CM YOGI ने UP में बनी मंत्रियों की टीम-11 मैदान में उतारी, जानें-क्या है एक्शन प्लान

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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कोरोना वायरस के खिलाफ युद्धस्तर पर मोर्जा संभाले हुए हैं । कोरोना से जंग में अधिकारियों को उतारने के बाद अब योगी ने मंत्रियों की टीम मैदान में उतारी है। यह टीम 15 अप्रैल के बाद की योजनाओं पर कार्य करेंगी। इसके अलावा यह भी निर्णय लिया गया है कि 15 अप्रैल के बाद सभी मंत्री अपने कार्यालय में बैठेंगे लेकिन जनता दर्शन कार्यक्रम स्थगित रहेगा। इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना अनिवार्य होगा।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ ने सरकार के कामकाज को पटरी पर लाने के लिए मंत्रियों को दोबारा दफ्तरों में बैठने का निर्देश दिया है। हालांकि उन्होंने इसके साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग को भी बनाए रखने के उपाय करने को कहा। इस नजरिए से ही उन्होंने मंत्रियों को अपने स्टाफ को रोटेशनल के आधार पर शिफ्ट में बुलाने का सुझाव दिया जिससे मंत्रियों के दफ्तर में भीड़ न हो और सोशल डिस्टेसिंग का पालन किया जा सके. जिन मंत्रियों की अध्यक्षता में कमेटी का गठन किया गया है उनका विवरण इस प्रकार है।

टीम-1: उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य की अध्यक्षता में निर्माण कमेटी काम करेगी। कमेटी एक्सप्रेसवे, हाईवे और लोक निर्माण विभाग के बड़े कार्यों पर फोकस करेगी।

टीम-2: उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा की अध्यक्षता में शिक्षा कमेटी काम करेगी। वह शिक्षा व ऑनलाइन पाठ्यक्रम की गतिविधि को आगे बढ़ाने की कार्ययोजना बनाएगी।

टीम-3: वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना की अध्यक्षता वाली कमेटी राजस्व की आपूर्ति सुनिश्चित करेगी। कमेटी औद्योगिक गतिविधियां बढ़ाने का सुझाव भी देगी। सतीश महाना व सिद्धार्थनाथ सिंह इसके अन्य सदस्य हैं।

टीम-4: किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए कृषि मंत्री सूर्यप्रताप शाही की अध्यक्षता में कमेटी है। गेहूं और अन्य रबी फसलों की कटाई ठव सरकारी खरीद पर कमेटी फोकस करेगी।

टीम-5: कोरोना की रोकथाम और इमरजेंसी मेडिकल सेवाओं को आगे बढ़ाने के लिए चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री जयप्रताप सिंह की अध्यक्षता में कमेटी गठित की गई है।

टीम-6: श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य की अध्यक्षता में गठित कमेटी श्रमिकों के हितों के संबंध में संस्तुतियां करेगी।

टीम-7: समाज कल्याण की छात्रवृत्ति और पेंशन योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री की अध्यक्षता में कमेटी बनाई गई है।

टीम-8: ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता और सैनिटाइजेशन का काम ग्राम्य विकास मंत्री मोती सिंह के नेतृत्व वाली समिति देखेगी।

टीम-9: शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता और सैनिटाइजेशन का जिम्मा नगर विकास मंत्री आशुतोष टंडन की अध्यक्षता में कमेटी संभालेगी।

टीम-10: डॉ. महेंद्र सिंह की अध्यक्षता वाली कमेटी पेयजल की उपलब्धता तय करेगी. बुंदेलखंड-विंध्य क्षेत्र पर फोकस होगा।

टीम-11: अनिल राजभर की अध्यक्षता वाली समिति दिव्यांगजनों के हितों की रक्षा और उनकी मदद करेगी।

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