“अग्नि” से जलते पर्दे पर दिव्येंदु और प्रतीक का जलवा: एक शानदार साक्षात्कार

“अग्नि” से जलते पर्दे पर दिव्येंदु और प्रतीक का जलवा: एक शानदार साक्षात्कार

आज हम आपको एक ऐसे इंटरव्यू की ओर ले जा रहे हैं, जिसमें दो बेहतरीन कलाकारों, दिव्येंदु शर्मा और प्रतीक गांधी से बातचीत हुई है. अपनी आगामी फिल्म “अग्नि” के प्रमोशन के दौरान, दोनों कलाकारों ने अपने संघर्षों, व्यक्तिगत जीवन, भावी परियोजनाओं, और फिल्म “अग्नि” के शूटिंग अनुभवों के बारे में दिलचस्प बातें साझा कीं. यह इंटरव्यू आपको दिव्येंदु और प्रतीक के अंदरूनी जीवन से रूबरू कराएगा. जानने के लिए और भी पढ़ते रहे!

दिव्येंदु शर्मा का “अग्नि” से जुड़ाव

दिव्येंदु ने बताया कि “अग्नि” में उनके किरदार ने उन्हें बेहद प्रभावित किया, यह उन लोगों के बारे में एक कहानी है जो आग के सामने अपनी जान जोखिम में डालते हैं. स्क्रिप्ट के बारे में उन्होंने बताया कि उन्होंने इसमे एक ऐसा हिस्सा देखा जहाँ दिखाया गया है की किस तरह से इंसान अपनी ज़िंदगी को दांव पर लगाकर आग बुझाने में लग जाता है, और ये एक ऐसी कहानी है जिसे दर्शकों को ज़रूर देखना चाहिए.

प्रतीक गांधी की “अग्नि” में चुनौतियों का सामना

प्रतीक गांधी ने “अग्नि” की शूटिंग को बहुत चुनौतीपूर्ण बताया. यह एक ऐसा किरदार था जिसे सिर्फ़ शारीरिक तैयारी से नहीं, बल्कि मानसिक रूप से भी समझना आवश्यक था. उन्होंने अपने अनुभवों में से ये साझा किया की हमारी रोज़मर्रा की ज़िंदगी में आपदाओं का सामना करने की क्षमता कितनी कम हो गई है. उन्होंने ये भी बताया की “अग्नि” में वास्तविक आग के साथ शूटिंग की गई थी, और फ़िल्म में कई खतरनाक दृश्य शामिल हैं, जिसने पूरे दल में एक अलग ही डर और जोश भर दिया था।

मुंबई में संघर्षों की दास्तां: दिव्येंदु और प्रतीक की यात्रा

दोनों कलाकारों ने अपने मुंबई में आने और संघर्षों का सामना करने के अपने अनुभवों के बारे में भी बात की. प्रतीक 2004 में सूरत से मुंबई आए और बिना किसी घर के और सहारे के अपने जीवन को एक संघर्ष के रूप में नहीं, बल्कि एक सीखने के अनुभव के रूप में स्वीकार करते है, वहीं दिव्येंदु को अपने सीनियर्स और अपनी मेहनत से कई काम और छोटे-छोटे रोल मिलते थे। दोनों कलाकारो के संघर्षों की कहानी आज भी उभरते कलाकारों को प्रेरणा देती है।

थिएटर का महत्व और एक्टर बनने की प्रेरणा

दिव्येंदु का मानना है कि फ़िल्म स्कूल की शिक्षा के साथ-साथ थिएटर भी अभिनय के क्षेत्र में बेहद आवश्यक है. उन्होंने जोर देते हुए कहा कि थिएटर से ही आप अभिनय की बारीकियाँ और बहुत सी चीज़े सीख सकते हैं. वहीँ प्रतीक जो पहले इंजीनियर थे, उन्होंने थिएटर में अपनी शुरुवात चौथी कक्षा से करी थी, और उनके हिसाब से यही उनका सबसे बड़ा प्लेटफॉर्म बन गया, जिसके द्वारा उनको एक बेहतरीन कलाकार बनने का मौका मिला.

“अग्नि” का शूटिंग अनुभव और फ़िल्म में प्रयुक्त तकनीक

प्रतीक ने बताया कि “अग्नि” की पूरी शूटिंग मुंबई में हुई, जहाँ असली आग के साथ शूटिंग करनी काफी खतरनाक काम थी. उन्होंने बताया की कैसे हर रोज़ आग के साथ काम करना एक डरावनी और मज़ेदार अनुभव था।

दिव्येंदु और प्रतीक के आगामी प्रोजेक्ट

प्रतीक गांधी आगामी गांधी जी पर बनी वेब सीरीज़ “गांधी” में मुख्य भूमिका निभा रहे हैं और पिछले 8-9 सालों से तैयारी करते आ रहे है, जबकि दिव्येंदु शर्मा के आगामी प्रोजेक्ट्स की जानकारी अभी ज़्यादा नहीं है. फिर भी उनके नए किरदार दर्शकों के दिलो दिमाग पे ज़रूर राज करेंगे।

टेक अवे पॉइंट्स:

  • दिव्येंदु और प्रतीक गांधी की “अग्नि” एक रोमांचक फिल्म होने का वादा करती है.
  • फिल्म की शूटिंग में असली आग का इस्तेमाल किया गया.
  • दोनों कलाकारों ने अपने शुरुआती दिनों के संघर्षों और मुंबई में जीवन के बारे में जानकारी दी.
  • प्रतीक गांधी एक आगामी वेब सीरीज़ में गांधी जी का किरदार निभाएँगे.
  • दोनों अभिनेताओं की भूमिकाएं ज़बरदस्त अभिनय का वादा करती है

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *