सनसिटी केआरडब्ल्यू के अध्यक्ष अभय पूनिया की माने तो मोदी सरकार के बजट में शिक्षा और चिकित्सा को लेकर हाला की बढ़ोतरी जरूर की गई है लेकिन हर बढ़ोतरी मैं एफडीआई 74% तक की छूट दी गई है। अमित पूनिया की माने तो साइबर सिटी का पोलूशन या यूं कहें कि देश भर में पोलूशन एक गंभीर मुद्दा बनकर उभरा है लेकिन महज कुछ सौ करोड़ पोलूशन के नाम पर जारी करने से सरकार की मंशा पर सवाल जरूर खड़े होते हैं वहीं समाजसेवी राजेश यादव की माने तो मोदी सरकार जीत 17 साल दर साल सरकारी संस्थानों को बेचने में लगी है उससे आने वाले दिनों में आम लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ सकती है, हालांकि वित्त मंत्री के इस बजट को लेकर अभी विश्लेषण किया जा रहा है लेकिन शुरुआती रुझानों से यह साफ है कि आम आदमी ने बजट को लेकर नाराजगी और ना खुशी साफ तौर से देखी जा सकती है।
Leave a Reply