नई दिल्ली, देश की राजधानी दिल्ली में कोरोना टीकाकरण की तैयारियों की समीक्षा के लिए शनिवार को तीन अस्पतालों में पूर्वाभ्यास किया जा रहा है। पूर्वी दिल्ली स्थित गुरुतेगबहादुर अस्पताल में भी ड्राइ रन शुरू हुआ। इस मौके पर शनिवार सुबह केंद्रीय स्वास्थ्यमंत्री हर्षवर्धन पहुंचे। केंद्रीय मंत्री ने यहां पर जानकारी ली कि किस तरह से वैक्सीन के लिए विन एप पर पंजीकरण किया जाना है? इस मौके पर उन्होंने कहा कि पोलियो में भी अफवाह फैलाई गई थी, तब भी लोग समझे थे और उसकी दवाई ली। भारत पोलियो मुक्त बना। कोरोना वेक्सिन को लेकर उन्होंने कहा कि यह आपकी रक्षा के लिए है।
दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को जानकारी देते हुए कहा कि यहां तैयारी पूरी कर ली गई है। राज्य स्तर, जिला व उपखंड स्तर पर टीकाकरण के लिए कार्य बल बनाए गए हैं। सबसे पहले करीब तीन लाख स्वास्थ्य कर्मियों को टीका लगाया जाना है। को-विन पर उन्हें पंजीकृत करने काम भी पूरा कर लिया गया है।
टीकाकरण केंद्र पर तीन कमरे होना जरूरी
कोरोना टीकाकरण केंद्र पर तीन कमरे होना जरूरी है। एक कमरा प्रतीक्षा कक्ष के रूप में इस्तेमाल होगा। दूसरे कमरे में टीका लगाया जाएगा और तीसरे कमरे में टीकाकरण के बाद लोगों को आधे घंटे निगरानी में रखा जाएगा। शाहदरा के जिलाधिकारी ने डा. हर्षवर्धन को बताया कि जिले में 44 टीकाकरण केंद्र बनने हैं, जिनमें से 31 पूरी तरह तैयार हैं। 13 जगहों पर तीसरा कमरा नहीं है। इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है। वहीं, मध्य जिले में 77 टीकाकरण केंद्र हैं। दक्षिणी पश्चिमी दिल्ली में पहले से मौजूद 47 टीकाकरण केंद्रों में से 30 जगहों पर तीन कमरे मौजूद हैं। 17 जगहों पर अतिरिक्त कमरे की व्यवस्था की जा रही है। टीकाकरण केंद्र पर पांच कर्मचारियों की टीम होगी। उन्हें पूर्वाभ्यास के दौरान सौंपे गए दायित्वों को पूर्ण दक्षता से निभाना होगा। इसके अलावा केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को बताया गया कि सभी टीकाकरण केंद्रों पर सीसीटीवी भी लगाए जा रहे हैं।
यमुनापार में कोरोना वैक्सीनेशन की तैयारियां जोरों पर हैं। 117 केंद्र बनाए जा रहे हैं, जिसमें दिल्ली सरकार के चार बड़े अस्पताल व डिस्पेंसरी भी शामिल हैं। हर जिले में कोल्ड चेन बनाई जा रही है, जहां वैक्सीन को रखा जाएगा।
शाहदरा के जिलाधिकारी संजीव कुमार ने बताया कि प्रशासन ने 44 केंद्रों को वैक्सीनेशन के लिए चिह्नित किया है। वहीं, पूर्वी जिले के एसडीएम संदीप दत्ता ने बताया कि जिले में 39 केंद्र हैं। इसमें चाचा नेहरू व लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल भी शामिल हैं। उन्होंने बताया कि सबसे पहले वैक्सीन स्वास्थ्य कर्मियों को लगाई जाएगी, उसके लिए उन्हें को-विन एप पर पंजीकरण करना होगा। जो स्वास्थ्य कर्मी इस एप पर पंजीकरण करवाएगा उसे ही वैक्सीन लगेगी। एक दिन में सौ लोगों को वैक्सीन लगाई जाएगी। वहीं उत्तरी पूर्वी जिले में 34 केंद्र बनाए जा रहे हैं, जिसमें शुरुआत में 15 केंद्रों पर टीकाकारण होगा। जग प्रवेश चंद अस्पताल जिले का बड़ा केंद्र होगा।
टीकाकरण के पांच चरण
-
टीकाकरण केंद्र पर पहुंचकर सबसे पहले नाम व अन्य जानकारियां दर्ज करानी होंगी
-
पहले से पंजीकृत डाटा के अनुसार टीकाकरण के लिए पहुंचे व्यक्ति की पहचान
-
टीका लगाने के लिए निर्धारित स्वास्थ्य कर्मी की तरफ से टीका लगाया जाएगा
-
टीका लगने के बाद 30 मिनट तक निगरानी में रहना होगा, कोई दुष्प्रभाव सामने आने पर इलाज होगा
-
टीकाकरण के बाद इलेक्ट्रानिक प्रमाण पत्र जारी होगा।
Leave a Reply