Category: business

  • संगम बना टेंट सिटी, कितना होगा किराया

    डेस्क। माघमेला प्रयागराज में पहली बार ऐसा हुआ है कि संगम की रेती पर टेन्ट सिटी (Tent City) को बसाया गया हो। वहीं यह टेंट सिटी (Tent City) अरैल में सोमेश्वर महादेव मंदिर के ठीक सामने 10 बीघे में बनाया भी गया है।
    साथ ही एक टेंट 36 फीट चौड़ा और 60 फीट लंबा बनाया गया है और बाकी सभी टेंट में डबल बेडवाले मास्टर बेडरूम उसमें श्रृंगारदान, मेज कपड़े का स्टैंड की व्यवस्था भी है। साथ ही अटैच वाशरूम है इसमें वेस्टर्न टाॅलेट के साथ बेसिंग व नहाने का समान की व्यवस्था भी दी की गयी है, एक कम्युनिटी किचन की सुविधा भी इसमें दी गई है।
    लग्जरी सुविधाओं से युक्त इस टेंटो में लाउंज भी बनाए गए हैं, जहां बैठकर पर्यटक गंगा दर्शन व पूरे मेले का नजारा देख भी सकेंगे। वहीं हमेशा कुंभ के समय टेंट सिटी बनायी जाती थी अब कि बार यह कुम्भ के रिहर्सल पर बनाया गया है, बता दें यहां 20 टेंट को बनाया गया है ।
    पर्यटन विभाग और पीडीए की बेवसाइड से इस कॉटेज की बुकिंग भी की जा रही है । अब तक 15 की बुकिंग हो चुकी है इसकी एक दिन का किराया 5 हजार रूपये रखी गई है।
    चार स्थानों पर जहाँ- जहाँ महाकुंभ लगता है, उन स्थानों के नाम पर अलग-अलग 4 ब्लॉक बनाए गए हैं जिसमें प्रयागराज के 5, हरिद्वार के 5, उज्जैन और नासिक के 5-5 टेंट बनाए गए हैं।

  • जया किशोरी क्यों हैं इतनी चर्चा में, क्या सच में करने जा रहीं शादी

    डेस्क। Rajasthan Jaya Kishori: आजकल बागेश्‍वर महाराज धीरेंद्र कृष्‍ण शास्‍त्री के साथ ही जया किशोरी की शादी की अफवाहें भी उड़ती नजर आ रही है।
    इस बात को धीरेंद्र कृष्‍ण शास्‍त्री (Dhirendra shastri) ने गलत और मिथ्‍या भी बताया है, उनका कहना है कि उनके मन में ऐसा कोई भी भाव नहीं है साथ ही कुछ वक्त पहले जया किशोरी ने एक इंटरव्यू में अपनी शादी को लेकर एक बात भी कही थी।
    बता दें जया किशोरी एक फेमस कथावाचक और मोटिवेशनल स्‍पीकर हैं साथ ही जया किशोरी की सादगी से लोग काफी प्रेरित भी हैं। वहीं, लोग उनकी शादी को लेकर उनसे सवाल भी करते रहते हैं और इसके चर्चे सोशल मीडिया पर भी होते ही रहते हैं। साथ ही शादी-विवाह को लेकर जया किशोरी कि एक अलग राय है, जो उन्होंने एक इंटरव्यू को दौरान बताई है।
    जया किशोरी ने कुछ समय पहले एक इंटरव्‍यू में खुद की शादी को लेकर कई खास बाते भी बताई हैं। वहीं, उन्होंने शादी को लेकर एक शर्त रखी और कहा हैक कि जो यह शर्त को पूरा कर पाएगा वह उसी को लाइफ पार्टनर बनाने और शादी करने के बारे में सोच सकती हैं साथ ही जया किशोरी की शर्त है कि उनकी कहीं भी शादी हो, लेकिन उनके माता-पिता भी वहीं शिफ्ट होंगे, क्योंकि वो उनके बिना कहीं नहीं रह सकती हैं।
    बता दें राजस्‍थान के सुजानगढ़ जुलाई 1995 में कथावाचक जया किशोरी का जन्म हुआ था और उनको घर का नाम जया शर्मा है वहीं, उन्हें ‘किशेरी जी’ के नाम से भी पुकारा जाता है साथ ही जया किशोरी के पिता का नाम शिव शंकर शर्मा है और उनकी एक बहन भी है, जिसका नाम चेतना शर्मा है।
    जानकारी के अनुसार, मोटिवेशनल स्‍पीकर और कथावाचक जया किशोरी करोड़ों की मालकिन भी हैं। जया किशोरी देश से लेकर विदेशों में कथा वाचन करना और मोटिवेशनल स्‍पीच भी देती हैं। वहीं उनके पास लगभग 5 करोड़ रुपये की संपत्ति है।

