HARYANA: हरियाणा में भाजपा ऐसे मार ले गई बाजी, मलती रह गई कांग्रेस हाथ

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चंडीगढ़। भाजपा ने हरियाणा में बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। वे आज मनोहर लाल खट्टर राज्यपाल से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे। यह माना जा रहा है कि आज मनोहर लाल खट्टर चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री पद की शपथ ले सकते हैं, ताकि सरकार बनाने को लेकर दूसरी पार्टी की कोशिशों पर विराम लग जाए, जबकि मंत्रियों को दिवाली के बाद शपथ दिलाई जाएगी।भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायक दल की बैठक आज होगी। । भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव अनिल जैन ने कहा कि बैठक सुबह 11 बजे चंडीगढ़ में होगी। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और भाजपा महासचिव अरुण सिंह पर्यवेक्षक के तौर पर इस बैठक में भाग लेंगे। विधानसभा दल के नेता के चुनाव के बाद पार्टी अगली सरकार के गठन के लिए दावा करेगी।

आपको बताते जाए कि हरियाणा में 24 अक्टूबर को नतीजे आने के बाद जादुई आंकडे किसी पार्टी को नहीं मिले। ऐसी स्थिति में जननायक जनता पार्टी (जेजेपी) किंगमेकर बनकर उभरी। तब हलचल बनकर निकली कि अब हरियाणा में बीजेपी गठबंधन कर सरकार बनाएगी या कांग्रेस।

75 प्लस सीट जीतने का दावा करने वाली भाजपा को 40 सीटें मिली। ऐसे में माना ये जा रहा था कि कांग्रेस के नेता भूपेन्द्र सिंह हुड्डा जेजेपी और कुछ निर्दलीय विधायकों का समर्थन लेकर हरियाणा में कांग्रेस की सरकार बना सकते हैं। इस तरह कांग्रेस के लिए सब ठीक ही था, लेकिन बाजी मार गए अमित शाह।

इस बीच चुनावी चाणक्य और कुशल रणनीतिकार कहे जाने वाले बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह रेस्ट मोड में कहां बैठने वाले थे। चुनावी नतीजों के बीच बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने जेजेपी प्रमुख दुष्यंत चौटाला से संपर्क साधा। भूपिंदर सिंह हुड्डा ने भी सभी पार्टियों को एकजुट होकर सरकार बनाने का ऑफर दिया। साथ ही ये भी खबर आई कि हुड्डा की जेजेपी प्रमुख दुष्यंत चौटाला से दो दिन पहले से बातचीत चल रही है। इसके बाद लगने लगा कि हरियाणा में कांग्रेस की सरकार बन सकती है। भाजपा ने हरियाणा में सबसे बड़ी पार्टी होने के साथ सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया।

इसके बाद सवाल था कि जेजेपी, बीजेपी के साथ जाएगी नहीं तो भाजपा के खेमे में कौन-कौन से निर्दलीय उम्मीदवार होंगे। इधर चुनाव नतीजे में कांग्रेस अपनी मजबूत स्थिति को लेकर गदगद थी तो वहीं चुनाव नतीजे के बाद से ही बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह एक्शन मोड में नजर आए। स्पष्ट बहुमत नहीं मिला तो अमित शाह ने अपना कार्यक्रम रद्द कर हरियाणा में सरकार बनाने को लेकर समीकरण बैठाने में जुट गए। चुनावी नतीजों के बाद देर रात अमित शाह के आवास पर बैठक हुई और कई निर्दलीय उम्मीदवारों ने बीजेपी के साथ जाने के लिए हामी भी भर दी।

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