फैसला नहीं लिया गया है.

  • Coronavirus Drug: कोविड के मरीजों के इलाज की सबसे सस्ती दवा Molnupiravir,अगले सप्ताह से मार्केट में मिलने लगेगी

    नई दिल्ली । दवा निर्माता डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज (Dr. Reddy’s Laboratories) भारत में कोविड-19 के इलाज के लिए मॉलफ्लू (मोलनुपीराविर) दवा को 35 रुपये प्रति कैप्सूल के दाम पर उतारेगी। हैदराबाद स्थित कंपनी ने मंगलवार को कहा कि मॉलफ्लू का एक पत्ता 10 कैप्सूल का होगा। पांच दिन में 40 कैप्सूल के पूरे ‘कोर्स’ पर 1,400 रुपये की लागत बैठेगी। कंपनी के प्रवक्ता ने कहा कि यह कोविड-19 के मरीजों के लिए इलाज का सबसे सस्ता विकल्प होगा।

    कंपनी ने कहा है कि मॉलफ्लू अगले सप्ताह की शुरुआत से देश भर के बाजारों में उपलब्ध होगी। प्रवक्ता ने कहा, ‘‘हमारा मुख्य ध्यान उन राज्यों पर है जहां संक्रमण की दर तेज है।’’ डॉ. रेड्डीज ने पिछले साल भारत के लिए मोलनुपीराविर (Molnupiravir) के विनिर्माण और आपूर्ति के लिए Merck Sharp & Dohme (MSD) के साथ गैर-विशिष्ट स्वैच्छिक लाइसेंसिंग करार किया था। इसके तहत निम्न और मध्यम आय वर्ग वाले करीब 100 देशों में इस दवा की आपूर्ति की जाएगी।

    भारत में कोविड के उपचार के लिए दवा मोलनुपीराविर के आपात स्थिति में नियंत्रित उपयोग को मंजूरी मिल चुकी है। आपात स्थिति में दवा का उपयोग कोविड-19 के वयस्क मरीजों पर ‘एसपीओ2’ 93 प्रतिशत के साथ किया जा सकेगा और उन मरीजों को यह दवा दी जा सकेगी, जिनको बीमारी से बहुत ज्यादा खतरा हो। मोलनुपीराविर की खोजकर्ता कंपनी Merck & Co. है। अमेरिका व कनाडा के बाहर कंपनी Merck Sharp & Dohme (MSD) के नाम से कारोबार करती है।