  • 70 वर्षीय ससुर ने बनाया 28 साल की बहू को पत्नी

    News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में 70 साल के शख्स ने अपनी 28 साल की बहू के साथ शादी की है। वहीं इस उम्र के इस पड़ाव पर बहू के साथ शादी चर्चा का विषय बन गया है पर संस्थान इस शादी के फोटो की पुष्टि नहीं करता है।
    गोरखपुर जिले कि बड़हलगंज कोतवाली थाना क्षेत्र में एक 70 वर्षीय ससुर के अपनी 28 वर्षीय विधवा पुत्रवधू के साथ विवाह (70 year man married 28 year old daughter in law) करने का मामला प्रकाश में आने के बाद से चर्चा का विषय बन गया है। साथ ही दोनों ने स्थानीय एक मंदिर में, एक दूसरे के गले में वरमाला डालकर और भगवान को साक्षी मानकर भी विवाह किया। ससुर ने पुत्रवधू को पत्नी के रूप में स्वीकार करते हुए उसके मांग में सिंदूर भी भरा है साथ ही इस विवाह का फोटो सोशल मीडिया पर वायरल भी हो रहा है। वहीं इसके बाद ससुर बहू के रिश्ते को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं जिस व्यक्ति ने शादी किया है, वह बड़हलगंज थाने का चौकीदार है और उसने अपनी बहू के साथ सात फेरे लेकर उसे अपनी पत्नी बनाया है।
    स्थानीय कोतवाली थाना क्षेत्र के छपिया उमराव गांव का रहने वाला कैलाश यादव की उम्र 70 वर्ष है और उन्होंने अपने मृतक बेटे की पत्नी पूजा से मंदिर में शादी की है। वहीं पूजा की उम्र 28 वर्ष की है। साथ ही कैलाश की पत्नी की मृत्यु 12 वर्ष पूर्व ही हो चुकी है। वहीं उसके तीसरे नंबर के पुत्र की भी कुछ साल पहले ही मृत्यु हो गई थी और कैलाश के चार बच्चों में तीसरे नंबर की बहू पूजा के पति की मृत्यु के बाद, पूजा अपनी जिंदगी कहीं और बसाने भी वाली थी वहीं ऐसी जानकारी और चर्चाओं को देखते हुए इसी बीच ससुर का दिल बहू पर ही आ गया।
    इसने उम्र व समाज की परवाह किए बगैर मंदिर में जाकर एक दूजे के साथ सात फेरे लगा लिए और बुजुर्ग की अपनी बहू के साथ मंदिर में हुए शादी का फोटो अब वायरल हो गया है और फोटो वायरल होते ही यह शादी क्षेत्र में चर्चा का विषय भी बना हुआ है। वहीं दोनों शादी के बाद घर पहुंचे, लेकिन किसी के सवालों का वह कोई जवाब नहीं दे रहे हैं और फिलहाल उम्र के इस पड़ाव पर बहू के साथ शादी को लेकर जो भी चर्चा हो रही है, उसमें सकारात्मक और नकारात्मक दोनों बातें निकल कर सामने भी आ रही हैं। इस शादी को जायज ठहराने वालों की गांव में संख्या भी कम है।
    गांव में चर्चा है कि ससुर को बहू की शादी किसी और से ही करा देनी चाहिए थी और अगर वह दूसरे जगह घर बसाना चाह रही थी, लेकिन उम्र के जिस पड़ाव पर आकर उन्होंने अपनी पुत्रवधू को ही पत्नी बना लिया है वह उचित भी नहीं है। वहीं इसके लिए कहीं न कहीं दोनों राजी हुए होंगे, तभी विवाह तक बात भी पहुंची है और दोनों की शादी का फोटो वायरल भी हो रहा है। 

