ओमार अब्दुल्ला का जन-हितैषी रवैया: ग्रीन कॉरिडोर को कहा अलविदा

ओमार अब्दुल्ला का आम नागरिकों के प्रति जन-हितैषी रवैया

ओमार अब्दुल्ला ने जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री के रूप में अपने पदभार ग्रहण के बाद पहली बार आम लोगों के प्रति अपने जन-हितैषी रवैये का परिचय देते हुए पुलिस महानिदेशक नलिन प्रभाकर को निर्देश दिया कि उनकी यात्रा के लिए कोई “ग्रीन कॉरिडोर” नहीं बनाया जाए जिससे आम नागरिकों को असुविधा हो।

ग्रीन कॉरिडोर को समाप्त करने का निर्देश

ज्ञातव्य है कि अतीत में, जम्मू और कश्मीर में मुख्यमंत्री की सुरक्षा कारणों से, उनके काफिले की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए, उनके मार्ग पर आने वाले सभी यातायात को रोक दिया जाता था। यह “ग्रीन कॉरिडोर” का निर्माण किया जाता था, जो अक्सर आम नागरिकों के लिए भारी परेशानी का कारण बनता था। ओमार अब्दुल्ला ने अपने एक्स-पोस्ट हैंडल पर लिखा, “मैंने डीजी @JmuKmrPolice से बात की है कि जब मैं सड़क मार्ग से कहीं भी यात्रा करता हूं तो कोई “ग्रीन कॉरिडोर” या यातायात रोक नहीं होना चाहिए। मैंने उन्हें जनता की असुविधा को कम करने का निर्देश दिया है और सायरन का प्रयोग न्यूनतम होना चाहिए। किसी भी तरह की लाठी लहराने या आक्रामक इशारों से बचना चाहिए। मैं अपने कैबिनेट सहयोगियों से भी यही आशा करता हूँ। हमारे आचरण में सब कुछ लोगों के अनुकूल होना चाहिए। हम यहां लोगों की सेवा करने के लिए हैं, उन्हें असुविधा देने के लिए नहीं।”

लोगों की सुविधा पर जोर

मुख्यमंत्री द्वारा ग्रीन कॉरिडोर को खत्म करने का फैसला, एक ऐसे राज्य में, जहाँ सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त होते हैं, एक सराहनीय कदम है। यह उनके द्वारा आम नागरिकों के प्रति जन-हितैषी रवैये का परिचय है। यह निरंतर बढ़ती जन-असुविधाओं के साथ-साथ, एक अहंकार के प्रतीक के रूप में देखे जाने वाले “ग्रीन कॉरिडोर” प्रथा को खत्म करने का पहला कदम है।

नई सरकार के लिए उच्च उम्मीदें

ओमार अब्दुल्ला ने जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेते ही उनके आचरण को लोगों के अनुकूल बनाने पर जोर दिया। उन्होंने साफ़ कहा कि लोगों की सेवा करना उनकी पहली प्राथमिकता है। उनके इस रवैये ने आम लोगों में उत्साह पैदा किया है और नई सरकार से जम्मू और कश्मीर के विकास के लिए ज्यादा संवेदनशील और प्रभावी कार्य करने की उम्मीद है।

उप-मुख्यमंत्री पद के लिए चुनाव

नए मुख्यमंत्री ने सुरिंदर चौधरी को उप-मुख्यमंत्री नियुक्त किया है, जो जम्मू संभाग का प्रतिनिधित्व करते हैं। इस नियुक्ति के साथ ही जम्मू क्षेत्र को नई सरकार में समाविष्ट किए जाने के उनके पूर्व वचन को भी पूरा कर लिया गया।

Take Away Points

  • ओमार अब्दुल्ला ने अपने पदभार ग्रहण के बाद “ग्रीन कॉरिडोर” को समाप्त करने का आदेश दिया।
  • उन्होंने सायरन का इस्तेमाल कम करने और जनता की असुविधा को कम करने के लिए भी निर्देश दिए हैं।
  • नए मुख्यमंत्री ने जन-हितैषी रवैया दिखाते हुए सुरिंदर चौधरी को उप-मुख्यमंत्री पद सौंपा है।
  • नई सरकार से जनता की अच्छी सेवा करने की उम्मीद है।

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *