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मुख्यमंत्री जी ने कहा कि संकल्प का कोई विकल्प नहीं होता है। संकल्प लोक कल्याण व राष्ट्र कल्याण के लिए होता है। भारत की सोच है ‘स्वस्ति प्रजाभ्यः परिपालयन्तां न्यायेन मार्गेण महीं महीशाः। गोब्राह्मणेभ्यः शुभमस्तु नित्यं लोकाः समस्ताः सुखिनो भवन्तु।।’ भारत के प्रत्येक नागरिक का संकल्प व्यक्ति का नहीं, गांव का नहीं बल्कि ‘लोकाः समस्ताः सुखिनो भवन्तु’ का होता है। हमारा संकल्प व्यक्ति के लिए नहीं, लोक के लिए होता है। हमने लोक के लिए संकल्प लिया है। हमारा लोक कल्याण संकल्प पत्र उसका आधार बनता है।
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