  • बजट 2023- जानें क्या होता है अंतरिम बजट

    बजट 2023:- वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को साल 2023 का बजट पेश करने वाली हैं। बजट को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि इस बार के बजट में मिडिल क्लास को राहत देने के लिए कई घोषणा की जा सकती हैं। 
    लेकिन कई बार हमने सुना होगा कि सरकार ने अंतरिम बजट पेश किया है। जब बात अंतरिम बजट की होती है तो हम हिल जाते हैं कि आखिर यह कौन सा बजट है और सरकार इस बजट को किस परिस्थिति में पेश करती है। 
    अंतरिम बजट को लेखाअनुदान मांग और मिनी बजट भी कहते हैं। आम परंपरा के मुताबिक, जिस साल लोकसभा चुनाव होने होते हैं, केंद्र सरकार पूरे वित्त वर्ष की बजाए कुछ महीनों तक के लिए ही बजट पेश करती है। चुनाव खत्म होने के बाद नई गठित सरकार पूर्ण बजट (Full Budget) पेश करती है।
    अंतरिम बजट ही पेश करने की बाध्यता नहीं होती है।आखिरी बार साल 2019 में पहले 1 फरवरी को अंतरिम बजट पेश किया गया। उसके बाद मोदी सरकार के एक बार फिर नई सरकार के तौर पर आने के बाद 5 जुलाई को फुल बजट या आम बजट पेश किया गया।

  • जानें क्या है सामाजिक-आर्थिक सर्वे की साइकिल

    देश- वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को आम बजट पेश करने जा रहीं हैं। आम आदमी से लेकर व्यापारी वर्ग तक के सभी लोगों के मन मे बजट से काफी उम्मीदें हैं। वही इस समय नेशनल सैंपल सर्वे ऑफिस (एनएसएसओ) काफी सुर्खियां बटोर रहा है। असल मे यह देशभर में कई नमूना आंकड़े जुटाता है।
    इसे अलग-अलग राउंड में जुटाया जाता है. अलग-अलग सामाजिक मुद्दों और पृष्ठभूमि से जुटाए जाने वाले इन आंकड़ों के दो राउंड के बीच की अवधि करीब 6 महीने से 1 साल होती है। इससे अलग-अलग समय पर देश में आर्थिक हालात क्या हैं और उसका सामाजिक स्तर पर क्या असर पड़ रहा है। ये समझने में मदद मिलती है। इसी के बलबूते सरकार अलग-अलग तबकों के लिए नीतियां बनाती हैं।
    देश में इस तरह का पहला सर्वे 1950-51 के दौरान किया गया. तब एनएसएसओ का नाम नेशनल सैंपल सर्वे ही था. एनएसएसओ जिन मुद्दों को लेकर सर्वे करता है, इनके राउंड को 10 साल की साइकिल में किया जाता है.

    सामाजिक-आर्थिक सर्वे की साइकिल:-

    एनएसएसओ अपने सामाजिक-आर्थिक सर्वे में एक साल भूमि और पशुधन होल्डिंग्स एवं कर्ज और निवेश की साइकिल होती है. इसी तरह सामाजिक उपभोग (शिक्षा, स्वास्थ्य देखभाल इत्यादि) के लिए 1 साल, हाउसहोल्ड कंज्यूमर एक्सपेंडिचर, रोजगार और बेरोजगारी के हालात के लिए 2 साल से 5 साल एवं गैर-कृषि उद्योग, मैन्युफैक्चरिंग, संगठित क्षेत्र में ट्रेड एवं सर्विसेस इत्यादि के लिए 4 साल की साइकिल होती है।
    इसके अलावा एनएसएसओ केंद्र सरकार के मंत्रालयों, राज्य सरकारों और शोध संस्थानों की मांग पर भी एनएसएसओ विशेष सर्वे करता है. बाकी अन्य तरह के ओपन राउंड के लिए उसकी साइकिल 2 साल की होती है।

