दिल्ली में फिर से लागू होगा ऑड-ईवन, जानें क्या है पूरा प्लान

दिल्ली में फिर से लागू होगा ऑड-ईवन, जानें क्या है पूरा प्लान

 

 

दिल्ली में जहरीले स्मॉग और प्रदूषण से निपटने के लिए एक बार फिर ऑड-ईवन लागू होने जा रहा है. दिल्ली सरकार ने इसपर अभी कोई अंतिम फैसला नहीं लिया है. लेकिन, सूत्रों के मुताबिक, 13 से 17 नवंबर तक दिल्ली में ऑड-ईवन लागू हो सकता है.

सूत्रों के मुताबिक, ऑड-ईवन पर फैसला लेने के लिए गुरुवार शाम को परिवहन विभाग की अहम मीटिंग होने वाली है. इस मीटिंग में ऑड-ईवन के नए नियमों को मंजूरी दी जा सकती है.

दिल्ली में नवंबर और दिसंबर में प्रदूषण काफी बढ़ जाता है. सरकार इस बार ऑड-ईवन को नए नियमों के साथ लागू करने की तैयारी में है. बताया जा रहा है कि इस बार दो-पहिया वाहनों को छूट नहीं दी जाएगी.

प्रदूषण से निपटने के लिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने केंद्र और पड़ोसी राज्यों की सरकारों से सहयोग की अपील की है. गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा, “जब तक पराली में आग लगाना बंद नहीं होगा, तब तक दिल्ली गैस चैंबर बनी रहेगी. लोगों का दम घुटता रहेगा.”केजरीवाल ने कहा, “स्मॉग से लोगों की दिक्कतें बढ़ती जा रही हैं. हमें इस मसले पर राजनीति करने से बचना चाहिए. अगर केंद्र सरकार, यूपी, पंजाब और हरियाणा सरकार एक साथ आ जाए और मिलकर काम करे, तो इस भयानक स्थिति से निपटने का रास्ता निकाला जा सकता है.”

उन्‍होंने कहा कि दिल्‍ली में ट्रकों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है. सिर्फ कुछ जरूरत की चीजें लाने वाले ट्रकों को ही दिल्‍ली में एंट्री की इजाजत दी गई है. इससे दिल्‍ली की जनता को कुछ परेशानी जरूर होगी.

केजरीवाल ने हरियाणा के मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के बयान पर भी कहा कि किसानों पर जुर्माना लगाने से कुछ नहीं होगा. बता दें कि हरियाणा के सीएम ने कहा था कि फसल को आग लगाने के चलते 250 किसानों पर जुर्माना लगाया गया है.

बता दें कि ‘ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज’ (AIIMS) के डायरेक्टर रणदीप गुलेरिया ने दिल्ली के स्मॉग की तुलना 1952 की ‘ग्रेट स्मॉग ऑफ लंदन’ से की है. उन्होंने स्मॉग को ‘साइलेंट किलर’ बताया है. उनके मुताबिक, इस जहरीले स्मॉग से दिल्ली के 30 हजार लोगों को जान का खतरा है.

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