  • बाजार खुलते ही धड़ाम हुए निफ्टी और सेंसेक्स

    बिजनेस- आज घरेलू बाजार खुलते ही धड़ाम हो गए हैं। जो निवेशकों के लिए काफी निराशाजनक साबित हो रहा है। आज शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 647.78 अंक टूट कर 58,557.28 पर व्यापार कर रहा है।
    वहीं निफ्टी आज 148 अंक टूट कर 17743.95 पर ट्रेंड कर रहा है। इसके साथ ही भारत के अडानी ग्रुप के शेयर टूट गए हैं। अडानी ग्रुप के शेयर में 16 फीसदीं की गिरावट वहीं टाटा मोटर्स के शेयर में 6 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई है।

  • 22 के बजट के वो वादे जो रह गए अधूरे

    देश– साल 2024 में लोकसभा चुनाव होने वाला है। केंद्र की मोदी सरकार आगामी 1 फरवरी को अपने कार्यकाल का अंतिम बजट प्रस्तुत करने जा रही है। पुनः बड़े बड़े वादों के साथ बजट प्रस्तुत किया जाएगा। 
    सूत्रों का कहना है कि इसबार का बजट पुर्णतः आम आदमी को राहत देने वाला होगा। वहीं कई ऐसी घोषणा होंगी जो देश के विकास की सूत्रधार बनेंगी।
    लेकिन इन बातों के सामने आते ही साल 2022 के बजट की घोषणा याद आ गई। तो आइये जानते हैं 2022 के बजट के वो वादे जो पूरे न हो सके।
    वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने साल 2022 में बजट प्रस्तुत करते हुए देश की अर्थव्यवस्था में परिपेक्ष्य में बड़ी घोषणा करते हुए कहा था कि आगामी समय मे विकास दर 9.2 फ़ीसदी हो जाएगी। हम देश की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में उभरेंगे। लेकिन वैश्विक स्तर पर आई मंदी और रूस युक्रेन युद्ध ने मामला पलट दिया और यह सम्भव नहीं हो पाया।
    रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया ने पिछले दिसम्बर में देश की विकास दर के अनुमान को संशोधित कर 6.8 फ़ीसदी कर दिया। लेकिन वर्ड बैंक ने कहा है कि भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से बढ़ रही है और आगमी समय मे यह अन्य देशों की तुलना में सबसे तेज विकास करेगी।

    प्रधानमंत्री आवास योजना-

    साल 2015 में प्रधानमंत्री आवास योजना लागू की गई। यह योजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सबसे लोकप्रिय योजनाओं में से एक है। बजट में इस योजना के तहत 80 लाख घर बनाने के वादे के साथ इस मद में 480 अरब रुपये आवंटित किये गए थे। कहा गया था कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में 2022-23 के मध्य जो लोग लाभार्थी होंगे उन्हें इस योजना का लाभ दिया जाएगा।
    योजना की निगरानी करने वाले मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, एक अप्रैल 2022 से 23 जनवरी 2023 के मौजूदा वित्त वर्ष में शहरी इलाकों में 12 लाख घर बनकर तैयार हुए हैं जबकि ग्रामीण इलाक़ों में 26 लाख घर बने। यह आंकड़ा स्पष्ट बता रहा है कि योजना आपने लक्ष्य से 42 साल पीछे है।

  • शेयर बाजर में आज छाई रही मंदी, निवेशकों को लगा झटका

    Share market:- शेयर बाजार में आज का दिन निवेशकों के लिए काफी निराशाजनक साबित हुआ, क्योंकि आज बाजार खुलते ही निफ्टी और सेंसेक्स धड़ाम हो गए। वहीं अडानी ग्रुप के शेयर में गिरावट दर्ज हुई।
    कारोबार खत्म होते वक्त बीएसई सेंसेक्स 1.45 फीसदी की गिरावट के साथ 847 अंक तक टूट कर 5930 पर बन्द हुआ। वहीं निफ्टी आज 287 अंक टूट कर 17604 पर बन्द हुआ।
    आज के बाजार में निवेशकों को काफी नुकसान झेलना पड़ा। अगर हम ट्रेंडिंग सेशन की बात करें तो 6.95 लाख का नुकसान हुआ है वहीं मार्केट कैप घटकर आज 269.74 रह गया है। 
    आज के मार्केट में 50 शेयर में से 13 शेयर ऐसे थे जो तेजी के साथ बन्द हुए। जबकि 37 शेयर ऐसे थे जो मंदी के साथ बन्द हुए और निवेशकों को निराशा का सामना करना पड़ा।

  • अजमेर शरीफ दरगाह पर विवादित नारेबाजी के बाद हुई मारपीट

    अजमेर शरीफ दरगाह के अंदर मारपीट हुई है और विवादित नारेबाजी के बाद जायरीन और खादिम आपस में भिड़ भी गए।
    अजमेर दरगाह में उर्स के दौरान हंगामा और मारपीट हुई है और जानकारी के मुताबिक विवादित नारे को लेकर ये मारपीट हुई। इसमें खादिम और जायरीन आपस में भिड़ गए और इस भिड़ंत में कई लोगों को चोट लगी है। बता दें ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती की दरगाह में 811वें उर्स के दौरान ये झड़प हुई है। 
    मिली जानकारी के मुताबिक बरेलवी समाज के कुछ लोगों ने अजमेर शरीफ दरगाह के अंदर नारेबाजी की और इसके बाद दरगाह के खादिम भड़क गए और वो नारेबाजी कर रहे लोगों से भिड़ भी गए। वहीं हालांकि, मौके पर मौजूद पुलिस के दखल से मामला शांत हो गया था।
    दरअसल, खादिमों का यह आरोप है कि बरेलवी समाज के लोगों ने दरगाह में नारेबाजी की थी जिसका उन लोगों ने जमकर विरोध भी किया। वहीं हालांकि, कहा जा रहा है कि दरगाह में मौजूद जन्नती दरवाजे के पास नारेबाजी करने वाले लोगों के साथ खादिमों की झड़प भी हो गई और इसमें कई लोग घायल भी हो गए हैं।
     इस मामले में किसी प्रकार की कोई शिकायत पुलिस स्टेशन में दर्ज नहीं करवाई गई है और झड़प के होते ही दरगाह के थाना प्रभारी अमर सिंह भाटी मौके पर पहुंचे और दोनों पक्षों से बात करके मामले को शांत भी करवाया गया है। साथ ही उन्होंने दोनों पक्षों की भी आपस में बात करवाई और नारेबाजी की वजह से हुई झड़प के मामले को शांत करवा दिया था वहीं हालांकि, झगड़े का वीडियो सोशल मीडिया पर अब वायरल हो रहा है। वीडियो में बड़ी संख्या में लोग आपस में भिड़ते हुए भी नजर आ रहे हैं।

  • PM Kisan Samman Nidhi:- किसानों को किसान सम्मान निधि के तहत अब मिलेंगे 8000

    PM Kisan Samman Nidhi News : प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत सालाना किसानों को 6 हजार रुपये की क़िस्त देते हैं। वहीं अब बताया जा रहा है कि सरकार यह क़िस्त बढाकर 8 हजार सालाना कर देगी।
    सूत्रों के मुताबिक- पीएम-किसान के तहत कवर किए गए किसानों को भुगतान बढ़ाने के प्रस्ताव पर केंद्रीय बजट की तैयारी के दौरान चर्चा की गई थी, जिसके लिए कृषि मंत्रालय सहित विभिन्न मंत्रालयों से इनपुट मांगे गए थे।
    वहीं अब यह खबर आ रही है कि बजट के साथ सरकार किसानों को काफी राहत देने का विचार कर रही है और किसानों को मिलने वाली रकम अब 8 हजार कर दी जाएगी।